कनॉट प्लेस में तिरंगा मार्च से पहले अभिजीत दिपके का आरोप, दिल्ली पुलिस और आईबी रख रही हैं पहरा कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने दावा किया है कि कनॉट प्लेस में प्रस्तावित मार्च से पहले उन्हें हिरासत में लिया जा सकता है और उनके ठिकाने की घेराबंदी कर दी गई है। राष्ट्रीय राजधानी में प्रस्तावित 'लहरा दो तिरंगा' कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने आशंका जताई है कि दिल्ली पुलिस और इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के अधिकारी उनकी हर गतिविधि पर नजर रख रहे हैं। शुक्रवार को कनॉट प्लेस में आयोजित होने वाले मार्च से ठीक पहले, गुरुवार देर रात झंडेवालान में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने दावा किया कि उन्हें कभी भी हिरासत में लिया जा सकता है। झंडेवालान में संवाददाताओं से बातचीत करते हुए अभिजीत दिपके ने आरोप लगाया कि जिस मकान में वे ठहरे हुए हैं, सुरक्षा एजेंसियों ने उसे पूरी तरह घेर रखा है। उन्होंने बताया कि उस पते पर आने और जाने वाले प्रत्येक व्यक्ति की कड़ी निगरानी की जा रही है और सुरक्षाकर्मी लगातार वहां सक्रिय हैं। ठिकाने पर सख्त निगरानी और बिना नंबर प्लेट की गाड़ियों का दावा प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपनी बात रखते हुए दिपके ने कहा कि वे जिस रिहायश में मौजूद हैं, उसके इर्द-गिर्द दिल्ली पुलिस और आईबी के लोग लगातार गश्त कर रहे हैं। उनके अनुसार, मकान की ओर जाने वाली गलियों में भी सुरक्षाकर्मी तैनात हैं। जब भी वे बाहर निकलते हैं, तो बिना नंबर प्लेट वाले वाहन उनका पीछा करते हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सुरक्षाकर्मी परिसर के चक्कर लगा रहे हैं, वहां मौजूद चौकीदार से पूछताछ कर रहे हैं और उनके बारे में हर एक गतिविधि की जानकारी जुटा रहे हैं। कनॉट प्लेस में तय कार्यक्रम पर डटे रहने का संकल्प अभिजीत दिपके ने स्पष्ट किया कि कॉकरोच जनता पार्टी 16 अक्टूबर को कनॉट प्लेस स्थित सेंट्रल पार्क में राष्ट्रीय ध्वज फहराने के अपने फैसले से पीछे नहीं हटेगी। उन्होंने प्रशासन की संभावित कार्रवाई को लेकर कहा, 'आज रात या कल सुबह, दिल्ली पुलिस मुझे उठा सकती है।' इसके साथ ही उन्होंने जोड़ा कि अगर देश में तिरंगा फहराने की वजह से उन्हें जेल की सजा काटनी पड़े, तो वे इसके लिए पूरी तरह तैयार हैं। सेंट्रल पार्क बंद किए जाने पर प्रशासन पर निशाना मार्च से पहले प्रशासनिक कदमों पर नाराजगी जताते हुए सीजेपी संस्थापक ने सेंट्रल पार्क को बंद करने के आदेश की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि आम नागरिकों और कार्यकर्ताओं को मार्च में जुटने से रोकने के लिए ही ये कड़े प्रतिबंध लगाए गए हैं। उन्होंने 10 अक्टूबर को हुए पिछले प्रदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि उस दौरान भी प्रशासन ने पूरी दिल्ली में बैरिकेड्स लगा दिए थे, साथ ही सार्वजनिक परिवहन और इंटरनेट सेवाओं को बाधित कर दिया गया था। नागरिकों से मार्च में शामिल होने का आह्वान अभिजीत दिपके ने आम लोगों से अपील की है कि वे राष्ट्रीय ध्वज लेकर कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क पहुंचें और इस 'लहरा दो तिरंगा' मार्च का हिस्सा बनें। दूसरी तरफ, नई दिल्ली नगरपालिका परिषद (NDMC) की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, प्रशासनिक व्यवस्थाओं के चलते सेंट्रल पार्क को शुक्रवार और शनिवार, दोनों दिन बंद रखने का फैसला किया गया है। इसका आप पर असर कनॉट प्लेस