त्योहारी भीड़ रोकने के लिए मुंबई और दिल्ली के प्रमुख स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकट बंद, पार्सल सेवा पर भी असर दीपावली और छठ पर्व पर उमड़ने वाली भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए मध्य रेलवे और उत्तर रेलवे ने मुंबई और दिल्ली क्षेत्र के कई बड़े स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकट जारी करने पर अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया है। आगामी दीपावली और छठ पर्व के मद्देनजर ट्रेनों में अपने गृह नगर जाने वाले मुसाफिरों की भारी तादाद को देखते हुए रेल प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है। त्योहारी सीजन के दौरान टर्मिनल परिसरों में केवल वास्तविक और वैध टिकटधारी यात्रियों को ही प्रवेश मिल सके, इस उद्देश्य से मुंबई के पांच व्यस्ततम जंक्शनों पर प्लेटफॉर्म टिकटों के वितरण पर रोक लगा दी गई है। यह पाबंदी 5 नवंबर से प्रभावी होकर 15 नवंबर तक लागू रहेगी। मुंबई मंडल के पांच अहम केंद्रों पर लागू हुआ प्रतिबंध मध्य रेलवे के अधिकार क्षेत्र में आने वाले मुंबई के जिन पांच मुख्य रेलवे स्टेशनों पर यह रोक तय की गई है, उनमें छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, दादर, लोकमान्य तिलक टर्मिनस, ठाणे और कल्याण शामिल हैं। उत्तर भारत की ओर प्रस्थान करने वाली अधिकांश लंबी दूरी की गाड़ियां इन्हीं जंक्शनों से रवाना होती हैं, जिसके चलते त्योहारों के समय परिजनों को छोड़ने आने वाले लोगों की वजह से प्लेटफॉर्म पर पैर रखने तक की जगह नहीं बचती। इसी अव्यवस्था से निपटने के लिए प्रशासन ने आगामी 15 नवंबर तक इन सभी परिसरों में गैर-मुसाफिरों के आगमन पर अंकुश लगाया है। अति आवश्यक स्थितियों में मिलेगी निर्धारित छूट रेलवे बोर्ड द्वारा जारी कार्यप्रणाली के तहत इस सामान्य पाबंदी के बीच भी मानवीय आधार पर कुछ वर्ग विशेष को रियायत देने का प्रावधान रखा गया है। इसके अनुसार वरिष्ठ नागरिकों, स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे बीमार लोगों, छोटे बच्चों तथा ऐसी महिला यात्रियों को जिन्हें यात्रा में विशेष मदद की दरकार हो, जांच के पश्चात प्लेटफॉर्म टिकट उपलब्ध कराए जा सकेंगे। इस व्यवस्था से अकेले सफर करने में असमर्थ लोगों को आवश्यक सहारा मिल सकेगा और साथ ही बेवजह जुटने वाले हुजूम पर भी नियंत्रण बना रहेगा। राजधानी क्षेत्र में भी प्लेटफॉर्म टिकट और पार्सल पर पाबंदियां मुंबई की तर्ज पर उत्तर रेलवे ने भी राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के व्यस्त केंद्रों पर इसी प्रकार का सुरक्षात्मक निर्णय लिया है। दिल्ली इलाके में 14 नवंबर, 2026 तक पांच प्रमुख स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकटों की बिक्री स्थगित रखी गई है। इस सूची में नई दिल्ली, दिल्ली जंक्शन (पुरानी दिल्ली), हजरत निजामुद्दीन, आनंद विहार टर्मिनल तथा आनंद विहार हॉल्ट सम्मिलित हैं। इसके साथ ही सीमावर्ती गाजियाबाद रेलवे स्टेशन पर भी यही व्यवस्था प्रभावी की गई है ताकि प्लेटफॉर्म पर भगदड़ जैसी स्थिति न बने। माल ढुलाई और पार्सल लोडिंग-अनलोडिंग भी प्रभावित भीड़भाड़ को न्यूनतम स्तर पर बनाए रखने के लिए उत्तर रेलवे ने चार प्रमुख केंद्रों पर पार्सल संचालन पर भी अस्थायी सीमाएं तय की हैं। नई दिल्ली, आनंद विहार टर्मिनल, दिल्ली जंक्शन और हजरत निजामुद्दीन में इस त्योहारी अवधि के दौरान पार्सल की नई बुकिंग, सामान को ट्रेनों में चढ़ाने और उतारने की गतिविधियों पर पाबंदी लागू रहेगी। इन चारों अलग-अलग केंद्रों के लिए परिचालन की स्थितियों को देखते हुए प्रतिबंध की समय सीमाएं पृथक निर्धारित की गई हैं, जिससे यात्री आवागमन निर्बाध रूप से जारी रह सके। इसका आप पर असर त्योहारों के दौरान ट्रेन पकड़ने जाने वाले मुसाफिरों और उनके परिजनों को