मुंबई में टाइगर श्रॉफ पर गोलीबारी से सहमी फिल्म इंडस्ट्री, अभिनेत्रियों ने जताई सुरक्षा पर गहरी चिंता मुंबई के पॉश इलाके में अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुई फायरिंग के बाद पूनम पांडे, उर्वशी रौतेला और नीतू चंद्रा समेत कई अभिनेत्रियों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए अपना डर साझा किया है। देश की आर्थिक राजधानी और सिनेमा जगत का गढ़ माने जाने वाले मुंबई के एक पॉश इलाके में अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुई ताबड़तोड़ फायरिंग ने सबको स्तब्ध कर दिया है। बॉलीवुड कलाकारों के लिए सबसे सुरक्षित समझी जाने वाली इस मायानगरी में सरेआम हुई इस हिंसक वारदात के बाद फिल्म बिरादरी में गहरा खौफ और अनिश्चितता का माहौल बन गया है। इस सनसनीखेज घटना के सामने आने के बाद फिल्म जगत की कई जानी मानी अभिनेत्रियों ने खुलकर अपनी प्रतिक्रिया दी है और सितारों की निजी सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जाहिर की है। पूनम पांडे, उर्वशी रौतेला, नीतू चंद्रा और कुनिका सदानंद ने इस हमले पर गहरा दुख जताते हुए कलाकारों की दिनचर्या और सार्वजनिक जीवन में सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों की मांग उठाई है। घटना की खबर सुनते ही सन्न रह गई थीं पूनम पांडे इस सनसनीखेज मामले पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए मॉडल और अभिनेत्री पूनम पांडे ने बताया कि जब उन्हें इस वारदात के बारे में पहली बार पता चला, तो वह बुरी तरह सहम गई थीं। उन्होंने साझा किया कि वह एक दुर्गा पूजा पंडाल में मौजूद थीं और उन्हें अपने मीडिया मित्रों से इस गोलीबारी की जानकारी मिली। खबर सुनते ही वह दो मिनट के लिए पूरी तरह सन्न रह गई थीं और उन्हें इस बात पर बिल्कुल यकीन नहीं हो पा रहा था कि मुंबई जैसे सुरक्षित शहर में टाइगर श्रॉफ जैसे बड़े कलाकार पर ऐसा हमला हो सकता है। पूनम के मुताबिक, वह इस खबर को जानने के बाद से ही गहरे सदमे में हैं और उनके मन में लगातार यही सवाल उठ रहा है कि आखिर ऐसा कैसे संभव हो सका। सीसीटीवी और मीडिया फुटेज में दिख रहे हमलावरों के हुलिए पर चर्चा करते हुए पूनम पांडे ने कहा कि सुबह से प्रसारित हो रही फुटेज में दोनों लड़के बेहद कम उम्र के और दुबले पतले दिखाई दे रहे हैं। उनका कहना था कि ये लड़के फिल्मों में दिखाए जाने वाले खूंखार और भारी भरकम गैंगस्टरों जैसे बिल्कुल नहीं लगते, बल्कि सामान्य और कमजोर दिखते हैं। ऐसे अनजान और दुबले पतले लड़के अचानक कहीं से आते हैं और इतने बड़े एक्शन स्टार को निशाना बनाकर गोलियां चलाने लगते हैं, जो अपने आप में बेहद डरावना है। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि टाइगर श्रॉफ हमेशा विवादों से दूर रहने वाले इंसान रहे हैं और उन्होंने साफ सुथरी व अच्छी फिल्मों में काम किया है, इसलिए किसी के साथ उनकी निजी रंजिश या दुश्मनी होने की गुंजाइश न के बराबर लगती है। रोजमर्रा की गतिविधियों में बढ़ता जान का खतरा पूनम पांडे ने खेलकूद और सामान्य दिनचर्या के दौरान पेश आने वाले खतरों का जिक्र करते हुए कहा कि एक कलाकार सामान्य