{
  "type": "article",
  "title": "सोलर एनर्जी बाजार में केंट न्यू एनर्जी की दस्तक, लिथियम बैटरी और हाइब्रिड इन्वर्टर पेश",
  "summary": "घरेलू वाटर प्यूरीफायर बनाने वाली कंपनी केंट ने ऊर्जा क्षेत्र में विस्तार करते हुए 10 साल की वारंटी वाली लिथियम बैटरी और तीन एसी चलाने में सक्षम सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर उतारे हैं।",
  "content": "घरेलू वाटर प्यूरीफायर और एयर प्यूरीफायर क्षेत्र में अपनी पहचान स्थापित करने के बाद केंट ने अब बिजली तथा एनर्जी स्टोरेज क्षेत्र में कदम रख दिया है। कंपनी ने अपने नए कारोबार प्रभाग केंट न्यू एनर्जी के अंतर्गत आधुनिक लिथियम बैटरी, सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर और स्मार्ट पावर बैकअप उत्पादों की पूरी श्रृंखला बाजार में उतारी है। इस रणनीतिक पहल का मुख्य उद्देश्य घरेलू स्तर पर सोलर ऊर्जा को अपनाने की गति तेज करना और ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में बिजली कटौती की समस्या से निजात दिलाना है। अपने इस महत्वाकांक्षी विनिर्माण विस्तार को साकार करने के लिए कंपनी ने उत्तर प्रदेश के नोएडा में करीब 250 करोड़ रुपये का भारी निवेश किया है।\n\n16 किलोवाट ऑवर तक की क्षमता में लिथियम बैटरी विकल्प\nकेंट न्यू एनर्जी ने सोलर ऊर्जा स्टोरेज को ध्यान में रखते हुए 5.1 kWh, 11.8 kWh और 16 kWh की तीन अलग-अलग क्षमताओं में लिथियम बैटरियों को बाजार में प्रस्तुत किया है। यह आधुनिक स्टोरेज प्रणाली सोलर पैनल से उत्पन्न होने वाली बिजली अथवा ग्रिड आपूर्ति दोनों से चार्ज होकर बिजली को सुरक्षित संचित कर सकती है, जिसे आवश्यकता पड़ने पर तुरंत काम में लाया जा सकता है। इन बैटरियों की तकनीकी संरचना को 6,000 से अधिक चार्जिंग साइकल के लिए सक्षम बनाया गया है, जिससे उपभोक्ताओं को दीर्घकालिक उपयोग का भरोसा मिलता है। कंपनी इन उन्नत बैटरियों पर पूरे 10 साल की वारंटी उपलब्ध करा रही है।\n\nइसके साथ ही कंपनी ने 3 kW से लेकर 15 kW तक की कार्यक्षमता वाले सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर पेश किए हैं। इन हाइब्रिड इन्वर्टर की प्रमुख तकनीकी विशेषता यह है कि ये सोलर पैनल, लिथियम बैटरी और सरकारी ग्रिड से आने वाली बिजली के प्रवाह को एक ही समय में बुद्धिमत्तापूर्ण तरीके से प्रबंधित और संतुलित करने में पूरी तरह सक्षम हैं।\n\nशुरुआती कीमत 22,000 रुपये और लंबी अवधि में बड़ी बचत का दावा\nसामान्य घरेलू इन्वर्टर तथा यूपीएस उपयोग को ध्यान में रखते हुए कंपनी ने 12 वोल्ट और 24 वोल्ट के कॉम्पैक्ट लिथियम बैटरी मॉडल भी बाजार में उतारे हैं, जिनकी शुरुआती कीमत 22,000 रुपये तय की गई है। पारंपरिक रूप से घरों में इस्तेमाल होने वाली लेड एसिड बैटरियों की तुलना में इन आधुनिक बैटरियों के उपयोग से 10 वर्षों के भीतर 30,000 रुपये से लेकर 1 लाख रुपये तक की आर्थिक बचत हो सकती है। हालांकि, यह वास्तविक बचत उपभोक्ता के दैनिक उपयोग के पैटर्न और संबंधित रखरखाव लागत पर भी निर्भर करेगी।\n\nउपभोक्ताओं की सुविधा के लिए कंपनी ने एक ऑल इन वन इन्वर्टर यूनिट भी तैयार की है, जिसमें इन्वर्टर और स्टोरेज बैटरी दोनों को एक ही फ्रेम में एकीकृत कर दिया गया है। इसके अलावा सभी नए पावर बैकअप उत्पादों को आधुनिक मोबाइल ऐप से जोड़ा गया है, जिसके माध्यम से उपभोक्ता अपने स्मार्टफोन पर बैटरी की स्थिति, चार्जिंग स्तर और बिजली खपत की वास्तविक निगरानी रियल टाइम में कर सकेंगे।