असम के मशहूर गायक जुबीन गर्ग के सम्मान में गुवाहाटी के राजगढ़ में सर्वधर्म 'जुबीन क्षेत्र' स्मारक की हुई शुरुआत असम के लोकप्रिय गायक जुबीन गर्ग के मानवीय विचारों और संगीत यात्रा को सहेजने के लिए गुवाहाटी के राजगढ़ में 'जुबीन क्षेत्र' नाम से एक नए सर्वधर्म स्मारक का उद्घाटन किया गया है। गुवाहाटी के राजगढ़ इलाके में मंगलवार को असम के लोकप्रिय संगीत सम्राट जुबीन गर्ग के सम्मान में बने एक विशेष स्मारक स्थल 'जुबीन क्षेत्र' का औपचारिक उद्घाटन किया गया। राजगढ़ नंबर 2 बायलेन के पहुंच मार्ग पर स्थित ऐतिहासिक अभिनय भवन की इमारत के नीचे इस जगह को तैयार किया गया है। इस स्मारक का औपचारिक उद्घाटन जुबीन गर्ग की पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग ने किया। इस अवसर पर स्थानीय निवासियों, सांस्कृतिक कार्यकर्ताओं और विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों की बड़ी संख्या में मौजूदगी रही। सर्वधर्म समभाव और मानवीय मूल्यों का प्रतीक 'जुबीन क्षेत्र' को एक ऐसे खुले और समावेशी मंच के रूप में तैयार किया गया है, जहां जाति, समुदाय, भाषा या धर्म के भेदभाव के बिना हर व्यक्ति आ सकता है। यह स्थान जुबीन गर्ग के धर्मनिरपेक्ष दृष्टिकोण और मानवीय विचारों को प्रस्तुत करता है। उद्घाटन समारोह के दौरान इस मानवीय सोच की झलक स्पष्ट रूप से देखने को मिली, जब अलग-अलग धर्मों के धर्मगुरुओं और प्रतिनिधियों ने एक साथ मिलकर प्रार्थनाएं कीं। विभिन्न धार्मिक परंपराओं के अनुसार पवित्र श्लोक और आयतें पढ़ी गईं और स्मारक को अपनी-अपनी मान्यताओं के अनुसार आशीर्वाद दिया गया। राजगढ़ से जुबीन गर्ग का 15 वर्षों पुराना नाता उद्घाटन समारोह में बोलते हुए गरिमा सैकिया गर्ग ने राजगढ़ क्षेत्र के साथ अपने पति के गहरे लगाव को याद किया। उन्होंने बताया कि जुबीन गर्ग ने अपनी जिंदगी के लगभग 15 साल राजगढ़ में बिताए थे, इसलिए इस इलाके से उनकी बहुत सी पुरानी यादें जुड़ी हुई हैं। इस पहल की सराहना करते हुए गरिमा सैकिया गर्ग ने कहा, "लोग अक्सर कोई भी शुभ कार्य शुरू करने से पहले जुबीन गर्ग के प्रति अपना सम्मान व्यक्त करना चाहते हैं, और यह जगह सभी के लिए खुली है।" उन्होंने उद्घाटन के अवसर पर विभिन्न सम्प्रदायों के लोगों की भागीदारी और उनके द्वारा दिए गए सामूहिक आशीर्वाद की भी प्रशंसा की। हर दिल में संगीत और विचारों को सहेजने की पहल पत्रकार, लेखक और सांस्कृतिक कार्यकर्ता हेमंत शर्मा की पहल से इस स्मारक का निर्माण संभव हो सका है। 'जुबीन क्षेत्र' की स्थापना के पीछे का उद्देश्य बताते हुए हेमंत शर्मा ने कहा कि उनका लक्ष्य जुबीन गर्ग की विरासत को किसी एक निश्चित स्थान तक सीमित न रखना है। जिस तरह जुबीन गर्ग के संगीत और रचनाओं ने जाति, धर्म और भाषा की सीमाओं को तोड़कर लोगों को एकजुट किया, उसी तरह उनके विचार भी हर नागरिक के दिल में जीवित रहने चाहिए। शर्मा ने सुझाव दिया कि लोग अपने घरों, गांवों और मोहल्लों में पूजा स्थलों के साथ-साथ छोटे 'जुबीन क्षेत्र' बनाएं, ताकि गायक के आदर्शों को समाज में लगातार बढ़ावा दिया जा सके। इसका आप पर असर गुवाहाटी में 'जुबीन क्षेत्र' का उद्घाटन प्रशंसकों और नागरिकों के लिए एक सुलभ सांस्कृतिक स्थल प्रदान करता है। • भारत भर में: जुबीन गर्ग के संगीत प्रेमियों और प्रशंसकों को एक ऐसा सार्वजनिक केंद्र मिला है जो सांस्कृतिक एकता और मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देता है। यह स्थल दिखाता है कि कला किस तरह सामाजिक सीमाओं से परे जाकर लोगों को जोड़ सकती है। • गुवाहाटी में: राजगढ़ और आसपास के निवासियों के लिए सर्वधर्म समभाव पर आधारित एक स्मारक तैयार हुआ है। नागरिक किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत करने से पहले यहाँ आकर अपना सम्मान व्यक्त कर सकते हैं। सवाल-जवाब 1. जुबीन क्षेत्र स्मारक कहाँ स्थित है? यह गुवाहाटी में राजगढ़ नंबर 2 बायलेन के पहुंच मार्ग पर स्थित पुरानी अभिनय भवन इमारत के नीचे बनाया गया है। 2. जुबीन क्षेत्र स्मारक का उद्घाटन किसने किया? इस स्मारक का औपचारिक उद्घाटन जुबीन गर्ग की पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग ने किया। 3. जुबीन क्षेत्र के निर्माण की पहल किसने की? इस स्मारक स्थल को पत्रकार, लेखक और सांस्कृतिक कार्यकर्ता हेमंत शर्मा की पहल पर तैयार किया गया है। 4. जुबीन गर्ग के लिए राजगढ़ स्थान का क्या महत्व है? जुबीन गर्ग ने अपनी जिंदगी के लगभग 15 साल राजगढ़ में बिताए थे, इसलिए इस इलाके से उनकी बहुत सी यादें जुड़ी हैं। 5. जुबीन क्षेत्र स्थापित करने का मुख्य उद्देश्य क्या है? इसका मुख्य उद्देश्य जुबीन गर्ग की मानवीय सोच और विरासत को सहेजना है ताकि उनका संदेश किसी एक जगह या समुदाय तक सीमित न रहे। https://trendkia.com/assam/assam-ke-mashahura-gayaka-zubeen-garg-ke-sammana-men-guwahati-ke-rajgarh-men-sarvadharma-zubeen-khetra-smaraka-ki-hui-shuruata-26514 TrendKia — Har trend, sabse pehle.