बिटकॉइन 80,000 डॉलर के पार निकला, ईटीएफ में संस्थागत निवेश से इथेरियम और एक्सआरपी में भी आई तेजी संस्थागत निवेशकों के भारी निवेश और स्पॉट ईटीएफ में निरंतर पूंजी प्रवाह के चलते क्रिप्टो बाजार में शानदार तेजी देखी जा रही है। बिटकॉइन 80,000 डॉलर के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया है, जबकि इथेरियम और एक्सआरपी भी मजबूती के संकेत दे रहे हैं। वैश्विक क्रिप्टोकरेंसी बाजार में एक बार फिर तेज उछाल देखने को मिल रहा है, जहां संस्थागत निवेशकों की भारी खरीदारी के कारण प्रमुख डिजिटल संपत्तियों में जबरदस्त मजबूती आई है। बिटकॉइन ने 80,000 डॉलर का महत्वपूर्ण स्तर पार कर लिया है, जबकि इथेरियम और एक्सआरपी जैसे प्रमुख altcoins भी अपने मजबूत सपोर्ट स्तरों को बनाए रखते हुए नए उछाल की तैयारी कर रहे हैं। स्पॉट ईटीएफ के जरिए बाजार में आ रही अरबों डॉलर की पूंजी ने निवेशकों के जोखिम लेने की क्षमता को बढ़ा दिया है। ऑन-चेन डेटा संकेत दे रहा है कि बाजार एक साल के अपने सबसे मजबूत बुल फेज में प्रवेश कर चुका है, हालांकि अल्पकालिक स्तर पर कुछ ओवरहीटिंग के भी संकेत मिल रहे हैं। स्पॉट ईटीएफ में भारी पूंजी प्रवाह से बढ़ा संस्थागत भरोसा बिटकॉइन स्पॉट ईटीएफ में पूंजी का आगमन लगातार एक नई तेजी का निर्माण कर रहा है। हालिया आंकड़ों के अनुसार, बुधवार को बिटकॉइन ईटीएफ में औसतन 232 मिलियन डॉलर का शुद्ध इनफ्लो दर्ज किया गया। इससे पिछले सप्ताह 1.92 बिलियन डॉलर का भारी पूंजी प्रवाह हुआ था, जो अक्टूबर के बाद का सबसे बड़ा साप्ताहिक आंकड़ा है। चालू सप्ताह में बुधवार तक कुल संचयी इनफ्लो 884 मिलियन डॉलर तक पहुंच गया है, जो महीनों की अनिश्चितता के बाद संस्थागत निवेशकों की वापसी को साफ तौर पर दर्शाता है। इसी तरह इथेरियम स्पॉट ईटीएफ भी निवेशकों को आकर्षित करने में सफल रहे हैं। सोसोवैल्यू के आंकड़ों से पता चलता है कि अमेरिका में सूचीबद्ध इथेरियम ईटीएफ ने बुधवार को 192 मिलियन डॉलर का इनफ्लो हासिल किया, जो इससे पिछले दिन दर्ज किए गए 180 मिलियन डॉलर से अधिक है। यदि यह पूंजी प्रवाह जारी रहता है, तो मुनाफावसूली के दबाव को बेअसर करते हुए इथेरियम 2,600 डॉलर के पार निकल सकता है। वहीं, एक्सआरपी ईटीएफ में भी तेजी बनी हुई है, जहां बुधवार को इनफ्लो बढ़कर 28 मिलियन डॉलर हो गया, जो पिछले दिन 24 मिलियन डॉलर था। इसके साथ ही एक्सआरपी ईटीएफ का संचयी इनफ्लो 1.62 बिलियन डॉलर हो गया है और इसकी कुल प्रबंधित संपत्ति 1.40 बिलियन डॉलर के आसपास बनी हुई है। ईटीएफ का गणित: संस्थागत पहुंच, फायदे और जोखिम एक्सचेंज ट्रेडेड फंड यानी ईटीएफ एक ऐसा निवेश जरिया है जो किसी अंतर्निहित संपत्ति की कीमत पर नज़र रखता है। ईटीएफ केवल एक संपत्ति ही नहीं, बल्कि संपत्तियों के समूह या पूरे सेक्टर को ट्रैक कर सकता है। उदाहरण के लिए, एक बिटकॉइन ईटीएफ सीधे तौर पर बिटकॉइन के मूल्य आंदोलनों को दर्शाता है। अमेरिकी