टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में गिरफ्तार बबीता का आजमगढ़ कनेक्शन, पिता बोले- बेटी पूरी तरह बेकसूर मुंबई में अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर हुई फायरिंग के सिलसिले में नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार की गई बबीता का संबंध उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले से है। उसके पिता ने पुलिस से निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए बेटी को निर्दोष बताया है। मुंबई में फिल्म अभिनेता टाइगर श्रॉफ के घर के बाहर हाल ही में हुई गोलीबारी की सनसनीखेज घटना के बाद से सुरक्षा एजेंसियां और पुलिस लगातार सक्रियता से इस मामले की जांच कर रही हैं। इसी कड़ी में दिल्ली पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से दो संदिग्ध युवतियों को हिरासत में लिया है। पुलिस की गिरफ्त में आई दोनों युवतियां उत्तर प्रदेश की रहने वाली बताई जा रही हैं, जिनमें से एक का ताल्लुक सीतापुर से है जबकि दूसरी युवती पूर्वांचल के आजमगढ़ जनपद की रहने वाली है। आजमगढ़ से जुड़ी युवती की पहचान बबीता के रूप में हुई है, जो तहबरपुर थाना क्षेत्र के एक ग्रामीण इलाके के बेहद साधारण परिवार से ताल्लुक रखती है। इस गिरफ्तारी के सामने आने के बाद से ही इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। हरियाणा में एक फैक्ट्री में करती थी पैकेजिंग का काम इस पूरे घटनाक्रम के सामने आने के बाद बबीता के पारिवारिक पृष्ठभूमि और उसकी गतिविधियों के बारे में जानने के लिए उसके पैतृक गांव जाकर परिजनों से बातचीत की गई। बबीता के पिता रामजतन राम ने मीडिया को बताया कि उनकी बेटी का इस आपराधिक घटना से दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है और वह पूरी तरह से निर्दोष है। रामजतन राम ने जानकारी दी कि घटना से महज दो दिन पहले उनके छोटे बेटे के फोन पर दिल्ली पुलिस की तरफ से एक कॉल आया था। फोन करने वाले पुलिसकर्मियों ने बताया कि बबीता को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से पकड़ लिया गया है और उससे पूछताछ की जा रही है। इस सूचना के मिलते ही पूरा परिवार गहरे सदमे में आ गया और माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता के मुताबिक बबीता पिछले करीब दो सालों से हरियाणा के सोनीपत में रह रही थी। वह अपने कुछ रिश्तेदारों के साथ वहां गई थी और एक स्थानीय बिस्कुट और नमकीन बनाने वाली फैक्ट्री में पैकेजिंग का काम संभालती थी ताकि परिवार की आर्थिक स्थिति में कुछ मदद कर सके। सोनीपत में रहने के दौरान ही उसकी मुलाकात राधा नाम की एक अन्य लड़की से हुई थी। उसी राधा के कहने पर बबीता उसके साथ मुंबई में धार्मिक स्थलों के दर्शन करने के लिए जा रही थी। मुंबई से वापसी के दौरान दिल्ली स्टेशन पर हुई धड़पकड़ मुंबई में अपनी यात्रा पूरी करने के बाद जब दोनों युवतियां वापस लौट रही थीं, तो वे नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर उतरीं। स्टेशन पर उतरते ही पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए दोनों को दबोच लिया। तलाशी के दौरान पुलिस ने राधा के पास या उसके बैग से कुछ आपत्तिजनक सामग्री बरामद की, जिसके बाद पुलिस ने संदेह के आधार पर बबीता को भी अपने