ऋषभ पंत की कप्तानी में रेस्ट ऑफ इंडिया ने जीता ईरानी कप, मुकेश कुमार ने दूसरी पारी में चटकाए 6 विकेट श्रीनगर में खेले गए ईरानी कप मुकाबले में रेस्ट ऑफ इंडिया ने जम्मू-कश्मीर को 167 रनों से शिकस्त देकर 33वीं बार खिताब अपने नाम कर लिया। तेज गेंदबाज मुकेश कुमार ने चौथी पारी में महज 33 रन देकर 6 विकेट झटके। घरेलू क्रिकेट सत्र 2026-27 के आगाज के साथ ही श्रीनगर के शेर-ए-कश्मीर स्टेडियम में ईरानी कप का रोमांचक मुकाबला खेला गया। इस प्रतिष्ठित मुकाबले में रेस्ट ऑफ इंडिया (ROI) ने शानदार खेल दिखाते हुए जम्मू-कश्मीर को चौथे ही दिन 167 रनों के बड़े अंतर से पराजित कर दिया। साल 2025-26 के रणजी ट्रॉफी विजेता जम्मू-कश्मीर को मैच की चौथी पारी में जीत दर्ज करने के लिए 279 रनों का लक्ष्य मिला था। हालांकि, लक्ष्य का पीछा करते हुए विरोधी टीम का बल्लेबाजी क्रम पूरी तरह लड़खड़ा गया और पूरी टीम 28.4 ओवरों में महज 111 रनों पर ढेर हो गई। मुकेश कुमार का घातक स्पेल और राष्ट्रीय टीम में वापसी का दावा रेस्ट ऑफ इंडिया की इस ऐतिहासिक जीत के सबसे बड़े सूत्रधार तेज गेंदबाज मुकेश कुमार रहे। विकेटकीपर-बल्लेबाज ऋषभ पंत के नेतृत्व में खेल रही रेस्ट ऑफ इंडिया की टीम के लिए मुकेश कुमार पहली पारी में उम्मीद के मुताबिक प्रभाव नहीं छोड़ पाए थे, जहां उन्हें सिर्फ 2 विकेट मिले थे। लेकिन चौथी पारी में उन्होंने अपनी सटीक लाइन और लेंथ से मैच का रुख ही बदल दिया। मुकेश ने अपने धारदार स्पेल में 10.4 ओवर गेंदबाजी करते हुए सिर्फ 33 रन खर्चे और जम्मू-कश्मीर के 6 प्रमुख बल्लेबाजों को पवेलियन भेज दिया। मुकेश कुमार ने इस दौरान विपक्षी टीम के कप्तान पारस डोगरा को बिना खाता खोले शून्य के स्कोर पर बोल्ड कर दिया। इसके अलावा खतरनाक दिख रहे बल्लेबाज अब्दुल समद को भी उन्होंने अपनी गेंद पर चकमा देकर आउट किया। इस दमदार प्रदर्शन के जरिए मुकेश कुमार ने अपनी मैच फिटनेस और लय साबित कर दी है। न्यूजीलैंड दौरे से पहले उनका यह प्रदर्शन भारतीय राष्ट्रीय टीम के चयनकर्ताओं का ध्यान खींचने और राष्ट्रीय टीम में वापसी की राह आसान करने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने इस मुकाबले के अहम पलों को सोशल मीडिया पर साझा किया है। आकाशदीप और मुकेश चौधरी की धारदार गेंदबाजी गेंदबाजी आक्रमण में मुकेश कुमार को दूसरे छोर से भी बेहतरीन समर्थन हासिल हुआ। रेस्ट ऑफ इंडिया के तेज गेंदबाज आकाशदीप और मुकेश चौधरी ने भी दोनों पारियों में विपक्षी बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का कोई मौका नहीं दिया। मुकेश चौधरी ने मुकाबले में एक पारी में पांच विकेट झटकने का कारनामा करने के साथ कुल 6 विकेट अपने खाते में दर्ज किए। वहीं दूसरी तरफ आकाशदीप ने भी लगातार दबाव बनाए रखा और दोनों पारियों में 3-3 विकेट लेते हुए कुल 6 विकेट चटकाए। इन तीनों तेज गेंदबाजों की सटीक लाइन-लेंथ के आगे जम्मू-कश्मीर के बल्लेबाज बेबस नजर आए। रेस्ट ऑफ इंडिया ने 33वीं बार अपने नाम किया खिताब यह खिताबी जीत रेस्ट ऑफ इंडिया के लिए कई मायनों में बेहद खास है। टीम लगातार दो बार ईरानी कप के फाइनल मुकाबले में हार का सामना कर चुकी थी। इस बार श्रीनगर में मिली शानदार जीत के साथ रेस्ट ऑफ इंडिया ने अपने खिताबी सूखे को खत्म किया और रिकॉर्ड 33वीं बार ईरानी कप की चमचमाती ट्रॉफी अपने नाम की। रणजी चैंपियन जम्मू-कश्मीर की टीम पूरे मैच में रेस्ट ऑफ इंडिया की तेज गेंदबाजी तिकड़ी की चुनौती का मुकाबला नहीं कर सकी। बीसीसीआई घरेलू क्रिकेट ने भी मैच के इस ऐतिहासिक समापन को सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए रेखांकित किया। इसका आप पर असर क्रिकेट प्रेमियों और घरेलू क्रिकेट पर नजर रखने वाले प्रशंसकों के लिए यह मुकाबला राष्ट्रीय टीम चयन के कई अहम संकेत देता है। • भारत में: आगामी न्यूजीलैंड दौरे से पहले राष्ट्रीय टीम के चयनकर्ताओं को तेज गेंदबाजी विकल्प के रूप में मुकेश कुमार की मैच फिटनेस का पुख्ता प्रमाण मिला है। प्रशंसकों को जल्द ही टीम इंडिया के आगामी टेस्ट और सीमित ओवरों के दौरों के लिए स्क्वाड चयन में अहम बदलाव देखने को मिल सकते हैं। • श्रीनगर में: शेर-ए-कश्मीर स्टेडियम में बड़े घरेलू फाइनल के सफल आयोजन से घाटी में प्रथम श्रेणी क्रिकेट को नई मजबूती मिली है। स्थानीय क्रिकेट प्रशंसकों को भविष्य में और भी बड़े राष्ट्रीय मुकाबलों की मेजबानी देखने का मौका मिल सकता है। • घरेलू क्रिकेट के लिहाज से: रेस्ट ऑफ India द्वारा दो लगातार फाइनल हारने के बाद 33वीं बार ट्रॉफी जीतना टूर्नामेंट में उनके पारंपरिक दबदबे को फिर स्थापित करता है। रणजी चैंपियन जम्मू-कश्मीर के खिलाड़ियों के लिए यह मुकाबला दबाव भरे हालात में तकनीकी सुधार का बड़ा सबक साबित होगा। • खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर: मुकेश कुमार, आकाशदीप और मुकेश चौधरी द्वारा कुल 20 विकेट आपस में बांटना तेज गेंदबाजों के लिए घरेलू सत्र की शानदार शुरुआत है। आने वाले घरेलू मुकाबलों में बल्लेबाजों को इन गेंदबाजों के खिलाफ अतिरिक्त तैयारी के साथ उतरना होगा। ऐसा क्यों हुआ रेस्ट ऑफ इंडिया की यह जीत उनकी तेज गेंदबाजी की धार और चौथी पारी में जम्मू-कश्मीर के बल्लेबाजी क्रम के बिखरने की वजह से संभव हुई। • सीधी वजह: चौथी पारी में 279 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए जम्मू-कश्मीर के बल्लेबाज मुकेश कुमार के सटीक इनस्विंग और सीम मूवमेंट को नहीं संभाल सके। कप्तान पारस डोगरा और अब्दुल समद के सस्ते में आउट होने से पारी केवल 111 रनों पर सिमट गई। • परिस्थितियां और गेंदबाजी रणनीति: चौथे दिन की पिच पर आकाशदीप, मुकेश चौधरी और मुकेश कुमार ने लगातार दबाव बनाए रखा और रन बनाने का कोई मौका नहीं दिया। पहली पारी में बढ़त और गेंदबाजों के संयुक्त प्रयास ने विपक्षी टीम को मैच से बाहर कर दिया। • पिछला संदर्भ: रेस्ट ऑफ इंडिया पिछले दो लगातार ईरानी कप फाइनल मुकाबले हार चुकी थी, जिसके चलते इस बार टीम खिताब जीतने के लिए बेहद आक्रामक रणनीति के साथ मैदान पर उतरी थी। सवाल-जवाब 1. ईरानी कप 2026-27 का खिताब किस टीम ने जीता? रेस्ट ऑफ इंडिया ने चौथे दिन जम्मू-कश्मीर को 167 रनों से हराकर ईरानी कप 2026-27 का खिताब जीता। 2. यह मुकाबला किस मैदान पर खेला गया था? यह मुकाबला श्रीनगर स्थित शेर-ए-कश्मीर स्टेडियम में खेला गया था। 3. मुकेश कुमार ने मुकाबले की चौथी पारी में कैसा प्रदर्शन किया? मुकेश कुमार ने चौथी पारी में 10.4 ओवरों में सिर्फ 33 रन देकर 6 विकेट हासिल किए। 4. जम्मू-कश्मीर को मैच जीतने के लिए कितने रनों का लक्ष्य मिला था? जम्मू-कश्मीर को चौथी पारी में जीत के लिए 279 रनों का लक्ष्य मिला था, लेकिन टीम 111 रनों पर सिमट गई। 5. रेस्ट ऑफ इंडिया टीम के कप्तान कौन थे? ईरानी कप के इस मुकाबले में रेस्ट ऑफ इंडिया टीम का नेतृत्व ऋषभ पंत कर रहे थे। 6. रेस्ट ऑफ इंडिया ने अब तक कितनी बार ईरानी कप जीता है? रेस्ट ऑफ इंडिया ने इस जीत के साथ 33वीं बार ईरानी कप का खिताब अपने नाम किया है। https://trendkia.com/cricket/rishabh-pant-ki-kaptani-men-rest-of-india-ne-jita-irani-cup-mukesh-kumar-ne-dusari-pari-men-chatakae-6-viketa-42749 TrendKia — Har trend, sabse pehle.