नगांव उपचुनाव को लेकर मोरीगांव में मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने परखी प्रशासनिक तैयारियां असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने मोरीगांव पहुंचकर नगांव संसदीय सीट पर होने वाले उपचुनाव की प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियों का गहन जायजा लिया। असम में नगांव लोकसभा क्षेत्र के आगामी उपचुनाव को निष्पक्ष और सुचारू तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह सक्रिय हो गई है। राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने शनिवार को मोरीगांव जिले का दौरा कर चुनावी तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। इस उच्चस्तरीय बैठक के दौरान मतदान प्रबंधन, आदर्श आचार संहिता के कड़े अनुपालन और सुरक्षा बंदोबस्त से जुड़े तमाम पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई। प्रशासनिक तंत्र और आचार संहिता की निगरानी की समीक्षा मोरीगांव जिला आयुक्त कार्यालय के सभागार में आयोजित इस महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक में जिला निर्वाचन अधिकारी व जिला आयुक्त सृष्टि सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक निशांत सौरभ मौजूद रहे। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने चुनाव संचालन से जुड़े अलग-अलग प्रकोष्ठों के कामकाज का गहराई से मूल्यांकन किया। चुनावी प्रक्रिया में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए तैनात उड़नदस्ता दलों और स्थैतिक निगरानी दलों की गतिविधियों पर विशेष ध्यान दिया गया, ताकि आचार संहिता के किसी भी उल्लंघन पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। बैठक में मौजूद अधिकारियों ने मतदान के दिन से पहले सभी जरूरी व्यवस्थाएं पूरी करने की पुष्टि की। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने चुनाव प्रबंधन से जुड़े हर तकनीकी और प्रशासनिक बिंदु की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को समय पर सभी प्रक्रियाएं पूरी करने के निर्देश दिए, ताकि मतदान के दिन मतदाताओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो। मोरीगांव कॉलेज में स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्र का निरीक्षण समीक्षा बैठक समाप्त होने के बाद अनुराग गोयल ने मोरीगांव कॉलेज परिसर का स्थलीय दौरा किया, जहां स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्र स्थापित किए गए हैं। जिला आयुक्त सृष्टि सिंह के साथ उन्होंने मतदान सामग्री की सुरक्षित कस्टडी और ईवीएम की हिफाजत के लिए बनाए गए सुरक्षा घेरे की गहन जांच की। इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक निशांत सौरभ, जागीरोड के सह-जिला आयुक्त हृदय कुमार दास, अतिरिक्त जिला आयुक्त राकेश डेका और चुनाव अधिकारी गुंजना सैकिया सहित कई अन्य संबंधित अधिकारी भी निरीक्षण दल के साथ उपस्थित रहे। अधिकारियों की उपस्थिति और मतदान का कार्यक्रम इस चुनावी समीक्षा सत्र में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सत्यजीत चेतिया, लहरीघाट के सह-जिला आयुक्त अनुराग फुकन, अतिरिक्त जिला आयुक्त उदय शंकर दत्ता और नीलाखी वैश्य के साथ-साथ सहायक आयुक्त अंकिता दत्ता ने भी भाग लिया। चुनाव आयोग द्वारा तय किए गए आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, नगांव लोकसभा सीट पर 6 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा, जबकि मतों की गिनती 9 अक्टूबर को संपन्न होगी। इसका आप पर असर नगांव संसदीय क्षेत्र में होने जा रहे उपचुनाव से जुड़े मतदाताओं और स्थानीय नागरिकों के लिए प्रशासनिक निगरानी और आचार संहिता के कड़े नियम लागू रहेंगे। • भारत में: संसद के निचले सदन में एक रिक्त सीट भरने के लिए निर्वाचन आयोग ने समयबद्ध चुनावी प्रक्रिया सुनिश्चित की है। राष्ट्रीय स्तर पर इससे क्षेत्रीय लोकतांत्रिक प्रतिनिधित्व की बहाली होगी। • मोरीगांव में: जिले भर में उड़नदस्ता दल और निगरानी टीमें सक्रिय रहने से नकदी और संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रहेगी। आम नागरिकों को मतदान के दिन 6 अक्टूबर और मतगणना के दिन 9 अक्टूबर को संबंधित इलाकों में सुरक्षा जांच और यातायात बदलावों का ध्यान रखना होगा। • मतदाताओं के लिए: स्थानीय प्रशासन ने सुचारू मतदान के लिए प्रशासनिक व्यवस्थाएं पूरी कर ली हैं। पात्र मतदाताओं को 6 अक्टूबर को अपने निर्धारित मतदान केंद्रों पर जाकर मताधिकार का प्रयोग करना होगा। • सरकारी कामकाज पर: पूरे क्षेत्र में आदर्श आचार संहिता लागू रहने से नई सरकारी घोषणाओं या योजनाओं के उद्घाटन पर रोक रहेगी। सामान्य प्रशासनिक कार्य बिना किसी व्यवधान के जारी रहेंगे लेकिन नई नीतियों के लिए चुनाव संपन्न होने का इंतजार करना होगा। ऐसा क्यों हुआ नगांव संसदीय क्षेत्र में रिक्त सीट को भरने के लिए चुनाव आयोग ने उपचुनाव का कार्यक्रम तय किया है, जिसके सफल क्रियान्वयन के लिए यह प्रशासनिक समीक्षा की गई। • सीट का रिक्त होना: नगांव लोकसभा क्षेत्र में प्रतिनिधि की जगह खाली होने के बाद संवैधानिक व्यवस्था के तहत निर्वाचन आयोग ने उपचुनाव कराने की अधिसूचना जारी की। इसी के तहत निर्धारित समयसीमा में मतदान और मतगणना संपन्न कराना अनिवार्य है। • आचार संहिता और सुरक्षा की निगरानी: चुनाव के दौरान निष्पक्षता बनाए रखने के लिए उड़नदस्तों और स्थैतिक निगरानी दस्तों की नियमित तैनाती जरूरी होती है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सुनिश्चित किया कि आचार संहिता के नियमों का जमीनी स्तर पर सही तरीके से पालन हो। • ईवीएम और मतगणना केंद्रों की सुरक्षा: मतदान के बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों की पूर्ण हिफाजत और पारदर्शी मतगणना के लिए त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था का परीक्षण आवश्यक होता है। इसी आवश्यकता को देखते हुए मोरीगांव कॉलेज में स्ट्रांग रूम का प्रत्यक्ष मुआयना किया गया। सवाल-जवाब 1. नगांव लोकसभा उपचुनाव के लिए मतदान किस तारीख को होगा? चुनाव आयोग के आधिकारिक कार्यक्रम के अनुसार, नगांव लोकसभा सीट पर 6 अक्टूबर को मतदान कराया जाएगा। 2. इस उपचुनाव के मतों की गिनती कब की जाएगी? मतगणना 9 अक्टूबर को आयोजित की जाएगी, जिसके बाद नतीजों की घोषणा होगी। 3. मोरीगांव में स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्र कहां बनाए गए हैं? स्ट्रांग रूम और मतगणना केंद्र मोरीगांव कॉलेज परिसर में स्थापित किए गए हैं। 4. मोरीगांव में प्रशासनिक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता किसने की? असम के मुख्य निर्वाचन अधिकारी अनुराग गोयल ने मोरीगांव जिला आयुक्त कार्यालय में आयोजित इस समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। https://trendkia.com/assam/nagaon-upachunava-ko-lekara-morigaon-men-mukhya-nirvachana-adhikari-anurag-goel-ne-parakhi-prashasanika-taiyariyan-42266 TrendKia — Har trend, sabse pehle.