और आसपास के इलाकों में आवागमन करने वाले यात्रियों और आगंतुकों को इस विरोध प्रदर्शन और प्रशासनिक पाबंदियों के कारण असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। • दिल्ली में: सेंट्रल पार्क शुक्रवार और शनिवार को आम जनता के लिए बंद रहेगा। यदि आप सप्ताहांत में कनॉट प्लेस जाने की योजना बना रहे हैं, तो पार्क में प्रवेश उपलब्ध नहीं होगा। • यातायात और आवागमन: कनॉट प्लेस के इनर और आउटर सर्कल के आसपास सुरक्षा जांच और संभावित बैरिकेडिंग से जाम लग सकता है। नई दिल्ली इलाके में सफर करने वाले दैनिक यात्री वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करें और अतिरिक्त समय लेकर निकलें। • सार्वजनिक सेवाएं: पिछले प्रदर्शनों की तरह इस बार भी संवेदनशील इलाकों में आवाजाही सीमित की जा सकती है। मेट्रो स्टेशनों और बस मार्गों पर अतिरिक्त सुरक्षा प्रबंधों के चलते यात्रियों को देरी का सामना करना पड़ सकता है। • आयोजन से जुड़े नियम: बिना अनुमति सार्वजनिक पार्कों में एकत्र होने पर कानूनी कार्रवाई की जा सकती है। मार्च में शामिल होने की योजना बना रहे लोग स्थानीय पुलिस की घोषणाओं और नियमों की जानकारी रखें। ऐसा क्यों हुआ यह स्थिति कॉकरोच जनता पार्टी द्वारा कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में आयोजित किए जा रहे 'लहरा दो तिरंगा' कार्यक्रम और उसके जवाब में सुरक्षा एजेंसियों के पहरे के कारण उत्पन्न हुई है। • सीजेपी का मार्च आह्वान: पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने 16 अक्टूबर को राष्ट्रीय ध्वज फहराने के लिए सेंट्रल पार्क में मार्च का आह्वान किया था। उनका आरोप है कि इस कार्यक्रम को विफल करने के लिए प्रशासन ने पहले ही पाबंदियां लगा दी हैं। • सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता: प्रमुख व्यावसायिक केंद्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए दिल्ली पुलिस और आईबी के कर्मियों ने दिपके के आवास पर निगरानी बढ़ा दी। दिपके का दावा है कि उन्हें कार्यक्रम से पहले ही हिरासत में लेने की तैयारी की जा रही है। • 10 अक्टूबर के प्रदर्शन की पृष्ठभूमि: इससे पहले 10 अक्टूबर को हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान भी भारी सुरक्षा प्रबंध किए गए थे, जिसमें बैरिकेड्स लगाने के साथ परिवहन व इंटरनेट सेवाएं बाधित हुई थीं। उसी अनुभव को देखते हुए प्रशासन ने शुक्रवार और शनिवार के लिए सेंट्रल पार्क को बंद करने का आदेश जारी किया है। सवाल-जवाब 1. अभिजीत दिपके कौन हैं? अभिजीत दिपके कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक हैं। 2. अभिजीत दिपके ने क्या आरोप लगाया है? उन्होंने आरोप लगाया है कि दिल्ली पुलिस और आईबी उनके ठिकाने की निगरानी कर रही है और उन्हें हिरासत में लिया जा सकता है। 3. यह मार्च कब और कहां प्रस्तावित है? यह 'लहरा दो तिरंगा' मार्च 16 अक्टूबर को कनॉट प्लेस के सेंट्रल पार्क में आयोजित करने की योजना है। 4. क्या कनॉट प्लेस का सेंट्रल पार्क खुला रहेगा? एनडीएमसी के अनुसार सेंट्रल पार्क शुक्रवार और शनिवार को बंद रहेगा। 5. अभिजीत दिपके ने 10 अक्टूबर के प्रदर्शन के बारे में क्या कहा? उन्होंने दावा किया कि 10 अक्टूबर के विरोध प्रदर्शन के दौरान परिवहन और इंटरनेट सेवाएं बाधित कर दी गई थीं और बैरिकेड्स लगाए गए थे। https://trendkia.com/delhi/connaught-place-men-tirnga-marcha-se-pahale-abhijeet-dipke-ka-aropa-delhi-police-aura-ib-rakha-rahi-hain-pahara-48045 TrendKia — Har trend, sabse pehle.