साथ बैठा लिया और थाने लाकर पूछताछ शुरू कर दी। पिता ने बताया कि बबीता स्वभाव से बहुत मेहनती और शांत किस्म की लड़की है। उसने कभी किसी गलत गतिविधि में हिस्सा नहीं लिया और वह सिर्फ अपने परिवार का हाथ बंटाने और कुछ पैसे कमाने के उद्देश्य से सोनीपत में रहकर नौकरी कर रही थी। परिवार को उसके काम करने पर पूरा भरोसा था क्योंकि वह हमेशा अपनी मेहनत की कमाई पर ही निर्भर रहती थी। बेहद साधारण है बबीता की शैक्षणिक और पारिवारिक पृष्ठभूमि बबीता की पढ़ाई-लिखाई के बारे में बात करते हुए उसके पिता रामजतन राम ने बताया कि उसकी शुरुआती शिक्षा गांव के ही प्राथमिक विद्यालय मुस्तफाबाद से पूरी हुई थी, जहां उसने कक्षा 5 तक की पढ़ाई की। इसके बाद उसने आगे की शिक्षा के लिए आजमगढ़ जिले के ओरा स्थित किसान इंटर कॉलेज में दाखिला लिया और वहीं से हाई स्कूल तथा इंटरमीडिएट की परीक्षाएं पास कीं। स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद बबीता ने उत्तर प्रदेश के ही सुल्तानपुर जिले से अपनी ग्रेजुएशन यानी बीए की डिग्री पूरी की। जब उसकी पढ़ाई पूरी हो गई और उसे कोई नौकरी नहीं मिली, तो वह कुछ समय तक घर पर खाली बैठी रही। घर की तंगी को देखते हुए उसने खुद ही काम करने की इच्छा जताई और परिवार की सहमति मिलने के बाद वह सोनीपत चली गई थी ताकि अपना भविष्य बना सके और घर की आर्थिक मदद कर सके। पारिवारिक हालात का जिक्र करते हुए पिता ने बताया कि उनका परिवार बेहद गरीब, सीधा-साधा और ईमानदार है। घर की आजीविका चलाने के लिए पिता खेती-किसानी के साथ-साथ मजदूरी और दिहाड़ी का काम करते हैं ताकि किसी तरह परिवार का गुजारा चल सके। उनके परिवार में कुल तीन बेटियां और दो बेटे हैं। बबीता की दोनों बहनों की शादी हो चुकी है और वे अपने-अपने ससुराल में रहती हैं, जबकि बबीता अभी अविवाहित है। वहीं दोनों भाई भी रोजी-रोटी की तलाश में घर से बाहर दूसरे राज्यों में रहते हैं। एक भाई राजस्थान में रहकर मजदूरी या अन्य काम संभालता है, जबकि दूसरा भाई लुधियाना में रहकर सिलाई का काम करता है। पैतृक गांव के इस छोटे से घर में फिलहाल केवल बबीता के बूढ़े माता-पिता ही रहते हैं। पिता की उम्र करीब 50 से 60 वर्ष के बीच हो चुकी है। उनका कहना है कि उनके खानदान या बच्चों में कभी किसी तरह के गलत संस्कार नहीं रहे हैं और पूरा गांव उनकी ईमानदारी और साफ छवि को अच्छी तरह जानता है। अंत में उन्होंने पुलिस प्रशासन और तमाम जांच एजेंसियों से हाथ जोड़कर अपील की है कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष और गहराई से जांच की जाए, ताकि उनकी बेकसूर बेटी को न्याय मिल सके और उसका भविष्य बर्बाद होने से बच सके। इसका आप पर असर यह घटना सुरक्षा एजेंसियों की जांच के दायरे में आने वाले संदिग्धों और उनके परिवारों के लिए कानूनी और सामाजिक मोर्चे पर बड़े व्यावहारिक परिणाम खड़े करती है। • उत्तर प्रदेश में: इस गिरफ्तारी के बाद आजमगढ़ और सीतापुर जैसे जिलों के स्थानीय युवाओं और बाहर रहकर काम करने वाले कामगारों की पृष्ठभूमि की पुलिस द्वारा और अधिक बारीकी से जांच की जा सकती है। इससे दूरदराज के इलाकों के उन परिवारों की चिंता बढ़ गई है जिनके बच्चे रोजगार के लिए दूसरे राज्यों में निवास करते हैं। • देश भर में: हाई-प्रोफाइल मामलों की तफ्तीश