मुसाफिर कैफे के बाद जरूर देखें विक्रांत मैसी की 7 बेहतरीन फिल्में, जिन्होंने उन्हें बनाया एक दमदार अभिनेता नेटफ्लिक्स पर रिलीज हुई फिल्म 'मुसाफिर कैफे' के बीच, जानिए विक्रांत मैसी की उन सात चुनिंदा फिल्मों के बारे में जिन्होंने उनकी अदाकारी का लोहा मनवाया है। मशहूर बॉलीवुड अभिनेता विक्रांत मैसी की नई फिल्म ‘मुसाफिर कैफे’ 24 जुलाई को नेटफ्लिक्स पर रिलीज हो चुकी है। इस फिल्म में उनके साथ वेदिका पिंटो और महिमा मकवाना भी मुख्य भूमिकाओं में दिखाई दे रही हैं। अगर आप भी विक्रांत मैसी के शानदार अभिनय के प्रशंसक हैं, तो आपको उनकी उन चुनिंदा फिल्मों की सूची जरूर देखनी चाहिए जिन्होंने उन्हें सिनेमा जगत के सबसे बेहतरीन और गंभीर अभिनेताओं की श्रेणी में लाकर खड़ा कर दिया है। मुसाफिर कैफे के अलावा ये 7 फिल्में उनके लाजवाब अभिनय और हर तरह के चरित्र में पूरी तरह ढल जाने की अद्वितीय क्षमता को बयां करती हैं। सेक्टर 36 इस डार्क क्राइम थ्रिलर फिल्म में विक्रांत मैसी ने अपने अब तक के सबसे डरावने और चौंकाने वाले रूप में दर्शकों का सामना किया। उन्होंने प्रेम सिंह नाम के एक मानसिक रूप से बीमार और बेहद खतरनाक सीरियल किलर की भूमिका निभाई। वास्तविक आपराधिक घटनाओं से प्रेरित इस कहानी में उन्होंने अपने चरित्र की सनक, क्रूरता और शातिर दिमाग को इतनी शिद्दत के साथ पर्दे पर उतारा कि दर्शक सहम गए। अपनी पारंपरिक शरीफ लड़के वाली छवि से बिल्कुल अलग हटकर किए गए इस नकारात्मक अभिनय से उन्होंने यह साबित कर दिया कि वे किसी भी जटिल और नकारात्मक रोल में भी अपनी कला से जान फूंक सकते हैं। अ डेथ इन द गंज कोंकणा सेन शर्मा के बेहतरीन निर्देशन में बनी इस फिल्म में विक्रांत मैसी ने एक अत्यंत भावुक, संकोची और सीधे-साधे युवक शुटू का किरदार निभाया है। पारिवारिक अपेक्षाओं के भारी दबाव, अकेलेपन और मानसिक तनाव से जूझते हुए एक मासूम लड़के की इस दर्दनाक दास्तान को विक्रांत ने अमर बना दिया। उनके चेहरे की गहरी खामोशी, आंखों में छुपा बेपनाह दर्द और भीतर की टूट-फूट को उन्होंने इतनी सूक्ष्मता से प्रदर्शित किया कि हर कोई उनकी अदाकारी का दीवाना हो गया। यह उनके करियर के सबसे संवेदनशील और यादगार प्रदर्शनों में से एक माना जाता है। 12वीं फेल इस बेहद लोकप्रिय और प्रेरणादायक फिल्म में विक्रांत मैसी ने IPS मनोज कुमार शर्मा का मुख्य किरदार निभाकर पूरी दुनिया में अपने अभिनय का लोहा मनवाया। गरीबी, लाचारी और जीवन के कड़े संघर्षों से जूझते हुए एक दृढ़ संकल्पी युवा के जज्बे को विक्रांत ने जिस सादगी और सच्चाई के साथ जिया, उसने दर्शकों के दिलों को गहराई से छू लिया। उनके इस बेमिसाल और सजीव अभिनय को देश-विदेश के फिल्म समीक्षकों से जबरदस्त सराहना मिली। इस शानदार और ऐतिहासिक परफॉर्मेंस के दम पर विक्रांत मैसी ने बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड भी अपने नाम किया, जो उनके करियर की एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। छपाक इस गंभीर विषय पर आधारित फिल्म में विक्रांत मैसी ने अमोल नाम के एक समर्पित सामाजिक कार्यकर्ता की भूमिका अदा की है। वह तेजाब हमले की शिकार एक पीड़िता की लंबी और थका देने वाली कानूनी लड़ाई में उसके साथ पूरी मजबूती से खड़ा रहता है। इस किरदार में विक्रांत ने समाज के प्रति आक्रोश और पीड़ितों के लिए गहरी संवेदना का एक बहुत ही सुंदर और संतुलित रूप दिखाया है। उनका अभिनय इस फिल्म में बहुत ही सहज, शांत और सहायक है, जो मुख्य कहानी को मजबूती देने के साथ-साथ दर्शकों के संवेदनशील मन को गहराई से प्रभावित करता है। हसीन दिलरुबा यह सस्पेंस और थ्रिलर से भरपूर एक अनूठी फिल्म है, जिसमें विक्रांत मैसी ने एक बेहद सीधे-साधे और घरेलू इंजीनियर रिशु का किरदार निभाया है। कहानी में वह अपनी पत्नी के प्रति प्यार, संदेह और पागलपन