बिहार में आज तूफानी मौसम: सीमांचल-कोसी समेत 12 जिलों में यलो अलर्ट, 60 किमी/घंटा की रफ्तार से चलेंगी हवाएं और गिरेगी बिजली; जानें मानसून कब करेगा पूरे राज्य को कवर मौसम विभाग ने आज रविवार को बिहार के 12 जिलों में आंधी, बारिश और वज्रपात का यलो अलर्ट जारी किया है, जबकि अगले तीन दिनों में मानसून के पूरे राज्य को कवर करने की संभावना जताई गई है। बिहार में मानसून की दस्तक तो हो चुकी है, लेकिन झमाझम और लगातार होने वाली बारिश का इंतजार अब भी बना हुआ है। इसी बीच मौसम विभाग ने राज्य के लिए राहत और चेतावनी, दोनों एक साथ जारी की हैं। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आज रविवार को सूबे के 12 जिलों में तेज आंधी-तूफान और बारिश की आशंका को देखते हुए यलो अलर्ट घोषित किया गया है। इन इलाकों में मौसम का मिजाज तेजी से करवट लेगा और 60 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से धूलभरी हवाएं चल सकती हैं। साथ ही इन जिलों में आकाशीय बिजली यानी वज्रपात गिरने की प्रबल आशंका भी जताई गई है। किन 12 जिलों पर रहेगी सबसे ज्यादा मार आंधी और वज्रपात की यह विशेष चेतावनी मुख्य रूप से सीमांचल, कोसी और अंग क्षेत्र के जिलों के लिए है। जिन 12 जिलों को इस अलर्ट में शामिल किया गया है, उनमें सुपौल, अररिया, किशनगंज, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, खगड़िया, कटिहार, मुंगेर, भागलपुर, जमुई और बांका के नाम हैं। इन्हीं इलाकों में मौसम सबसे अधिक खराब रहने का अनुमान है। खराब मौसम में कैसे रखें खुद को सुरक्षित मौसम बिगड़ने की स्थिति में आपदा प्रबंधन और मौसम विभाग ने आम लोगों से बेहद सतर्क रहने की अपील की है। विभाग की ओर से कुछ अहम सावधानियां बताई गई हैं, जिन्हें ध्यान में रखना जरूरी है: • जैसे ही आंधी-तूफान शुरू हो या बादलों के कड़कने की आवाज सुनाई दे, तुरंत किसी पक्के मकान या सुरक्षित जगह में शरण ले लें और खुले स्थानों पर रुकने से बचें। • खेतों या खुले मैदानों में काम कर रहे किसान बिना देर किए सुरक्षित ठिकानों की ओर चले जाएं। • मौसम खराब होने पर बड़े और ऊंचे पेड़ों के नीचे कतई शरण न लें, क्योंकि इन पर बिजली गिरने का खतरा सबसे ज्यादा रहता है। • बिजली के खंभों, ट्रांसफार्मर और ऊंचे टावरों से पर्याप्त दूरी बनाए रखें। बाकी जिलों में फिलहाल राहत, लेकिन उमस बरकरार मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक इन 12 जिलों को छोड़कर राज्य के शेष सभी जिलों के लिए अभी कोई विशेष चेतावनी नहीं है और उन्हें ग्रीन जोन में रखा गया है। आने वाले कुछ दिनों में राज्य के कई हिस्सों में बादलों की सक्रियता बढ़ने की उम्मीद है, जिससे स्थानीय स्तर पर हल्की या मध्यम फुहारें पड़ सकती हैं। हालांकि इस दौरान उमस भरी गर्मी से पूरी तरह छुटकारा नहीं मिलेगा। अनुमान है कि राज्य का अधिकतम तापमान 36 से 38 डिग्री सेल्सियस के बीच बना रहेगा, जिसके चलते दोपहर के समय लोगों को तेज गर्मी और चिपचिपी उमस झेलनी पड़ेगी। राजधानी पटना का अगले कुछ दिनों का हाल पटना और इसके आसपास के इलाकों में आने वाले दिनों में मौसम लगातार उतार-चढ़ाव वाला रहेगा। पटना मौसम केंद्र के मुताबिक राजधानी का दिन-प्रतिदिन का हाल कुछ इस तरह रहने की संभावना है: आज (14 जून) दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। शहर का अधिकतम तापमान 38 डिग्री और न्यूनतम पारा 29 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है। 15 जून (सोमवार) सुबह से ही मौसम आमतौर पर साफ रहेगा, लेकिन दोपहर के बाद हल्के बादलों की आवाजाही शुरू हो सकती है, जिससे उमस में इजाफा होगा। 16 और 17 जून (मंगलवार-बुधवार) इन दो दिनों में राजधानी पर बादलों का डेरा और मजबूत होगा। पटना और आसपास के इलाकों में आंशिक रूप से बादल छाए रहने के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। इस दौरान आकाशीय बिजली गिरने की आशंका भी है, जबकि अधिकतम तापमान घटकर 37 डिग्री सेल्सियस तक आ सकता है। तीन दिनों में पूरे बिहार को कवर कर लेगा मानसून मानसून के विस्तार को लेकर मौसम विभाग ने एक बड़ा और अहम अपडेट दिया है। TrendKia के अनुसार अब तक राज्य के 22 जिलों में मानसून दस्तक दे चुका है, फिर भी अब तक वैसी मूसलाधार और लगातार होने वाली बारिश शुरू नहीं हो पाई है, जिसका किसानों और आम लोगों को बेसब्री से इंतजार है। फिलहाल मानसून की उत्तरी सीमा मुजफ्फरपुर से होकर गुजर रही है और पिछले कुछ घंटों से यह वहीं पर ठहरी हुई है। हालांकि मौसम विज्ञानियों का कहना है कि परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं और अगले तीन दिनों के भीतर मानसून आगे बढ़कर पूरे बिहार को अपनी चपेट में ले लेगा। इसके बाद राज्य के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में भी अच्छी और नियमित बारिश का सिलसिला शुरू हो जाएगा, जिससे तापमान में बड़ी गिरावट आएगी और लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिल सकेगी। https://trendkia.com/bihar/bihar-men-aja-tuphani-mausama-simanchala-kosi-sameta-12-jilon-men-yalo-alarta-60-636 TrendKia — Har trend, sabse pehle.