रूप से फुटबॉल खेलकर अपने घर लौट रहा हो और अचानक उस पर जानलेवा हमला कर दिया जाए, यह स्थिति बेहद भयावह है। उन्होंने कहा कि आज के दौर में जब कोई व्यक्ति सामान्य बातचीत कर रहा हो और अगले ही पल सड़क पर उसके साथ कुछ अनहोनी घट जाए, तो यह सोचना भी रूह कंपा देने वाला है। उनका मानना है कि इंसान बीमारियों और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से खुद को बचाने की हरसंभव कोशिश करता है, लेकिन इस तरह की अप्रत्याशित गोलीबारी और आपराधिक वारदातों से बचाव का कोई सीधा रास्ता नहीं सूझता। हालांकि उन्होंने इस बात पर राहत व्यक्त की कि इस जानलेवा हमले में टाइगर श्रॉफ पूरी तरह सुरक्षित बच गए। इसके साथ ही उन्होंने मुंबई पुलिस के पेशेवर रवैये पर पूरा विश्वास जताते हुए मांग की कि इस मामले में शामिल अपराधियों को कानून के तहत सख्त से सख्त सजा मिलनी चाहिए ताकि भविष्य में किसी के हौसले इतने बुलंद न हों। लॉरेंस बिश्नोई सिंडिकेट का खौफ और सुरक्षा की सीमाएं लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़े सवालों और बढ़ती धमकियों के संदर्भ में पूनम पांडे ने स्वीकार किया कि फिल्म उद्योग से जुड़े लोगों में वास्तविक डर व्याप्त है। उन्होंने बेहद भावुक होते हुए कहा कि कोई भी इंसान इस तरह की दर्दनाक और हिंसक मौत नहीं मरना चाहता। उन्होंने स्वीकार किया कि जब कलाकार किसी बड़े प्रचार कार्यक्रम या सार्वजनिक समारोह में जाते हैं, तो वहां सुरक्षाकर्मी और निजी गार्ड तैनात रहते हैं। हालांकि, निजी जिंदगी में हर जगह अंगरक्षकों के घेरे में घूमना मुमकिन नहीं होता, जैसा कि टाइगर श्रॉफ भी सिर्फ फुटबॉल खेलने के लिए बाहर निकले थे। उन्होंने जोर देकर कहा कि मौजूदा तनावपूर्ण हालात को देखते हुए अब हर किसी को अपनी व्यक्तिगत चौकसी और सुरक्षा के तौर तरीकों पर दोबारा सोचना पड़ेगा। उर्वशी रौतेला ने जताई संवेदना, त्वरित कार्रवाई की उम्मीद बॉलीवुड अभिनेत्री उर्वशी रौतेला ने भी टाइगर श्रॉफ पर हुई इस फायरिंग की घटना को अत्यंत चिंताजनक और विचलित करने वाला करार दिया। उर्वशी ने इस पूरे घटनाक्रम पर गहरा अफसोस जताते हुए कहा कि यह खबर उनके लिए दिल दहला देने वाली है और वह इस मुश्किल घड़ी में टाइगर श्रॉफ तथा उनके पूरे परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी हैं। उन्होंने कहा कि उनकी सच्ची संवेदनाएं, दुआएं और हिम्मत अभिनेता और उनके परिजनों के साथ हैं। उर्वशी ने शासन और प्रशासन पर भरोसा जताते हुए उम्मीद व्यक्त की कि कानून प्रवर्तन एजेंसियां इस मामले की तह तक जाकर बहुत जल्द कड़ी कानूनी कार्रवाई करेंगी, क्योंकि इस प्रकार की हिंसक वारदातें समाज के भीतर असुरक्षा की भावना पैदा करती हैं। मुंबई की सुरक्षा छवि पर नीतू चंद्रा की प्रतिक्रिया अभिनेत्री नीतू चंद्रा ने इस हमले पर अपनी राय रखते हुए बताया कि जब उन्हें शुरुआत में इस गोलीबारी की सूचना मिली, तो उन्हें लगा कि यह महज एक अफवाह या झूठी खबर हो सकती है। नीतू के अनुसार, उन्होंने करीब बीस साल पहले इसी शहर से अपने अभिनय करियर की शुरुआत की थी और मुंबई हमेशा से महिलाओं तथा कलाकारों के लिए देश का सबसे सुरक्षित शहर