\n\nएक साथ तीन एसी चलाने की क्षमता और ग्रामीण क्षेत्रों पर नजर\nकेंट के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर महेश गुप्ता ने उत्पादों के लॉन्च के अवसर पर बताया कि कंपनी के नए सोलर इन्वर्टर का सबसे बड़ा आकर्षण इसकी 10 साल की लंबी वारंटी है, जो बाजार में मौजूद सामान्य इन्वर्टर बैटरियों के जीवनकाल से लगभग तीन गुना ज्यादा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पारंपरिक घरेलू इन्वर्टर आमतौर पर केवल पंखे, ट्यूबलाइट और छोटे उपकरण चलाने तक ही सीमित रहते हैं, जबकि केंट का यह नया सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर एक साथ तीन एयर कंडीशनर चलाने की भरपूर शक्ति प्रदान करता है। यह लिथियम बैटरी तकनीक पर आधारित एक उच्च गुणवत्ता वाला संपूर्ण ऊर्जा समाधान है।\n\nकंपनी के सामने सबसे बड़ी चुनौती बाजार में पहले से मौजूद सस्ते विकल्पों के मुकाबले अपनी प्रतिस्पर्धी कीमत बनाए रखना होगी। महेश गुप्ता ने ग्रामीण बिजली संकट का जिक्र करते हुए कहा कि देश के कई गांवों में आज भी रात के वक्त बिजली कटौती की गंभीर समस्या रहती है और ऐसे दूरदराज के इलाकों में यह सोलर इन्वर्टर अत्यधिक उपयोगी सिद्ध होगा। उन्होंने यह भी साझा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हरित ऊर्जा और सौर शक्ति को दिए जा रहे निरंतर प्रोत्साहन से प्रेरित होकर ही केंट ने जल शोधन से आगे बढ़कर ऊर्जा क्षेत्र में यह नया कदम उठाया है।\n\nनोएडा सेक्टर 159 में 250 करोड़ का नया विनिर्माण संयंत्र\nइन उत्पादों के घरेलू उत्पादन को गति देने के लिए केंट ने नोएडा के सेक्टर-159 में छह एकड़ भूमि पर करीब 250 करोड़ रुपये का निवेश करके एक अत्याधुनिक प्लांट स्थापित किया है। वर्तमान में इस संयंत्र की वार्षिक विनिर्माण क्षमता 3.5 GWh दर्ज की गई है। आने वाले छह महीनों के भीतर कंपनी इस क्षमता का तेज विस्तार करते हुए इसे 10 GWh तक पहुंचाने की योजना पर तेजी से काम कर रही है।\n\nदेशभर में तेजी से लोकप्रिय हो रहे रूफटॉप सोलर सिस्टम और आधुनिक ऊर्जा भंडारण उपकरणों की मांग को भुनाने के लिए कंपनी पूरी तरह तैयार है। इन नए ऊर्जा समाधानों को कंपनी अपने स्थापित व्यापक डीलर नेटवर्क, रिटेल आउटलेट्स और प्रमुख ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म के जरिए ग्राहकों तक पहुंचाएगी। इस रणनीतिक कदम से केंट का संपूर्ण पोर्टफोलियो वाटर और एयर प्यूरिफायर से विस्तारित होकर व्यापक घरेलू स्वच्छ ऊर्जा प्रबंधन तक पहुंच चुका है।\n\nइसका आप पर असर\nघरेलू उपभोक्ताओं और सोलर अपनाने वाले परिवारों के लिए पावर बैकअप और बिजली बिल में बड़े बदलाव की संभावना बनेगी।\n\n• लागत और बचत: शुरुआती मॉडल 22,000 रुपये में उपलब्ध होंगे, जबकि पारंपरिक बैटरी के मुकाबले 10 साल में 30,000 से 1 लाख रुपये की बचत का दावा किया गया है। भारी निवेश से पहले अपनी मौजूदा बिजली खपत और मेंटेनेंस खर्च का आकलन जरूर करें।\n• उपकरण संचालन: नया हाइब्रिड इन्वर्टर एक साथ तीन एसी जैसे भारी लोड चलाने की क्षमता रखता है। इससे गर्मियों में बार-बार पावर कट के दौरान भी बड़े घरेलू उपकरणों को बंद नहीं करना पड़ेगा।