कार्डिफ में श्रीलंका को हराकर इंग्लैंड ने जीती टी20 सीरीज, टॉम बैंटन ने खेली तूफानी पारी इंग्लैंड ने दूसरे टी20 मुकाबले में श्रीलंका को आठ ओवर शेष रहते हराकर सीरीज में अजेय बढ़त बना ली है। टॉम बैंटन के नाबाद अर्धशतक और गेंदबाजों के उम्दा प्रदर्शन ने मेहमान टीम को बैकफुट पर धकेल दिया। कार्डिफ के मैदान पर खेले गए दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच में इंग्लैंड की टीम ने एकतरफा प्रदर्शन करते हुए श्रीलंका को धूल चटा दी। मेहमान टीम के 146 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए मेजबान टीम ने लगभग आठ ओवर बाकी रहते मुकाबला अपने नाम कर लिया। इस धमाकेदार जीत की बदौलत इंग्लैंड ने तीन मैचों की श्रृंखला में अजेय बढ़त बनाकर ट्रॉफी अपने नाम कर ली है। अब श्रीलंकाई टीम के सामने 19 सितंबर को मैनचेस्टर में होने वाले तीसरे और अंतिम मुकाबले में अपनी साख बचाने की चुनौती होगी, जिसके बाद दोनों देशों के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज भी खेली जानी है। टॉम बैंटन और बल्लेबाजों का तूफानी पलटवार लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लिश टीम ने शुरुआत से ही आक्रामक तेवर अपनाए। जोस बटलर ने केवल 16 गेंदों पर 30 रन बनाकर पारी को मजबूत आधार दिया। इसके बाद टॉम बैंटन ने मोर्चा संभाला और महज 24 गेंदों में नाबाद 52 रनों की आतिशी पारी खेलकर मैच को पूरी तरह एकतरफा बना दिया। कप्तान हैरी ब्रूक ने भी क्रीज पर आते ही आक्रामकता दिखाई और मात्र आठ गेंदों पर 23 रन जड़ दिए। कार्डिफ के इस मैदान पर इंग्लैंड का दबदबा बरकरार रहा, जहां टीम ने अपने 12 टी20 मुकाबलों में 10वीं जीत दर्ज की। श्रृंखला का पहला मैच यूटिलिटा बाउल में खेला गया था, जिसमें इंग्लैंड ने 119 रनों के बड़े अंतर से शानदार जीत हासिल की थी। श्रीलंकाई बल्लेबाजों का निराशाजनक प्रदर्शन पहले बल्लेबाजी करते हुए श्रीलंकाई टीम इंग्लैंड के गेंदबाजी आक्रमण के आगे लगातार संघर्ष करती दिखी। शीर्ष क्रम से लेकर मध्य क्रम तक कोई भी बल्लेबाज बड़ी साझेदारी नहीं निभा सका। टीम के लिए सर्वोच्च स्कोर पथुम निसंका के बल्ले से निकला, जिन्होंने 21 गेंदों में 37 रनों का योगदान दिया। कप्तान चरिथ असलंका ने टिकने का प्रयास किया, लेकिन वह 31 गेंदों पर 31 रन ही जुटा सके। श्रीलंका की पूरी पारी निर्धारित 20 ओवरों में नौ विकेट के नुकसान पर 145 रनों के स्कोर तक ही सीमित रह गई। गेंदबाजों ने कसा शिकंजा इंग्लैंड की जीत में गेंदबाजों की भूमिका बेहद अहम रही। लियाम डॉसन ने अपनी फिरकी से श्रीलंकाई बल्लेबाजों को बांधे रखा और सर्वाधिक तीन विकेट झटके। तेज गेंदबाजी में जोफ्रा आर्चर और जैमी ओवर्टन ने बेहतरीन गति व सटीक लाइन-लेंथ का मुजाहिरा करते हुए दो-दो सफलताएं अपने नाम कीं। उनके अलावा सोनी बेकर और आदिल रशीद ने भी श्रीलंका को झटके देते हुए एक-एक विकेट अपनी झोली में डाला। टी20 प्रारूप में इंग्लैंड का दबदबा इंग्लैंड के खिलाड़ी पूरे वर्ष दुनिया भर में टी20 क्रिकेट खेलते हैं, जिसका सीधा असर उनकी राष्ट्रीय टीम के तालमेल और फॉर्म पर दिखाई दे रहा है। श्रीलंका के खिलाफ इंग्लैंड का हालिया रिकॉर्ड अविश्वसनीय रहा है, जहां दोनों टीमों के बीच खेले गए पिछले 21 टी20 मुकाबलों में यह इंग्लैंड की 19वीं जीत रही, यानी वे केवल दो मैच ही हारे हैं। पिछले समर से अब तक के आंकड़ों पर नजर डालें तो इंग्लैंड ने 25 पूर्ण टी20 मैचों में से 22 मुकाबलों