माना जाता रहा है। उन्होंने सोचा था कि शायद यह घटना मुंबई की न होकर किसी अन्य शहर की होगी, लेकिन जब पूरी सच्चाई सामने आई, तो वह बुरी तरह डर गईं। नीतू चंद्रा ने कलाकारों के कामकाजी माहौल का उल्लेख करते हुए बताया कि अभिनेताओं को अक्सर शॉपिंग मॉल, भारी भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थलों और खुले इलाकों में शूटिंग तथा प्रमोशन के सिलसिले में जाना पड़ता है। अब इस तरह के खुले हमलों के बाद यह बड़ा सवाल उठ खड़ा हुआ है कि क्या ऐसे माहौल में बाहर निकलना सुरक्षित रह गया है। उन्होंने सुझाव दिया कि अब कलाकारों को अधिक सतर्कता बरतने की आवश्यकता है और बाहर निकलते समय अपने परिवार के सदस्यों तथा निजी अंगरक्षकों के साथ ही चलने की योजना बनानी चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि मुंबई पुलिस बहुत जल्द हालात पर काबू पाकर आम लोगों और कलाकारों में सुरक्षा का भरोसा दोबारा कायम करेगी। कुनिका सदानंद ने व्यवस्था और कानून पर उठाए तीखे सवाल वरिष्ठ अभिनेत्री कुनिका सदानंद ने इस हमले के बाद पूरी फिल्म इंडस्ट्री को एकजुट होकर आवाज उठाने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि बॉलीवुड के लोगों को अब अपनी चुप्पी तोड़कर वास्तविक स्थिति को समझना होगा और अपनी आंखें खोलनी होंगी। कुनिका ने कड़े शब्दों में कहा कि जब कलाकार सार्वजनिक मंचों पर व्यवस्था और सरकार का समर्थन करते हैं, तो उन्हें यह सवाल भी पूछना चाहिए कि नागरिकों और उनकी सुरक्षा के लिए जमीनी स्तर पर क्या कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने आह्वान किया कि देश के भीतर कानून व्यवस्था की स्थिति को दुरुस्त करने के लिए सभी को खुलकर बोलना होगा, क्योंकि यदि कानून का राज कमजोर पड़ता है, तो उसका सीधा असर हर नागरिक और हमारे परिजनों की निजी सुरक्षा पर पड़ता है। इसका आप पर असर मुंबई जैसे महानगर में जाने-माने अभिनेता पर खुलेआम फायरिंग की घटना आम नागरिकों और मशहूर हस्तियों दोनों के बीच सार्वजनिक सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ाने वाली है। • भारत में: देश भर में मशहूर हस्तियों और वीआईपी हस्तियों की सार्वजनिक उपस्थिति के दौरान सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा तेज हो सकती है। आम लोग भी सार्वजनिक स्थानों पर अचानक होने वाली आपराधिक घटनाओं और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में कानून व्यवस्था के प्रति अधिक जागरूक होंगे। • मुंबई में: आर्थिक राजधानी के पॉश और आवासीय इलाकों में पुलिस की नियमित गश्त और सीसीटीवी निगरानी और कड़ी की जा सकती है। शहर में शूटिंग स्थलों, क्लबों और सार्वजनिक खेल मैदानों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था में भारी इजाफा देखने को मिल सकता है। • कलाकारों के लिए: फिल्म और मनोरंजन जगत से जुड़े कलाकारों को अब अपनी निजी गतिविधियों और खेलकूद के दौरान भी निजी अंगरक्षक रखने पड़ सकते हैं। सामान्य दिनचर्या में बिना सुरक्षा घेरे के बाहर निकलना कई सितारों के लिए सीमित हो सकता है। • कानून प्रवर्तन के स्तर पर: मुंबई पुलिस पर आपराधिक गिरोहों और