नियामक संस्था यूएस सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमीशन (SEC) ने अक्टूबर 2021 में देश के पहले बिटकॉइन फ्यूचर्स ईटीएफ को मंजूरी दी थी। इसके बाद से अब तक सात फ्यूचर्स ईटीएफ स्वीकृत हो चुके हैं, जबकि 20 से अधिक आवेदन प्रक्रिया में थे। नियामक ने क्रिप्टो बाजार में हेरफेर की आशंकाओं के चलते लंबे समय तक फैसलों को टाला था, लेकिन जनवरी 2024 में SEC द्वारा स्पॉट बिटकॉइन ईटीएफ की ऐतिहासिक मंजूरी ने मुख्यधारा के निवेशकों के लिए रास्ते खोल दिए। क्रिप्टो ईटीएफ के कई स्पष्ट फायदे हैं। इसके जरिए निवेशक बिना क्रिप्टो वॉलेट या प्राइवेट कीज़ संभाले सीधे बिटकॉइन या अन्य संपत्तियों में निवेश का लाभ उठा सकते हैं। इससे कस्टडी का जोखिम और तकनीकी जटिलता खत्म हो जाती है, क्योंकि फंड मैनेजर सुरक्षा और प्रबंधन का जिम्मा संभालते हैं। हालांकि, इसके कुछ नुकसान भी हैं। सबसे बड़ा नुकसान यह है कि निवेशक के पास संपत्ति का प्रत्यक्ष स्वामित्व नहीं होता, जिसे क्रिप्टो दुनिया में "नॉट योर कीज़, नॉट योर कॉइन्स" कहा जाता है। इसके अलावा, ईटीएफ प्रबंधन शुल्क के कारण लागत बढ़ती है और अंतर्निहित क्रिप्टो संपत्ति में होने वाले अत्यधिक उतार-चढ़ाव का सीधा असर ईटीएफ के मूल्य पर भी पड़ता है। क्रिप्टोक्वांट का बुल स्कोर 80 पर पहुंचा, लेकिन ओवरहीटिंग की चेतावनी बाजार विश्लेषण फर्म क्रिप्टोक्वांट ने अपनी हालिया साप्ताहिक रिपोर्ट में बताया कि उनका "बुल स्कोर" मीट्रिक तेजी के क्षेत्र में प्रवेश कर चुका है, जो पिछले लगभग एक साल में सबसे मजबूत स्थिति है। बुल स्कोर 10 प्रमुख ऑन-चेन, मार्केट और वैल्युएशन संकेतकों को मिलाकर 0 से 100 के पैमाने पर तैयार किया जाने वाला एक इंडिकेटर है। ऐतिहासिक रूप से, जब भी यह स्कोर 60 से ऊपर जाता है, तो बाजार में एक लंबी और टिकाऊ तेजी देखने को मिलती है। महज एक सप्ताह के भीतर यह स्कोर 30 से उछलकर 80 के स्तर पर पहुंच गया है। हालांकि, मंदी से तेजी की ओर हुए इस बड़े बदलाव के बावजूद क्रिप्टोक्वांट के विश्लेषकों ने आगाह किया है कि निकट अवधि में बाजार थोड़ा ओवरहीट दिखाई दे रहा है। रिपोर्ट के अनुसार, व्यापारियों का लाभ मार्जिन 20.5 प्रतिशत के उच्च स्तर पर पहुंच गया है, व्हेल्स ने रिकॉर्ड मुनाफा कमाया है और बिटकॉइन, इथेरियम तथा एक्सआरपी तीनों में एक्सचेंज इनफ्लो बढ़ रहा है। विश्लेषकों का मानना है कि नई तेजी का सिलसिला शुरू होने से पहले $83,000 के मूविंग एवरेज पर प्रतिरोध मिलना या शुरुआती चक्र का एक छोटा करेक्शन आना पूरी तरह से स्वाभाविक और सेहतमंद होगा। बिटकॉइन का तकनीकी खाका: $80,119 की नई ऊंचाई और मुख्य सपोर्ट स्तर तकनीकी चार्ट पर बिटकॉइन $79,500 के स्तर को पार करते हुए वर्तमान में $80,119 पर कारोबार कर रहा है। यह पिछले बंद भाव $79,027 से 1.38 प्रतिशत की बढ़त को दर्शाता है। बिटकॉइन $68,020 के आसपास मौजूद डाउनवर्ड रेजिस्टेंस ट्रेंडलाइन को तोड़कर मजबूती से ऊपर बना हुआ है। चार्ट पर बने इनवर्स हेड एंड शोल्डर्स पैटर्न से $74,244 का जो लक्ष्य तय हुआ था, वह पूरा हो चुका है, लेकिन पैटर्न का सकारात्मक प्रभाव अभी भी जारी है। 