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  "type": "article",
  "title": "बिहार के खगड़िया में एसपी के सरकारी आवास पर पत्नी का प्रदर्शन, बेटी से मिलने की लगाई गुहार",
  "summary": "खगड़िया के पुलिस अधीक्षक भानु प्रताप सिंह के सरकारी आवास के बाहर उनकी पत्नी पूजा सिंह ने अपनी छह साल की बेटी से मिलने और परिवार को फिर से बसाने की मांग को लेकर हंगामा और प्रदर्शन किया।",
  "content": "बिहार के खगड़िया जिले में पदस्थापित पुलिस अधीक्षक भानु प्रताप सिंह और उनकी पत्नी पूजा सिंह के बीच चल रहा वैवाहिक टकराव लगातार गहराता जा रहा है। पटना से लौटने के बाद पूजा सिंह खगड़िया स्थित एसपी के आधिकारिक आवास के मुख्य द्वार पर पहुंचीं और वहां घंटों तक विरोध दर्ज कराया। उन्होंने परिसर के अंदर प्रवेश करने की भरसक कोशिश की, लेकिन प्रवेश द्वार पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने गेट खोलने से साफ मना कर दिया। पूजा सिंह का कहना है कि पुलिस अधीक्षक के सीधे निर्देश पर उन्हें आवास के भीतर जाने से रोका जा रहा है, जिसकी वजह से वह अपनी मासूम संतान से नहीं मिल पा रही हैं।\n\nमहिला आयोग से लेकर मुख्यमंत्री आवास तक पहुंची फरियाद\nयह पारिवारिक कलह अब प्रशासनिक और संवैधानिक संस्थाओं की चौखट तक पहुंच चुका है। मामला बिहार राज्य महिला आयोग के समक्ष पहले ही दर्ज कराया जा चुका है। इसके अलावा पूजा सिंह लगातार राजधानी पटना में पुलिस महकमे के वरिष्ठ अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर लगाकर अपनी बात रख चुकी हैं। जब विभागीय स्तर पर कोई ठोस समाधान नहीं निकला, तो यह मामला मुख्यमंत्री आवास तक जा पहुंचा। अपनी मांगों पर ध्यान आकर्षित कराने के लिए पूजा सिंह रविवार को पटना में मुख्यमंत्री आवास के समीप धरने पर भी बैठ गई थीं।\n\nविवाद खत्म कर घर बसाने की इच्छा\nपूजा सिंह का स्पष्ट रुख है कि वह वैवाहिक रिश्ते को खत्म करने के पक्ष में बिल्कुल नहीं हैं। उन्होंने बताया कि उनका इरादा किसी भी प्रकार की अदालती मुकदमेबाजी या कानूनी उलझन पैदा करने का नहीं है। वह चाहती हैं कि उनके पारिवारिक मतभेद सुलझ जाएं और उनका दांपत्य जीवन फिर से सामान्य हो सके। उन्होंने बताया कि पिछले आठ से नौ महीनों से उन्हें अपनी छह साल की बच्ची से मिलने नहीं दिया जा रहा है। इसी मानसिक पीड़ा और लाचारी के कारण वह बार-बार उच्चाधिकारियों से हस्तक्षेप करने की गुहार लगा रही हैं।\n\nविवाह और अन्य आरोपों पर दिया बयान\nपूजा सिंह ने सार्वजनिक तौर पर यह बात रखी है कि भानु प्रताप सिंह ने आईपीएस अधिकारी बनने से पहले उनके साथ प्रेम संबंध बनाए थे और दोनों ने विवाह किया था। उनका गंभीर आरोप है कि अब अधिकारी और उनके परिजन इस पुराने रिश्ते को समाप्त कर उनकी दूसरी शादी कराने की योजना बना रहे हैं। इन्हीं परिस्थितियों के विरोध में और अपने अधिकार पाने के लिए वह अलग-अलग मंचों पर जाकर अपनी फरियाद सुना रही हैं, जिससे यह पूरा घटनाक्रम लगातार चर्चा का केंद्र बना हुआ है।