वायरल गानों के आधार पर पूरी भोजपुरी इंडस्ट्री को जज करना गलत, अभिनेत्री मोनालिसा ने सिनेमा पर रखी बेबाक राय अभिनेत्री मोनालिसा ने भोजपुरी सिनेमा को लेकर बनने वाली नकारात्मक धारणा पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि अश्लीलता या डबल मीनिंग वाले गानों के आधार पर पूरी इंडस्ट्री को कटघरे में खड़ा करना अनुचित है। भोजपुरी फिल्म उद्योग को लेकर अक्सर उठने वाले विवादों और अश्लीलता के आरोपों पर प्रसिद्ध अभिनेत्री मोनालिसा ने खुलकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उनका स्पष्ट मानना है कि इंटरनेट पर वायरल होने वाले कुछ डबल मीनिंग गानों और अत्यधिक ग्लैमरस संगीत वीडियो के आधार पर पूरी फिल्म इंडस्ट्री के प्रति राय बना लेना पूरी तरह से अनुचित है। राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अलग पहचान बना चुकीं इस अभिनेत्री ने कहा कि भोजपुरी सिनेमा की आलोचना करने वाले कई लोगों ने वास्तव में मुख्यधारा की फिल्में देखी ही नहीं हैं, बल्कि वे केवल इंटरनेट पर दिखने वाले गानों के आधार पर पूरी बिरादरी को जज करने लगते हैं। म्यूजिक वीडियो और मुख्यधारा की फिल्मों का अंतर मनोरंजन उद्योग के मौजूदा माहौल पर चर्चा करते हुए मोनालिसा ने बताया कि भोजपुरी क्षेत्र में म्यूजिक वीडियो और प्राइवेट एल्बम का चलन पिछले कुछ समय में काफी तेजी से बढ़ा है। इन वीडियो में ज्यादा से ज्यादा व्यूज हासिल करने के लिए कई बार ग्लैमर और द्विअर्थी सामग्री का सहारा लिया जाता है, जिन्हें इंटरनेट पर करोड़ों लोग देखते हैं। हालांकि, इस तरह के गानों की तुलना पूरी फीचर फिल्म से नहीं की जा सकती। फिल्मों के निर्माण में कहानी, पटकथा, अभिनय और कलात्मक प्रस्तुति का अलग नजरिया होता है। भोजपुरी सिनेमा में अनेक प्रतिभाशाली कलाकार काम कर रहे हैं जो पूरी ईमानदारी से अच्छी और मनोरंजक फिल्में बनाने में जुटे हुए हैं। देश भर में प्रादेशिक सिनेमा की बढ़ती पैठ भारतीय मनोरंजन जगत में आ रहे सकारात्मक बदलावों का उल्लेख करते हुए मोनालिसा ने प्रादेशिक सिनेमा के विस्तार की तारीफ की। उन्होंने कहा कि अब दर्शक केवल हिंदी फिल्मों पर निर्भर नहीं हैं, बल्कि देश के अलग-अलग राज्यों की क्षेत्रीय भाषाओं में बनने वाली फिल्में भी राष्ट्रीय मंच पर मजबूती से उभर रही हैं। दक्षिण भारतीय फिल्मों और बंगाली सिनेमा ने बहुत पहले से ही अपनी एक मजबूत और अलग पहचान बनाई हुई है। अब अन्य भाषाओं की प्रादेशिक इंडस्ट्री भी उसी राह पर चलते हुए नई ऊंचाइयों को छू रही हैं। इससे क्षेत्रीय भाषा के कलाकारों को राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने के बड़े अवसर मिल रहे हैं। एक दशक से राष्ट्रीय मनोरंजन जगत में मोनालिसा की उपस्थिति अपने करियर के अनुभवों को साझा करते हुए मोनालिसा ने बताया कि क्षेत्रीय सिनेमा से शुरुआत