# भारत मंडपम का होगा कायाकल्प, नया मास्टरप्लान तैयार कर रहा है ITPO

> दिल्ली के प्रतिष्ठित भारत मंडपम परिसर को और अधिक भव्य बनाने की तैयारी चल रही है। इंडिया ट्रेड प्रमोशन ऑर्गनाइजेशन यानी ITPO ने इसके विस्तार और भविष्य की जरूरतों के लिए एक व्यापक अध्ययन शुरू किया है।

**Type:** article · **Category:** व्यापार · **Published:** 2026-08-22 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/business/bharat-mandapam-ka-hoga-kayakalpa-naya-mastaraplana-taiyara-kara-raha-hai-itpo-20077 · **Language:** Hindi
**Tags:** भारत मंडपम, ITPO, दिल्ली, एक्सिबिशन सेंटर, मास्टरप्लान

देश की राजधानी दिल्ली में स्थित भारत मंडपम को लेकर एक बड़े और दूरगामी बदलाव की रूपरेखा तैयार की जा रही है। भारत के प्रमुख और सबसे बड़े एग्जिबिशन तथा कन्वेंशन सेंटरों में गिने जाने वाले इस आधुनिक परिसर को भविष्य की वैश्विक जरूरतों के अनुकूल और अधिक उपयोगी बनाने के लिए योजना पर काम शुरू हो चुका है। इंडिया ट्रेड प्रमोशन ऑर्गनाइजेशन यानी ITPO ने इस पूरे परिसर के सुनियोजित विकास के लिए एक विस्तृत और गहन स्टडी कराने का बड़ा फैसला किया है। इस आकलन का मुख्य उद्देश्य यह पता लगाना है कि वर्तमान में उपलब्ध भूमि और विकास की असीमित संभावनाओं का अधिक से अधिक और बेहतर उपयोग किस प्रकार किया जा सकता है। इस स्टडी के माध्यम से यह गहराई से परखा जाएगा कि साइट पर अनुमत Floor Area Ratio यानी FAR का अधिकतम कितना हिस्सा उपयोग में लाया जा चुका है और भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए यहां किस प्रकार का अतिरिक्त इंफ्रास्ट्रक्चर खड़ा किया जा सकता है। इन तमाम बदलावों के बाद, आज जिस स्वरूप में भारत मंडपम नजर आता है, उसकी तस्वीर आने वाले कुछ ही सालों में पूरी तरह से बदली हुई दिखाई देगी।

## एक इंटीग्रेटेड साइट प्लान और स्पेशल डेवलपमेंट फ्रेमवर्क

ITPO द्वारा प्रस्तावित इस व्यापक अध्ययन का दायरा केवल कुछ और नए एग्जिबिशन हॉल खड़े करने तक ही सीमित नहीं रखा गया है। बल्कि संगठन की स्पष्ट योजना मौजूदा समय के साथ-साथ भविष्य में उभरने वाली बाजार की तमाम जरूरतों का सटीक आकलन करने की भी है। इसमें बड़े स्तर के मेलों, सम्मेलनों और प्रदर्शनियों के साथ-साथ हॉस्पिटैलिटी सेक्टर, आधुनिक दफ्तरों, कमर्शियल सुविधाओं और अन्य सभी पूरक गतिविधियों को भी समान रूप से शामिल किया जाएगा। इस विशेष स्टडी के निष्कर्षों के आधार पर ही यह तय करने की दिशा में कदम उठाए जाएंगे कि परिसर के भीतर किस तरह की सुविधाओं का कितना और किस पैमान पर विस्तार किया जाना चाहिए। इस पूरी कवायद का मूल मकसद भारत मंडपम को आने वाले कल की अनिश्चित और तेज बदलती जरूरतों के हिसाब से पूरी तरह तैयार करना है, ताकि वैश्विक MICE यानी Meetings, Incentives, Conferences and Exhibitions इंडस्ट्री के ग्लोबल मानचित्र पर भारत की स्थिति और अधिक मजबूत हो सके।

## कनेक्टिविटी और आवाजाही की होगी गहन समीक्षा

ITPO की इस महत्वाकांक्षी स्टडी में पूरे परिसर के रोजमर्रा के कामकाज को एक नए दृष्टिकोण से देखने की मुकम्मल तैयारी की जा रही है। इसके तहत एक नियुक्त कंसल्टेंट संपूर्ण साइट के लिए एक इंटीग्रेटेड साइट प्लानिंग और एक स्पेशल डेवलपमेंट फ्रेमवर्क तैयार करेगा। इस फ्रेमवर्क में न केवल नए भवनों बल्कि अपग्रेड किए जाने वाले सभी इंफ्रास्ट्रक्चर का एक सटीक और प्रस्तावित लेआउट भी शामिल होगा। इसके अलावा, परिसर की मौजूदा कनेक्टिविटी, साइट के भीतर आंतरिक आवाजाही और कुल एक्सेसिबिलिटी की भी बहुत बारीकी से समीक्षा की जाएगी। इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य यह समझना है कि भविष्य में जब यहां आयोजनों और गतिविधियों का दायरा और अधिक बढ़ेगा, तब आने वाले विजिटर्स, एग्जिबिटर्स, डेलीगेट्स और विभिन्न सर्विस वाहनों की आवाजाही को किस प्रकार पूरी तरह सुगम और व्यवस्थित रखा जा सके।

