गुवाहाटी में सड़कों पर लटके तारों से मिलेगा छुटकारा, बिजली और संचार लाइनों को अंडरग्राउंड करने के लिए मंजूर हुए 177 करोड़ रुपये मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने गुवाहाटी के पांच प्रमुख कॉरिडोर में लटकते बिजली और संचार के तारों को अंडरग्राउंड करने के लिए 177 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है। गुवाहाटी की सड़कों और आसमान को लटकते तारों के भारी जाल से मुक्त करने के लिए एक बड़ी योजना तैयार की गई है। असम सरकार ने शहर में बिजली और संचार लाइनों को जमीन के नीचे यानी अंडरग्राउंड करने के लिए 177 करोड़ रुपये के एक बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है। इस योजना के तहत शहर के पांच प्रमुख कॉरिडोर को शामिल किया जाएगा, जिससे शहर की सूरत पूरी तरह बदल जाएगी और नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी। शहरी स्काईलाइन को खूबसूरत बनाने की तैयारी शनिवार को मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने इस महत्वपूर्ण प्रशासनिक फैसले की घोषणा की। उन्होंने बताया कि यह महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट शहर के लगभग 18 किलोमीटर के दायरे में फैला होगा। इसका मुख्य उद्देश्य शहर की प्रमुख सड़कों पर फैले हुए, आपस में उलझे और नीचे की तरफ खतरनाक ढंग से लटके हुए तारों के जंजाल को हमेशा के लिए हटाना है। इन बिजली और टेलीफोन के भारी-भरकम तारों को अंडरग्राउंड नेटवर्क में बदलने से न केवल हादसों का खतरा बेहद कम होगा, बल्कि शहर का नजारा भी अधिक व्यवस्थित और सुंदर दिखाई देगा। असम के इस सबसे बड़े व्यापारिक और सांस्कृतिक केंद्र में बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने के प्रयासों के तहत इस योजना को लागू किया जा रहा है। इससे पर्यटन को भी बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। गुवाहाटी के विकास को मिलेगी नई रफ्तार मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि इस प्रोजेक्ट से शहर की खूबसूरती बढ़ेगी और सड़कों पर लटकते हुए उलझे तार जल्द ही इतिहास का हिस्सा बन जाएंगे। गुवाहाटी असम का मुख्य शहरी और व्यावसायिक केंद्र होने के कारण तेजी से फैल रहा है। इस बढ़ती आबादी और तेजी से होते शहरीकरण की वजह से यहाँ की नागरिक सुविधाओं पर लगातार दबाव बढ़ रहा है। सरकार का यह कदम बिजली आपूर्ति और संचार प्रणालियों को अधिक सुरक्षित, भरोसेमंद और आधुनिक बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। इस पूरी परियोजना पर 177 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आने का अनुमान है। जरूरी कागजी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं के पूरा होते ही धरातल पर काम शुरू कर दिया जाएगा। इस बड़े बदलाव से मॉनसून के दौरान होने वाले शॉर्ट सर्किट, सड़कों पर खंभे गिरने और अन्य हादसों की आशंका भी बेहद कम हो जाएगी। साथ ही, विभिन्न सेवा प्रदाता कंपनियों के लिए रख-रखाव का काम भी आसान हो जाएगा। इसका आप पर असर बुनियादी ढांचे में किया जाने वाला यह सुधार स्थानीय निवासियों और पर्यटकों के लिए नागरिक सुरक्षा और शहर की सुंदरता को काफी बढ़ाएगा। • भारत में: शहरी यूटिलिटी नेटवर्क का आधुनिकीकरण देश के अन्य तेजी से बढ़ते टियर-टू शहरों के लिए एक मॉडल के रूप में काम करेगा। उपयोगिताओं को जमीन के नीचे ले जाने से रख-रखाव की लागत कम होती है और खराब मौसम के कारण होने वाली बिजली कटौती भी नियंत्रित होती है। • गुवाहाटी में: पांच चिन्हित कॉरिडोर के निवासियों को भारी मानसूनी बारिश के दौरान सड़कों पर बिजली के झटके और हादसों से सुरक्षा मिलेगी। साथ ही, सड़कों के ऊपर लटकने वाले तारों के हटने से शहर की स्काईलाइन साफ-सुथरी होगी, जिससे व्यापारिक और पर्यटन स्थलों का आकर्षण बढ़ेगा। ऐसा क्यों हुआ यूटिलिटी लाइनों को जमीन के नीचे स्थानांतरित करने का निर्णय गुवाहाटी के तेजी से होते विस्तार और इसके पारंपरिक नागरिक बुनियादी ढांचे पर बढ़ते दबाव के कारण लिया गया है। वर्षों से बढ़ते शहरीकरण के कारण सड़कों के ऊपर तारों का अंबार लग गया था, जिसने सुरक्षा और सुंदरता दोनों के लिए बड़ी चुनौती खड़ी कर दी थी। • तेजी से बढ़ता शहरीकरण: गुवाहाटी असम के मुख्य व्यावसायिक केंद्र के रूप में तेजी से विकसित हुआ है। इस तीव्र विकास के कारण बिजली और टेलीकॉम कनेक्शनों की संख्या में भारी वृद्धि हुई, जिससे पुराने बिजली के खंभे ओवरलोड हो गए। • सुरक्षा और परिचालन संबंधी खतरे: सड़कों पर लटकते और आपस में उलझे तार पैदल चलने वालों और वाहनों के लिए लगातार खतरा बने रहते थे। इन नेटवर्कों को जमीन के नीचे ले जाने से ये खतरे समाप्त हो जाएंगे और सेवाओं की आपूर्ति भी अधिक सुचारू रूप से हो सकेगी। • दृश्य सुंदरता और आधुनिकीकरण: असम सरकार राज्य के प्रमुख शहरों के बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाने की दिशा में काम कर रही है। सड़कों के ऊपर से तारों के जाल को हटाना शहर को एक स्वच्छ और आकर्षक रूप देने के लिए बेहद जरूरी कदम है। सवाल-जवाब 1. गुवाहाटी अंडरग्राउंड केबलिंग प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत कितनी है? असम सरकार ने इस बुनियादी ढांचा परियोजना के लिए 177 करोड़ रुपये से अधिक के बजट को मंजूरी दी है। 2. यह अंडरग्राउंड केबलिंग प्रोजेक्ट कितनी दूरी को कवर करेगा? यह परियोजना शहर के पांच प्रमुख कॉरिडोर में लगभग 18 किलोमीटर की दूरी को कवर करेगी। 3. इस उपयोगिता सुधार के लिए कितने कॉरिडोर चुने गए हैं? गुवाहाटी में बिजली और संचार लाइनों को जमीन के नीचे डालने के लिए कुल पांच प्रमुख कॉरिडोर की पहचान की गई है। 4. किन उपयोगिता सेवाओं को जमीन के नीचे स्थानांतरित किया जाएगा? इस योजना के तहत सड़कों के ऊपर लटकने वाले बिजली के तारों और संचार लाइनों को जमीन के नीचे डाला जाएगा। https://trendkia.com/assam/guwahati-men-sarakon-para-latake-taron-se-milega-chhutakara-bijali-aura-snchara-lainon-ko-andaragraunda-karane-ke-lie-mnjura-hue-1-39387 TrendKia — Har trend, sabse pehle.