{
  "type": "article",
  "title": "जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के एक्स अकाउंट पर रांची पुलिस का शिकंजा, एक्स कॉर्पोरेशन को भेजा गया कानूनी नोटिस",
  "summary": "रांची साइबर पुलिस ने विवादित सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के एक्स हैंडल के संचालक की तलाश तेज कर दी है। पुलिस ने एक्स कॉर्पोरेशन को नोटिस भेजकर आईपी एड्रेस और लॉगिन डिटेल्स तलब की हैं।",
  "content": "रांची में जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के आंदोलन से जुड़े एक्स अकाउंट को लेकर साइबर पुलिस की जांच का दायरा काफी बढ़ गया है। रांची साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन ने @JPSCReformmanch नाम के इस सोशल मीडिया अकाउंट के संचालन के पीछे छिपे शख्स की असली पहचान का पता लगाने के लिए एक्स कॉर्पोरेशन के पास कानूनी नोटिस भेज दिया है। जांच एजेंसी का मुख्य उद्देश्य इस अकाउंट को ऑपरेट करने वाले व्यक्ति का सुराग लगाना और उसकी डिजिटल गतिविधियों का ब्योरा हासिल करना है, जिसके लिए 10 अगस्त 2026 और उसके बाद के रिकॉर्ड मांगे गए हैं।\n\nकौन चला रहा है एक्स अकाउंट, पुलिस की तलाश तेज\nझारखंड पुलिस ने यह कानूनी नोटिस भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी बीएनएसएस की धारा 94 के प्रावधानों के तहत जारी किया है। इस पूरी जांच का केंद्र बिंदु यही है कि आखिर इस मंच का यह एक्स हैंडल कौन संचालित कर रहा है। साइबर पुलिस ने एक्स प्रशासन से अकाउंट होल्डर का पूरा नाम, पता, संपर्क नंबर और वैकल्पिक ईमेल आईडी जैसी तमाम पंजीकरण जानकारियां उपलब्ध कराने को कहा है। पुलिस का मानना है कि इस डिजिटल पहचान के सामने आ जाने के बाद सोशल मीडिया पर किए जा रहे पोस्ट्स से जुड़ी तफ्तीश को तार्किक अंजाम तक पहुंचाया जा सकेगा।\n\nआईपी एड्रेस और लॉगिन रिकॉर्ड की मांग\nरांची साइबर पुलिस ने केवल बुनियादी खाता विवरण पर ही जोर नहीं दिया है, बल्कि नोटिस के जरिए 10 अगस्त 2026 और उसके बाद के समय के सभी लॉगिन और लॉगआउट रिकॉर्ड भी मांगे गए हैं। इसमें हर एक गतिविधि का सटीक समय और आईपी एड्रेस का ब्योरा भी शामिल है। इसके अलावा, इस अकाउंट को चलाने के लिए काम में लाए गए गैजेट्स की तकनीकी जानकारी भी मांगी गई है। पुलिस ने डिवाइस का मेक, मॉडल और आईएमईआई नंबर जैसी विशिष्ट तकनीकी जानकारियां साझा करने के निर्देश दिए हैं ताकि स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सके।\n\nआपत्तिजनक पोस्ट और भ्रामक सूचनाओं का आरोप\nसाइबर पुलिस द्वारा एक्स को भेजे गए नोटिस में यह गंभीर आरोप लगाया गया है कि इस हैंडल से झारखंड सरकार की प्रशासनिक कार्रवाई के खिलाफ कथित तौर पर गलत और भ्रम पैदा करने वाली जानकारियां साझा की जा रही हैं। पुलिस के अनुसार, कुछ चुनिंदा पोस्ट में सरकार की नीतियों पर छात्रों को गुमराह करने या धोखा देने के आरोप लगाए गए हैं, साथ ही कुछ वीडियो को लेकर भी कड़ी आपत्तियां दर्ज कराई गई हैं। पुलिस का कहना है कि इस तरह की सामग्री ऑनलाइन प्रसारित होने से आम जनमानस में डर और अशांति का माहौल बन सकता है.