में जीत दर्ज की है। इस दौरान टीम का जीत का प्रतिशत 88% रहा है, जो पूर्ण सदस्य टीमों में भारत के 73 प्रतिशत से भी बेहतर है। इसका आप पर असर क्रिकेट प्रशंसकों के लिए इंग्लैंड का यह दबदबा आगामी मुकाबलों में रोमांचक समीकरण लेकर आया है। • क्रिकेट प्रेमियों के लिए: इंग्लैंड की आक्रामक शैली छोटे प्रारूप में नए मानक स्थापित कर रही है। दर्शक अब 19 सितंबर को होने वाले अंतिम टी20 और इसके बाद तीन मैचों की वनडे सीरीज में और अधिक कड़ा मुकाबला देखने की उम्मीद कर सकते हैं। • द्विपक्षीय सीरीज का रुख: सीरीज हाथ से निकलने के बाद श्रीलंका की टीम मैनचेस्टर में अपनी रणनीति में बड़ा बदलाव कर सकती है। तीसरे मुकाबले में बेंच स्ट्रेंथ को मौका मिलने और टीम संयोजन में बदलाव की पूरी संभावना है। • ग्लोबल टी20 परिदृश्य: इंग्लैंड का 88% जीत का दर शीर्ष टीमों के लिए एक बड़ी चुनौती पेश करता है। वैश्विक टूर्नामेंटों से पहले दुनिया भर की टीमों को इंग्लैंड के इस बेखौफ अंदाज की काट तलाशनी होगी। • खिलाड़ियों की फॉर्म: टॉम बैंटन और लियाम डॉसन जैसे खिलाड़ियों के फॉर्म में लौटने से टीम का संतुलन और मजबूत हुआ है। यह प्रदर्शन आने वाली सीरीज और विभिन्न फ्रेंचाइजी लीगों में उनके चयन के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण रहेगा। ऐसा क्यों हुआ इंग्लैंड की इस एकतरफा जीत और सीरीज जीत के पीछे उनकी गहरी बल्लेबाजी लाइन-अप, आक्रामक मानसिकता और लगातार मैच खेलने का अनुभव प्रमुख कारण रहा। • सीधे मुकाबले का अंतर: श्रीलंका का शीर्ष क्रम 145 रन पर सिमट गया, जो कार्डिफ की पिच पर बिल्कुल पर्याप्त नहीं था। इंग्लैंड के पास शुरुआत से ही आक्रामक खेलने का मौका था और बटलर व बैंटन ने बिना समय गंवाए लक्ष्य को छोटा कर दिया। • अनुभव और टी20 एक्सपोजर: इंग्लिश खिलाड़ी साल भर टी20 लीग और घरेलू प्रारूपों में सक्रिय रहते हैं। इस निरंतर खेल का लाभ राष्ट्रीय टीम को मैदान पर तुरंत फैसले लेने और तेज गति से रन बनाने में मिलता है। • गेंदबाजी में विविधता: लियाम डॉसन की स्पिन और आर्चर-ओवर्टन की तेज गति ने श्रीलंकाई बल्लेबाजों को हाथ खोलने का मौका नहीं दिया। नियमित अंतरालों पर विकेट गिरने से श्रीलंका कभी भी बड़ा स्कोर खड़ा करने की स्थिति में नहीं आ सका। सवाल-जवाब 1. कार्डिफ टी20 मैच में इंग्लैंड ने कितने ओवर बाकी रहते जीत दर्ज की? इंग्लैंड ने 146 रनों का लक्ष्य लगभग आठ ओवर बाकी रहते ही हासिल कर लिया। 2. दूसरे टी20 में इंग्लैंड के लिए सबसे ज्यादा रन किस बल्लेबाज ने बनाए? टॉम बैंटन ने 24 गेंदों पर नाबाद 52 रनों की शानदार अर्धशतकीय पारी खेली। 3. श्रीलंका के लिए इस मैच में सर्वोच्च स्कोरर कौन रहा? श्रीलंका की तरफ से सलामी बल्लेबाज पथुम निसंका ने सबसे ज्यादा 37 रन (21 गेंद) बनाए। 4. इंग्लैंड के किस गेंदबाज ने सबसे ज्यादा विकेट झटके? लियाम डॉसन ने शानदार गेंदबाजी करते हुए सर्वाधिक तीन बल्लेबाजों को आउट किया। 5. इस सीरीज का तीसरा और आखिरी मैच कब और कहां खेला जाएगा? श्रृंखला का अंतिम मैच 19 सितंबर को मैनचेस्टर में आयोजित होगा। 6. पिछले समर से अब तक टी20 में इंग्लैंड का जीत प्रतिशत कितना रहा है? इंग्लैंड ने 25 पूरे हुए टी20 मैचों में से 22 जीतकर 88% का विनिंग रिकॉर्ड बनाया है। https://trendkia.com/cricket/cardiff-men-sri-lanka-ko-harakara-england-ne-jiti-t20i-sirija-tom-banton-ne-kheli-tuphani-pari-34336 TrendKia — Har trend, sabse pehle.