# नीम करौली बाबा पर आधारित फिल्म 'हनुमान अंश' को मिला हेमा मालिनी का समर्थन, उत्तराखंड में हुई टैक्स फ्री

> भाजपा सांसद हेमा मालिनी ने नीम करौली बाबा के जीवन से प्रेरित फिल्म 'हनुमान अंश' की सफलता को हनुमान जी की कृपा बताया है। 21 साल की अनुप्रिया नागर द्वारा निर्मित इस छोटे बजट की फिल्म को उत्तराखंड में टैक्स फ्री कर दिया गया है, जबकि इस पर राजनीतिक बयानबाजी भी जारी है।

**Type:** article · **Category:** मनोरंजन · **Published:** 2026-09-09 · **Source:** TrendKia
**Canonical:** https://trendkia.com/entertainment/neem-karoli-baba-para-adharita-philma-hanuman-ansh-ko-mila-hema-malini-ka-samarthana-uttarakhand-men-hui-taiksa-phri-30410 · **Language:** Hindi
**Tags:** हनुमान अंश, हेमा मालिनी, नीम करौली बाबा, अनुप्रिया नागर, पुष्कर सिंह धामी, योगी आदित्यनाथ, विशाल चतुर्वेदी

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद और मशहूर अभिनेत्री हेमा मालिनी ने नीम करौली बाबा के पावन जीवन से प्रेरित फिल्म 'हनुमान अंश' को मिल रही अभूतपूर्व सफलता पर अपनी खुशी जाहिर की है। उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले में स्थित हनुमान जी और नीम करौली बाबा के मंदिर से अपनी अटूट आध्यात्मिक आस्था का उल्लेख करते हुए उन्होंने इस फिल्म की बड़ी कामयाबी को पूरी तरह से हनुमान जी की कृपा और आशीर्वाद करार दिया। हेमा मालिनी ने यह भी स्पष्ट किया कि वह खुद इस फिल्म को बड़े पर्दे पर देखने के लिए बेहद उत्सुक हैं और जल्द ही इसे देखने की योजना बना रही हैं।

 

## युवा निर्माता का डेब्यू और आध्यात्मिक विषय वस्तु

फिल्म 'हनुमान अंश' का निर्माण केवल 21 वर्ष की युवा निर्माता अनुप्रिया नागर ने किया है। हेमा मालिनी ने निर्माता के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि अनुप्रिया एक बेहद साधारण और सीधी-सादी लड़की हैं, जिनका फिल्मी दुनिया से पहले कोई बड़ा जुड़ाव या गहरा अनुभव नहीं था। इसके बावजूद उन्होंने अपनी निष्ठा और मेहनत से एक ऐसी सिनेमाई कृति का निर्माण किया, जिसे देश भर के दर्शक खूब पसंद कर रहे हैं और बेहतरीन रिस्पॉन्स दे रहे हैं।

बहुत ही छोटे और सीमित बजट में तैयार की गई इस फिल्म ने अपनी अनूठी आध्यात्मिक पृष्ठभूमि के कारण हर किसी का ध्यान आकर्षित किया है। यह पूरी फिल्म महान संत नीम करौली बाबा के जीवन दर्शन और उनकी शिक्षाओं से प्रेरित है। इस फिल्म की पटकथा का लेखन और निर्देशन विशाल चतुर्वेदी ने संभाला है।

 

## मुख्यमंत्रियों का समर्थन और उत्तराखंड में टैक्स फ्री की घोषणा

फिल्म 'हनुमान अंश' की सफलता की गूंज केवल हिंदी सिनेमा जगत तक ही सीमित नहीं है, बल्कि राजनीतिक और धार्मिक गलियारों में भी इसकी व्यापक चर्चा हो रही है। हाल ही में फिल्म की निर्माण टीम ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात की थी। इस विशेष भेंट के दौरान मुख्यमंत्री को फिल्म के कुछ महत्वपूर्ण अंश दिखाए गए, जिनमें नीम करौली बाबा की आध्यात्मिक यात्रा के साथ-साथ नाथ संप्रदाय से जुड़े ऐतिहासिक और धार्मिक प्रसंगों का चित्रण किया गया है।

दूसरी तरफ, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी यह फिल्म देख चुके हैं। फिल्म देखने के बाद उन्होंने इसकी सराहना की और इसे राज्य भर में पूरी तरह से टैक्स फ्री घोषित करने का ऐलान किया। पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इस फिल्म के जरिए आम लोगों को नीम करौली बाबा के संपूर्ण जीवन, उनके आध्यात्मिक संदेशों और उनकी यात्रा को गहराई से समझने का एक बेहतरीन अवसर प्राप्त होगा।