करने के बावजूद उन्होंने बहुत पहले ही राष्ट्रीय मनोरंजन उद्योग में कदम रखने का प्रयास शुरू कर दिया था। पिछले लगभग 10 वर्षों से वह राष्ट्रीय टेलीविजन पर लगातार काम कर रही हैं। उन्होंने बिग बॉस और नच बलिए जैसे बड़े और लोकप्रिय रियलिटी शोज के माध्यम से पूरे देश के दर्शकों के दिलों में जगह बनाई है। इसके अतिरिक्त उन्होंने कई चर्चित टेलीविजन धारावाहिकों और दक्षिण भारतीय फिल्मों में भी अभिनय किया है। उनका मानना है कि सही मेहनत के दम पर प्रादेशिक कलाकार देश भर में अपनी खास जगह बना सकते हैं। इसका आप पर असर क्षेत्रीय सिनेमा और मनोरंजन उद्योग पर राय रखने वाले दर्शकों के लिए इस वक्तव्य का व्यावहारिक प्रभाव पड़ता है। • भारत में: दर्शक अब समझ सकते हैं कि डिजिटल गानों का ग्लैमर और फीचर फिल्मों की कहानी दो अलग विषय हैं। • बिहार और यूपी में: भोजपुरी भाषा और संस्कृति से जुड़े दर्शकों को अपनी इंडस्ट्री के सकारात्मक पक्ष को समझने का मौका मिलता है। • मनोरंजन प्रेमियों के लिए: यह बहस क्षेत्रीय सिनेमा को लेकर पूर्वाग्रह खत्म करने और गुणवत्तापूर्ण कंटेंट को बढ़ावा देने में मदद करेगी। • उभरते कलाकारों के लिए: प्रादेशिक भाषा के कलाकारों को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचने और अपनी अलग पहचान बनाने की प्रेरणा मिलती है। सवाल-जवाब 1. मोनालिसा ने भोजपुरी सिनेमा को लेकर क्या बयान दिया? उन्होंने कहा कि कुछ वायरल गानों या अश्लील म्यूजिक वीडियो के आधार पर पूरे भोजपुरी सिनेमा को जज करना अनुचित है। 2. मोनालिसा के अनुसार लोग भोजपुरी फिल्मों के बारे में गलत राय क्यों बनाते हैं? उनका मानना है कि ज्यादातर लोग बिना पूरी फिल्में देखे केवल इंटरनेट पर वायरल होने वाले गानों के आधार पर राय बना लेते हैं। 3. मोनालिसा ने किन बड़े राष्ट्रीय टीवी शोज में काम किया है? उन्होंने राष्ट्रीय टीवी पर बिग बॉस और नच बलिए जैसे लोकप्रिय रियलिटी शोज में भाग लिया है। 4. भारतीय प्रादेशिक सिनेमा पर मोनालिसा का क्या विचार है? उन्होंने कहा कि साउथ और बंगाली सिनेमा की तरह अब अन्य क्षेत्रीय भाषा की इंडस्ट्री भी राष्ट्रीय स्तर पर मजबूत हो रही हैं। प्रेरणा और सबक मोनालिसा की यात्रा प्रादेशिक सिनेमा से राष्ट्रीय पहचान बनाने का एक सशक्त उदाहरण है। • दृढ़ संकल्प: क्षेत्रीय पहचान के बावजूद राष्ट्रीय मनोरंजन उद्योग में कदम रखने का शुरुआती लक्ष्य बनाया। • निरंतरता: पिछले एक दशक से राष्ट्रीय टीवी पर अपनी उपस्थिति बनाए रखी। • विविधता: रियलिटी शोज, धारावाहिकों और अलग भाषाओं की फिल्मों में काम कर अपनी कला का दायरा बढ़ाया। https://trendkia.com/bhojpuri/vayarala-ganon-ke-adhara-para-puri-bhojapuri-indastri-ko-jaja-karana-galata-abhinetri-monalisa-ne-sinema-para-rakhi-bebaka-raya-24527 TrendKia — Har trend, sabse pehle.