बैंकॉक से आए यात्री के पास मिले 2 करोड़ से ज्यादा के कीमती रत्न और आभूषण, कस्टम ने दबोचा दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर बैंकॉक से पहुंचे एक भारतीय यात्री के पास से भारी मात्रा में कीमती पत्थर और आभूषण बरामद किए गए, जिसके बाद उसके ठिकाने पर छापेमारी कर करोड़ों का माल जब्त किया गया। दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर सीमा शुल्क अधिकारियों ने बैंकॉक से कीमती पत्थरों और आभूषणों की तस्करी के एक बड़े मामले का पर्दाफाश किया है। टर्मिनल-3 पर तैनात कस्टम अधिकारियों ने स्पॉट प्रोफाइलिंग तकनीक के माध्यम से एक संदिग्ध भारतीय यात्री की पहचान की। यह यात्री 3 अक्टूबर को बैंकॉक से एयर इंडिया की उड़ान संख्या AI2303 से दिल्ली पहुंचा था। संदेह गहराने पर अधिकारियों ने यात्री को रोककर उसके सामान और व्यक्तिगत जांच की प्रक्रिया शुरू की। एयरपोर्ट पर सामान की तलाशी में मिले 3,200 कीमती नग हवाई अड्डे पर गहन तलाशी के दौरान यात्री के सामान से 3,200 पीस कीमती पत्थर और तैयार आभूषण बरामद हुए। प्राथमिक मूल्यांकन में एयरपोर्ट पर पकड़े गए इस सामान की कीमत लगभग 1 करोड़ 1 लाख 54 हजार 600 रुपये आंकी गई। मौके पर हुई कड़ी पूछताछ के दौरान यात्री ने स्वीकार किया कि वह बिना सीमा शुल्क चुकाए इन बहुमूल्य वस्तुओं को बैंकॉक से दिल्ली लेकर आया था। यात्री के कबूलनामे के बाद अधिकारियों ने तस्करी नेटवर्क की गहराई से पड़ताल करने के लिए आगे की कानूनी कार्रवाई तुरंत तेज कर दी। आरोपी के ठिकाने से भारी मात्रा में पन्ना और माणिक बरामद यात्री से मिली जानकारियों के आधार पर कस्टम विभाग के दस्ते ने 4 अक्टूबर को उससे जुड़े एक ठिकाने पर छापेमारी की। इस तलाशी अभियान में अधिकारियों को बड़ी सफलता मिली, जहां से 196.676 किलोग्राम काले और हरे रंग के रफ एमराल्ड यानी कच्चे पन्ने बरामद किए गए। इसके साथ ही ठिकाने से 221 कैरेट कट-पॉलिश रूबी (माणिक) और 45 कैरेट कट-पॉलिश एमराल्ड (पन्ना) भी जब्त किए गए। कार्रवाई के दौरान परिसर से कुछ अत्यंत महत्वपूर्ण दस्तावेज और अन्य संबंधित सामान भी जांच अधिकारियों के हाथ लगे। कस्टम एक्ट के तहत गिरफ्तारी और् माल की जब्ती कस्टम विभाग के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, हवाई अड्डे और आरोपी के ठिकाने से जब्त किए गए सभी कीमती पत्थरों और आभूषणों का कुल मूल्य करीब 2 करोड़ 2 लाख 54 हजार 400 रुपये है। अधिकारियों ने बरामद की गई पूरी संपत्ति को कस्टम एक्ट की धारा 110 के प्रावधानों के अंतर्गत विधिवत जब्त कर लिया है। इसके साथ ही आरोपी यात्री को कस्टम एक्ट की धारा 104 के तहत औपचारिक रूप से गिरफ्तार कर लिया गया है और आगे की कानूनी जांच जारी है। हवाई अड्डे पर लगातार पकड़े जा रहे तस्करी के मामले राजधानी के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कस्टम और डीआरआई की टीमें बीते कुछ महीनों के दौरान सोना, नशीले पदार्थ और अन्य प्रतिबंधित वस्तुओं की तस्करी के कई सिंडिकेट का भंडाफोड़ कर चुकी हैं। इसी कड़ी में 29 सितंबर 2026 को अधिकारियों ने हनोई से आए एक यात्री को पकड़ा था, जिसके पास से करीब 4.43 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ था। जब्त गांजे की अनुमानित कीमत करीब 1.55 करोड़ रुपये थी, जिसके बाद आरोपी को एनडीपीएस एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया था। पूर्व में भी बैंकॉक से जंगली जानवरों और अन्य प्रतिबंधित सामान की तस्करी के प्रयास सामने आ चुके हैं, जिनमें सुरक्षा एजेंसियां पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी रहती हैं। इसका आप पर असर अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से आने वाले