के दौरान पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों द्वारा संदिग्ध संपर्कों की धरपकड़ का दायरा देशभर के रेलवे स्टेशनों और परिवहन केंद्रों पर तेज हो गया है। इससे यात्रियों को यात्रा के दौरान अतिरिक्त पूछताछ या जांच प्रक्रियाओं का सामना करना पड़ सकता है। • दैनिक जीवन पर: बाहर रहकर फैक्ट्री या अन्य छोटे उद्योगों में मजदूरी करने वाले कामगारों के परिजनों को अपने बच्चों की कार्यस्थलों की संगति और गतिविधियों को लेकर अधिक सतर्क रहने की आवश्यकता महसूस हो रही है। • कानूनी पहलुओं पर: किसी मामले में नाम आने पर पूछताछ के लिए हिरासत में लिए गए व्यक्तियों के परिजनों को तुरंत कानूनी सहायता लेने और पुलिस जांच में पूरा सहयोग करने की प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। ऐसा क्यों हुआ यह कार्रवाई मुंबई में एक प्रसिद्ध फिल्म अभिनेता के आवास के बाहर हुई गोलीबारी की घटना के बाद सुरक्षा तंत्र द्वारा शुरू की गई व्यापक देशव्यापी छानबीन का परिणाम है। इस मामले की कड़ियों को जोड़ने के लिए पुलिस संदिग्धों के यात्रा मार्गों और उनके संपर्कों की तकनीकी और भौतिक जांच कर रही है। • आपराधिक जांच: मुंबई पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियों द्वारा अभिनेता पर हुई फायरिंग के मामले में लगातार ताबड़तोड़ दबिश दी जा रही है, जिसके तहत संदिग्धों के मूवमेंट को ट्रैक किया जा रहा है। • संदिग्ध कनेक्शन: हरियाणा के सोनीपत में एक ही फैक्ट्री में काम करने के दौरान बबीता की मुलाकात राधा नाम की युवती से हुई थी, जिसके जरिए सुरक्षा एजेंसियों का ध्यान इस एंगल पर गया। • स्टेशन पर गिरफ्तारी: मुंबई से लौटने के बाद जब दोनों युवतियां नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर पहुंचीं, तो पुलिस को उनकी गतिविधियों या साथ मौजूद सामग्री पर संदेह हुआ जिसके बाद यह कार्रवाई की गई। • जांच की स्थिति: इस मामले में आधिकारिक तौर पर अभी विस्तृत जांच जारी है और पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गिरफ्तार युवतियों की इस अपराध में वास्तविक संलिप्तता थी या वे अनजाने में इसका शिकार बनीं। सवाल-जवाब 1. बबीता को कहाँ से गिरफ्तार किया गया है? बबीता को नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से दिल्ली पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया है। 2. बबीता मूल रूप से किस जगह की रहने वाली है? बबीता उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले के तहबरपुर थाना क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली है। 3. बबीता हरियाणा में क्या काम करती थी? बबीता हरियाणा के सोनीपत में एक बिस्कुट और नमकीन बनाने वाली फैक्ट्री में पैकेजिंग का काम करती थी। 4. बबीता मुंबई क्यों जा रही थी? वह अपनी परिचित राधा के कहने पर उसके साथ मुंबई में मंदिर के दर्शन करने के मकसद से जा रही थी। 5. बबीता के पिता का क्या नाम है और वे क्या करते हैं? बबीता के पिता का नाम रामजतन राम है, जो खेती के साथ-साथ मजदूरी और दिहाड़ी का काम करते हैं। https://trendkia.com/crime/azamgarh-connection-of-babita-arrested-in-tiger-shroff-firing-case-father-claims-daughter-is-innocent-51805 TrendKia — Har trend, sabse pehle.