राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में संयुक्त सचिव बनीं आईएएस वर्णाली डेका, केंद्र सरकार ने दी मंजूरी असम-मेघालय काडर की आईएएस अधिकारी वर्णाली डेका को राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में संयुक्त सचिव नियुक्त किया गया है। कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने उनके पांच साल के संयुक्त कार्यकाल को स्वीकृति दी है। केंद्र सरकार के प्रशासनिक ढांचे में हुए ताजा फेरबदल के तहत भारतीय प्रशासनिक सेवा की वरिष्ठ अधिकारी वर्णाली डेका को राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में संयुक्त सचिव पद की कमान सौंपी गई है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अधीन आने वाले इस महत्वपूर्ण प्राधिकरण में उनका कुल कार्यकाल पांच वर्षों का रहेगा, जो 28 अगस्त 2030 तक अथवा अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। इस दायित्व पर वह उत्तराखंड काडर की 2009 बैच की आईएएस अधिकारी ज्योति यादव का स्थान लेंगी। प्रशासनिक फेरबदल और कैबिनेट समिति की मंजूरी कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने प्रशासनिक स्तर पर बड़े बदलाव के तहत कुल 27 नियुक्तियों को हरी झंडी दिखाई है। कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग द्वारा 10 अक्टूबर को जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, ये सभी पदस्थापनाएं संयुक्त सचिव अथवा उसके समकक्ष स्तर पर की गई हैं। यह फेरबदल केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, विभागों और सार्वजनिक संगठनों में हुआ है। पे मैट्रिक्स के लेवल 14 के वेतनमान वाली इन नियुक्तियों के दायरे में कई प्रमुख मंत्रालय शामिल हैं। इनमें स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, गृह मामले, कॉर्पोरेट मामले, वाणिज्य, संस्कृति, वित्तीय सेवाएं, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग, शहरी विकास, जल संसाधन तथा सामाजिक न्याय जैसे विभाग प्रमुख हैं। केंद्रीय प्रतिनियुक्ति और वर्तमान जिम्मेदारी असम-मेघालय काडर के 2009 बैच से ताल्लुक रखने वाली वर्णाली डेका अगस्त 2025 से केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर कार्यरत हैं। केंद्र सरकार में आने के बाद से वह जनजातीय कार्य मंत्रालय में निदेशक पद की जिम्मेदारी संभाल रही थीं। केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर आने से ठीक पहले उन्होंने असम सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग में आयुक्त एवं सचिव के तौर पर सेवाएं दी थीं। असम में विविध प्रशासनिक जिम्मेदारियों का अनुभव राज्य सेवा के दौरान वर्णाली डेका ने मैदानी और नीतिगत दोनों स्तरों पर लंबा अनुभव हासिल किया है। वह असम के पांच जिलों बारपेटा, गोलाघाट, गोलपारा, कोकराझार और नलबारी में उपायुक्त पद पर तैनात रह चुकी हैं। इसके अलावा उन्होंने गुवाहाटी मेट्रोपॉलिटन डेवलपमेंट अथॉरिटी में वाइस-चेयरपर्सन और मुख्य कार्यकारी अधिकारी की दोहरी जिम्मेदारी भी संभाली। राज्य में विभिन्न प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं के संचालन में भी उनकी मुख्य भूमिका रही है। उन्होंने असम स्किल डेवलपमेंट मिशन, असम स्टेट रूरल लाइवलीहुड मिशन और प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) में मिशन निदेशक के तौर पर काम किया। साथ ही, असम सरकार के स्वास्थ्य, शहरी विकास और कौशल एवं उद्यमिता विकास विभागों में भी वह सचिव पद का दायित्व निभा चुकी हैं। इसका आप पर असर राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में वरिष्ठ प्रशासनिक स्तर पर हुआ यह बदलाव केंद्रीय स्वास्थ्य नीतियों के संचालन को प्रभावित करेगा। • भारत में: देश भर में राष्ट्रीय स्तर की स्वास्थ्य योजनाओं और डिजिटल हेल्थ मिशन के प्रशासनिक क्रियान्वयन में निरंतरता