गौतम अदाणी को पछाड़कर झांग यिमिंग बने एशिया के सबसे अमीर शख्स बाइटडांस के को-फाउंडर झांग यिमिंग 105 अरब डॉलर से अधिक की संपत्ति के साथ एशिया के सबसे धनी व्यक्ति बन गए हैं। सितंबर में उनकी संपत्ति में 12 अरब डॉलर से ज्यादा की भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई। वैश्विक संपदा की दौड़ में एक नया और बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। शॉर्ट-वीडियो प्लेटफॉर्म टिकटॉक को खड़ा करने वाली टेक कंपनी बाइटडांस के को-फाउंडर झांग यिमिंग अब एशिया के सबसे रईस व्यक्ति बन गए हैं। भारतीय अरबपति उद्योगपति गौतम अदाणी को पीछे छोड़कर यिमिंग ने यह शीर्ष स्थान अपने नाम किया है। 43 वर्षीय झांग यिमिंग की कुल नेटवर्थ बढ़कर अब 105 अरब डॉलर के पार निकल चुकी है, जिसमें हाल के दिनों में अभूतपूर्व तेजी देखी गई है। सितंबर महीने में संपत्ति में रिकॉर्ड इजाफा झांग यिमिंग की निजी संपत्ति में हालिया उछाल काफी तीव्र रहा है। सिर्फ सितंबर के महीने में ही उनकी दौलत 12 अरब डॉलर यानी करीब 1.15 लाख करोड़ रुपये से अधिक बढ़ गई। पिछले कुछ वर्षों के वित्तीय सफर पर नजर डालें तो मार्च 2019 में उनकी कुल संपत्ति केवल 13 अरब डॉलर आंकी गई थी। वहां से लेकर अब तक उनकी संपत्ति में कई गुना की जोरदार बढ़ोतरी दर्ज हुई है, जिसने उन्हें दौलतमंदों की वैश्विक सूची में बेहद मजबूत स्थिति में ला खड़ा किया है। भारतीय कंपनियों पर दबाव और बाइटडांस का उभार रईसों की रैंकिंग में इस बदलाव के पीछे कई बाजार कारक जिम्मेदार रहे हैं। घरेलू शेयर बाजार में जारी उठापटक और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल के बढ़ते दामों ने भारतीय कॉरपोरेट घरानों और कंपनियों के वैल्यूएशन पर दबाव डाला है। जून के महीने में अदाणी की संपत्ति लगभग 120 अरब डॉलर के स्तर पर थी, लेकिन बाद के हफ्तों में उसमें कुछ कमी दर्ज की गई। दूसरी ओर, बाइटडांस ने अमेरिका और यूरोप में तमाम कड़े नियामक प्रतिबंधों और विवादों के बीच भी अपने वित्तीय प्रदर्शन को मजबूत बनाए रखा है। कंपनी के वैश्विक रेवेन्यू और शुद्ध मुनाफे में तगड़ा इजाफा हुआ है। इसके साथ ही ब्लैकरॉक और फिडेलिटी जैसी दिग्गज वैश्विक निवेश फर्मों द्वारा बाइटडांस के वैल्यूएशन में की गई बढ़ोतरी ने यिमिंग की व्यक्तिगत संपत्ति को सीधे तौर पर इस मुकाम तक पहुंचाया। कौन हैं झांग यिमिंग और टेक वेल्थ का प्रभाव झांग यिमिंग चीन की प्रमुख टेक्नोलॉजी कंपनी बाइटडांस के सह-संस्थापक हैं। इसी कंपनी ने वैश्विक स्तर पर लोकप्रिय शॉर्ट-वीडियो ऐप टिकटॉक को विकसित किया, जो भारत में पहले ही प्रतिबंधित किया जा चुका है। यिमिंग ने साल 2021 में बाइटडांस के सीईओ पद की जिम्मेदारियों से इस्तीफा दे दिया था। इसके बावजूद कंपनी में मौजूद उनकी भारी शेयरधारिता के चलते उन्हें इस वैल्यूएशन वृद्धि का सीधा लाभ मिला है। यह घटनाक्रम यह भी स्पष्ट करता है कि पारंपरिक इंफ्रास्ट्रक्चर और ऊर्जा कारोबार के मुकाबले डिजिटल मीडिया और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई से जुड़े टेक दिग्गजों की दौलत कितनी तेजी से बढ़ रही है। झांग यिमिंग का यह नया मुकाम दिखाता है कि आधुनिक तकनीक और डिजिटल प्लेटफॉर्म वैश्विक स्तर पर संपत्ति निर्माण के पारंपरिक समीकरणों को पूरी तरह बदल रहे हैं। इसका आप पर असर एशिया के सबसे धनी व्यक्तियों की इस नई रैंकिंग से वैश्विक टेक सेक्टर और कॉरपोरेट वैल्यूएशन के नए रुझान साफ होते हैं। • टेक और डिजिटल सेक्टर: डिजिटल मीडिया और एआई से