52-सप्ताह के दौरान बिटकॉइन $57,748 से $97,861 के दायरे में रहा है और वर्तमान में ट्रेडिंग वॉल्यूम 20-दिवसीय औसत से 1.01 गुना पर बना हुआ है। संकेतकों की बात करें तो रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) 81-82 के स्तर पर है, जो ओवरबॉट स्थिति को दर्शाता है। वहीं मूविंग एवरेज कन्वर्जेंस डायवर्जेंस (MACD) 4148.09 के स्तर पर है, जो सिग्नल लाइन 2844.66 से काफी ऊपर है। यह मजबूत अपट्रेंड का प्रमाण है। बिटकॉइन के लिए पहला तात्कालिक सपोर्ट $79,500 पर है। इसके नीचे 200-दिवसीय EMA $72,064 से $73,158 के आसपास सुरक्षा प्रदान करता है। यदि गिरावट अधिक गहरी होती है, तो 50-दिवसीय EMA ($68,208) और 100-दिवसीय EMA ($68,120) के पास खरीदार फिर से सक्रिय हो सकते हैं। ऊपर की ओर, $80,000 के ऊपर का दैनिक बंद भाव बिटकॉइन को अगले प्रमुख लक्ष्यों यानी $83,000 और फिर $88,000 की ओर ले जाएगा। इथेरियम और एक्सआरपी में तेजी का रुख इथेरियम का भाव लगातार दूसरे दिन $2,500 से ऊपर टिकते हुए $2,530 पर बना हुआ है। मूविंग एवरेज के ऊपर बने रहने से इसका ढांचा पूरी तरह से बुलिश नजर आता है। MACD सकारात्मक क्षेत्र में बना हुआ है, जबकि RSI 78 के करीब होने से यह ओवरबॉट जोन में प्रवेश कर चुका है। इथेरियम के लिए पहला बड़ा सपोर्ट 200-दिवसीय EMA पर $2,153 के आसपास है। इसके बाद 50-दिवसीय EMA ($2,044) और 100-दिवसीय EMA ($2,005) का सपोर्ट जोन आता है। जब तक इथेरियम इन स्तरों से ऊपर है, खरीदारों का दबदबा कायम रहेगा। फ्यूचर्स मार्केट में इथेरियम का 30-दिवसीय नेट टेकर वॉल्यूम भी पॉजिटिव में फ्लिप हो चुका है, जो वायदा कारोबार में तेजी की पोजीशन का संकेत देता है। एक्सआरपी की बात करें तो यह $1.40 के मजबूत सपोर्ट को संभालते हुए $1.44 पर कारोबार कर रहा है। यह 50-दिवसीय ($1.17), 100-दिवसीय ($1.20) और 200-दिवसीय ($1.35) सभी प्रमुख EMAs से ऊपर बना हुआ है। $1.00 के ट्रेंडलाइन ब्रेकआउट एरिया को पुन: प्राप्त करने के बाद इसका ढांचा बेहद मजबूत हुआ है। एक्सआरपी का RSI 72 पर है और MACD शून्य से ऊपर है। इसके लिए अगला बड़ा प्रतिरोध $1.66 के आसपास डाउनवर्ड ट्रेंडलाइन के शुरुआती बिंदु पर देखा जा रहा है। अल्टकॉइन्स और व्यापक आर्थिक परिदृश्य जहां बिटकॉइन और इथेरियम बढ़त बना रहे हैं, वहीं कुछ अल्टकॉइन्स में मुनाफावसूली भी देखी जा रही है। कार्डानो (ADA) पिछले सप्ताह की 30 प्रतिशत की तेजी के बाद इस सप्ताह लगभग 10 प्रतिशत की गिरावट के साथ दबाव में है। ओपन इंटरेस्ट और फंडिंग रेट्स में कमी के कारण रिटेल मांग घट रही है, जिससे इसका तकनीकी लक्ष्य 50-दिवसीय EMA ($0.1899) दिखाई दे रहा है। दूसरी ओर, सोलाना (SOL) तेजी से बढ़ते हुए $100 के स्तर पर पहुंच गया है। डॉगकोइन (DOGE) भी पिछले हफ्ते की दोहरे अंकों की बढ़त के बाद मामूली समेकन का सामना कर रहा है। 