असम के आकाजन से अरुणाचल के बामे तक नया नेशनल हाईवे 515A अधिसूचित सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने असम और अरुणाचल प्रदेश को जोड़ने वाले मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग 515A घोषित किया है। पूर्वोत्तर के दो अहम राज्यों के बीच अंतरराज्यीय संपर्क को औपचारिक दर्जा देते हुए केंद्र सरकार ने एक नया राष्ट्रीय राजमार्ग अधिसूचित किया है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की ओर से 12 अक्टूबर 2026 को जारी अधिसूचना के तहत असम के आकाजन से अरुणाचल प्रदेश के बामे तक के सड़क मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग 515A घोषित किया गया है। यह प्रशासनिक कदम राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 की धारा 2(2) के अंतर्गत उठाया गया है, जिसके माध्यम से इस संपूर्ण गलियारे को राष्ट्रीय राजमार्गों की आधिकारिक अनुसूची में दर्ज कर लिया गया है। किन इलाकों से होकर गुजरेगा नया हाईवे 515A आधिकारिक अधिसूचना में तय किए गए संरेखण के अनुसार, इस नए राजमार्ग की शुरुआत असम में आकाजन के निकट राष्ट्रीय राजमार्ग 515 के जंक्शन से होगी। इसके बाद यह मार्ग अरुणाचल प्रदेश में प्रवेश कर लिकाबाली, सिजी, गारू, डाली और बसर जैसे प्रमुख पड़ावों से होकर आगे बढ़ेगा। अंत में यह सड़क बामे के पास राष्ट्रीय राजमार्ग 13 के जंक्शन पर समाप्त होगी। इस तरह यह पूरा गलियारा दो प्रमुख राष्ट्रीय राजमार्गों को परस्पर जोड़ने का काम करेगा। लिकाबाली से गारू खंड की खस्ताहाली से मिलेगी राहत इस सड़क को राष्ट्रीय दर्जा दिए जाने का निर्णय ऐसे समय आया है जब लिकाबाली और गारू के बीच का खंड लंबे समय से उपेक्षा का शिकार रहा है। यह मार्ग सीमावर्ती क्षेत्रों की ओर आवागमन करने वाले आम यात्रियों, स्थानीय व्यापारियों और सुरक्षा बलों के काफिलों के लिए एक गंभीर बाधा बना हुआ था। सड़क की जर्जर स्थिति वर्षों से दैनिक यात्रियों के लिए भारी परेशानी का सबब बनी हुई थी। नए दर्जे के बाद इस मार्ग पर जरूरी सुदृढ़ीकरण और मरम्मत की उम्मीदें बंधी हैं। हालांकि, जारी की गई अधिसूचना में वास्तविक निर्माण कार्य या मरम्मत को लेकर कोई निश्चित समय सीमा तय नहीं की गई है। इसका आप पर असर इस मार्ग को राष्ट्रीय राजमार्ग का औपचारिक दर्जा मिलने से असम और अरुणाचल के सीमावर्ती क्षेत्रों में आवाजाही को लेकर नया प्रशासनिक ढांचा तैयार हुआ है। • पूर्वोत्तर में संपर्क: असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच इस वैकल्पिक गलियारे को आधिकारिक राष्ट्रीय राजमार्ग का दर्जा मिल गया है। इससे दोनों राज्यों के बीच माल ढुलाई और व्यापारिक परिवहन को भविष्य में व्यवस्थित आधार मिलेगा। • दैनिक यात्रियों पर असर: लिकाबाली से गारू के बीच सफर करने वाले यात्रियों को जर्जर सड़क से राहत मिलने की उम्मीद जगी है। हालांकि मंत्रालय की अधिसूचना में मरम्मत या निर्माण कार्य शुरू होने की कोई तारीख नहीं बताई गई है। • सुरक्षा बलों का आवागमन: सीमावर्ती इलाकों की ओर जाने वाले सुरक्षा बलों के लिए यह गलियारा सुगम संपर्क की राह खोलता है। राष्ट्रीय राजमार्ग बनने से इस रणनीतिक मार्ग की देखभाल केंद्रीय मानकों के तहत संभव होगी। • व्यापारियों और स्थानीय लोगों के लिए: बामे, बसर, डाली और सिजी जैसे कस्बों का संपर्क सीधे एनएच 515 और एनएच 13 से जुड़ जाएगा। बेहतर सड़क बनने पर स्थानीय उत्पादों की ढुलाई में लगने वाला समय घट सकेगा। ऐसा क्यों हुआ यह अधिसूचना असम और अरुणाचल प्रदेश के बीच महत्वपूर्ण सड़क खंड की लगातार बिगड़ती स्थिति और उससे उत्पन्न समस्याओं के समाधान के तहत जारी की गई है। • जर्जर सड़क और रुकावट: लिकाबाली और गारू के बीच का मार्ग अत्यधिक खराब स्थिति में पहुंच चुका था। यह दैनिक यात्रियों, व्यापारियों और सुरक्षा बलों के लिए एक बड़ा बॉटलनेक बन गया था। • कानूनी और प्रशासनिक प्रक्रिया: मार्ग को सुधारने और केंद्रीय मानकों पर लाने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 की धारा 2(2) के तहत आधिकारिक दर्जा जरूरी था। मंत्रालय ने 12 अक्टूबर 2026 को अधिसूचना जारी कर इसे औपचारिक रूप से लागू किया। • आगामी कदम: सड़क को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित तो कर दिया गया है, लेकिन मरम्मत कार्यों की समय सीमा तय नहीं है। आगे के चरणों में इसके लिए विस्तृत निर्माण और जीर्णोद्धार योजनाएं तैयार की जाएंगी। सवाल-जवाब 1. नए राष्ट्रीय राजमार्ग का नाम क्या रखा गया है? इस नए राष्ट्रीय राजमार्ग को आधिकारिक रूप से एनएच 515A (National Highway-515A) नाम दिया गया है। 2. सड़क परिवहन मंत्रालय ने यह अधिसूचना किस तारीख को जारी की? केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने यह अधिसूचना 12 अक्टूबर 2026 को जारी की। 3. हाईवे 515A किन दो मुख्य स्थानों के बीच स्थित है? यह नया राजमार्ग असम के आकाजन से शुरू होकर अरुणाचल प्रदेश के बामे तक जाता है। 4. यह मार्ग किन-किन कस्बों और क्षेत्रों से होकर गुजरेगा? यह सड़क लिकाबाली, सिजी, गारू, डाली और बसर से होते हुए आगे बढ़ेगी। 5. इस मार्ग का सबसे खराब और समस्याग्रस्त हिस्सा कौन सा रहा है? लिकाबाली और गारू के बीच का खंड काफी जर्जर रहा है और यात्रियों के लिए बड़ा बॉटलनेक बना हुआ था। 6. क्या अधिसूचना में सड़क निर्माण या मरम्मत की कोई समय सीमा दी गई है? मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना में सड़क मरम्मत या सुधार कार्य शुरू होने की कोई समय सीमा नहीं बताई गई है। https://trendkia.com/arunachal-pradesh/assam-ke-akajan-se-arunachal-pradesh-ke-bame-taka-naya-neshanala-haive-515a-adhisuchita-53450 TrendKia — Har trend, sabse pehle.