{
  "type": "article",
  "title": "जीरा पाउडर में कीटनाशक मिलने के बाद एवरेस्ट का उत्पाद बाजार से वापस मंगाने का कड़ा निर्देश जारी",
  "summary": "खाद्य सुरक्षा नियामक ने एवरेस्ट के जीरा पाउडर में अत्यधिक कीटनाशक अवशेष पाए जाने पर संबंधित खेप को बाजार से फौरन हटाने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही स्वच्छता मानकों के उल्लंघन पर एक बेकरी का लाइसेंस भी निलंबित किया गया है।",
  "content": "देशभर में मसालों के जाने-माने ब्रांड एवरेस्ट पर सुरक्षा मानकों की अनदेखी के चलते नियामक का शिकंजा कस गया है। पैकेज्ड जीरा पाउडर की रासायनिक जांच में स्वास्थ्य के लिए हानिकारक तत्वों की मात्रा स्वीकार्य सीमा से कहीं अधिक दर्ज की गई। इस गंभीर नतीजे के सामने आते ही भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने कड़ा रुख अख्तियार करते हुए संबंधित उत्पाद को तुरंत बाजार से वापस बुलाने के निर्देश जारी कर दिए हैं।\n\nगोवा में संकलित नमूने की प्रयोगशाला जांच में सामने आई मिलावट\nइस पूरे मामले की शुरुआत उस समय हुई जब नियामक टीम ने गोवा स्थित रिवरसाइड रिजॉर्ट्स एंड हॉलिडे होम्स प्राइवेट लिमिटेड के परिसर से एवरेस्ट के पैकेटबंद जीरा पाउडर का एक सैंपल एकत्र किया। अधिकृत खाद्य विश्लेषक द्वारा की गई वैज्ञानिक जांच में पाया गया कि उत्पाद के भीतर एजोक्सीस्ट्रोबिन और थायामेथोक्साम नामक दो कीटनाशकों के अंश निर्धारित सीमा का उल्लंघन कर रहे थे। तय कानूनी प्रावधानों के तहत ऐसे स्तर को इंसानी उपभोग के लिए असुरक्षित माना गया।\n\nपुनर्परीक्षण में भी पुष्टि के बाद घोषित हुआ असुरक्षित\nनियमों के अनुसार कंपनी को इस प्रारंभिक रिपोर्ट को चुनौती देने और दोबारा जांच कराने का अवसर दिया गया। इसके तहत सैंपल को केंद्रीय खाद्य प्रयोगशाला में भेजा गया, मगर वहां भी परिणाम नहीं बदले। दोनों कीटनाशकों की अधिकता दोबारा प्रमाणित होने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत इस जीरा पाउडर को आधिकारिक रूप से असुरक्षित श्रेणी में डाल दिया गया। इसके उपरांत नियामक ने इस विशेष बैच के पूरे स्टॉक को दुकानों और गोदामों से फौरन हटाने का फरमान सुनाया।\n\nनिगरानी और सुधारात्मक कदमों की अनिवार्य शर्त\nनियामक ने एवरेस्ट फूड प्रोडक्ट्स को हिदायत दी है कि बाजार से मंगाए जाने वाले हर पैकेट की विस्तृत जानकारी और रिकॉर्ड दर्ज किए जाएं। रिकॉल की प्रक्रिया मुकम्मल होने के बाद कंपनी को एक समग्र रिपोर्ट प्राधिकरण के समक्ष पेश करनी होगी। इसके अलावा भविष्य में इस किस्म की लापरवाही पर लगाम लगाने के लिए ठोस सुधारात्मक कदम उठाने और सुरक्षा प्रोटोकॉल सुधारने की अनिवार्यता भी तय की गई है।\n\nस्वच्छता में लापरवाही पर एक अन्य संस्थान का लाइसेंस निलंबित\nइस बड़ी कार्रवाई के समानांतर नियामक ने साफ-सफाई में गंभीर कोताही बरतने के आरोप में क्रिएटिव बेकर्स एंड कन्फेक्शनर्स प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ भी सख्त कदम उठाया है। इस संस्थान का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से सस्पेंड कर दिया गया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए स्पष्ट किया गया कि आम नागरिकों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए देशभर में नियमों का कड़ाई से पालन कराया जा रहा है।\n\nइसका आप पर असर\nपैकेटबंद जीरा पाउडर में अत्यधिक कीटनाशक मिलने से उपभोक्ताओं को अपनी रसोई में मौजूद मसालों के बैच और स्वच्छता मानकों पर सतर्कता बरतने की जरूरत है।\n\n• भारत में: यदि आपने हाल ही में एवरेस्ट जीरा पाउडर खरीदा है, तो सुरक्षा कारणों से इसके इस्तेमाल को लेकर सावधानी बरतें। नियामक की इस सख्ती के बाद बाजार में उपलब्ध अन्य पैकेटबंद मसालों की गुणवत्ता जांच भी तेज होने की संभावना है।