 

## फिल्म को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और बहस

जैसे-जैसे फिल्म 'हनुमान अंश' को दर्शकों का समर्थन मिल रहा है, वैसे-वैसे इस पर राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आने लगी हैं। कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने फिल्म को लेकर सवाल खड़े करते हुए आरोप लगाया कि सिनेमा के जरिए धार्मिक भावनाओं को प्रभावित किया जा रहा है और धर्म की राजनीति को बढ़ावा दिया जा रहा है। उनका तर्क था कि इस तरह की फिल्मों का उपयोग जनता की आस्था को राजनीतिक रूप से मोड़ने के लिए किया जा रहा है।

इसके जवाब में भाजपा नेता राम कदम ने कांग्रेस नेता के आरोपों का खंडन करते हुए फिल्म का मजबूती से बचाव किया। राम कदम ने कहा कि किसी भी सिनेमाई रचना पर सवाल उठाने या आलोचना करने से पहले उसके कंटेंट और मूल भावना को समझना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने जोर देकर कहा कि हर विषय को बेवजह विवाद का रूप देना सही नहीं है।

 

## फिल्म की कहानी: स्वतंत्रता संग्राम से बाबा के बचपन का सफर

फिल्म 'हनुमान अंश' की कथावस्तु नीम करौली बाबा के जीवन से जुड़े विभिन्न प्रेरणादायक पहलुओं को पर्दे पर उतारती है। फिल्म का कथानक भोसले नाम के एक बुजुर्ग किरदार से शुरू होता है, जो अपने पोते को नीम करौली बाबा के चमत्कारों और उनकी महिमा की गाथाएं सुनाता है। इसके बाद कहानी का ताना-बाना भारत के स्वतंत्रता संग्राम के दौर में ले जाता है।

कहानी में दिखाया गया है कि देश की आजादी से पहले के दौर में भोसले एक स्वतंत्रता सेनानी और क्रांतिकारी के रूप में संघर्ष कर रहे थे। उस कठिन समय में संकट के क्षणों में नीम करौली बाबा किस तरह उनकी रक्षा करते हैं, इसे बेहद मार्मिक रूप से दर्शाया गया है। इसके बाद कई महत्वपूर्ण घटनाओं से गुजरते हुए कहानी बालक लक्ष्मी नारायण के बचपन तक पहुंचती है। यही लक्ष्मी नारायण आगे चलकर जन-जन के प्रिय संत नीम करौली बाबा के नाम से विख्यात हुए।

## इसका आप पर असर
उत्तराखंड में 'हनुमान अंश' को टैक्स फ्री किए जाने से स्थानीय सिनेमा दर्शकों के लिए टिकट की कीमतें सस्ती हो गई हैं।

- **उत्तराखंड में:** राज्य सरकार द्वारा टैक्स फ्री की घोषणा के बाद उत्तराखंड के सिनेमाघरों में 'हनुमान अंश' के टिकट की दरें कम हो जाएंगी। इससे स्थानीय दर्शक और श्रद्धालु कम खर्च में नीम करौली बाबा के जीवन पर बनी इस फिल्म का आनंद ले सकेंगे।

- **भारत में:** देश भर के आध्यात्मिक और भक्तिपूर्ण फिल्मों के शौकीनों को एक नई प्रेरणादायक फिल्म देखने का विकल्प मिला है। सीमित बजट की इस फिल्म की सफलता से स्वतंत्र निर्माताओं के लिए नए रास्ते खुल रहे हैं।

- **युवा फिल्म निर्माताओं के लिए:** 21 साल की अनुप्रिया नागर की सफलता से नए और गैर-फिल्मी पृष्ठभूमि वाले युवाओं को प्रोत्साहन मिलेगा। यह साबित करता है कि बिना बड़े बजट के भी अच्छी कहानी से दर्शकों का दिल जीता जा सकता है।

- **धार्मिक पर्यटन और दर्शन पर:** नीम करौली बाबा के भक्तों और मथुरा आने वाले श्रद्धालुओं में इस फिल्म के प्रति विशेष उत्साह देखा जा रहा है। फिल्म के माध्यम से लोगों को बाबा के जीवन की अनसुनी कहानियों के बारे में जानने का अवसर मिल रहा है।

