न्यूजीलैंड दौरे से पहले यशस्वी जायसवाल ने शुरू किया विकेटकीपिंग का अभ्यास, सिद्धेश लाड ने किया खुलासा रणजी ट्रॉफी में चंडीगढ़ के खिलाफ मुकाबले से पहले भारतीय सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल ने अभ्यास मैच में करीब 10 ओवर विकेटकीपिंग की। मुंबई के कप्तान सिद्धेश लाड ने पुष्टि की कि जायसवाल अपनी बल्लेबाजी के साथ इस नए हुनर को तराश रहे हैं। भारतीय राष्ट्रीय क्रिकेट टीम के प्रमुख सलामी बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल अपने खेल के दायरे को और बढ़ाने के लिए एक नए कौशल पर पसीना बहा रहे हैं। साल 2026 में अपने बल्ले से निरंतर उम्दा प्रदर्शन करने वाले जायसवाल आगामी अंतरराष्ट्रीय असाइनमेंट से पहले घरेलू क्रिकेट के जरिए लय हासिल करने की कोशिश में जुटे हैं। भारतीय टीम को आगामी समय में न्यूजीलैंड का महत्वपूर्ण दौरा करना है, जहां दो टेस्ट मैचों की कड़ी श्रृंखला खेली जानी है। विदेशी पिचों और स्विंग के अनुकूल परिस्थितियों में जायसवाल की तकनीक की कड़ी परीक्षा होगी। इस अहम विदेशी दौरे की तैयारी को अंतिम रूप देने के लिए वह रणजी ट्रॉफी 2026-27 के आगामी सीजन के शुरुआती मुकाबले में मुंबई की जर्सी में मैदान पर उतरेंगे। अभ्यास सत्र में नए हुनर पर काम कर रहे हैं जायसवाल कीवी दौरे की उड़ानों से ठीक पहले मुंबई रणजी टीम के कप्तान सिद्धेश लाड ने यशस्वी जायसवाल की ट्रेनिंग और मैदान पर चल रही तैयारियों को लेकर बेहद रोचक जानकारी साझा की है। लाड के अनुसार, जायसवाल केवल अपनी पारंपरिक ओपनिंग बल्लेबाजी पर ही ध्यान केंद्रित नहीं कर रहे हैं, बल्कि वह विकेटकीपिंग के हुनर को भी तराशने में जुटे हैं। इस रणजी सत्र के आगाज से पहले जायसवाल खुद को स्टंप्स के पीछे परखने के लिए अतिरिक्त समय दे रहे हैं। घरेलू क्रिकेट में खुद को बहुआयामी खिलाड़ी के रूप में ढालने का उनका यह प्रयास काफी चर्चा बटोर रहा है। अभ्यास मुकाबले में 10 ओवर तक संभाले दस्ताने यशस्वी जायसवाल ने चंडीगढ़ के खिलाफ होने वाले मैच से पहले आयोजित एक वॉर्म-अप मुकाबले में अपनी नई भूमिका का व्यावहारिक परीक्षण भी किया। अभ्यास मैच के दौरान उन्होंने लगभग 10 ओवरों तक विकेटकीपर के दस्ताने पहनकर मैदान पर जिम्मेदारी संभाली। टीम इंडिया में आम तौर पर नेट्स के दौरान लेग स्पिन गेंदबाजी करते दिखने वाले इस युवा क्रिकेटर का यह कदम दर्शाता है कि वह खुद को एक बैकअप विकेटकीपर के विकल्प के तौर पर भी विकसित कर रहे हैं। यदि वह लगातार अभ्यास करते हैं, तो खेल के इस पहलू में भी उनकी पकड़ स्वाभाविक रूप से मजबूत हो जाएगी। वानखेड़े में चंडीगढ़ से पहला मुकाबला, दूसरे मैच में रहेंगे अनुपस्थित रणजी ट्रॉफी 2026-27 के अपने शुरुआती अभियान के तहत मुंबई की टीम 11 अक्टूबर से वानखेड़े स्टेडियम में चंडीगढ़ के खिलाफ मुकाबला खेलेगी। जायसवाल इस पहले मुकाबले में प्लेइंग इलेवन का हिस्सा रहेंगे, जिससे उन्हें प्रतिस्पर्धी क्रिकेट के जरिए अपनी फॉर्म और फिटनेस जांचने का मौका मिलेगा। हालांकि, इसके तुरंत बाद शुरू होने वाले न्यूजीलैंड दौरे के कारण वह मुंबई के दूसरे रणजी मुकाबले के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। हाल ही में घोषित मुंबई के रणजी दल में सिद्धेश लाड को कमान सौंपी गई थी, जबकि सूर्यकुमार यादव को टीम में जगह नहीं दी गई थी। इसका आप पर असर क्रिकेट प्रेमियों और भारतीय टीम के प्रशंसकों के लिए यशस्वी जायसवाल का यह नया प्रयोग भविष्य के टीम संयोजन के लिहाज से काफी अहम संकेत देता है। • क्रिकेट प्रशंसकों के लिए: भारतीय शीर्ष क्रम के मुख्य बल्लेबाज को बहुआयामी भूमिका