\n• गोवा में: स्थानीय रिजॉर्ट परिसर से सैंपल फेल होने के बाद क्षेत्र के खुदरा विक्रेताओं और आतिथ्य संस्थानों को संबंधित लॉट हटाने होंगे। राज्य के होटल और रेस्टोरेंट संचालकों को अपने रसोई भंडार में मौजूद मसालों के बैच नंबर की तुरंत समीक्षा करनी होगी।\n• उपभोक्ता स्वास्थ्य: तय सीमा से अधिक कीटनाशक युक्त खाद्य सामग्री का सेवन सेहत के लिए हानिकारक साबित हो सकता है। किसी भी पैकेटबंद मसाले पर संदेह होने पर नागरिक सीधे नियामक के पोर्टल पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं।\n• व्यापारिक अनुपालन: किराना दुकानदारों और वितरकों को नियामक के आदेशानुसार प्रभावित खेप की बिक्री फौरन रोकनी होगी। वापस किए गए स्टॉक की पूरी जानकारी अधिकृत वितरकों को सौंपना अनिवार्य है।\n\nऐसा क्यों हुआ\nयह नियामक कार्रवाई तब शुरू हुई जब नियमित जांच के दौरान एकत्र किए गए जीरा पाउडर के नमूनों में अनुमत सीमा से अधिक रासायनिक कीटनाशक पाए गए। कंपनी को अपील का मौका मिलने के बावजूद स्वतंत्र प्रयोगशाला ने भी संदूषण की पुष्टि कर दी।\n\n• रासायनिक संदूषण: प्राथमिक खाद्य विश्लेषक की जांच में जीरा पाउडर के भीतर एजोक्सीस्ट्रोबिन और थायामेथोक्साम नामक कीटनाशकों का स्तर तय कानूनी मानक से ज्यादा मिला। इन रसायनों की अत्यधिक मौजूदगी के कारण उत्पाद सीधे तौर पर उपभोग के अयोग्य पाया गया।\n• प्रयोगशाला पुनर्परीक्षण: कंपनी को अपील का अवसर दिया गया और नमूने को उन्नत खाद्य प्रयोगशाला में दोबारा जांचा गया। दूसरी जांच में भी कीटनाशकों की अधिकता की पुष्टि होने से उत्पाद को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत आधिकारिक रूप से असुरक्षित ठहराया गया।\n• स्वच्छता का उल्लंघन: इसी जांच अभियान के दौरान क्रिएटिव बेकर्स एंड कन्फेक्शनर्स के परिसर में स्वच्छता के बुनियादी नियमों का गंभीर उल्लंघन पाया गया, जिसके चलते उनका विनिर्माण लाइसेंस निलंबित किया गया।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. नियामक ने एवरेस्ट के किस उत्पाद को वापस मंगाने का आदेश दिया है?\nनियामक ने एवरेस्ट फूड प्रोडक्ट्स के पैकेटबंद जीरा पाउडर की संबंधित खेप को असुरक्षित पाए जाने पर बाजार से वापस मंगाने का आदेश दिया है।\n\n2. जीरा पाउडर की जांच में कौन से हानिकारक तत्व पाए गए?\nप्रयोगशाला जांच में जीरा पाउडर के अंदर एजोक्सीस्ट्रोबिन और थायामेथोक्साम नामक दो कीटनाशकों के अवशेष निर्धारित सीमा से अधिक दर्ज किए गए।\n\n3. इस जांच के लिए जीरा पाउडर का नमूना कहां से एकत्र किया गया था?\nयह नमूना गोवा में स्थित रिवरसाइड रिजॉर्ट्स एंड हॉलिडे होम्स प्राइवेट लिमिटेड के परिसर से आधिकारिक तौर पर लिया गया था।\n\n4. क्या कंपनी को पहली रिपोर्ट के खिलाफ अपील का अवसर मिला था?\nहां, कंपनी की अपील पर नमूने को खाद्य प्रयोगशाला भेजा गया, जहां दोबारा जांच में भी कीटनाशकों की अधिकता की पुष्टि हुई।\n\n5. स्वच्छता मानकों के उल्लंघन में किस प्रतिष्ठान का लाइसेंस निलंबित हुआ?\nगंभीर स्वच्छता संबंधी कमियों के कारण क्रिएटिव बेकर्स एंड कन्फेक्शनर्स प्राइवेट लिमिटेड का खाद्य लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।",
  "url": "https://trendkia.com/bihar/jira-paudara-men-kitanashaka-milane-ke-bada-everest-ka-utpada-bajara-se-vapasa-mngane-ka-kara-nirdesha-jari-42895",
  "category": "बिहार",
  "publishedAt": "2026-10-04",
  "tags": [
    "एवरेस्ट मसाले",
    "एफएसएसएआई",
    "जीरा पाउडर",
    "खाद्य सुरक्षा",
    "कीटनाशक अवशेष",
    "उत्पाद वापसी"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
}