स्टेशन पर प्रवेश और पार्सल भेजने को लेकर नई सावधानियां बरतनी होंगी। • यात्रियों के लिए: स्टेशन परिसर में केवल वैध रेल टिकट होने पर ही प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। अपने रिश्तेदारों या परिचितों को स्टेशन के बाहर से ही विदा करें क्योंकि प्लेटफॉर्म टिकट काउंटर 15 नवंबर तक बंद रहेंगे। • मुंबई में: सीएसएमटी, दादर, एलटीटी, ठाणे और कल्याण स्टेशनों पर केवल सफर करने वाले लोग ही पहुंचें। बुजुर्गों या छोटे बच्चों के साथ सफर कर रहे परिवारों को विशेष अनुमति काउंटर से ही सहायता मिल सकेगी। • दिल्ली और गाजियाबाद में: नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली, निजामुद्दीन, आनंद विहार और गाजियाबाद पर 14 नवंबर तक प्लेटफॉर्म टिकट जारी नहीं होंगे। भीड़ से बचने के लिए ट्रेन खुलने के तय समय से पहले स्टेशन परिसर पहुंचना बेहतर रहेगा। • व्यापारियों और पार्सल ग्राहकों के लिए: दिल्ली के चार प्रमुख जंक्शनों पर पार्सल बुकिंग, लोडिंग और अनलोडिंग अस्थायी रूप से प्रभावित रहेगी। त्योहार के दौरान माल भेजने वाले कारोबारी नजदीकी वैकल्पिक स्टेशनों या सड़क मार्ग का सहारा ले सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ दीपावली और छठ महापर्व पर उत्तर भारत की ओर जाने वाली ट्रेनों में भारी भीड़ उमड़ने से रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखना अनिवार्य हो जाता है। • यात्रियों की अत्यधिक आवक: त्योहारों के दौरान लाखों लोग अपने घरों के लिए रवाना होते हैं जिससे प्लेटफॉर्मों पर दबाव कई गुना बढ़ जाता है। प्लेटफॉर्म टिकट बंद करने से अनावश्यक रूप से परिसर में रुकने वाले शुभचिंतकों की भीड़ पूरी तरह हट जाती है। • सुरक्षा और आवागमन सुचारू रखना: स्टेशन के प्रवेश द्वारों और पैदल पुलों पर सुगम आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया है। बिना टिकट या केवल छोड़ने आए लोगों की गैर-मौजूदगी से वास्तविक यात्रियों को ट्रेन पकड़ने में कोई बाधा नहीं आती। • पार्सल क्षेत्र में स्थान की उपलब्धता: पार्सल लोडिंग और अनलोडिंग रोकने से प्लेटफॉर्मों पर बोरियों और बक्सों का जमावड़ा खत्म हो जाता है। इससे खाली हुआ स्थान यात्रियों के सुरक्षित रूप से आने-जाने के लिए पूरी तरह खुला रहता है। सवाल-जवाब 1. मुंबई के किन स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकट की बिक्री रोकी गई है? मध्य रेलवे ने छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, दादर, लोकमान्य तिलक टर्मिनस, ठाणे और कल्याण रेलवे स्टेशन पर प्लेटफॉर्म टिकट बंद किए हैं। 2. मुंबई में यह रोक कब तक लागू रहेगी? मुंबई के चिन्हित पांच प्रमुख स्टेशनों पर यह प्रतिबंध 5 नवंबर से शुरू होकर 15 नवंबर तक प्रभावी रहेगा। 3. क्या दिल्ली क्षेत्र के स्टेशनों पर भी प्लेटफॉर्म टिकट बंद किए गए हैं? हां, उत्तर रेलवे ने नई दिल्ली, पुरानी दिल्ली, हजरत निजामुद्दीन, आनंद विहार टर्मिनल, आनंद विहार हॉल्ट और गाजियाबाद स्टेशन पर 14 नवंबर, 2026 तक बिक्री रोकी है। 4. क्या बुजुर्गों या बीमार यात्रियों के सहायकों को कोई छूट दी जाएगी? हां, रेलवे बोर्ड के निर्देशों के तहत वरिष्ठ नागरिकों, बीमार व्यक्तियों, बच्चों और असहाय महिलाओं के साथ आए सहायकों को विशेष परिस्थितियों में प्लेटफॉर्म टिकट जारी किए जा सकते हैं। 5. दिल्ली के किन स्टेशनों पर पार्सल सेवाओं पर रोक लगाई गई है? नई दिल्ली, आनंद विहार टर्मिनल, दिल्ली जंक्शन और हजरत निजामुद्दीन स्टेशन पर पार्सल बुकिंग, लोडिंग और अनलोडिंग पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया गया है। https://trendkia.com/business/tyohari-bhira-rokane-ke-lie-mumbai-aura-delhi-ke-pramukha-steshanon-para-pletaphorma-tikata-bnda-parsala-seva-para-bhi-asara-56591 TrendKia — Har trend, sabse pehle.