जुड़ी कंपनियों का वैल्यूएशन पारंपरिक बुनियादी ढांचा कंपनियों की तुलना में बहुत तेज गति से बढ़ रहा है। टेक क्षेत्र में करियर और स्टार्टअप बनाने की योजना बना रहे लोगों के लिए यह बढ़ता हुआ वैश्विक निवेश का एक बड़ा संकेत है। • निवेशकों के लिए सबक: वैश्विक स्तर पर ब्लैकरॉक और फिडेलिटी जैसी दिग्गज फर्मों का रुख साफ करता है कि रेग्युलेटरी चुनौतियों के बाद भी मजबूत कैश फ्लो वाली टेक कंपनियां प्रीमियम वैल्यूएशन पा रही हैं। खुदरा और संस्थागत निवेशक इसे अपने पोर्टफोलियो डाइवर्सिफिकेशन के संदर्भ में देख सकते हैं। • कच्चे तेल और बाजार की चाल: कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और घरेलू बाजार के उतार-चढ़ाव से इंफ्रास्ट्रक्चर और ऊर्जा क्षेत्र की कंपनियों के शेयर दबाव में आते हैं। भारतीय निवेशकों को अपने इक्विटी निवेश की समीक्षा करते समय इन मैक्रो कारकों पर नजर रखनी चाहिए। • वैश्विक व्यापार नीतियां: पश्चिमी देशों में जांच और पाबंदियों के बावजूद बाइटडांस की आमदनी में हुई वृद्धि यह दिखाती है कि वैश्विक स्तर पर उपभोक्ता मांग कितनी मजबूत है। वैश्विक बाजारों पर नजर रखने वाले कारोबारी इसे अंतरराष्ट्रीय विस्तार की रणनीति के तौर पर समझ सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ झांग यिमिंग का शीर्ष पर पहुंचना बाइटडांस के बढ़ते वैल्यूएशन और भारतीय शेयर बाजार की परिस्थितियों का संयुक्त परिणाम है। • बाइटडांस के वैल्यूएशन में भारी वृद्धि: ब्लैकरॉक और फिडेलिटी जैसी प्रमुख अंतरराष्ट्रीय निवेश कंपनियों ने बाइटडांस के वैल्यूएशन को बढ़ा दिया है। इसके चलते कंपनी के वित्तीय विस्तार और मुनाफे के बल पर यिमिंग की संपत्ति में सिर्फ सितंबर में 12 अरब डॉलर से ज्यादा का इजाफा हुआ। • भारतीय कंपनियों के वैल्यूएशन पर दबाव: घरेलू शेयर बाजार में जारी उतार-चढ़ाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने भारतीय कॉरपोरेट समूहों के वैल्यूएशन को प्रभावित किया। जून में अदाणी की संपत्ति 120 अरब डॉलर थी, जिसमें बाद में गिरावट आने से रैंकिंग में यह अंतर पैदा हुआ। • कड़े प्रतिबंधों के बावजूद मजबूत रेवेन्यू: अमेरिका और यूरोप में राजनीतिक और नियामक चुनौतियों के बावजूद बाइटडांस के वैश्विक रेवेन्यू और शुद्ध लाभ में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई। इस कारोबारी मजबूती ने कंपनी के कुल मूल्यांकन को नई ऊंचाई पर बनाए रखा। सवाल-जवाब 1. झांग यिमिंग की कुल संपत्ति कितनी पहुंच गई है? झांग यिमिंग की कुल संपत्ति अब 105 अरब डॉलर से अधिक हो चुकी है। 2. सितंबर महीने में झांग यिमिंग की दौलत में कितनी बढ़ोतरी हुई? सितंबर महीने में उनकी संपत्ति में 12 अरब डॉलर यानी लगभग 1.15 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा का इजाफा हुआ। 3. झांग यिमिंग ने किसे पछाड़कर एशिया के सबसे अमीर व्यक्ति का स्थान हासिल किया? झांग यिमिंग ने भारत के उद्योगपति गौतम अदाणी को पीछे छोड़कर यह मुकाम हासिल किया। 4. मार्च 2019 में झांग यिमिंग की कुल संपत्ति कितनी थी? मार्च 2019 में झांग यिमिंग की कुल संपत्ति 13 अरब डॉलर थी। 5. क्या झांग यिमिंग अभी भी बाइटडांस के सीईओ हैं? नहीं, झांग यिमिंग ने साल 2021 में बाइटडांस के सीईओ पद से इस्तीफा दे दिया था, लेकिन कंपनी में उनकी बड़ी हिस्सेदारी बनी हुई है। https://trendkia.com/business/gautam-adani-ko-pachharakara-zhang-yiming-bane-eshiya-ke-sabase-amira-shakhsa-36534 TrendKia — Har trend, sabse pehle.