बनी रहेगी। नीतिगत प्राथमिकताओं के तेजी से निष्पादन से स्वास्थ्य सेवा वितरण तंत्र को मजबूती मिल सकती है। • असम में: पूर्वोत्तर काडर की एक अनुभवी अधिकारी को राष्ट्रीय स्वास्थ्य तंत्र के शीर्ष प्रबंधन में महत्वपूर्ण पद मिलने से राज्य की प्रशासनिक प्रतिष्ठा बढ़ी है। मैदानी प्रशासनिक अनुभव रखने वाले अधिकारियों के केंद्र में आने से क्षेत्रीय प्राथमिकताओं को व्यावहारिक दृष्टि मिल सकती है। • प्रशासनिक स्तर पर: केंद्र सरकार के कई प्रमुख मंत्रालयों में लेवल 14 स्तर पर 27 वरिष्ठ पदों को एक साथ भरने से निर्णय लेने की प्रक्रिया तेज होगी। इससे स्वास्थ्य, शहरी विकास और सड़क परिवहन जैसे विभागों में लंबित नीतिगत फाइलों का निपटारा समय पर हो सकेगा। • स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े नागरिकों के लिए: राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण के नेतृत्व में स्थिरता आने से आयुष्मान भारत और डिजिटल हेल्थ मिशन जैसी योजनाओं के तकनीकी और व्यवस्थागत सुधारों को गति मिलेगी। आम उपभोक्ताओं को स्वास्थ्य सेवाओं के पंजीकरण और दावों की प्रक्रिया में सहजता का लाभ मिल सकता है। ऐसा क्यों हुआ यह नियुक्ति केंद्र सरकार के नियमित प्रशासनिक फेरबदल और संयुक्त सचिव स्तर पर रिक्तियों को भरने की प्रक्रिया का हिस्सा है। • प्रशासनिक पुनर्गठन: कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने विभिन्न मंत्रालयों में कार्यकुशलता बढ़ाने के लिए 27 अधिकारियों को संयुक्त सचिव या समकक्ष पदों पर तैनात करने का निर्णय लिया। यह कदम कई विभागों में नेतृत्व को मजबूत करने के लिए उठाया गया है। • कार्यकाल और प्रतिनियुक्ति नियम: मौजूदा संयुक्त सचिव ज्योति यादव के स्थान पर नए अधिकारी की तैनाती की आवश्यकता थी, जिसे पूरा करने के लिए वर्णाली डेका को अगस्त 2030 तक पांच साल के संयुक्त कार्यकाल के लिए नियुक्त किया गया। केंद्रीय सेवा नियमों के तहत तय अवधि के लिए ऐसी नियुक्तियां की जाती हैं। • पूर्व अनुभव की प्रासंगिकता: वर्णाली डेका के पास असम सरकार में स्वास्थ्य, कौशल विकास और जिला प्रशासन का लंबा अनुभव रहा है, जो स्वास्थ्य प्राधिकरण की जिम्मेदारियों के लिए सीधे तौर पर उपयोगी साबित होता है। जनजातीय कार्य मंत्रालय में निदेशक के रूप में उनकी केंद्रीय प्रतिनियुक्ति ने भी इस पदस्थापना का आधार तैयार किया। सवाल-जवाब 1. वर्णाली डेका को किस पद पर नियुक्त किया गया है? उन्हें स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के अधीन राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में संयुक्त सचिव नियुक्त किया गया है। 2. उनका कार्यकाल कब तक निर्धारित किया गया है? उनका कार्यकाल कुल पांच वर्षों के लिए, 28 अगस्त 2030 तक अथवा अगले आदेश तक प्रभावी रहेगा। 3. वह इस पद पर किसका स्थान लेंगी? वह 2009 बैच की उत्तराखंड काडर की आईएएस अधिकारी ज्योति यादव का स्थान लेंगी। 4. यह नियुक्ति किस आधिकारिक आदेश के तहत हुई? कैबिनेट की नियुक्ति समिति की मंजूरी के बाद कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने 10 अक्टूबर को इस संबंध में आदेश जारी किया। 5. इस प्रशासनिक फेरबदल में कुल कितने अधिकारियों की नियुक्ति हुई है? इस आदेश के जरिए विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों और विभागों में संयुक्त सचिव या समकक्ष स्तर के 27 पदों पर नियुक्तियां की गई हैं। 6. केंद्र में प्रतिनियुक्ति से पहले वर्णाली डेका असम में किन पदों पर रहीं? उन्होंने असम में पांच जिलों की उपायुक्त, सामान्य प्रशासन विभाग में आयुक्त एवं सचिव तथा विभिन्न राज्य मिशनों की निदेशक के रूप में सेवाएं दीं। https://trendkia.com/assam/rashtriya-svasthya-pradhikarana-men-snyukta-sachiva-banin-ias-varnali-deka-kendra-sarakara-ne-di-mnjuri-46472 TrendKia — Har trend, sabse pehle.