## मांग का आकलन और ऑप्टिमल लैंड-यूज

आने वाले समय की मांग और उसकी पूर्ति का सटीक आकलन भी इस अध्ययन का एक बेहद अहम हिस्सा रहने वाला है। ITPO यह भली-भांति देखना चाहता है कि आने वाले दिनों में जब बड़े स्तर की राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रदर्शनियां यहां आयोजित होंगी, तब किस प्रकार की अत्याधुनिक सुविधाओं की आवश्यकता पड़ सकती है। इसके साथ ही, हॉस्पिटैलिटी सेक्टर, ऑफिस स्पेस और कमर्शियल संपत्तियों की संभावित मांग का भी गहराई से अध्ययन किया जाएगा। इसी पूरी आकलन प्रक्रिया के आधार पर कंसल्टेंट द्वारा साइट के लिए एक ऑप्टिमल लैंड-यूज और फैसिलिटी मिक्स की महत्वपूर्ण सिफारिशें सौंपी जाएंगी। प्रस्तावित अध्ययन के दौरान साइट के permissible FAR का भी पूरा मूल्यांकन किया जाएगा, जिससे यह साफ हो सके कि नियमों के दायरे में रहते हुए कुल कितनी निर्माण क्षमता का प्रभावी और सुरक्षित दोहन किया जा सकता है।

## सिर्फ कागजी योजना नहीं, जमीन पर अमल तक रहेगा साथ

यह पूरा असाइनमेंट केवल कागजों पर एक योजना तैयार करने तक ही सीमित नहीं रहने वाला है। प्रस्तावित स्टडी को इस तरह से डिजाइन किया जाएगा कि आगे चलकर जब वास्तविक पुनर्विकास का काम धरातल पर उतरेगा, तब भी इसकी निरंतरता पूरी तरह से बनी रहे। जब ITPO की ओर से जमीनी स्तर पर पुनर्विकास का काम शुरू किया जाएगा, उस चरण में भी कंसल्टेंट से यह पूरी अपेक्षा रहेगी कि वह आर्किटेक्चर और इंजीनियरिंग कंसल्टेंसी के साथ मिलकर काम करे। साथ ही, स्टडी के दौरान की गई सभी सिफारिशों को अंतिम विकास योजना में तब्दील करने में पूरी मदद करे। काम को लागू करने के दौरान भी इस सलाहकार को जरूरी मार्गदर्शन और तकनीकी जानकारियां मुहैया करानी होंगी, ताकि मंजूर की गई पुनर्विकास योजना और जगह के इस्तेमाल की रूपरेखा में किसी भी प्रकार का बिना सोचे-समझे या अनधिकृत बदलाव न किया जा सके।

## हॉस्पिटैलिटी और कमर्शियल स्पेस का होगा बड़ा विस्तार

लंबे समय की रणनीति के तहत एग्जिबिशन और कन्वेंशन इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के साथ-साथ हॉस्पिटैलिटी, कमर्शियल और ऑफिस जैसी सपोर्टिंग सुविधाओं को जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा। इसके साथ ही, साइट के permissible FAR का बहुत ही बेहतर और संतुलित इस्तेमाल करना ही मुख्य लक्ष्य रहेगा। यदि इस स्टडी की सभी सिफारिशों को पूरी तरह से लागू कर दिया जाता है, तो भारत मंडपम का कुल फुटप्रिंट और इसका दैनिक कामकाज दोनों ही पूरी तरह से रूपांतरित हो सकते हैं। इस बड़े बदलाव के बाद देश में बड़े पैमाने पर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय आयोजनों को होस्ट करने की क्षमता में जबरदस्त इजाफा होने की पूरी संभावना है।

## इसका आप पर असर
**भारत में:** भारत मंडपम के विस्तार से देश में बड़े अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों और व्यापार मेलों के आयोजन की क्षमता बढ़ेगी, जिससे वैश्विक मंच पर देश की स्थिति मजबूत होगी।

**दिल्ली में:** स्थानीय स्तर पर इस पुनर्विकास और कमर्शियल स्पेस बढ़ने से व्यापारिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

## सवाल-जवाब

### 1. भारत मंडपम के विस्तार के लिए कौन सी एजेंसी काम कर रही है?
इंडिया ट्रेड प्रमोशन ऑर्गनाइजेशन यानी ITPO भारत मंडपम के विस्तार के लिए विस्तृत स्टडी और मास्टरप्लान तैयार कर रहा है।

### 2. इस स्टडी का मुख्य उद्देश्य क्या है?
इस स्टडी का मुख्य उद्देश्य उपलब्ध भूमि, विकास की संभावनाओं और FAR का बेहतर उपयोग करके भविष्य की जरूरतों के अनुसार परिसर को तैयार करना है।

### 3. स्टडी में किन-किन सुविधाओं को शामिल किया जाएगा?
इसमें एग्जिबिशन हॉल के साथ-साथ हॉस्पिटैलिटी, ऑफिस, कमर्शियल सुविधाएं और अन्य अनुकूल गतिविधियों को शामिल किया जाएगा।

### 4. क्या यह स्टडी केवल योजना बनाने तक सीमित है?
नहीं, कंसल्टेंट वास्तविक पुनर्विकास के दौरान भी मार्गदर्शन करेगा ताकि योजना और जगह के इस्तेमाल में कोई अनधिकृत बदलाव न हो सके।

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