साइराज बहुतुले ने टेस्ट क्रिकेट में फ्री-हिट नियम लागू करने का दिया सुझाव, कोलंबो में स्पिनरों की नो-बॉल पर जताई चिंता कोलंबो टेस्ट के चौथे दिन भारतीय स्पिनरों द्वारा 10 नो-बॉल फेंके जाने पर स्पिन गेंदबाजी कोच साइराज बहुतुले ने चिंता जताई है। उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में भी फ्री-हिट नियम लागू करने का विचार सामने रखा। श्रीलंका के खिलाफ कोलंबो स्थित एसएससी ग्राउंड पर खेले जा रहे दूसरे टेस्ट मैच के चौथे दिन का खेल खत्म होने तक भारतीय टीम ने मुकाबले पर अपनी स्थिति बेहद मजबूत कर ली। हालांकि, मैच में मजबूत पकड़ बनाने के बावजूद टीम इंडिया के लिए एक पुरानी समस्या फिर से सिर उठाती दिख रही है। भारतीय स्पिन गेंदबाजों द्वारा लगातार नो-बॉल फेंकना टीम प्रबंधन के लिए चिंता का कारण बन गया है। कोलंबो टेस्ट के चौथे दिन अकेले भारतीय स्पिनरों ने कुल 10 नो-बॉल डालीं, जिससे विपक्षी टीम को अतिरिक्त रन और गेंदे हासिल हुईं। इस समस्या पर बात करते हुए भारतीय टीम के स्पिन गेंदबाजी कोच साइराज बहुतुले ने अपनी चिंता जाहिर की है। उन्होंने मजाकिया अंदाज में यह सुझाव भी दिया कि यदि टेस्ट क्रिकेट में भी सीमित ओवरों की तरह फ्री-हिट का नियम लागू कर दिया जाए, तो स्पिनरों की नो-बॉल की संख्या में भारी कमी आ सकती है। टेस्ट मैचों में फ्री-हिट नियम लागू करने का दिया सुझाव चौथे दिन का खेल समाप्त होने के बाद आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय स्पिन गेंदबाजी कोच साइराज बहुतुले ने स्पिनरों द्वारा अत्यधिक नो-बॉल फेंके जाने के सवाल पर विस्तार से बात की। बहुतुले ने कहा कि वह नियमों को तय करने वाले अधिकारी नहीं हैं, लेकिन अगर टेस्ट फॉर्मेट में भी फ्री-हिट का प्रावधान लाया जाता है तो निश्चित तौर पर नो-बॉल की संख्या में गिरावट आएगी। बहुतुले के अनुसार, कोई भी टीम या गेंदबाज टेस्ट मैच जैसी महत्वपूर्ण परिस्थिति में अतिरिक्त रन देने और अगली गेंद पर फ्री-हिट का जोखिम उठाने से बचना चाहेगा। उन्होंने कहा कि भले ही यह सुझाव उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में दिया हो, लेकिन यह नो-बॉल की आदत को सुधारने में बेहद प्रभावी साबित हो सकता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभ्यास सत्र के दौरान गेंदबाजों को क्रीज की रेखा का ध्यान रखने के लिए लगातार सतर्क किया जाता है। तकनीकी सुधार और अतिरिक्त प्रयास का असर गेंदबाजों द्वारा क्रीज से आगे पैर निकालने की वजह पर बात करते हुए बहुतुले ने बताया कि जब पिच से मदद मिलना कठिन होता है और गेंदबाज विकेट हासिल करने के लिए ज्यादा जोर लगाता है, तो ऐसे में गेंदबाज का शरीर ज्यादा प्रयास करने लगता है। इसी अतिरिक्त प्रयास के चक्कर में अक्सर गेंदबाज का पैर क्रीज से बाहर निकल जाता है। इस तकनीकी कमी को दूर करने के लिए कोचिंग स्टाफ लगातार काम कर रहा है। बहुतुले