\n\nइसका आप पर असर\nयह घटना उच्च प्रशासनिक अधिकारियों के पारिवारिक विवादों में संस्थागत निष्पक्षता और बच्चों की कस्टडी से जुड़े व्यावहारिक नियमों पर प्रभाव डालती है।\n\n• भारत में: यह मामला दर्शाता है कि उच्च पदों पर आसीन अधिकारियों के व्यक्तिगत विवादों में निष्पक्ष प्रशासनिक सुनवाई किस तरह प्रभावित हो सकती है। आम नागरिकों के लिए यह रेखांकित करता है कि वैवाहिक अलगाव के दौरान बच्चों से मिलने के अधिकार के लिए राज्य महिला आयोग और विधिक मंचों का सहारा लिया जा सकता है।\n• बिहार में: राज्य में पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के आचरण और छवि को लेकर प्रशासनिक निगरानी कड़ी हो सकती है। आम जनता के बीच यह संदेश जाता है कि पारिवारिक विवादों के समाधान के लिए राज्य महिला आयोग और मुख्यमंत्री जनसंवाद जैसे मंच उपलब्ध हैं।\n\nऐसा क्यों हुआ\nयह विवाद पुलिस अधीक्षक और उनकी पत्नी के बीच लंबे समय से चल रहे पारिवारिक मतभेदों और बच्ची से मिलने की अनुमति न मिलने के कारण सार्वजनिक हुआ है।\n\n• विवाद का तात्कालिक कारण: पूजा सिंह को पिछले आठ से नौ महीनों से अपनी छह साल की बेटी से मिलने नहीं दिया जा रहा था। जब उन्हें एसपी आवास के अंदर जाने से सुरक्षाकर्मियों ने रोका, तो उन्होंने आवास के बाहर ही सार्वजनिक प्रदर्शन शुरू कर दिया।\n• पारिवारिक पृष्ठभूमि: पूजा सिंह के अनुसार दोनों ने प्रेम विवाह किया था, जो भानु प्रताप सिंह के आईपीएस बनने से पहले हुआ था। उनका आरोप है कि ससुराल पक्ष और अधिकारी अब संबंध समाप्त कर दूसरी शादी की तैयारी कर रहे हैं।\n• पूर्व में उठाए गए कदम: जब वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और राज्य महिला आयोग के स्तर पर बातचीत से समाधान नहीं निकला, तब पूजा सिंह ने मुख्यमंत्री आवास और अब खगड़िया स्थित आधिकारिक आवास पर विरोध का रास्ता चुना।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. पूजा सिंह ने खगड़िया में एसपी आवास के बाहर प्रदर्शन क्यों किया?\nपूजा सिंह अपनी छह साल की बेटी से मिलने और परिवार को फिर से बसाने की मांग को लेकर एसपी आवास पर गई थीं, जहां गेट न खुलने पर उन्होंने प्रदर्शन किया।\n\n2. पूजा सिंह कितने समय से अपनी बेटी से अलग हैं?\nपूजा सिंह के अनुसार उन्हें पिछले आठ से नौ महीनों से अपनी छह साल की बच्ची से मिलने का अवसर नहीं मिला है।\n\n3. क्या यह मामला पहले भी किसी प्रशासनिक संस्था के सामने जा चुका है?\nहां, यह मामला बिहार राज्य महिला आयोग और पटना में पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के पास पहुंच चुका है, साथ ही रविवार को मुख्यमंत्री आवास के पास भी प्रदर्शन हुआ था।\n\n4. पूजा सिंह ने एसपी भानु प्रताप सिंह पर क्या आरोप लगाए हैं?\nउन्होंने आरोप लगाया कि आईपीएस बनने से पहले उनसे प्रेम विवाह हुआ था, लेकिन अब उन्हें छोड़कर दूसरी शादी करने की योजना बनाई जा रही है।",
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  "publishedAt": "2026-11-03",
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