\n• वारंटी और सुरक्षा: 6,000 से अधिक चार्जिंग साइकल और 10 साल की वारंटी मिलने से बार-बार बैटरी बदलने का झंझट समाप्त होगा। आम लेड-एसिड बैटरी की तुलना में यह तीन गुना अधिक समय तक चल सकती है।\n• स्मार्ट मॉनिटरिंग: मोबाइल ऐप के जरिए बैटरी चार्ज और खपत पर नजर रखना आसान हो जाएगा। उपभोक्ता अपने फोन से ही बिजली के स्रोत और बैकअप स्थिति को ट्रैक कर सकेंगे।\n\nऐसा क्यों हुआ\nयह विस्तार देश में रूफटॉप सोलर अपनाने की बढ़ती मांग और पारंपरिक लेड-एसिड बैटरियों की सीमाओं को दूर करने के उद्देश्य से हुआ है।\n\n• ग्रीन एनर्जी का विस्तार: केंद्र सरकार द्वारा सौर ऊर्जा और स्वच्छ ऊर्जा पर दिए जा रहे जोर के कारण घरेलू सोलर स्टोरेज उपकरणों की मांग में तीव्र वृद्धि हुई है। इसी रुझान का लाभ उठाने के लिए कंपनी ने पानी और हवा के बाद ऊर्जा क्षेत्र में प्रवेश किया।\n• पारंपरिक बैटरियों की कमियां: सामान्य लेड-एसिड इन्वर्टर बैटरियां भारी लोड नहीं उठा पातीं और दो से तीन साल में खराब हो जाती हैं। लिथियम तकनीक 6,000 साइकल और लंबी उम्र देकर उपभोक्ताओं को टिकाऊ विकल्प उपलब्ध कराती है।\n• ग्रामीण ग्रिड समस्या: ग्रामीण इलाकों में आज भी रात के वक्त बिजली कटौती की समस्या बनी रहती है। दिन में सौर ऊर्जा संचित कर रात में निर्बाध आपूर्ति देने के लिए सोलर हाइब्रिड मॉडल तैयार किया गया है।\n• विनिर्माण आत्मनिर्भरता: नोएडा के सेक्टर-159 में 250 करोड़ रुपये लगाकर 3.5 GWh का संयंत्र स्थापित किया गया है, ताकि बढ़ती मांग के अनुरूप स्थानीय स्तर पर उत्पादन बढ़ाया जा सके।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. केंट की लिथियम बैटरी की शुरुआती कीमत क्या है?\nघरेलू इन्वर्टर और यूपीएस के लिए 12 वोल्ट और 24 वोल्ट की लिथियम बैटरियों की शुरुआती कीमत 22,000 रुपये रखी गई है।\n\n2. केंट सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर किन क्षमताओं में उपलब्ध हैं?\nयह सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर 3 kW से लेकर 15 kW तक की कार्यक्षमता में उपलब्ध कराए गए हैं।\n\n3. केंट लिथियम बैटरी पर कितनी वारंटी दी जा रही है?\nकंपनी इन बैटरियों पर 10 साल की वारंटी और 6,000 से अधिक चार्जिंग साइकल की क्षमता प्रदान कर रही है।\n\n4. क्या केंट का नया इन्वर्टर एसी चलाने में सक्षम है?\nहां, केंट के चेयरमैन महेश गुप्ता के अनुसार यह सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर एक साथ तीन एसी चलाने में पूरी तरह सक्षम है।\n\n5. केंट ने इस ऊर्जा प्रभाग के विनिर्माण के लिए कहां और कितना निवेश किया है?\nकंपनी ने नोएडा के सेक्टर-159 में छह एकड़ में फैले प्लांट के लिए करीब 250 करोड़ रुपये का निवेश किया है।",
  "url": "https://trendkia.com/business/solara-enarji-bajara-men-kent-new-energy-ki-dastaka-lithiyama-baitari-aura-haibrida-invartara-pesha-50335",
  "category": "व्यापार",
  "publishedAt": "2026-10-22",
  "tags": [
    "केंट न्यू एनर्जी",
    "लिथियम बैटरी",
    "सोलर हाइब्रिड इन्वर्टर",
    "महेश गुप्ता",
    "सोलर पावर",
    "बिजली बचत",
    "नोएडा प्लांट"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
}