धनतेरस पर भारतीयों ने खरीदा ₹60,000 करोड़ का सोना, रिकॉर्ड बिक्री के बीच हल्की ज्वैलरी की बढ़ी मांग इस साल धनतेरस पर सोने-चांदी की बिक्री में बंपर उछाल देखा गया, जहां भारतीयों ने लगभग ₹60,000 करोड़ का सोना खरीदा। हालांकि ऊंची कीमतों के कारण बिक्री की कुल मात्रा पिछले साल के बराबर ही दर्ज की गई। देशभर में धनतेरस का शुभ त्योहार बड़े ही उत्साह और धूमधाम से मनाया गया, जहां सर्राफा बाजारों में खरीदारों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस पावन अवसर पर भारतीय उपभोक्ताओं ने दिल खोलकर खरीदारी की, जिसके चलते सोने की कुल बिक्री मूल्य के मामले में सालाना आधार पर 15-20% की शानदार बढ़त दर्ज की गई। अनुमान के मुताबिक इस धनतेरस पर लगभग ₹60,000 करोड़ (₹6,00,00,00,00,000) के सोने की बिक्री हुई है। हालांकि, बाजार में सोने की लगातार ऊंची बनी हुई दरों की वजह से बिकने वाले सोने का कुल वजन या मात्रा पिछले वर्ष के लगभग समान ही रही। देशभर के सर्राफा बाजारों में दिखी बंपर खरीदारी त्योहारी सीजन के दौरान आभूषण और कीमती धातुओं के कारोबार में जबरदस्त तेजी आई। ऑल इंडिया ज्वैलर्स एंड गोल्डस्मिथ फेडरेशन के आंकड़ों के अनुसार, बीते कुछ दिनों में देशभर के भीतर सोने और चांदी का कुल कारोबार ₹66,000 करोड़ के आंकड़े को पार कर गया। इसमें देश की राजधानी दिल्ली का योगदान बेहद अहम रहा, जहां के प्रतिष्ठित सर्राफा बाजारों में अकेले ₹10,000 करोड़ से अधिक का लेनदेन दर्ज किया गया। उत्तर और पश्चिम भारत के राज्यों में शोरूम पर ग्राहकों की आवाजाही और एडवांस बुकिंग का आंकड़ा पिछले साल की तुलना में काफी मजबूत देखने को मिला। वहीं, ऑल इंडिया जेम एंड ज्वैलरी डोमेस्टिक काउंसिल (GJC) के अनुमान भी सोने की इस भारी मांग की पुष्टि करते हैं। काउंसिल के अनुसार धनतेरस के दिन भारतीयों ने करीब ₹60,000 करोड़ मूल्य का सोना खरीदा। इसके अलावा चांदी के बाजार में भी जबरदस्त उछाल दर्ज किया गया, जहां चांदी की बिक्री में मूल्य के लिहाज से 30% और मात्रा यानी वजन के लिहाज से 10% की बढ़त दर्ज होने की उम्मीद जताई गई है। सोने और चांदी की मौजूदा दरें और हालिया उतार-चढ़ाव कीमतों के मोर्चे पर इस साल धनतेरस के दौरान धातुओं के भाव पिछले साल से ऊंचे स्तर पर रहे। दिल्ली में 6 नवंबर को 24 कैरेट सोने की दर ₹1.46 लाख प्रति 10 ग्राम (कर सहित) दर्ज की गई। हालांकि यह कीमत 29 जनवरी को बने ₹1.83 लाख के सर्वकालिक उच्च स्तर से कम है, लेकिन पिछले वर्ष धनतेरस पर दर्ज ₹1.32 लाख प्रति 10 ग्राम के भाव से अधिक है। वहीं, अगले दिन 7 नवंबर को दिल्ली में 24 कैरेट सोने का भाव गिरकर ₹1.43 लाख प्रति 10 ग्राम पर आ गया। चांदी के दामों में भी ऐसा ही रुख देखा गया। इस साल धनतेरस पर चांदी का भाव ₹1.92 लाख प्रति किलोग्राम रहा, जो कि बीते जनवरी महीने के ₹4.04 लाख के उच्चतम स्तर से काफी नीचे है। हालांकि, यह पिछले साल धनतेरस के समय दर्ज ₹1.70 लाख प्रति किलोग्राम की दर से अधिक है। इसके बाद 7 नवंबर को दिल्ली के बाजार में चांदी का भाव बढ़कर ₹2.05 लाख प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गया। 