नए हमलावरों के नेटवर्क पर नकेल कसने का दबाव काफी बढ़ जाएगा। शहर में संदिग्ध गतिविधियों की धरपकड़ के लिए विशेष सुरक्षा अभियान चलाए जा सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ यह घटना मुंबई के पॉश इलाके में अभिनेता टाइगर श्रॉफ को निशाना बनाकर किए गए अचानक हमले के बाद पैदा हुए भय और असुरक्षा की भावना के कारण चर्चा में आई है। फिल्म उद्योग में सितारों को मिलने वाली धमकियों और हालिया घटनाओं के संदर्भ में अभिनेत्रियों ने खुलकर अपनी चिंताएं सामने रखी हैं। • अचानक हुआ हमला: अभिनेता टाइगर श्रॉफ जब फुटबॉल खेलकर लौट रहे थे, तब दो अज्ञात हमलावरों ने उन पर अंधाधुंध गोलियां चलाईं। गनीमत रही कि इस जानलेवा हमले में अभिनेता पूरी तरह सुरक्षित बच गए। • हमलावरों का सामान्य हुलिया: घटनास्थल की फुटेज में हमलावर बेहद कम उम्र के और दुबले पतले दिखाई दे रहे थे, जो संगठित गिरोहों द्वारा नए लड़कों के इस्तेमाल की ओर इशारा करता है। इस अप्रत्याशित पहलू ने कलाकारों के मन में यह खौफ बढ़ा दिया कि हमलावर कोई भी हो सकता है। • अंडरवर्ल्ड और लॉरेंस बिश्नोई का साया: फिल्म उद्योग में पिछले कुछ समय से आपराधिक सिंडिकेट और लॉरेंस बिश्नोई गिरोह से जुड़ी धमकियों का खौफ बना हुआ है। इसी पृष्ठभूमि के कारण कलाकारों को अपनी सामान्य जिंदगी और सुरक्षा को लेकर गंभीर संकट महसूस हो रहा है। • कानून व्यवस्था पर सवाल: हमेशा सुरक्षित माने जाने वाले मुंबई शहर में सरेआम गोलीबारी होने से व्यवस्था पर सवाल खड़े हुए हैं, जिससे प्रेरित होकर अभिनेत्रियों ने सार्वजनिक रूप से आवाज उठाई। सवाल-जवाब 1. टाइगर श्रॉफ के साथ क्या घटना घटी थी? मुंबई के एक पॉश इलाके में फुटबॉल खेलकर लौटते समय अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर दो अज्ञात हमलावरों ने अचानक गोलियां चलाई थीं, जिसमें वह सुरक्षित बच गए। 2. पूनम पांडे ने हमलावरों के बारे में क्या कहा? पूनम पांडे ने कहा कि फुटेज में हमलावर बेहद कम उम्र और दुबले-पतले लग रहे थे, जो फिल्मों में दिखने वाले पारंपरिक गैंगस्टरों जैसे बिल्कुल नहीं थे। 3. उर्वशी रौतेला ने इस हमले पर क्या प्रतिक्रिया दी? उर्वशी रौतेला ने घटना को बेहद परेशान करने वाला बताते हुए टाइगर श्रॉफ और उनके परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं व्यक्त कीं और प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की मांग की। 4. नीतू चंद्रा ने मुंबई की सुरक्षा को लेकर क्या चिंता जताई? नीतू चंद्रा ने कहा कि मुंबई हमेशा से बहुत सुरक्षित शहर रहा है, लेकिन इस घटना के बाद कलाकारों को सार्वजनिक जगहों पर जाने से पहले अपनी सुरक्षा और अंगरक्षकों पर विचार करना होगा। 5. कुनिका सदानंद ने बॉलीवुड कलाकारों से क्या अपील की? कुनिका सदानंद ने फिल्म उद्योग के लोगों से जागरूक होने और देश में कानून व्यवस्था तथा नागरिकों की सुरक्षा को लेकर खुलकर आवाज उठाने की अपील की। https://trendkia.com/bollywood/mumbai-men-tiger-shroff-para-golibari-se-sahami-philma-indastri-abhinetriyon-ne-jatai-suraksha-para-gahari-chinta-49595 TrendKia — Har trend, sabse pehle.