में देखना आगामी दौरों पर टीम की बेंच स्ट्रेंथ और संतुलन को मजबूत कर सकता है। अगर जायसवाल बैकअप विकेटकीपर की भूमिका निभाते हैं, तो टीम को अंतिम एकादश में अतिरिक्त गेंदबाज या ऑलराउंडर खिलाने की छूट मिल सकती है। • मुंबई के दर्शकों के लिए: वानखेड़े स्टेडियम में 11 अक्टूबर से शुरू होने वाले रणजी मुकाबले में स्थानीय प्रशंसकों को जायसवाल की बल्लेबाजी और संभावित विकेटकीपिंग कौशल को करीब से देखने का मौका मिलेगा। हालांकि इसके बाद वह सीधे राष्ट्रीय टीम के साथ न्यूजीलैंड रवाना हो जाएंगे। • टीम इंडिया के चयन समीकरण: टेस्ट प्रारूप में बैकअप विकल्प तैयार होने से लंबे विदेशी दौरों पर आपात स्थिति में टीम प्रबंधन के पास एक उपयोगी घरेलू विकल्प उपलब्ध रहेगा। इससे टीम को स्क्वाड में लचीलापन बनाए रखने में मदद मिलेगी। • घरेलू क्रिकेट का स्तर: अंतरराष्ट्रीय सितारों के रणजी ट्रॉफी के शुरुआती दौर में खेलने से घरेलू टूर्नामेंट की प्रतिस्पर्धात्मकता और दर्शकों की दिलचस्पी दोनों में इजाफा होगा। युवा खिलाड़ियों को भी राष्ट्रीय स्तर के स्टार के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करने का फायदा मिलेगा। ऐसा क्यों हुआ यशस्वी जायसवाल ने अपने खेल में नए कौशल जोड़ने और आगामी अंतरराष्ट्रीय टेस्ट दौरे की अनुकूलता हासिल करने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है। • खेल में बहुआयामी बनने की चाह: मुंबई के कप्तान सिद्धेश लाड के मुताबिक जायसवाल खुद अपने खेल में कुछ नया जोड़ना चाहते हैं ताकि उनकी उपयोगिता बढ़े। इसी व्यक्तिगत प्रेरणा के तहत उन्होंने नियमित अभ्यास सत्रों में ग्लव्स पहनना शुरू किया है। • न्यूजीलैंड दौरे की तैयारी: दो टेस्ट मैचों की आगामी कीवी श्रृंखला से पहले मैच प्रैक्टिस और रिफ्लेक्स को तेज करने के लिए उन्होंने रणजी के शुरुआती मुकाबले को चुना है। विकेटकीपिंग का अभ्यास बल्लेबाज की नजर और गेंद पर ध्यान केंद्रित करने की क्षमता को भी निखारता है। • अभ्यास मैच में व्यावहारिक परीक्षण: चंडीगढ़ के खिलाफ 11 अक्टूबर के मुकाबले से पहले मुंबई की टीम ने वॉर्म-अप मैच खेला था। उसी मैच में जायसवाल ने 10 ओवर कीपिंग करके इस भूमिका में अपने फुटवर्क और सहजता की व्यावहारिक जांच की। सवाल-जवाब 1. यशस्वी जायसवाल ने हाल ही में किस नए कौशल का अभ्यास शुरू किया है? यशस्वी जायसवाल ने अपनी नियमित बल्लेबाजी के साथ-साथ विकेटकीपिंग का अभ्यास करना शुरू किया है। 2. जायसवाल की इस ट्रेनिंग के बारे में किसने जानकारी दी? मुंबई रणजी टीम के कप्तान सिद्धेश लाड ने समाचार एजेंसी पीटीआई को दिए बयान में इस बात का खुलासा किया। 3. जायसवाल ने अभ्यास मैच में कितने ओवर विकेटकीपिंग की? उन्होंने चंडीगढ़ के खिलाफ मैच से पहले हुए अभ्यास मुकाबले में लगभग 10 ओवर तक विकेटकीपिंग की। 4. मुंबई का पहला रणजी मुकाबला कब और कहां खेला जाएगा? मुंबई का पहला मुकाबला 11 अक्टूबर से वानखेड़े स्टेडियम में चंडीगढ़ के खिलाफ खेला जाएगा। 5. क्या जायसवाल रणजी ट्रॉफी के सभी मैचों में उपलब्ध रहेंगे? नहीं, आगामी न्यूजीलैंड दौरे के कारण वह मुंबई के दूसरे रणजी मैच में चयन के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। 6. मुंबई की रणजी टीम में कप्तान किसे नियुक्त किया गया है? मुंबई रणजी टीम की कप्तानी सिद्धेश लाड को सौंपी गई है, जबकि सूर्यकुमार यादव को टीम में शामिल नहीं किया गया है। https://trendkia.com/cricket/new-zealand-daure-se-pahale-yashasvi-jaiswal-ne-shuru-kiya-viketakipinga-ka-abhyasa-siddhesh-lad-ne-kiya-khulasa-44944 TrendKia — Har trend, sabse pehle.