यात्रियों और आयातकों के लिए सीमा शुल्क नियमों का पालन न करना भारी कानूनी कार्रवाई और संपत्ति जब्ती का कारण बन सकता है। • भारत में: विदेशों से बिना उचित घोषणा और कर भुगतान के कीमती धातु, रत्न या आभूषण लाना गैरकानूनी तस्करी की श्रेणी में आता है। नियमों का उल्लंघन करने वाले यात्रियों को सीमा शुल्क अधिनियम के तहत सीधे गिरफ्तारी और भारी जुर्माने का सामना करना पड़ता है। • दिल्ली में: आईजीआई एयरपोर्ट पर कस्टम्स और डीआरआई की टीमें बैंकॉक और दक्षिण-पूर्व एशिया से आने वाली उड़ानों पर प्रोफाइलिंग और निगरानी और सख्त कर रही हैं। आम अंतरराष्ट्रीय यात्रियों को अपने सामान में किसी भी व्यावसायिक या मूल्यवान वस्तु को बैगेज घोषणा पत्र में पारदर्शी तरीके से दर्ज करना आवश्यक है। • व्यापारियों के लिए: रत्न और आभूषण के आधिकारिक कारोबार से जुड़े व्यापारियों को सभी आयात दस्तावेज और कस्टम क्लीयरेंस वैध चैनलों के माध्यम से पूरे करने चाहिए। अवैध रूप से बिना बिल और टैक्स के माल मंगवाने पर घरेलू ठिकानों और गोदामों पर भी जब्ती और सीलिंग की कार्रवाई की जा सकती है। • यात्रियों के लिए: किसी अन्य व्यक्ति का पैकेट या कमर्शियल सामान अपने निजी सामान में रखकर लाना बड़ा जोखिम भरा हो सकता है। पकड़े जाने पर प्राथमिक जिम्मेदारी वाहक यात्री की तय होती है, जिससे जमानत मिलना भी कठिन हो जाता है। ऐसा क्यों हुआ यह जब्ती अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर चल रहे खुफिया निगरानी तंत्र और संदिग्ध यात्रियों की स्पॉट प्रोफाइलिंग के कारण संभव हुई। आरोपी ने भारत में आयात शुल्क बचाकर मोटा मुनाफा कमाने के इरादे से रत्नों की तस्करी की थी। • स्पॉट प्रोफाइलिंग से पहचान: बैंकॉक से फ्लाइट AI2303 से उतरे यात्री के हाव-भाव और यात्रा विवरण के आधार पर कस्टम अधिकारियों को संदेह हुआ। इसी त्वरित जांच के चलते टर्मिनल-3 पर यात्री के सामान से 3,200 बहुमूल्य पत्थर बरामद किए गए। • तस्करी का वित्तीय उद्देश्य: कीमती पत्थरों, तैयार गहनों और कच्चे पन्ने पर लगने वाले आयात कर से बचने के लिए इसे अवैध तरीके से लाया गया था। कर चोरी के जरिए इन रत्नों को स्थानीय बाजार में बिना बिल के अवैध रूप से खपाने की योजना थी। • पूछताछ में मिला लिंक: यात्री की तत्काल गिरफ्तारी और पूछताछ से अधिकारियों को उसके स्थानीय ठिकाने की जानकारी मिली। इसके चलते अगले ही दिन 4 अक्टूबर को की गई छापेमारी में 196.676 किलोग्राम कच्चा पन्ना और पॉलिश किए गए रूबी बरामद हो सके। सवाल-जवाब 1. दिल्ली एयरपोर्ट पर यात्री के पास से कुल कितने मूल्य का सामान जब्त किया गया? यात्री के सामान और उसके ठिकाने से बरामद सामान की कुल कीमत करीब 2 करोड़ 2 लाख 54 हजार 400 रुपये आंकी गई है। 2. यह यात्री किस फ्लाइट से और कब दिल्ली पहुंचा था? यह यात्री 3 अक्टूबर को बैंकॉक से एयर इंडिया की उड़ान संख्या AI2303 से दिल्ली के टर्मिनल-3 पर पहुंचा था। 3. एयरपोर्ट पर तलाशी के दौरान क्या बरामद हुआ था? एयरपोर्ट पर यात्री के सामान से 3,200 पीस कीमती पत्थर और आभूषण बरामद हुए, जिनकी कीमत लगभग 1 करोड़ 1 लाख 54 हजार 600 रुपये थी। 4. छापेमारी के दौरान आरोपी के ठिकाने से क्या मिला? ठिकाने से 196.676 किलो कच्चे पन्ने, 221 कैरेट कट-पॉलिश रूबी और 45 कैरेट कट-पॉलिश एमराल्ड बरामद किए गए। 5. आरोपी के खिलाफ किन कानूनी धाराओं में कार्रवाई की गई है? सामान को कस्टम एक्ट की धारा 110 के तहत जब्त किया गया है और आरोपी को कस्टम एक्ट की धारा 104 के तहत गिरफ्तार किया गया है। https://trendkia.com/delhi/bangkok-se-ae-yatri-ke-pasa-mile-2-karora-se-jyada-ke-kimati-ratna-aura-abhushana-kastama-ne-dabocha-43265 TrendKia — Har trend, sabse pehle.