# नीरज कुमार के हार्ट अटैक पर अनंत सिंह का तीखा तंज, आचार संहिता उल्लंघन के मामलों पर भी दिया बेबाक बयान

> जेडीयू विधायक अनंत सिंह ने पार्टी प्रवक्ता नीरज कुमार के अस्पताल में भर्ती होने पर विवादित बयान दिया है। साथ ही, चुनाव प्रचार के दौरान दर्ज हुई एफआईआर को लेकर भी उन्होंने बेबाक प्रतिक्रिया दी है।

**Type:** article · **Category:** बिहार · **Published:** 2026-10-20 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/bihar/neeraj-kumar-ke-heart-attack-par-anant-singh-ka-teekha-tanj-49742 · **Language:** Hindi
**Tags:** अनंत सिंह, नीरज कुमार, जेडीयू, मोकामा, पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र, डॉक्टर अनुज सिंह, बिहार राजनीति

**पटना:** मोकामा विधानसभा क्षेत्र से जनता दल यूनाइटेड यानी जेडीयू के विधायक अनंत सिंह ने एक बार फिर मीडिया के सामने आकर अपने तीखे बयानों से सियासी गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। पार्टी प्रवक्ता और विधान पार्षद नीरज कुमार के अचानक स्वास्थ्य बिगड़ने और अस्पताल में भर्ती होने की खबर पर अनंत सिंह ने तंज कसते हुए इसे उनकी पुरानी आदत करार दिया है। उन्होंने मीडिया से बातचीत के दौरान दावा किया कि जब भी चुनाव के दौरान बूथ पर पैसे भेजने की बारी आती है, तो वह बीमार पड़ने का नाटक कर अस्पताल में भर्ती हो जाते हैं और कुछ घंटों बाद ठीक होकर बाहर आ जाते हैं।

 

## मेदांता अस्पताल में भर्ती हैं नीरज कुमार

बता दें कि जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता और एमएलसी नीरज कुमार को हाल ही में दिल का दौरा यानी हार्ट अटैक आया था, जिसके बाद उन्हें तुरंत इलाज के लिए राजधानी पटना के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जब संवाददाताओं ने इसी घटनाक्रम को लेकर अनंत सिंह से सवाल किया, तो उन्होंने किसी भी तरह की संवेदना जताने के बजाय अपनी पुरानी बातों को दोहराया और कहा कि यह उनका रोज का नाटक है। उनके इस बयान के बाद राज्य की राजनीतिक पार्टियों के बीच बयानबाजी का दौर एक बार फिर तेज हो गया है और विपक्षी दल भी इस पर अपनी प्रतिक्रिया देने लगे हैं।

 

## पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का राजनीतिक समीकरण

मौजूदा विवाद के पीछे पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र का विधान परिषद चुनाव है, जहां अनंत सिंह अपनी ही पार्टी के उम्मीदवार नीरज कुमार के खिलाफ खड़े नजर आ रहे हैं। उन्होंने जेडीयू उम्मीदवार का खुलकर विरोध करते हुए विपक्षी दल जनसुराज के प्रत्याशी डॉक्टर अनुज सिंह को अपना समर्थन देने का ऐलान किया है। अनंत सिंह इस चुनाव में डॉक्टर अनुज सिंह के पक्ष में लगातार सक्रिय प्रचार कर रहे हैं और विभिन्न सभाओं के जरिए अपनी नाराजगी खुलकर जाहिर कर रहे हैं। इस अंदरूनी कलह को सुलझाने के लिए केंद्रीय मंत्री और जेडीयू के कद्दावर नेता ललन सिंह ने भी पूरी कोशिश की थी, लेकिन अनंत सिंह ने अपनी जिद नहीं छोड़ी और नीरज कुमार के खिलाफ अपना अभियान जारी रखा।

 

## आचार संहिता उल्लंघन और दर्ज मुकदमों पर प्रतिक्रिया

चुनाव प्रचार के दौरान नियमों की अनदेखी करने और आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में अनंत सिंह और जनसुराज प्रत्याशी डॉक्टर अनुज सिंह के खिलाफ कानूनी शिकंजा कसा गया है। बाढ़ और मोकामा थानों में कुल मिलाकर तीन एफआईआर दर्ज की जा चुकी हैं। जब पत्रकारों ने इन मुकदमों और कानूनी कार्रवाई को लेकर अनंत सिंह से सवाल किया, तो उन्होंने बेहद बेपरवाह अंदाज में जवाब देते हुए कहा कि क्या होगा, अगर एफआईआर दर्ज हो गई है तो वे अदालत से जमानत यानी बेल करवा लेंगे।

 

## रोड शो के दौरान नियमों की अनदेखी पर कार्रवाई

प्रशासनिक रिपोर्ट के अनुसार, पटना के बाढ़ इलाके में अनंत सिंह द्वारा निकाले गए रोड शो और जन अधिकार यात्रा के लिए जिला प्रशासन ने केवल 10 गाड़ियों के इस्तेमाल की ही अनुमति दी थी। इसके बावजूद, रोड शो के दौरान निर्धारित सीमा का उल्लंघन करते हुए 15 से अधिक वाहनों और जेसीबी मशीनों का इस्तेमाल किया गया, जिनके जरिए फूलों की वर्षा भी कराई गई थी। इस मामले में न केवल नेताओं पर बल्कि अनंत सिंह के एक रिश्तेदार पर भी पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है, जिसकी प्रशासनिक स्तर पर लगातार जांच की जा रही है।

