# कर्नाटक में बस यात्रा जल्द हो सकती है महंगी, 4 नवंबर को हो सकता है किराए में बढ़ोतरी का ऐलान

> नंदिनी दूध के दाम में 8 रुपये की बढ़ोतरी के बाद कर्नाटक सरकार अब सरकारी बसों के किराए में भी इजाफा करने जा रही है। परिवहन मंत्री बैराथी सुरेश 3 नवंबर को अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे और 4 नवंबर को फैसला लिया जा सकता है।

**Type:** article · **Category:** व्यापार · **Published:** 2026-10-29 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/business/karnataka-bus-fares-set-to-rise-following-milk-price-hike-decision-expected-on-november-4-53073 · **Language:** Hindi
**Tags:** कर्नाटक बस किराया, परिवहन निगम घाटा, बैराथी सुरेश, नंदिनी दूध दाम, शक्ति योजना

बेंगलुरु में आम नागरिकों की जेब पर आर्थिक दबाव और अधिक बढ़ने वाला है। हाल ही में नंदिनी दूध के दामों में 8 रुपये प्रति लीटर की भारी बढ़ोतरी दर्ज किए जाने के बाद, अब राज्य सरकार की बसों में सफर करना भी महंगा होने की तैयारी चल रही है। कर्नाटक के चारों सरकारी परिवहन निगम इस समय गंभीर आर्थिक घाटे और डीजल की बढ़ती कीमतों के भारी संकट का सामना कर रहे हैं। इन सभी परिस्थितियों के बीच राज्य के परिवहन मंत्री बैराथी सुरेश ने इस बात के स्पष्ट संकेत दे दिए हैं कि सरकार आगामी 4 नवंबर को बस किराए में बढ़ोतरी को लेकर आधिकारिक घोषणा कर सकती है।

## मुख्यमंत्री के साथ चर्चा और आगामी बैठकों का दौर
इस पूरे मामले पर मुख्यमंत्री ने हाल ही में संपन्न हुई कैबिनेट बैठक के दौरान विस्तृत चर्चा की थी और इस विषय से जुड़ा अंतिम निर्णय लेने की जिम्मेदारी पूरी तरह से परिवहन विभाग के कंधों पर छोड़ दी है। तय कार्यक्रम के अनुसार परिवहन मंत्री बैराथी सुरेश आगामी 3 नवंबर को परिवहन विभाग के तमाम वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ चारों परिवहन निगमों के प्रबंध निदेशकों के साथ एक बेहद महत्वपूर्ण बैठक आयोजित करेंगे। इस उच्च स्तरीय बैठक में वित्तीय स्थिति की समीक्षा की जाएगी और उसके ठीक अगले दिन एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से नए किराए का ऐलान किए जाने की पूरी संभावना है। यदि यह प्रस्तावित निर्णय लागू कर दिया जाता है, तो मौजूदा सरकार के कार्यकाल के दौरान यह दूसरा ऐसा अवसर होगा जब किराए में संशोधन किया जा रहा है।

## दूध के दाम बढ़ने के बाद किराए में संशोधन की सुगबुगाहट
राज्य मंत्रिमंडल ने 1 नवंबर से नंदिनी दूध की कीमतों में 8 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी करने की आधिकारिक मंजूरी दे दी है। संयोग से उसी दिन हुई कैबिनेट बैठक के दौरान सरकारी परिवहन निगमों के किराए में बदलाव को लेकर भी बेहद गंभीर मंत्रणा की गई थी। इस संबंध में जानकारी देते हुए कर्नाटक के मंत्री कृष्णा बायरे गौड़ा ने स्पष्ट किया था कि पिछले साल जनवरी के महीने में ईंधन के रूप में पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ाए गए थे, और उसी समय से विभिन्न परिवहन निगम लगातार किराया बढ़ाने की मांग करते आ रहे हैं। उन्होंने यह भी साफ किया था कि हालांकि उस समय तक आधिकारिक रूप से किराया बढ़ाया नहीं गया था, लेकिन इस पर अंतिम निर्णय बहुत ही कम समय में लिया जाने वाला है।

## चारों परिवहन निगमों के सामने वित्तीय घाटे का गहरा संकट
परिवहन मंत्री बैराथी सुरेश के बयानों के मुताबिक केएसआरटीसी, बीएमटीसी, केकेआरटीसी और एनडब्ल्यूकेआरटीसी यानी चारों निगम इस समय भारी वित्तीय दबाव के दौर से गुजर रहे हैं। डीजल की कीमतों में निरंतर हो रही बढ़ोतरी के कारण इन सभी निगमों के लिए बसों का सुचारू संचालन करना बेहद खर्चीला साबित हो रहा है। स्थिति यहाँ तक पहुँच चुकी है कि इसके चलते अपने कर्मचारियों का समय पर वेतन चुकाना और रोजाना के अन्य जरूरी ख खर्चे संभालना भी मुश्किल साबित हो रहा है। इस गंभीर समस्या से पार पाने के लिए अतुल कुमार तिवारी की अध्यक्षता में एक विशेष किराया नियामक समिति का गठन किया गया था, और इस समिति ने अपनी विस्तृत रिपोर्ट पहले ही सरकार को सौंप दी है।