## ऐसा क्यों हुआ
फिल्म 'हनुमान अंश' की चर्चा और सफलता के पीछे हेमा मालिनी की धार्मिक आस्था, उत्तराखंड सरकार का प्रशासनिक समर्थन और राजनीतिक बयानबाजी मुख्य कारण रहे हैं।

- **हेमा मालिनी का समर्थन:** भाजपा सांसद हेमा मालिनी मथुरा के हनुमान जी और नीम करौली बाबा के मंदिर में अक्सर दर्शन करने जाती हैं। उनकी इसी व्यक्तिगत आस्था के कारण उन्होंने फिल्म की सराहना की और इसकी सफलता को हनुमान जी की कृपा माना।

- **उत्तराखंड में टैक्स फ्री का फैसला:** उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खुद यह फिल्म देखी और पाया कि इसमें बाबा के जीवन दर्शन को अच्छे से दर्शाया गया है। इसी आधार पर उन्होंने राज्य में फिल्म को टैक्स फ्री करने का निर्णय लिया।

- **उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री से मुलाकात:** फिल्म की टीम ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से भेंट कर उन्हें नाथ संप्रदाय और बाबा के जीवन से जुड़ी क्लिपिंग्स दिखाईं। इस मुलाकात के बाद फिल्म को लेकर राजनीतिक और धार्मिक हलकों में रुचि बढ़ गई।

- **राजनीतिक मतभेद:** कांग्रेस नेता राशिद अल्वी द्वारा फिल्म के जरिए धार्मिक राजनीति करने का आरोप लगाने के बाद इस पर बहस छिड़ गई। इसके जवाब में भाजपा नेता राम कदम ने फिल्म की विषय-वस्तु का बचाव करते हुए अनावश्यक विवाद न खड़ा करने की बात कही।

## सवाल-जवाब

### 1. 'हनुमान अंश' किस महान संत के जीवन से प्रेरित फिल्म है?
यह फिल्म महान संत नीम करौली बाबा के जीवन और उनकी आध्यात्मिक यात्रा से प्रेरित है।

### 2. 'हनुमान अंश' फिल्म की निर्माता कौन हैं?
इस फिल्म का निर्माण 21 वर्षीय अनुप्रिया नागर ने किया है।

### 3. किस राज्य में 'हनुमान अंश' को टैक्स फ्री घोषित किया गया है?
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस फिल्म को राज्य में टैक्स फ्री घोषित किया है।

### 4. 'हनुमान अंश' के लेखक और निर्देशक कौन हैं?
इस फिल्म का लेखन और निर्देशन विशाल चतुर्वेदी ने किया है।

### 5. फिल्म की कहानी किस मुख्य किरदार के संवाद से शुरू होती है?
फिल्म की शुरुआत भोसले नाम के एक बुजुर्ग किरदार से होती है, जो अपने पोते को नीम करौली बाबा के बारे में बताता है।

### 6. कांग्रेस और भाजपा नेताओं ने इस फिल्म पर क्या प्रतिक्रिया दी?
कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने फिल्म पर धर्म की राजनीति करने का आरोप लगाया, जबकि भाजपा नेता राम कदम ने इसका बचाव करते हुए विवाद न खड़ा करने की सलाह दी।

## प्रेरणा और सबक
21 वर्ष की युवा निर्माता अनुप्रिया नागर की यह सफलता उन सभी नए रचनाकारों के लिए प्रेरणा है जो बिना फिल्मी बैकग्राउंड के बड़े सपने देखते हैं।

- **अनुभव की कमी को बाधा न बनने देना:** अनुप्रिया नागर ने फिल्म उद्योग के पूर्व ज्ञान या बड़े अनुभव के बिना इस प्रोजेक्ट की शुरुआत की। उनकी यह यात्रा दर्शाती है कि स्पष्ट दृष्टि और समर्पण के आगे अनुभव की कमी रुकावट नहीं बनती।

- **कथा और विषय की ताकत पर भरोसा:** बड़े बजट की जगह अनुप्रिया ने नीम करौली बाबा के आध्यात्मिक विषय पर ध्यान केंद्रित किया। मजबूत और प्रासंगिक कहानी कम संसाधनों में भी दर्शकों का दिल जीत सकती है।

- **छोटे बजट में बड़ा प्रभाव:** भारी-भरकम स्टारकास्ट के बिना सीमित संसाधनों का सही उपयोग करके एक सफल फिल्म का निर्माण किया जा सकता है।

---
_TrendKia — Har trend, sabse pehle.. Machine-readable view; canonical HTML at the URL above._