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  "type": "article",
  "title": "इन्फोसिस में बड़े बदलाव की तैयारी: सलिल पारेख की जगह अशीष कुमार दाश होंगे नए CEO",
  "summary": "भारत की दूसरी सबसे बड़ी IT दिग्गज कंपनी इन्फोसिस ने अपने अगले CEO के तौर पर अशीष कुमार दाश के नाम की घोषणा की है। वह 1 अप्रैल 2027 से मौजूदा CEO सलिल पारेख की जगह लेंगे, जिन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान कंपनी का राजस्व 20 अरब डॉलर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई है।",
  "content": "भारत के दिग्गज IT सेक्टर से नेतृत्व परिवर्तन की एक बड़ी खबर सामने आई है। देश की दूसरी सबसे बड़ी IT सेवा कंपनी इन्फोसिस ने अपने अगले CEO के नाम का आधिकारिक ऐलान कर दिया है। कंपनी ने अशीष कुमार दाश को अपना नया मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) नियुक्त किया है, जो वर्तमान CEO सलिल पारेख की जगह लेंगे। यह बहुप्रतीक्षित बदलाव 1 अप्रैल, 2027 से प्रभावी होगा, जो कि नए वित्त वर्ष 2027-28 की शुरुआत का भी दिन है। इसके साथ ही, कंपनी ने यह स्पष्ट कर दिया है कि चालू वित्त वर्ष (FY27) सलिल पारेख के कार्यकाल का आखिरी साल होगा, जिसके बाद कंपनी की कमान पूरी तरह से नए नेतृत्व के हाथों में सौंप दी जाएगी।\n\nनेतृत्व परिवर्तन के लिए एक रणनीतिक और लंबी टाइमलाइन\nइतने लंबे समय पहले नए CEO की घोषणा करना बोर्ड की उस मजबूत प्रतिबद्धता को दर्शाता है, जिसके तहत कंपनी के शीर्ष स्तर पर स्थिरता बनाए रखने और सुचारू बदलाव सुनिश्चित करने का प्रयास किया गया है। इन्फोसिस के निदेशक मंडल के अध्यक्ष नंदन नीलेकणि ने इस नियुक्ति प्रक्रिया और अंतिम चयन पर अपनी गहरी संतुष्टि व्यक्त की है। इस फैसले के रणनीतिक महत्व को स्पष्ट करते हुए नीलेकणि ने कहा, \"बोर्ड इस बात को लेकर स्पष्ट था कि हमारे अगले CEO में साहसिक बदलाव लाने की क्षमता के साथ-साथ उन मूल्यों और ग्राहकों के भरोसे को बनाए रखने का विवेक होना चाहिए, जिन्होंने हमेशा इन्फोसिस को विशिष्ट पहचान दी है।\" उनका यह बयान इस बात पर जोर देता है कि वैश्विक प्रौद्योगिकी उद्योग इस समय भारी बदलाव के दौर से गुजर रहा है, इसलिए कंपनी को एक ऐसे लीडर की आवश्यकता थी जो आक्रामक रणनीतियों और कंपनी के मूल सांस्कृतिक मूल्यों के बीच बेहतरीन संतुलन बना सके।\n\nसलिल पारेख का शानदार कार्यकाल और वित्तीय उपलब्धियां\nसलिल पारेख जब 2027 में अपना पद छोड़ेंगे, तो वह अपने पीछे शानदार वित्तीय विकास और रणनीतिक सफलता की एक बड़ी विरासत छोड़ेंगे। अपने दो बेहद सफल कार्यकालों के दौरान, उन्होंने इस बड़ी IT कंपनी के भारी व्यावसायिक विस्तार का नेतृत्व किया है। उनके कार्यकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि कंपनी के वार्षिक राजस्व को 10 अरब डॉलर के स्तर से बढ़ाकर 20 अरब डॉलर से अधिक के मील के पत्थर तक पहुंचाना रहा है। इस ऐतिहासिक सफर को याद करते हुए पारेख ने कहा, \"मैंने अपने दो कार्यकालों के दौरान कंपनी का राजस्व 10 अरब डॉलर से 20 अरब डॉलर से अधिक तक ले जाने का आनंद लिया है।\" उन्होंने विस्तार से बताया कि इस सफर के दौरान इन्फोसिस ने खुद को डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के क्षेत्र में एक निर्विवाद वैश्विक लीडर के रूप में स्थापित किया है। इसके अलावा, पारेख ने इस बात पर जोर दिया कि उनके प्रशासन ने AI ट्रांसफॉर्मेशन के लिए एक बेहद खास और भविष्य की जरूरतों के हिसाब से रणनीति लागू की है। साथ ही, उन्होंने एक ऐसी मजबूत लीडरशिप टीम भी तैयार की है जो 'वन इन्फोसिस' के एजेंडे के प्रति पूरी तरह से समर्पित है।