\n\nछात्र आंदोलन के बीच बढ़ी प्रशासनिक हलचल\nजेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच लंबे अर्से से छात्र हितों और विभिन्न मुद्दों को लेकर मुखर और सक्रिय रहा है। ऐसे में इस आंदोलन के प्रमुख डिजिटल चेहरे पर पुलिस की सख्ती शुरू होने से पूरा प्रकरण काफी संवेदनशील हो गया है। खास बात यह भी है कि यह कार्रवाई ऐसे संवेदनशील वक्त पर हो रही है जब राज्य में छात्र आंदोलन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी चरम पर है। कोचिंग संस्थानों के संचालकों की भूमिका और आंदोलनकारियों पर हो रही प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर विपक्षी दल लगातार सरकार को घेर रहे हैं। अब इस प्रमुख सोशल मीडिया अकाउंट को लेकर पुलिस की इस कार्रवाई ने इस पूरे विवाद को एक बिल्कुल नया और गंभीर मोड़ दे दिया है.\n\nकानूनी धाराओं का सहारा और आगे की दिशा\nसाइबर पुलिस ने एक्स को भेजे गए अपने इस नोटिस में बीएनएसएस की धारा 94 के अलावा सूचना प्रौद्योगिकी कानून की धारा 69 का भी विशेष रूप से उल्लेख किया है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि एक्स कॉर्पोरेशन पुलिस के इस नोटिस पर कब और किस प्रकार प्रतिक्रिया देता है और मांगी गई जानकारियां मुहैया कराता है। तकनीकी इनपुट हाथ लगने के बाद पुलिस यह गुत्थी सुलझाने का प्रयास करेगी कि इस अकाउंट के संचालन के पीछे कौन शख्स या गिरोह सक्रिय है और तमाम विवादित पोस्ट किस आईपी एड्रेस व डिवाइस के जरिए दुनिया के सामने रखे गए।\n\nइसका आप पर असर\nभारत में: सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भ्रामक सूचनाओं और पोस्ट को लेकर पुलिस और जांच एजेंसियों की बढ़ती सख्ती का असर देश भर के डिजिटल एक्टिविस्ट्स और समूहों पर पड़ सकता है।\n\nरांची में: स्थानीय छात्रों और रिफॉर्म मंच से जुड़े लोगों की गतिविधियों पर पुलिस की पैनी नजर है, जिससे आंदोलन और उससे जुड़े डिजिटल संवाद प्रभावित हो सकते हैं।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. रांची साइबर पुलिस ने किस एक्स अकाउंट को लेकर जांच शुरू की है?\nरांची साइबर पुलिस ने जेपीएससी-जेएसएससी रिफॉर्म मंच के @JPSCReformmanch नामक एक्स अकाउंट को लेकर जांच शुरू की है।\n\n2. पुलिस ने एक्स कॉर्पोरेशन को किस कानूनी प्रावधान के तहत नोटिस भेजा है?\nपुलिस ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता यानी बीएनएसएस की धारा 94 और सूचना प्रौद्योगिकी कानून की धारा 69 के तहत नोटिस भेजा है।\n\n3. पुलिस ने एक्स से किस तारीख के बाद का रिकॉर्ड मांगा है?\nपुलिस ने एक्स कॉर्पोरेशन से 10 अगस्त 2026 और उसके बाद की गतिविधियों का रिकॉर्ड मांगा है।\n\n4. पुलिस ने नोटिस में किन तकनीकी जानकारियों की मांग की है?\nपुलिस ने अकाउंट होल्डर के लॉगिन रिकॉर्ड, सटीक आईपी एड्रेस, और इस्तेमाल किए गए डिवाइस के मेक, मॉडल व आईएमईआई नंबर की मांग की है।",
  "url": "https://trendkia.com/crime/ranchi-police-ka-shikanja-jpsc-jssc-reform-manch-ke-x-account-par-20679",
  "category": "अपराध",
  "publishedAt": "2026-08-23",
  "tags": [
    "जेपीएससी जेएसएससी रिफॉर्म मंच",
    "रांची साइबर पुलिस",
    "झारखंड छात्र आंदोलन",
    "एक्स कॉर्पोरेशन नोटिस",
    "बीएनएसएस धारा 94"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
}