## इसका आप पर असर
बिहार की राजनीति और आगामी स्थानीय प्रारोह चुनावों को करीब से देखने वाले लोगों के लिए यह घटनाक्रम सीधा असर डालने वाला है।

- **भारत में:** राजनीतिक दलों के भीतर चल रही इस तरह की बयानबाजी और अंतर्कलह से आम मतदाताओं के बीच गलत संदेश जाता है। इससे चुनावी अनुशासन और दलों की एकजुटता पर सवाल खड़े होते हैं।

- **बिहार में:** मोकामा और पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के मतदाताओं के लिए यह स्थानीय राजनीतिक समीकरणों में बड़े बदलाव का संकेत है। जेडीयू विधायक द्वारा विपक्षी उम्मीदवार का समर्थन किए जाने से वहां चुनावी मुकाबला बेहद दिलचस्प और कड़ा हो गया है।

- **कानूनी मोर्चे पर:** आचार संहिता के उल्लंघन और तय सीमा से अधिक गाड़ियां इस्तेमाल करने पर प्रशासन सख्त रुख अपना रहा है। इससे अन्य राजनीतिक दलों और प्रत्याशियों को भी चुनाव प्रचार के दौरान नियमों का कड़ाई से पालन करने की चेतावनी मिली है।

- **स्वास्थ्य और अस्पताल:** इस घटना से सार्वजनिक जीवन में नेताओं के स्वास्थ्य को लेकर होने वाली बहसों पर जनता की निगाहें टिक जाती हैं। इससे राजनीतिक बयानों और वास्तविक चिकित्सा आपातकाल के बीच की विश्वसनीयता पर भी चर्चा शुरू होती है।

## ऐसा क्यों हुआ
यह पूरा राजनीतिक विवाद पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषद चुनाव में टिकट वितरण और आंतरिक असंतोष के कारण उपजा है।

- **टिकट और समर्थन का विवाद:** मोकामा विधायक अनंत सिंह पार्टी के आधिकारिक उम्मीदवार नीरज कुमार के विरोध में खड़े हो गए और जनसुराज के प्रत्याशी डॉक्टर अनुज सिंह का समर्थन करने लगे।

- **प्रशासनिक पाबंदियों का उल्लंघन:** बाढ़ इलाके में निकाले गए रोड शो के दौरान प्रशासन द्वारा तय की गई 10 गाड़ियों की सीमा को पार करके 15 से अधिक वाहन और जेसीबी का इस्तेमाल किया गया।

- **आपसी मतभेद और सुलह की विफलता:** पार्टी के वरिष्ठ नेता और केंद्रीय मंत्री ललन सिंह ने दोनों नेताओं के बीच की दूरियां मिटाने का प्रयास किया था, लेकिन अनंत सिंह अपनी जिद पर अड़े रहे।

- **कानूनी कार्रवाई की पृष्ठभूमि:** नियमों की अनदेखी करते हुए शक्ति प्रदर्शन करने और फूलों की वर्षा कराने के कारण स्थानीय थानों में कुल तीन मामले दर्ज किए गए हैं।

## सवाल-जवाब

### 1. अनंत सिंह ने नीरज कुमार के स्वास्थ्य को लेकर क्या बयान दिया?
अनंत सिंह ने दावा किया कि बूथ पर पैसे भेजने के समय नीरज कुमार का बीमार पड़ना और अस्पताल में भर्ती होना पुरानी आदत है।

### 2. नीरज कुमार वर्तमान में किस अस्पताल में भर्ती हैं?
नीरज कुमार को हार्ट अटैक आने के बाद पटना के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

### 3. अनंत सिंह किस उम्मीदवार का समर्थन कर रहे हैं?
अनंत सिंह पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से जनसुराज के उम्मीदवार डॉक्टर अनुज सिंह के पक्ष में प्रचार कर रहे हैं।

### 4. अनंत सिंह और नीरज कुमार के बीच सुलह की कोशिश किसने की थी?
केंद्रीय मंत्री और जेडीयू के वरिष्ठ नेता ललन सिंह ने दोनों के बीच मतभेद दूर करने का प्रयास किया था।

### 5. अनंत सिंह के खिलाफ मामले क्यों दर्ज किए गए हैं?
रोड शो के दौरान तय सीमा से अधिक गाड़ियां और जेसीबी इस्तेमाल करने पर आचार संहिता उल्लंघन के मामले दर्ज हुए हैं।

### 6. बाढ़ और मोकामा थानों में कितनी एफआईआर दर्ज हुई हैं?
बाढ़ और मोकामा थानों में कुल तीन एफआईआर दर्ज की गई हैं।

### 7. प्रशासन ने रोड शो के लिए कितनी गाड़ियों की अनुमति दी थी?
प्रशासन ने रोड शो और जन अधिकार यात्रा के दौरान केवल 10 गाड़ियों के इस्तेमाल की इजाजत दी थी।

### 8. एफआर्ईआर दर्ज होने पर अनंत सिंह ने क्या प्रतिक्रिया दी?
उन्होंने बेपरवाही से कहा कि एफआईआर हो गई है तो वे अदालत से अपनी जमानत करवा लेंगे।

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