बॉलीवुड में 'सैयारा' नाम का जादू: सलमान-कैटरीना के हिट ट्रैक से नए दौर के ग्लोबल चार्टबस्टर तक की पूरी कहानी उर्दू शब्द 'सैयारा' पर बने दो बॉलीवुड गानों ने अपने दौर में जबरदस्त सफलता हासिल की है। 2012 में 'एक था टाइगर' के भावुक गीत से लेकर पिछले साल मोहित सूरी की फिल्म के टाइटल ट्रैक तक, जानिए इस नाम के अनोखे सफर के बारे में। हिंदी सिनेमा में कई बार एक खास शब्द दो अलग-अलग दौर की संगीतमय यात्रा का प्रतीक बन जाता है। 'सैयारा' एक ऐसा ही बेहद खूबसूरत और भावनात्मक उर्दू शब्द है, जिसका शाब्दिक अर्थ आकाश में जगमगाता हुआ तारा होता है। बॉलीवुड में इस एक खास शब्द पर दो अलग-अलग समय में दो बड़े सुपरहिट गाने तैयार किए गए हैं। हालांकि दोनों गानों का शीर्षक और मूल अर्थ बिल्कुल एक ही है, लेकिन उनकी फिल्मी पृष्ठभूमि, संगीत शैली और प्रस्तुति एक-दूसरे से पूरी तरह भिन्न है। एक था टाइगर में सलमान और कैटरीना की भावुक केमिस्ट्री बॉलीवुड में इस शब्द की संगीतमय यात्रा 14 साल पहले वर्ष 2012 में शुरू हुई थी। निर्देशक कबीर खान की ब्लॉकबस्टर एक्शन थ्रिलर फिल्म 'एक था टाइगर' में दर्शकों ने पहली बार 'सैयारा' गाना सुना था। इस रोमांटिक और दर्दभरे गाने में सलमान खान और कैटरीना कैफ मुख्य भूमिकाओं में नजर आए थे। गाने में दोनों मुख्य कलाकारों के प्रेम और भावनात्मक दूरियों को बेहद खूबसूरती से पर्दे पर उभारा गया था, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा। वर्ष 2012 के इस कालजयी गाने को तैयार करने में कई बेहतरीन संगीतकारों का योगदान रहा। जाने-माने गायक मोहित चौहान और तरन्नुम मलिक ने अपनी सुरीली आवाज से इस रचना में जान फूंकी थी। इस गाने का दिलकश संगीत सोहेल सेन ने तैयार किया था, जबकि इसके भावनात्मक बोल कौसर मुनीर ने लिखे थे। रिलीज होते ही यह गाना संगीत प्रेमियों की पहली पसंद बन गया और सालों-साल चार्टबस्टर बना रहा। मोहित सूरी का दांव और नए कलाकारों का जलवा सलमान खान वाले गाने की अपार सफलता के 13 साल बाद, प्रसिद्ध निर्देशक मोहित सूरी ने अपनी फिल्म का नाम 'सैयारा' रखा और उसी नाम से टाइटल ट्रैक भी तैयार किया। मोहित सूरी ने इस प्रोजेक्ट में बड़ा जोखिम उठाते हुए दो नए कलाकारों, अनीत पड्डा और अहान पांडे को मुख्य भूमिकाओं में लॉन्च किया। सिनेमाघरों में रिलीज होते ही फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचा दिया और दोनों नए कलाकारों की ऑन-स्क्रीन जोड़ी को दर्शकों का जबरदस्त प्यार मिला। फिल्म का टाइटल ट्रैक 'सैयारा' सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर आते ही छा गया। इस गाने की सबसे खास बात यह रही कि इसके माध्यम से कश्मीर के प्रतिभाशाली युवा संगीतकारों, गायक फहीम अब्दुल्ला और संगीतकार अरसलान निजामी को बॉलीवुड में बड़ा ब्रेक मिला। इस गाने