## शक्ति योजना का प्रभाव और निगमों की माली हालत
कर्नाटक में पिछले साल जून 2023 से शक्ति योजना सफलतापूर्वक लागू की जा चुकी है, जिसके अंतर्गत राज्य की पात्र महिलाओं को सामान्य सरकारी बसों के भीतर पूरी तरह से मुफ्त यात्रा करने की सुविधा प्रदान की जाती है। इस लोक कल्याणकारी योजना के शुरू होने के बाद से बसों में यात्रियों की कुल संख्या में अभूतपूर्व उछाल आया है। इसके कारण निगमों की परिचालन जिम्मेदारियाँ और बसों की देखरेख तथा रख-रखाव पर आने वाला खर्च भी काफी हद तक बढ़ गया है। भले ही राज्य सरकार महिलाओं के सफर पर होने वाले इस पूरे खर्च की प्रतिपूर्ति संबंधित निगमों को करती है, लेकिन इसके बावजूद डीजल के लगातार आसमान छूते खर्चों के कारण निगमों का वित्तीय घाटा कम होने का नाम नहीं ले रहा है। इसी निरंतर बने हुए वित्तीय संकट से निपटने के लिए अब सरकार के पास किराया बढ़ाने के अलावा और कोई ठोस रास्ता नहीं बचा है।

## इसका आप पर असर
कर्नाटक में बस किराए में संभावित बढ़ोतरी से आम यात्रियों और रोजाना सफर करने वालों के दैनिक बजट पर सीधा असर पड़ेगा।

- **भारत में:** यह निर्णय देश के अन्य राज्यों के सार्वजनिक परिवहन उपक्रमों पर भी आर्थिक दबाव और किराए की समीक्षा के लिए एक मिसाल बन सकता है।
- **कर्नाटक में:** राज्य के नियमित यात्रियों को हर महीने अपने यात्रा खर्च में अधिक पैसे चुकाने होंगे, जिससे उनके घरेलू बजट पर अतिरिक्त बोझ आएगा।
- **दैनिक यात्रियों पर असर:** कार्यालय जाने वाले कर्मचारियों और छात्रों को बढ़ी हुई परिवहन लागत का सामना करना पड़ेगा।
- **निगमों की स्थिति:** किराए में संशोधन से चारों परिवहन निगमों को अपने बढ़ते हुए वित्तीय घाटे से उबरने में कुछ राहत मिल सकती है।
- **घरेलू बजट:** दूध के दाम 8 रुपये बढ़ने के तुरंत बाद बस किराया बढ़ने से आम जनता की कुल मासिक लागत काफी बढ़ जाएगी।

## ऐसा क्यों हुआ
सरकारी परिवहन निगमों में यह वित्तीय संकट डीजल की लगातार बढ़ती कीमतों और लगातार बढ़ते परिचालन खर्चों के कारण पैदा हुआ है।

- **डीजल की कीमतें:** पिछले साल जनवरी से ईंधन के दामों में लगातार वृद्धि हुई है जिसके कारण बसों के संचालन का खर्च बहुत अधिक बढ़ गया है।
- **शक्ति योजना का प्रभाव:** जून 2023 से लागू मुफ्त यात्रा योजना के कारण बसों में यात्रियों की संख्या में भारी बढ़ोतरी हुई है जिससे रख-रखाव का खर्च बढ़ गया है।
- **बढ़ता वित्तीय घाटा:** चारों निगमों के लिए अपने कर्मचारियों का वेतन और रोजाना के जरूरी खर्चे निकालना असंभव सा होता जा रहा है।
- **समिति की रिपोर्ट:** अतुल कुमार तिवारी की अध्यक्षता में बनी किराया नियामक समिति ने अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंप दी है जिसमें सुधार के सुझाव दिए गए हैं।

## सवाल-जवाब

### 1. कर्नाटक में बस किराए में बढ़ोतरी का फैसला कब लिया जा सकता है?
सरकार 4 नवंबर को बस किराए में बढ़ोतरी का आधिकारिक ऐलान कर सकती है।

### 2. इस मामले में परिवहन मंत्री की बैठक कब तय की गई है?
परिवहन मंत्री बैराथी सुरेश 3 नवंबर को वरिष्ठ अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक करेंगे।

### 3. नंदिनी दूध के दामों में कितने रुपये की बढ़ोतरी की गई है?
कर्नाटक कैबिनेट ने नंदिनी दूध के दाम 1 नवंबर से 8 रुपये प्रति लीटर बढ़ाए हैं।

### 4. शक्ति योजना कब से और किसके लिए लागू है?
यह योजना जून 2023 से लागू है जिसके तहत पात्र महिलाओं को साधारण सरकारी बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलती है।

### 5. किराया नियामक समिति के अध्यक्ष कौन हैं?
किराया नियामक समिति के अध्यक्ष अतुल कुमार तिवारी हैं।

### 6. किन चार निगमों पर वित्तीय संकट है?
केएसआरटीसी, बीएमटीसी, केकेआरटीसी और एनडब्ल्यूकेआरटीसी चारों निगमों पर भारी वित्तीय संकट है।

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