ने बताया कि रवींद्र जडेजा और सारांश जैन जैसे स्पिनरों के साथ उनके टेक-ऑफ प्वाइंट को सही करने पर काफी काम किया गया है, ताकि गेंदबाजी के दौरान उनका पैर सही स्थान पर पड़े। उन्होंने कहा कि विकेट की तलाश में ज्यादा प्रयास करना नो-बॉल का बहाना नहीं हो सकता, इसलिए नेट प्रैक्टिस के दौरान भी मैच जैसी गंभीरता बनाए रखी जाती है। चौथे दिन के खेल में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन नो-बॉल की समस्या के बावजूद चौथे दिन भारतीय खिलाड़ियों ने मैदान पर शानदार खेल दिखाया। स्पिनर मानव सुथार ने बेहतरीन रणनीति बनाकर पासिंदु सूरियाबंदारा को अपने जाल में फंसाया और विकेटकीपर ऋषभ पंत ने मुस्तैदी दिखाते हुए कैच लपककर उन्हें पवेलियन भेजा। इसके अलावा, कप्तान शुभमन गिल ने मैदान पर एक बेहद दर्शनीय कैच लपका, जिसे देखकर मैदान पर मौजूद सभी खिलाड़ी और दर्शक दंग रह गए। कोलंबो टेस्ट अब अपने अंतिम पड़ाव पर है और भारतीय टीम अपनी तकनीकी कमियों को सुधारते हुए जीत दर्ज करने के इरादे से मैदान में उतरेगी। स्पिन गेंदबाजी कोच साइराज बहुतुले और कोचिंग स्टाफ का पूरा ध्यान इस बात पर है कि आगामी मैचों में नो-बॉल की संख्या को पूरी तरह नियंत्रित किया जा सके। इसका आप पर असर क्रिकेट प्रशंसकों और टीम इंडिया के लिए: • अतिरिक्त रनों पर रोक: नो-बॉल की संख्या कम होने से विपक्षी टीमों को मिलने वाले मुफ़्त रनों और अतिरिक्त गेंदों पर लगाम लगेगी। • मैच के नतीजों पर असर: टेस्ट क्रिकेट में अनुशासन बनाए रखने से करीबी मुकाबलों में टीम इंडिया की पकड़ मजबूत होगी। सवाल-जवाब 1. कोलंबो टेस्ट के चौथे दिन भारतीय स्पिनरों ने कितनी नो-बॉल फेंकी? भारतीय स्पिनरों ने कोलंबो में श्रीलंका के खिलाफ दूसरे टेस्ट के चौथे दिन कुल 10 नो-बॉल फेंकी। 2. साइराज बहुतुले ने नो-बॉल की समस्या कम करने के लिए क्या सुझाव दिया? बहुतुले ने मजाकिया अंदाज में सुझाव दिया कि टेस्ट क्रिकेट में भी फ्री-हिट नियम लागू करने से गेंदबाज नो-बॉल फेंकने से बचेंगे। 3. स्पिनर गेंदबाजी करते समय क्रीज से बाहर क्यों निकल जाते हैं? जब गेंदबाज मुश्किल पिच पर अधिक टर्न या उछाल हासिल करने के लिए ज्यादा जोर लगाता है, तो अक्सर उसका पैर क्रीज के बाहर चला जाता है। 4. किन भारतीय स्पिनरों के टेक-ऑफ प्वाइंट पर काम किया जा रहा है? कोचिंग स्टाफ रवींद्र जडेजा और सारांश जैन के साथ उनके टेक-ऑफ प्वाइंट और डिलीवरी स्ट्राइड को बेहतर बनाने पर काम कर रहा है। 5. चौथे दिन के खेल में मानव सुथार और ऋषभ पंत ने क्या भूमिका निभाई? मानव सुथार ने पासिंदु सूरियाबंदारा को अपनी स्पिन पर फंसाया और ऋषभ पंत ने कैच लेकर उन्हें आउट किया। https://trendkia.com/cricket/sairaj-bahutule-ne-testa-kriketa-men-phri-hita-niyama-lagu-karane-ka-diya-sujhava-colombo-men-spinaron-ki-no-bola-para-jatai-chint-22647 TrendKia — Har trend, sabse pehle.