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  "type": "article",
  "title": "अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर मंडराया वित्तीय संकट, 40 ट्रिलियन डॉलर के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंचा राष्ट्रीय कर्ज",
  "summary": "अमेरिकी ट्रेजरी विभाग के आंकड़ों के अनुसार देश का कुल राष्ट्रीय कर्ज 40.047 ट्रिलियन डॉलर पहुंच गया है। साल 2017 के मुकाबले यह आंकड़ा दोगुने से भी अधिक हो चुका है।",
  "content": "दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था माने जाने वाले अमेरिका का कुल राष्ट्रीय कर्ज इतिहास में पहली बार 40 ट्रिलियन डॉलर की रिकॉर्ड सीमा को पार कर गया है। अमेरिकी ट्रेजरी विभाग की ओर से जारी हालिया आंकड़ों के मुताबिक, मंगलवार को कारोबारी सत्र की समाप्ति पर देश का कुल बकाया कर्ज बढ़कर 40.047 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंच गया। बढ़ते बजट घाटे, बेकाबू होते सरकारी खर्चों और कर्ज पर लगातार चढ़ते ब्याज ने वॉशिंगटन के नीति निर्माताओं के सामने गंभीर वित्तीय चुनौतियां खड़ी कर दी हैं।\n\nसार्वजनिक और अंतर-सरकारी कर्ज का बंटवारा\nट्रेजरी विभाग की विस्तृत रिपोर्ट से पता चलता है कि 40.047 ट्रिलियन डॉलर के इस भारी-भरकम कर्ज में से लगभग 32.266 ट्रिलियन डॉलर का हिस्सा सार्वजनिक कर्ज के रूप में मौजूद है। यह वह धनराशि है जो आम जनता, निवेशकों, वित्तीय संस्थानों और विदेशी सरकारों के पास सरकारी बॉन्ड तथा अन्य प्रतिभूतियों के रूप में जमा है। दूसरी ओर, करीब 7.782 ट्रिलियन डॉलर का बकाया विभिन्न अमेरिकी सरकारी विभागों और अंतर-एजेंसियों के बीच का कर्ज है। यह विभाजन साफ तौर पर दर्शाता है कि अपनी दैनिक और दीर्घकालिक गतिविधियों को चलाने के लिए सरकार लंबे समय से अत्यधिक उधारी पर निर्भर रही है।\n\n2017 के मुकाबले दोगुना हुआ राष्ट्रीय कर्ज\nमौजूदा वित्तीय स्थिति की तुलना यदि साल 2017 से की जाए, तो अमेरिकी अर्थव्यवस्था की स्थिति और भी स्पष्ट हो जाती है। जब डोनाल्ड ट्रंप ने पहली बार अमेरिका के राष्ट्रपति पद की जिम्मेदारी संभाली थी, उस समय देश का राष्ट्रीय कर्ज इस स्तर से आधे से भी कम था। पिछले कुछ वर्षों में अमेरिकी टैरिफ नीतियों, वैश्विक तनावों, सैन्य अभियानों और बढ़ते बजट घाटों के कारण उधारी की रफ्तार तेज हुई है, जिसके चलते राष्ट्रीय कर्ज 2017 के आंकड़े के मुकाबले दोगुने से भी अधिक हो चुका है।\n\nइसका आप पर असर\n• भारत में: अमेरिकी कर्ज और वित्तीय अस्थिरता का असर वैश्विक मुद्रा बाजारों पर पड़ सकता है, जिससे भारतीय रुपये और आयात लागत पर दबाव बढ़ सकता है।\n• वैश्विक निवेशकों के लिए: अमेरिकी सरकार का बढ़ता कर्ज और ब्याज बोझ अंतरराष्ट्रीय शेयर बाजारों तथा बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव बढ़ा सकता है।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. अमेरिका का कुल राष्ट्रीय कर्ज कितना हो गया है?\nअमेरिकी ट्रेजरी विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, देश का कुल राष्ट्रीय कर्ज पहली बार 40.047 ट्रिलियन डॉलर के आंकड़े को पार कर गया है।\n\n2. सार्वजनिक कर्ज और अंतर-सरकारी कर्ज में क्या अंतर है?\n40.047 ट्रिलियन डॉलर में से लगभग 32.266 ट्रिलियन डॉलर सार्वजनिक कर्ज है जो निवेशकों और संस्थाओं के पास है, जबकि 7.782 ट्रिलियन डॉलर सरकार के अपने विभागों के बीच का कर्ज है।\n\n3. 2017 की तुलना में अमेरिकी कर्ज में कितना बदलाव आया है?\nडोनाल्ड ट्रंप के 2017 में पहली बार राष्ट्रपति बनने के बाद से अमेरिका का राष्ट्रीय कर्ज दोगुने से भी अधिक हो चुका है।\n\n4. अमेरिकी कर्ज बढ़ने की मुख्य वजहें क्या हैं?\nलगातार बढ़ता बजट घाटा, बेकाबू सरकारी खर्च और कर्ज पर बढ़ता ब्याज अमेरिकी राष्ट्रीय कर्ज के तेजी से बढ़ने के मुख्य कारण हैं।",
  "url": "https://trendkia.com/america/us-arthavyavastha-para-mndaraya-vittiya-snkata-40-triliyana-dolara-ke-sarvakalika-uchcha-stara-para-pahuncha-america-ka-karja-18611",
  "category": "अमेरिका",
  "publishedAt": "2026-08-20",
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    "अमेरिका कर्ज",
    "राष्ट्रीय कर्ज",
    "डोनाल्ड ट्रंप",
    "अमेरिकी अर्थव्यवस्था",
    "ट्रेजरी विभाग",
    "बजट घाटा"
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  "site": "TrendKia"
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