अमेरिकी मिडटर्म नतीजों के बाद कीमती धातुओं में भारी उछाल, चांदी 6,238 रुपये और सोना 2,744 रुपये चढ़ा अमेरिकी मिडटर्म चुनावों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी को मिली हार के बाद कमोडिटी बाजारों में सोना और चांदी जोरदार तेजी के साथ कारोबार कर रहे हैं. अमेरिकी मिडटर्म चुनावों के नतीजों का असर अब सीधे तौर पर कमोडिटी बाजारों में देखने को मिल रहा है, जहाँ राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी की करारी हार के बाद सुरक्षित निवेश के विकल्पों में अचानक बड़ी लिवाली शुरू हो गई है. राजनीतिक अनिश्चितता गहराने से अंतरराष्ट्रीय और घरेलू सर्राफा बाजारों में कीमती धातुओं के भाव तेजी से ऊपर चढ़े हैं. घरेलू बाजार में सोने और चांदी के ताजा भाव 4 नवंबर को सुबह 11:30 बजे घरेलू बाजार में चांदी की कीमतों में 6,238 रुपये की भारी बढ़त दर्ज की गई, जिसके बाद यह 1,85,936 रुपये पर ट्रेड करती नजर आई. वहीं सोने की चमक भी तेज हुई और इसमें 2,744 रुपये का उछाल आया, जिससे इसका भाव 1,42,196 रुपये पर पहुंच गया. राजनीतिक घटनाक्रम से बाजार पर असर मिडटर्म चुनाव नतीजों के स्पष्ट होने के बाद निवेशकों का रुझान पारंपरिक सुरक्षित संपत्तियों की तरफ बढ़ा है. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी को मिले झटके के कारण नीतियों और आगे के आर्थिक फैसलों को लेकर नई स्थितियां बन रही हैं, जिसका सीधा प्रभाव अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बुलियन कारोबार पर पड़ा है. घरेलू बाजार में भी इस तेजी का असर तुरंत देखने को मिला और दोनों प्रमुख कीमती धातुओं ने जोरदार रफ्तार पकड़ी. इसका आप पर असर सोने और चांदी के दामों में आई इस ताजा बढ़त से शादी-ब्याह के सीजन में खरीदारी करने वाले ग्राहकों और सर्राफा निवेशकों की जेब पर सीधा असर पड़ेगा. • खरीदारों पर असर: खुदरा बाजार में आभूषण खरीदना अब पहले की तुलना में काफी महंगा हो जाएगा. शादी या त्योहारों के लिए खरीदारी करने वाले लोगों को अपने बजट में अतिरिक्त राशि की व्यवस्था करनी होगी. • निवेशकों के लिए स्थिति: जिन निवेशकों के पास पहले से बुलियन होल्डिंग्स हैं, उनकी परिसंपत्तियों का मूल्य बढ़ गया है. नए खरीदारों को बाजार में स्थिरता आने तक कीमतों पर नजर बनाए रखनी चाहिए. • आगे की दिशा: राजनीतिक अनिश्चितता के दौर में कीमती धातुओं के दाम और ज्यादा उतार-चढ़ाव दिखा सकते हैं. इसलिए बड़ा लेन-देन करने से पहले स्थानीय सर्राफा दरों की पुष्टि अवश्य कर लें. • बजट प्रबंधन: घरेलू स्तर पर गहनों के लिए किए जाने वाले खर्च की योजना को दोबारा तय करना पड़ सकता है. ग्राहकों को तात्कालिक जरूरत के अनुसार ही चरणबद्ध तरीके से खरीदारी करने की सलाह दी जाती है. ऐसा क्यों हुआ अमेरिकी मिडटर्म चुनावों में आए राजनीतिक बदलावों ने निवेशकों के बीच जोखिम से बचने की भावना को बढ़ा दिया, जिससे कीमती धातुओं की मांग में अचानक तेजी आई. • चुनाव परिणाम: राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी को मिडटर्म चुनावों में करारी शिकस्त का सामना करना पड़ा. इस परिणाम से विधायी और नीतिगत निर्णयों पर अनिश्चितता का माहौल बन गया. • सुरक्षित निवेश की मांग: राजनीतिक उठापटक के समय निवेशक शेयर और जोखिम भरी संपत्तियों से पैसा निकालकर सोने और चांदी जैसी सुरक्षित धातुओं में लगाते हैं. इसी खरीदारी ने दोनों धातुओं के भावों को ऊपर खींचा. • वैश्विक धारणा: अंतरराष्ट्रीय कमोडिटी बाजारों में आई तेजी का सीधा असर घरेलू सर्राफा कारोबार पर पड़ा. विदेशी बाजारों की हलचल के चलते घरेलू कीमतों में भी सुबह से ही तेज छलांग देखने को मिली. सवाल-जवाब 1. 4 नवंबर को चांदी की कीमत में कितनी बढ़ोतरी दर्ज की गई? 4 नवंबर को सुबह 11:30 बजे चांदी 6,238 रुपये चढ़कर 1,85,936 रुपये पर पहुंच गई. 2. सोने के भाव में कितना उछाल आया है? सोने की कीमत में 2,744 रुपये की बढ़त देखी गई, जिसके बाद यह 1,42,196 रुपये पर ट्रेड करता नजर आया. 3. सोने-चांदी की कीमतों में इस अचानक तेजी की मुख्य वजह क्या है? अमेरिकी मिडटर्म चुनावों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की पार्टी को मिली हार के बाद कीमती धातुओं में जोरदार तेजी आई है. 4. क्या इस तेजी का असर सिर्फ घरेलू बाजार पर पड़ा है? नहीं, चुनाव नतीजों के बाद अंतरराष्ट्रीय और घरेलू दोनों बाजारों में सोने-चांदी की कीमतों में जोरदार तेजी दर्ज की गई है. https://trendkia.com/business/us-midterm-natijon-ke-bada-kimati-dhatuon-men-bhari-uchhala-silver-6-238-rupaye-aura-gold-2-744-rupaye-charha-56220 TrendKia — Har trend, sabse pehle.