के संगीत निर्माण में तनिष्क बागची, फहीम अब्दुल्ला और अरसलान निजामी की त्रिमूर्ति का योगदान रहा, जबकि गीत के बोल जाने-माने गीतकार इरशाद कामिल ने लिखे। फहीम अब्दुल्ला की आवाज ने इस टाइटल ट्रैक को एक अलग ऊंचाई प्रदान की। दुनियाभर के म्यूजिक चार्ट्स और ज्यूकबॉक्स पर दबदबा इन दोनों ही गानों ने अपने-अपने दौर में ज्यूकबॉक्स और ऑनलाइन स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म्स पर जबर्दस्त रिकॉर्ड बनाए। जहां 2012 का गाना बॉलीवुड के सदाबहार गानों में शामिल हुआ, वहीं मोहित सूरी की फिल्म का नया टाइटल ट्रैक भारत के साथ-साथ विदेशों में भी बेहद लोकप्रिय हुआ। नया गाना अंतरराष्ट्रीय संगीत सूचियों में सबसे ज्यादा सुने जाने वाले गानों में शामिल हो गया, जिसने यह साबित कर दिया कि बेहतरीन धुन और अर्थपूर्ण बोल समय की सीमाओं को पार कर जाते हैं। इसका आप पर असर संगीत प्रेमियों के लिए: यह खबर दर्शाती है कि कैसे अर्थपूर्ण शब्द और बेहतरीन संगीत संयोजन समय की सीमा से परे हमेशा लोकप्रिय रहते हैं। उभरते कलाकारों के लिए: क्षेत्रीय और नए कलाकारों के लिए यह साबित होता है कि सिनेमा में प्रयोग और टैलेंट को राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहा जा रहा है। सवाल-जवाब 1. उर्दू शब्द 'सैयारा' का हिंदी में अर्थ क्या है? उर्दू शब्द 'सैयारा' का अर्थ आकाश में जगमगाता हुआ तारा या आकाशीय पिंड होता है। 2. 2012 में रिलीज हुई फिल्म 'एक था टाइगर' का सैयारा गाना किसने गाया था? एक था टाइगर फिल्म के सैयारा गाने को मोहित चौहान और तरन्नुम मलिक ने गाया था, जिसे सोहेल सेन ने कंपोज किया था। 3. मोहित सूरी की फिल्म 'सैयारा' के टाइटल ट्रैक से किस गायक को बड़ा ब्रेक मिला? कश्मीर के गायक और संगीतकार फहीम अब्दुल्ला को मोहित सूरी की फिल्म सैयारा के टाइटल ट्रैक से बॉलीवुड में बड़ा ब्रेक मिला। 4. फिल्म 'सैयारा' में किन नए कलाकारों ने मुख्य भूमिका निभाई? मोहित सूरी द्वारा निर्देशित फिल्म सैयारा में नए कलाकार अनीत पड्डा और अहान पांडे ने मुख्य भूमिकाएं निभाईं। प्रेरणा और सबक दृढ़ संकल्प और नए विचारों का सम्मान: नए चेहरों और उभरते संगीतकारों पर भरोसा जताकर फिल्म उद्योग में बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। • नए हुनर को मौका देना: स्थापित बड़े सितारों के बिना भी मजबूत कंटेंट और सुरीले संगीत के बल पर प्रोजेक्ट्स ब्लॉकबस्टर बन सकते हैं। • क्षेत्रीय प्रतिभाओं की पहचान: कश्मीर के संगीतकारों की सफलता यह सिखाती है कि सच्ची प्रतिभा किसी भौगोलिक सीमा की मोहताज नहीं होती। https://trendkia.com/bollywood/bollywood-mein-saiyara-naam-ka-jadoo-salman-katrina-ke-hit-track-se-naye-daur-ke-global-chartbuster-tak-ki-poori-kahani-15625 TrendKia — Har trend, sabse pehle.