त्योहारी सीजन में रेलवे की सौगात, लुधियाना और पूर्णिया के बीच दौड़ेगी आरक्षित स्पेशल ट्रेन त्योहारी भीड़ से निपटने के लिए रेलवे ने पंजाब और बिहार के बीच आरक्षित फेस्टिवल स्पेशल ट्रेन चलाने की घोषणा की है, जो उत्तर प्रदेश और हरियाणा के रास्ते 2-2 फेरे लगाएगी। आगामी पर्वों के दौरान ट्रेनों में उमड़ने वाली भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए रेल प्रशासन ने पंजाब से बिहार के सीमांचल क्षेत्र तक एक नई आरक्षित स्पेशल रेलगाड़ी चलाने का फैसला लिया है। उत्तर रेलवे के समन्वय से शुरू होने वाली यह गाड़ी पंजाब के औद्योगिक शहर लुधियाना से खुलकर सीमांचल के पूर्णिया जंक्शन तक का सफर तय करेगी। इस विशेष ट्रेन को पारंपरिक पटना मुख्य रेलमार्ग पर न भेजकर उत्तर प्रदेश और उत्तर बिहार के अलग-अलग प्रमुख रेलखंडों से गुजारा जाएगा, जिससे चार राज्यों के यात्रियों को पर्व के समय अपने घर आने-जाने में सीधी सुविधा मिल सकेगी। त्योहारी आवाजाही के लिए परिचालन का कार्यक्रम रेलवे प्रशासन द्वारा जारी समय सारिणी के अनुसार, गाड़ी संख्या 04660 लुधियाना से 5 नवंबर 2026 और 9 नवंबर 2026 को चलाई जाएगी। दूसरी दिशा में, गाड़ी संख्या 04659 पूर्णिया से 6 नवंबर 2026 तथा 10 नवंबर 2026 को अपनी यात्रा शुरू करेगी। इस व्यवस्था के अंतर्गत दोनों दिशाओं में दो-दो फेरे तय किए गए हैं। पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के मालीगांव स्थित महाप्रबंधक (ऑपरेशन) कार्यालय द्वारा इस संबंध में 30 अक्टूबर 2026 को आधिकारिक आदेश जारी किया गया है, ताकि दोनों छोरों पर यात्रियों को लंबी वेटिंग लिस्ट से राहत मिल सके। लुधियाना से रवानगी और विस्तृत ठहराव गाड़ी संख्या 04660 दोपहर 12 बजे लुधियाना जंक्शन से अपनी यात्रा शुरू करेगी। पंजाब के धंडारी कलां और सानेहवाल होते हुए यह हरियाणा के अंबाला कैंट और यमुनानगर जगाधरी पहुंचेगी। इसके बाद उत्तर प्रदेश के सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, शाहजहांपुर, सीतापुर जंक्शन, बुरहवाल, गोंडा, बस्ती, गोरखपुर, देवरिया सदर और भटनी से गुजरते हुए ट्रेन बिहार की सीमा में प्रवेश करेगी। बिहार में इस ट्रेन का ठहराव सिवान, छपरा, छपरा ग्रामीण, सोनपुर, हाजीपुर, शाहपुर पटोरी, बछवाड़ा, बरौनी, बेगूसराय, खगड़िया, मानसी, सहरसा और बनमनखी जैसे महत्वपूर्ण स्टेशनों पर सुनिश्चित किया गया है। अंततः यह गाड़ी पूर्णिया जंक्शन पहुंचेगी। इस दिशा में पूरी यात्रा पूरी करने में लगभग 33 घंटे 30 मिनट का समय तय किया गया है, जिसके अनुसार गाड़ी रात 9:30 बजे अपने गंतव्य पर पहुंचेगी। वापसी का समय और ट्रेन की विशेषताएं पूर्णिया जंक्शन से वापसी के दौरान गाड़ी संख्या 04659 रात 11:30 बजे प्रस्थान करेगी। वापसी मार्ग पर यात्रा पूरी करने में करीब 31 घंटे 20 मिनट का समय लगेगा और यह अगले दिन सुबह 6:50 बजे लुधियाना जंक्शन पहुंचेगी। इस विशेष गाड़ी में कुल 21 डिब्बे लगाए जाएंगे और इसका परिचालन पूर्ण रूप से इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव की मदद से किया जाएगा। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे अपनी यात्रा शुरू करने से पहले नेशनल ट्रेन इनक्वायरी सिस्टम यानी NTES या रेलवे के आधिकारिक डिजिटल पोर्टल पर जाकर समय सारिणी और स्टेशनों के ठहराव की नवीनतम स्थिति अवश्य जांच लें। इसका आप पर असर त्योहारों पर घर जाने वाले यात्रियों को इस विशेष ट्रेन के चलने से आरक्षित सीटें मिलने में आसानी होगी। • सीटों की उपलब्धता: नियमित ट्रेनों में लंबी वेटिंग झेल रहे यात्रियों को अतिरिक्त आरक्षित सीटें मिल सकेंगी। इससे पंजाब और हरियाणा में कार्यरत लोग बिना परेशानी घर पहुंच सकेंगे। • रूट का विकल्प: पटना मुख्य लाइन के बजाय उत्तर प्रदेश और उत्तर बिहार होकर चलने से मध्यवर्ती स्टेशनों के यात्रियों को सीधा साधन मिलेगा। इससे छपरा, बरौनी, सहरसा और सीतापुर के यात्रियों का सफर सुगम होगा। • समय प्रबंधन: यात्रा की कुल अवधि लगभग 31 से 33 घंटे तय की गई है। यात्री अपनी छुट्टियां 5 से 10 नवंबर के फेरों के हिसाब से पहले से तय कर सकते हैं। • यात्रा की तैयारी: ट्रेन 21 कोच और इलेक्ट्रिक इंजन के साथ चलेगी। स्टेशन रवाना होने से पहले यात्री NTES पोर्टल पर वास्तविक समय जांचकर असुविधा से बच सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ त्योहारों के अवसर पर पंजाब और हरियाणा से बिहार जाने वाले यात्रियों की अत्यधिक मांग को देखते हुए रेल प्रशासन ने यह कदम उठाया है। • अतिरिक्त भीड़ का दबाव: दीपावली और छठ पूजा जैसे प्रमुख पर्वों के दौरान उत्तर भारत से बिहार जाने वाली नियमित ट्रेनों की सभी सीटें हफ्तों पहले भर जाती हैं। इसी भारी दबाव को कम करने के लिए विशेष गाड़ियों की घोषणा की जाती है। • रूट डायवर्सन की आवश्यकता: पटना मुख्य लाइन पर पहले से ही गाड़ियों की सघनता बहुत अधिक रहती है। मुरादाबाद, गोरखपुर और सहरसा वाले वैकल्पिक रेलखंड से ट्रेन चलाने से मुख्य रूट पर दबाव नहीं बढ़ता। • आधिकारिक परिचालन आदेश: पूर्वोत्तर सीमांत रेलवे के मालीगांव स्थित परिचालन कार्यालय ने समीक्षा के बाद 30 अक्टूबर 2026 को इस ट्रेन के दो-दो फेरों को मंजूरी दी। इसके बाद उत्तर रेलवे के सहयोग से विस्तृत समय सारिणी जारी की गई। सवाल-जवाब 1. लुधियाना से पूर्णिया के लिए ट्रेन किन तारीखों पर चलेगी? गाड़ी संख्या 04660 लुधियाना से 5 नवंबर और 9 नवंबर 2026 को दोपहर 12 बजे रवाना होगी। 2. पूर्णिया से लुधियाना वापसी की तारीखें क्या हैं? गाड़ी संख्या 04659 पूर्णिया से 6 नवंबर और 10 नवंबर 2026 को रात 11:30 बजे खुलेगी। 3. इस ट्रेन में कुल कितने कोच लगाए जाएंगे? इस स्पेशल ट्रेन में कुल 21 कोच होंगे और इसका परिचालन इलेक्ट्रिक इंजन से किया जाएगा। 4. लुधियाना से पूर्णिया पहुंचने में कितना समय लगेगा? लुधियाना से पूर्णिया की दूरी तय करने में लगभग 33 घंटे 30 मिनट का समय लगेगा। 5. क्या यह ट्रेन पटना जंक्शन होकर जाएगी? नहीं, यह ट्रेन पटना रूट के बजाय उत्तर प्रदेश और उत्तर बिहार के स्टेशनों जैसे गोरखपुर, छपरा, सोनपुर, हाजीपुर और सहरसा होकर जाएगी। https://trendkia.com/business/tyohari-sijana-men-relave-ki-saugata-ludhiana-aura-purnia-ke-bicha-dauregi-arakshita-speshala-trena-54429 TrendKia — Har trend, sabse pehle.