24 घंटों के दौरान SPX6900 और वीचैन (VeChain) दोहरे अंकों की बढ़त के साथ शीर्ष प्रदर्शनकर्ता बनकर उभरे हैं। व्यापक आर्थिक मोर्चे पर, अमेरिका का जुलाई पर्सनल कंजम्पशन एक्सपेंडिचर (PCE) प्राइस इंडेक्स महंगाई का आंकड़ा अनुमान से अधिक आया है, जिससे पता चलता है कि मुद्रास्फीति का दबाव बना हुआ है। इसके बावजूद, अमेरिकी ट्रेजरी द्वारा अपने बांड पुनर्खरीद परिचालन को दोगुना करने के फैसले और बाजार में परिसमापन की बड़ी घटनाओं के बाद क्रिप्टो निवेशकों में जोखिम लेने की भावना (Risk-On Sentiment) काफी मजबूत बनी हुई है। इसका आप पर असर क्रिप्टो बाजार में बिटकॉइन का 80,000 डॉलर के पार जाना और ईटीएफ में भारी संस्थागत इनफ्लो भारतीय निवेशकों के लिए सीधे वित्तीय अवसर और जोखिम दोनों लेकर आया है। • भारत में निवेशकों के लिए: वैश्विक क्रिप्टोकरेंसी कीमतों में वृद्धि से घरेलू क्रिप्टो एक्सचेंजों पर पोर्टफोलियो वैल्यू बढ़ी है। हालांकि भारतीय निवेशकों को क्रिप्टो लाभ पर 30% टैक्स और 1% TDS का ध्यान रखना होगा। • वैश्विक बाजार प्रभाव: ईटीएफ में आ रही अरबों डॉलर की संस्थागत पूंजी डिजिटल एसेट मार्केट की तरलता बढ़ा रही है। इससे खुदरा निवेशकों को अत्यधिक उतार-चढ़ाव के समय सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। • तकनीकी स्तरों पर ध्यान: ओवरबॉट RSI और 83,000 डॉलर के पास संभावित रेजिस्टेंस को देखते हुए नए खरीदारों को स्टॉप-लॉस का उपयोग करना चाहिए। • ईटीएफ बनाम प्रत्यक्ष खरीदारी: वैश्विक रुझान बताते हैं कि ईटीएफ कस्टडी जोखिम घटाते हैं, लेकिन भारत में प्रत्यक्ष क्रिप्टो होल्डिंग ही मुख्य जरिया है। सवाल-जवाब 1. क्या बिटकॉइन 80,000 डॉलर के पार निकल गया है? हां, बिटकॉइन 80,000 डॉलर का स्तर पार करते हुए हाल ही में $80,119 पर कारोबार कर रहा है। 2. ईटीएफ (ETF) क्या होता है और क्रिप्टो ईटीएफ का क्या फायदा है? ईटीएफ एक फंड है जो अंतर्निहित संपत्ति की कीमत को ट्रैक करता है। क्रिप्टो ईटीएफ निवेशकों को बिना वॉलेट या प्राइवेट कीज़ रखे सीधे क्रिप्टो की कीमतों में निवेश का अवसर देता है। 3. क्रिप्टोक्वांट का बुल स्कोर क्या संकेत दे रहा है? क्रिप्टोक्वांट का बुल स्कोर 30 से बढ़कर 80 पर पहुंच गया है, जो एक साल में सबसे मजबूत तेजी के दौर का संकेत देता है, हालांकि शॉर्ट-टर्म ओवरहीटिंग की चेतावनी भी दी गई है। 4. इथेरियम और एक्सआरपी के लिए मुख्य सपोर्ट स्तर क्या हैं? इथेरियम के लिए मुख्य सपोर्ट 200-दिवसीय EMA $2,153 पर है, जबकि एक्सआरपी के लिए प्राथमिक सपोर्ट $1.44 और $1.35 के पास स्थित है। https://trendkia.com/crypto/bitcoin-crosses-80000-dollar-as-ethereum-and-xrp-surge-on-spot-etf-inflows-23103 TrendKia — Har trend, sabse pehle.