\n\nसुचारू बदलाव और भविष्य के लिए गहरा सहयोग\nअप्रैल 2027 तक का यह लंबा समय विशेष रूप से इसलिए रखा गया है ताकि निवर्तमान और नए CEO के बीच बेहतर सहयोग हो सके और कामकाज आसानी से सौंपा जा सके। सलिल पारेख ने अपने उत्तराधिकारी की क्षमताओं पर पूरा भरोसा जताते हुए कहा कि दाश को कंपनी के विविध वैश्विक क्लाइंट्स, इसके जटिल बिजनेस ऑपरेशंस और इसकी विशाल अंतरराष्ट्रीय वर्कफोर्स की बहुत गहरी और बारीक समझ है। पारेख ने इस बात पर जोर दिया कि दाश के पास वह विजन और कार्यकारी क्षमता मौजूद है, जो इन्फोसिस को कॉर्पोरेट ट्रांसफॉर्मेशन के अगले महत्वपूर्ण चरण में सफलतापूर्वक ले जाने के लिए आवश्यक है। कंपनी की निरंतरता बनाए रखने के प्रति अपनी मजबूत प्रतिबद्धता दिखाते हुए, पारेख ने स्पष्ट किया कि वह आने वाले महीनों में दाश के साथ मिलकर करीब से काम करने को लेकर बेहद उत्सुक हैं, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि बदलाव की यह प्रक्रिया पूरी तरह से सुचारू और सफल रहे। इसके जवाब में, अशीष कुमार दाश ने सार्वजनिक रूप से अपना आभार व्यक्त करते हुए सलिल पारेख को उनके मेंटरशिप, मार्गदर्शन और पिछले कुछ वर्षों में विकास के अनगिनत अवसर देने के लिए धन्यवाद दिया।\n\nनए नेतृत्व में AI के युग की ओर बढ़ते कदम\nCEO-पदनाम के रूप में अपनी नियुक्ति के तुरंत बाद, अशीष कुमार दाश ने कंपनी के भविष्य को लेकर अपना रणनीतिक दृष्टिकोण साझा किया, जिसमें उभरती हुई तकनीकों की भूमिका पर सबसे ज्यादा जोर दिया गया। दाश ने कहा, \"बोर्ड ने मुझ पर जो विश्वास जताया है, उससे मैं सम्मानित महसूस कर रहा हूं और इन्फोसिस को इसके अगले अध्याय में ले जाने के अवसर को लेकर बेहद उत्साहित हूं।\" उन्होंने अपना यह दृढ़ विश्वास व्यक्त किया कि वैश्विक प्रौद्योगिकी परिदृश्य वर्तमान में एक बिल्कुल नए युग में प्रवेश कर रहा है। उनके अनुसार, यह एक ऐसा दौर है जहां AI बुनियादी तौर पर इस बात को बदल रहा है कि व्यवसाय दैनिक आधार पर कैसे काम करते हैं और वे किस तरह से वैल्यू क्रिएट करते हैं। दाश का मजबूती से मानना है कि इन्फोसिस एक बेहद मजबूत और स्थापित स्थिति से विकास के इस अगले चरण में कदम रख रही है। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि कंपनी के पास पहले से ही एक स्पष्ट AI रणनीति, असाधारण टैलेंट, ग्राहकों के साथ बेहद गहरे रिश्ते और ऐसे मजबूत मूल्य मौजूद हैं, जिन्होंने विश्व स्तर पर ग्राहकों का अटूट भरोसा जीता है। भविष्य के CEO के रूप में, दाश इनोवेशन में तेजी लाने और तेजी से AI-संचालित हो रही दुनिया में ग्राहकों को सफल बनाने के लिए कंपनी की क्षमताओं का विस्तार करने के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध हैं।\n\nडिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन को आगे बढ़ाने का तीन दशक का सफर\nइन्फोसिस के नए CEO वैश्विक प्रौद्योगिकी क्षेत्र की जटिलताओं और चुनौतियों से बिल्कुल अनजान नहीं हैं। अशीष कुमार दाश को व्यापक रूप से एक बेहद अनुभवी और कुशल डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन लीडर माना जाता है, जिनके पास इस प्रतिस्पर्धी उद्योग का 30 वर्षों से अधिक का गहन अनुभव है। विशेष रूप से इन्फोसिस के संदर्भ में उनका रिकॉर्ड बहुत शानदार और गहरा रहा है। उन्होंने 12 से अधिक वर्षों तक कंपनी के विभिन्न बड़े बिजनेस पोर्टफोलियो के ग्लोबल हेड के रूप में काम किया है। इन महत्वपूर्ण वरिष्ठ नेतृत्व भूमिकाओं में, दाश ने फॉर्च्यून 500 और ग्लोबल 2000 जैसे दुनिया के कुछ सबसे बड़े उद्यमों को उनके डिजिटल भविष्य की जटिलताओं को सफलतापूर्वक सुलझाने में महत्वपूर्ण मदद की है। उनका पेशेवर फोकस लगातार व्यापक ट्रांसफॉर्मेशन रणनीतियों को तैयार करने और उभरती हुई, विघटनकारी तकनीकों को रणनीतिक रूप से अपनाकर विभिन्न उद्योगों की भविष्य की कार्यप्रणाली को नया आकार देने पर रहा है।