18-कैरेट आभूषणों और छोटे सिक्कों की ओर बढ़ा रुझान कीमतों के दबाव को देखते हुए इस धनतेरस पर खरीदारों की पसंद में बदलाव देखने को मिला। उपभोक्ताओं ने भारी-भरकम पारंपरिक गहनों के बजाय हल्के वजन वाले पेंडेंट, चूड़ी और चेन की खरीदारी को प्राथमिकता दी। इसके साथ ही 1 से 5 ग्राम वजन वाले सोने के सिक्कों और चांदी के सिक्कों की भी जबरदस्त मांग रही। आभूषण बाजार में इस बार 18-कैरेट ज्वैलरी की बिक्री काफी मजबूत रही। एक प्रमुख ज्वैलरी कंपनी के मुताबिक उनकी कुल बिक्री में अकेले 18-कैरेट के गहनों की हिस्सेदारी लगभग आधी रही। इसके अलावा बजट अनुकूल होने के कारण ग्राहकों ने 14-कैरेट और 9-कैरेट के डिजाइनों में भी काफी दिलचस्पी दिखाई, जिससे इस त्योहारी सीजन में कम कैरेट वाले गहनों की हिस्सेदारी में बड़ा इजाफा दर्ज हुआ। इसका आप पर असर धनतेरस पर हुई ₹60,000 करोड़ की रिकॉर्ड सोने की बिक्री भारतीय अर्थव्यवस्था में मजबूत उपभोक्ता मांग और त्योहारी उत्साह को दर्शाती है। • भारत भर में: ऊंची कीमतों के बावजूद उपभोक्ताओं ने त्योहारी परंपराओं को बनाए रखने के लिए 18-कैरेट ज्वैलरी और 1 से 5 ग्राम के छोटे सिक्कों की ओर रुख किया है। इससे संकेत मिलता है कि आम खरीदार बजट नियंत्रित रखने के लिए हल्के गहनों और कम कैरेट के विकल्पों को प्राथमिकता दे रहे हैं। • दिल्ली में: दिल्ली के सर्राफा बाजार में अकेले ₹10,000 करोड़ से अधिक का लेनदेन हुआ, जो यह साबित करता है कि राजधानी के बाजारों में त्योहारी बिक्री का स्तर बेहद मजबूत बना हुआ है। स्थानीय खरीदार कीमतों में हो रहे रोजाना बदलावों के अनुसार अपनी खरीदारी की समय-सीमा तय कर रहे हैं। ऐसा क्यों हुआ धनतेरस पर सोने और चांदी का कुल कारोबारी मूल्य तेजी से बढ़ा है, जिसके पीछे कीमतों में बढ़ोतरी और त्योहारी मांग का प्रमुख हाथ है। • मूल्य वृद्धि का असर: पिछले साल के मुकाबले सोने की दरें ऊंची रहने के कारण कुल बिक्री मूल्य में 15-20% की बढ़ोतरी देखी गई, हालांकि बिक्री की कुल मात्रा स्थिर रही। • मांग का स्वरूप बदलना: खरीदारों ने भारी आभूषणों के स्थान पर 18-कैरेट, 14-कैरेट और 9-कैरेट जैसे कम महंगे और हल्के गहनों को तरजीह दी, जिससे बिक्री का कुल मूल्य ऊंचा बना रहा। • चांदी में भारी दिलचस्पी: चांदी की कीमतों में गिरावट और बेहतर निवेश विकल्प के रूप में देखा जाना इसकी बिक्री में मूल्य के लिहाज से 30% की वृद्धि की मुख्य वजह बना। सवाल-जवाब 1. इस धनतेरस पर भारतीयों ने कितना सोना खरीदा? इस साल धनतेरस पर भारतीयों ने लगभग ₹60,000 करोड़ (₹6,00,00,00,00,000) का सोना खरीदा। 2. पिछले साल की तुलना में सोने की बिक्री में कितनी बढ़ोतरी दर्ज की गई? सोने की बिक्री में मूल्य के आधार पर सालाना 15-20% की बढ़ोतरी हुई, जबकि बिके गए सोने की कुल मात्रा पिछले साल के बराबर ही रही। 3. धनतेरस के दिन दिल्ली में 24 कैरेट सोने का क्या भाव था? 6 नवंबर को दिल्ली में 24 कैरेट सोने की कीमत ₹1.46 लाख प्रति 10 ग्राम (टैक्स समेत) थी, जो 7 नवंबर को ₹1.43 लाख प्रति 10 ग्राम हो गई। 4. उपभोक्ताओं ने इस बार किस तरह के गहनों की खरीदारी सबसे ज्यादा की? उपभोक्ताओं ने हल्के वजन वाले पेंडेंट, चूड़ी, चेन, 1 से 5 ग्राम के सोने के सिक्के और 18-कैरेट के गहनों की सबसे ज्यादा खरीदारी की। https://trendkia.com/business/dhanteras-para-bharatiyon-ne-kharida-60-000-karora-ka-sona-rikorda-bikri-ke-bicha-halki-jvailari-ki-barhi-manga-57542 TrendKia — Har trend, sabse pehle.