ओवल ऑफिस में मनाई गई दिवाली, विशाल गोंडल ने डोनाल्ड ट्रंप को सौंपी हनुमान चालीसा व्हाइट हाउस में आयोजित दिवाली समारोह के दौरान भारतीय उद्यमी विशाल गोंडल ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को हनुमान चालीसा भेंट की। इस कार्यक्रम में अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा सहित कई जानी-मानी हस्तियां मौजूद रहीं। अमेरिकी सत्ता के केंद्र व्हाइट हाउस में इस बार भव्य स्तर पर रोशनी का यह पर्व मनाया गया, जिसमें राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी अपनी विशेष उपस्थिति दर्ज कराई। इस अवसर पर ओवल ऑफिस के भीतर भारतीय समुदाय के चुनिंदा प्रतिनिधि एकत्र हुए और पारंपरिक तरीके से दीये प्रज्वलित किए गए। इस दौरान अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा ने भी अपनी उपस्थिति से इस सांस्कृतिक आयोजन की शोभा बढ़ाई, जिसकी शुरुआत मूल रूप से साल 2003 में तत्कालीन राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश के कार्यकाल में हुई थी। विशाल गोंडल की डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात इस विशेष आयोजन के दौरान भारतीय तकनीक क्षेत्र के जाने-माने उद्यमी विशाल गोंडल ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात करने का अवसर प्राप्त किया। इस हाई-प्रोफाइल मुलाकात के दौरान उन्होंने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ दीया जलाकर उत्सव में हिस्सा लिया और राष्ट्रपति ट्रंप को एक अनूठा उपहार सौंपा। उन्होंने भेंट स्वरूप तुलसीदास द्वारा रचित हनुमान चालीसा की एक प्रति राष्ट्रपति को सौंपी। इस मौके पर भारतीय मूल के कई प्रभावशाली चेहरे भी ओवल ऑफिस में मौजूद रहे, जिन्होंने इस ऐतिहासिक इमारत में अमेरिकी प्रशासन के साथ प्रकाश पर्व की खुशियां साझा कीं। सोशल मीडिया पर साझा किए गए अनुभव गोकी के संस्थापक विशाल गोंडल ने इस मुलाकात से जुड़ी सभी जानकारियां अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से सार्वजनिक कीं। उन्होंने अपनी पोस्ट में इस बात का विशेष उल्लेख किया कि उनके लिए अमेरिकी राष्ट्रपति को यह पवित्र ग्रंथ भेंट करना बेहद गर्व का विषय रहा। उन्होंने लिखा कि ओवल ऑफिस में यह साझा क्षण उनके लिए अत्यंत सम्मानजनक था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह ग्रंथ भगवान हनुमान की स्तुति का एक प्रसिद्ध स्त्रोत है, जिसका पठन देश और दुनिया भर के लाखों लोग अपने जीवन में साहस, अटूट भक्ति और आंतरिक शक्ति हासिल करने के लिए करते हैं। दोनों देशों के संबंधों की मजबूती के लिए प्रार्थना इस मुलाकात के दौरान द्विपक्षीय संबंधों और सांस्कृतिक साझेदारियों को लेकर भी विशेष चर्चा हुई। इस उद्यमी ने बताया कि जब व्हाइट हाउस के भीतर दीये जलाए जा रहे थे, उस समय उनकी मुख्य प्रार्थना यही थी कि भारत और अमेरिका के बीच की दोस्ती आने वाले समय में और अधिक प्रगाढ़ हो तथा समाज से हर प्रकार के अंधकार पर प्रकाश की विजय सुनिश्चित हो सके। उन्होंने इस मौके पर भारतीय परंपरा की एक लोकप्रिय शुभकामना जुग जुग जियो का भी स्मरण किया, जिसका उद्देश्य सभी इंसानों के लिए लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और खुशहाली की कामना करना है। व्हाइट हाउस में शामिल हुए अन्य विशिष्ट अतिथि व्हाइट हाउस के इस सांस्कृतिक उत्सव में दुनिया भर में अपनी पाककला के लिए मशहूर मिशेलिन स्टार शेफ विकास खन्ना और कनाडा की पूर्व सांसद रूबी ढल्ला जैसी कई प्रतिष्ठित हस्तियों ने भी भाग लिया। यह पूरा आयोजन ऐसे समय में संपन्न हुआ है जब अमेरिकी व्हाइट हाउस के प्रशासनिक तंत्र में बड़े बदलावों की सुगबुगाहट तेज हो चुकी है और नए अधिकारियों को अहम जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं। व्हाइट हाउस के प्रशासनिक ढांचे में बड़ा बदलाव इस दीपोत्सव के कार्यक्रमों के बीच ही व्हाइट हाउस के भीतर एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल भी सामने आया है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सार्वजनिक रूप से घोषणा की कि उनके बेहद करीबी सहयोगी और मौजूदा डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ स्टीफन मिलर आगामी सोमवार से व्हाइट हाउस के नए चीफ ऑफ स्टाफ के रूप में कार्यभार संभालेंगे। वह इस पद पर सूसी वाइल्स का स्थान लेंगे, जिन्हें अब प्रशासन के राजनीतिक कामकाज की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। इसका आप पर असर यह घटना अंतरराष्ट्रीय कूटनीति, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और अमेरिका में प्रवासी भारतीयों के बढ़ते प्रभाव से जुड़ी है। • भारत में: इस खबर से अमेरिका और भारत के बीच बढ़ते सांस्कृतिक और राजनीतिक संबंधों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। आम नागरिकों के लिए यह दोनों देशों के बीच मजबूत होते आपसी रिश्तों का एक सकारात्मक संकेत है। • अमेरिका में: व्हाइट हाउस में इस तरह के आयोजनों से प्रवासी भारतीय समुदाय को अमेरिकी मुख्यधारा की राजनीति और संस्कृति में अधिक प्रतिनिधित्व का अहसास होता है। स्थानीय स्तर पर भारतीय समुदाय के लोगों के लिए यह गर्व और अपनेपन का विषय है। ऐसा क्यों हुआ यह आयोजन व्हाइट हाउस में अमेरिकी नेतृत्व द्वारा सांस्कृतिक त्योहारों को अपनाने की परंपरा का हिस्सा है। राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश के कार्यकाल से चली आ रही इस परंपरा के तहत प्रवासी भारतीयों के आयोजनों को आधिकारिक मंच पर स्थान दिया जाता है। • सांस्कृतिक कूटनीति: व्हाइट हाउस में दिवाली जैसे त्योहार मनाने का मुख्य उद्देश्य भारतवंशी समुदाय के साथ राजनयिक और सांस्कृतिक संबंध मजबूत करना है। • निजी मुलाकातें: उद्यमी विशाल गोंडल का ओवल ऑफिस में पहुंचना और प्रतीकात्मक उपहार भेंट करना सांस्कृतिक आदान-प्रदान का व्यक्तिगत प्रयास था। • प्रशासनिक फेरबदल: व्हाइट House के भीतर कर्मचारियों के स्तर पर हो रहे बदलाव रूटीन प्रशासनिक निर्णयों का हिस्सा हैं जिसके तहत नए अधिकारियों को प्रभार दिया जा रहा है। सवाल-जवाब 1. व्हाइट हाउस में दिवाली समारोह की शुरुआत कब हुई थी? व्हाइट हाउस में दिवाली मनाने की परंपरा की शुरुआत राष्ट्रपति जॉर्ज डब्ल्यू. बुश ने 2003 में की थी। 2. डोनाल्ड ट्रंप को हनुमान चालीसा किसने भेंट की? भारतीय टेक उद्यमी और गोकी के संस्थापक विशाल गोंडल ने ओवल ऑफिस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को हनुमान चालीसा भेंट की। 3. इस समारोह में भारत के कौन से राजदूत मौजूद थे? अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा इस समारोह में मौजूद थे। 4. समारोह में कौन सी अन्य प्रसिद्ध हस्तियां शामिल हुईं? इस कार्यक्रम में मिशेलिन स्टार शेफ विकास खन्ना और कनाडा की पूर्व सांसद रूबी ढल्ला ने भी हिस्सा लिया। 5. व्हाइट हाउस का नया चीफ ऑफ स्टाफ कौन बनेगा? स्टीफन मिलर सोमवार से व्हाइट हाउस के नए चीफ ऑफ स्टाफ की जिम्मेदारी संभालेंगे। https://trendkia.com/america/oval-office-me-manai-gai-diwali-vishal-gondal-ne-donald-trump-ko-sophi-hanuman-chalisa-57652 TrendKia — Har trend, sabse pehle.