\n\nऑपरेशनल एक्सीलेंस और भविष्य के लिए तकनीकी इनोवेशन\nइस नियुक्ति के संबंध में इन्फोसिस द्वारा BSE में जमा की गई आधिकारिक रेगुलेटरी फाइलिंग के अनुसार, दाश के पास एक अद्वितीय और बेहद मूल्यवान कार्यकारी कौशल है। फाइलिंग में बताया गया है कि वह अपने उद्योग समूह के लिए सर्विस डिलीवरी, ऑपरेशनल एक्सीलेंस और वित्तीय सफलता जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को एक साथ साधने में अपनी विभिन्न क्षमताओं का सफलतापूर्वक उपयोग करते हैं। उनका नेतृत्व का तरीका केवल रेवेन्यू ग्रोथ को आगे बढ़ाने तक ही सीमित नहीं है; वह अपनी विशाल टीमों के मूल कामकाज के भीतर सीधे तौर पर इनोवेशन को संस्थागत बनाने के जटिल कार्य पर भी सक्रिय रूप से ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। इसके अलावा, दाश को AI-संचालित बिजनेस री-इमेजिनेशन का एक बड़ा समर्थक माना जाता है। वह लगातार अपने डिवीजनों को पारंपरिक प्रक्रियाओं पर पुनर्विचार करने के लिए प्रेरित करते हैं, जबकि साथ ही वह तेजी से स्वचालित होती वैश्विक अर्थव्यवस्था में काम के भविष्य से जुड़े बदलावों के लिए अपने वर्कफोर्स को भी रणनीतिक रूप से तैयार कर रहे हैं।\n\nवैश्विक मंचों पर सक्रिय भागीदारी और सस्टेनेबल डेवलपमेंट\nअपनी दैनिक कॉर्पोरेट जिम्मेदारियों से परे, अशीष कुमार दाश विचारों की विविधता के एक बेहद मजबूत पैरोकार हैं। उनका दृढ़ विश्वास है कि एक विविध और समावेशी दृष्टिकोण स्वाभाविक रूप से एक व्यापक और अधिक प्रभावी नेतृत्व विजन की ओर ले जाता है। वैश्विक नेतृत्व के प्रति उनकी यह प्रतिबद्धता केवल IT उद्योग की सीमाओं तक ही सीमित नहीं है। दाश को विश्वव्यापी ऊर्जा परिवर्तन और दीर्घकालिक सस्टेनेबल डेवलपमेंट जैसे जटिल और महत्वपूर्ण मुद्दों पर चल रही वैश्विक चर्चाओं में अपनी विशेषज्ञता और विचार साझा करने के लिए जाना जाता है। वह वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम और यूएन के ग्लोबल इन्वेस्टर्स फॉर सस्टेनेबल डेवलपमेंट एलायंस जैसे अत्यधिक प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय मंचों के माध्यम से इन महत्वपूर्ण चर्चाओं में भाग लेते हैं, और वैश्विक स्तर पर सकारात्मक व स्थायी बदलाव लाने के लिए कंपनी के प्रभाव का उपयोग करते हैं।\n\nसहायक कंपनियों के बोर्ड में भूमिका और सामाजिक दायित्व\nदाश के नेतृत्व का गहरा प्रभाव इन्फोसिस के कॉर्पोरेट ढांचे के कई रणनीतिक स्तरों पर दिखाई देता है। इन्फोसिस के विभिन्न वैश्विक व्यावसायिक इकाइयों का सीधे नेतृत्व करने के अलावा, वह कई महत्वपूर्ण बोर्ड-स्तर के पदों पर भी काबिज हैं। वह वर्तमान में इन्फोसिस पब्लिक सर्विसेज के निदेशक मंडल के एक समर्पित सदस्य के रूप में काम कर रहे हैं। यह एक ऐसी महत्वपूर्ण संस्था है जो विशेष रूप से नॉर्थ अमेरिका में सार्वजनिक क्षेत्र के संगठनों को अगली पीढ़ी की डिजिटल सेवाएं और विशेषज्ञ कंसल्टिंग प्रदान करने पर केंद्रित है। इसके अतिरिक्त, वह एमआरई कंसल्टिंग एलएलसी के बोर्ड में भी शामिल हैं। ये दोनों ही संस्थाएं इन्फोसिस की पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनियां हैं। कॉर्पोरेट परोपकार और सामाजिक जिम्मेदारी के क्षेत्र में, दाश इन्फोसिस फाउंडेशन यूएसए के एक महत्वपूर्ण ट्रस्टी के रूप में भी कार्य करते हैं। इस संगठन के माध्यम से, वह पूरे यूएसए में K-12 छात्रों और शिक्षकों के लिए कंप्यूटर विज्ञान और मेकर एजुकेशन तक पहुंच का विस्तार करने पर विशेष ध्यान केंद्रित करते हैं, जबकि साथ ही वह स्थानीय समुदायों को डिजिटल रूप से अपस्किल करने की व्यापक पहलों का भी सक्रिय रूप से समर्थन करते हैं।