के एक अजीब जाल में उलझ जाता है। एक डरे हुए और सहमे हुए पति से लेकर जुनून की सारी हदें पार कर जाने वाले एक खतरनाक प्रेमी के रूप में उनका यह मानसिक और व्यवहारिक बदलाव दर्शकों को फिल्म के अंत तक बांधे रखता है। इस उलझी हुई प्रेम कहानी में उन्होंने अपने बेजोड़ अभिनय से दर्शकों के बीच एक खास छाप छोड़ी। द साबरमती रिपोर्ट इस गंभीर और महत्वपूर्ण फिल्म में विक्रांत मैसी ने समर कुमार नाम के एक निडर और जांबाज पत्रकार की भूमिका निभाई है। वह देश के एक बहुत बड़े हादसे के पीछे छिपी कड़वी सच्चाई को दुनिया के सामने लाने के लिए दृढ़ संकल्पित है। पूरी व्यवस्था के दबाव और फैले हुए भ्रष्टाचार के खिलाफ खड़े एक सच्चे पत्रकार की हिम्मत, उसके अंतर्द्वंद्व और पेशेवर ईमानदारी को विक्रांत ने बहुत ही शानदार ढंग से पर्दे पर उतारा है। उनका यह गंभीर और संजीदा अभिनय दर्शकों को बहुत पसंद आया। लव हॉस्टल इस बेहद हिंसक और रोमांचक फिल्म में विक्रांत मैसी ने अहमद नाम के एक युवक की भूमिका निभाई है, जो अपनी प्रेमिका के साथ अपनी जान बचाने के लिए लगातार भाग रहा है। एक खतरनाक पेशेवर हत्यारे से अपनी जान बचाने की इस खौफनाक दौड़ में विक्रांत ने डर, लाचारी और सच्चे प्यार के मिले-जुले जज्बातों को स्क्रीन पर पूरी तरह जीवंत कर दिया है। लगातार हिंसा और खौफ के साए में जीने को मजबूर एक आम इंसान की पीड़ा और तड़प को उन्होंने जिस गहराई से महसूस कराया, उसने समीक्षकों को बहुत प्रभावित किया। इसका आप पर असर • दर्शकों के लिए: विक्रांत मैसी की इन बेहतरीन फिल्मों की सूची से दर्शकों को उम्दा और प्रभावशाली सिनेमा देखने का मौका मिलेगा, जिससे वे एक ही अभिनेता के विभिन्न रंग देख सकेंगे। • मनोरंजन के स्तर पर: 'मुसाफिर कैफे' के साथ-साथ इन सस्पेंस, थ्रिलर और पारिवारिक ड्रामा फिल्मों के जरिए दर्शक वीकेंड पर बेहतरीन मनोरंजन का आनंद ले सकते हैं। सवाल-जवाब 1. 'मुसाफिर कैफे' फिल्म किस प्लेटफॉर्म पर रिलीज हुई है? यह फिल्म 24 जुलाई से नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम हो रही है। 2. 'मुसाफिर कैफे' में विक्रांत मैसी के साथ मुख्य भूमिकाओं में कौन हैं? इस फिल्म में विक्रांत मैसी के साथ वेदिका पिंटो और महिमा मकवाना प्रमुख भूमिकाओं में हैं। 3. विक्रांत मैसी ने किस फिल्म के लिए बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड जीता था? विक्रांत मैसी ने फिल्म '12वीं फेल' में आईपीएस मनोज कुमार शर्मा का बेहतरीन किरदार निभाने के लिए बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड जीता था। 4. फिल्म 'अ डेथ इन द गंज' का निर्देशन किसने किया था? इस फिल्म का निर्देशन प्रसिद्ध अभिनेत्री और फिल्म निर्देशक कोंकणा सेन शर्मा ने किया था। 5. 'सेक्टर 36' में विक्रांत मैसी ने कैसा किरदार निभाया है? इस फिल्म में विक्रांत मैसी ने अपनी सामान्य छवि से बिल्कुल अलग जाकर प्रेम सिंह नाम के एक खतरनाक और सनकी सीरियल किलर की डार्क भूमिका निभाई है। प्रेरणा और सबक • मेहनत और सब्र का फल: विक्रांत मैसी का करियर दिखाता है कि बिना किसी बड़े गॉडफादर के भी अपनी कला और लगन के बल पर नेशनल अवॉर्ड जैसे प्रतिष्ठित सम्मान हासिल किए जा सकते हैं। • विविधता अपनाना: उन्होंने हमेशा खुद को एक ही दायरे में सीमित नहीं रखा; शरीफ लड़के से लेकर सनकी कातिल तक के किरदारों को निभाकर उन्होंने हर बार खुद को साबित किया। • सादगी में ही ताकत है: '12वीं फेल' में उनके द्वारा निभाया गया मनोज शर्मा का सादा और सच्चा किरदार दिखाता है कि दिखावे से ज्यादा प्रामाणिक अभिनय दर्शकों के दिलों को छूता है। https://trendkia.com/bollywood/musafir-cafe-ke-bada-jarura-dekhen-vikrant-massey-ki-7-behatarina-philmen-jinhonne-unhen-banaya-eka-damadara-abhineta-10495 TrendKia — Har trend, sabse pehle.