\n\nशानदार शैक्षणिक पृष्ठभूमि और एक संतुलित जीवन शैली\nदाश के बेहद सफल कॉर्पोरेट करियर की मजबूत नींव उनकी बेहतरीन शैक्षणिक पृष्ठभूमि पर टिकी है। वह भारत के प्रतिष्ठित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (आईआईटी), खड़गपुर के छात्र रहे हैं, जिसे विश्व स्तर पर प्रमुख इंजीनियरिंग और तकनीकी संस्थानों में गिना जाता है। इस मजबूत बुनियादी शिक्षा के आधार पर, दाश ने कठिन अंतरराष्ट्रीय कार्यकारी कार्यक्रमों को पूरा करके अपने पेशेवर विकास में लगातार निवेश किया है। उन्होंने स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से ग्लोबल लीडरशिप प्रोग्राम को सफलतापूर्वक पूरा किया है, एक ऐसा अनुभव जिसने वैश्विक व्यापार की गतिशीलता पर उनके रणनीतिक दृष्टिकोण को व्यापक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके अलावा, उन्होंने प्रतिष्ठित लंदन बिजनेस स्कूल से सीनियर एग्जीक्यूटिव प्रोग्राम को पूरा करके अपनी प्रबंधन क्षमताओं को और निखारा। व्यक्तिगत मोर्चे पर बात करें तो, नए CEO-पदनाम वर्तमान में लॉस एंजिल्स में रहते हैं। विशाल वैश्विक बिजनेस पोर्टफोलियो का नेतृत्व करने के भारी दबाव और व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद, दाश अपनी व्यक्तिगत रुचियों के साथ एक संतुलित जीवन शैली बनाए रखने के लिए जाने जाते हैं। उन्हें पढ़ने का बहुत शौक है, और वह हमेशा नई जानकारी तलाशते रहते हैं। इसके अतिरिक्त, वह शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर भी बहुत जोर देते हैं; वह दौड़ने और तैराकी जैसी सक्रिय गतिविधियों का आनंद लेते हैं, और माइंडफुलनेस का नियमित अभ्यास करते हैं, जो उन्हें विशाल वैश्विक तकनीकी वर्कफोर्स का नेतृत्व करने की जटिलताओं के बीच ध्यान केंद्रित रखने में मदद करता है।\n\nइसका आप पर असर\n• निवेशकों के लिए: तीन साल पहले नेतृत्व परिवर्तन की घोषणा से शेयर बाजार और निवेशकों को कंपनी की स्थिरता और रणनीतिक योजना का स्पष्ट संकेत मिलता है।\n• IT प्रोफेशनल्स के लिए: दाश का AI और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन पर भारी फोकस यह दर्शाता है कि भविष्य में कंपनी के भीतर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस स्किल्स की मांग और तेजी से बढ़ेगी।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. इन्फोसिस का नया CEO किसे नियुक्त किया गया है?\nइन्फोसिस ने अपने दिग्गज कार्यकारी अशीष कुमार दाश को अपना नया CEO-पदनाम नियुक्त किया है।\n\n2. अशीष कुमार दाश कब से CEO का पद संभालेंगे?\nवह 1 अप्रैल, 2027 (नए वित्त वर्ष 2027-28 की शुरुआत) से आधिकारिक तौर पर CEO का पद संभालेंगे।\n\n3. सलिल पारेख का कार्यकाल कब समाप्त हो रहा है?\nवर्तमान CEO सलिल पारेख का कार्यकाल वित्त वर्ष 2026-27 (FY27) के अंत में पूरी तरह समाप्त हो जाएगा।\n\n4. अशीष कुमार दाश की शैक्षणिक पृष्ठभूमि क्या है?\nउन्होंने IIT खड़गपुर से पढ़ाई की है और स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी तथा लंदन बिजनेस स्कूल से प्रमुख कार्यकारी नेतृत्व कार्यक्रम पूरे किए हैं।",
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  "publishedAt": "2026-07-23",
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