फिल्मकार संजय गुप्ता नहीं रहे, शादी और तलाक के 6 साल बाद पत्नी अनु से दोबारा रचाई थी शादी कांटे और शूटआउट एट लोखंडवाला जैसी चर्चित फिल्मों के निर्देशक संजय गुप्ता का 59 वर्ष की उम्र में निधन हो गया, सिर में चोट लगने के बाद उन्होंने अंतिम सांस ली। बॉलीवुड में एक्शन और थ्रिलर सिनेमा को अलग पहचान दिलाने वाले फिल्म निर्देशक संजय गुप्ता का 59 साल की उम्र में इंतकाल हो गया। सिर में गंभीर चोट लगने के कारण उनका निधन हुआ, जिसकी जानकारी फिल्ममेकर अशोक पंडित ने सोशल मीडिया मंच पर साझा की। उनके परिवार में पत्नी अनु और दो बच्चे हैं। कांटे, शूटआउट एट लोखंडवाला, शूटआउट एट वडाला और काबिल जैसी बेहतरीन फिल्मों का निर्देशन करने वाले इस दिग्गज के जाने से पूरी फिल्म इंडस्ट्री में गहरा शोक व्याप्त है। हालांकि उनकी मौत से जुड़ी विस्तृत परिस्थितियां अभी स्पष्ट रूप से सामने नहीं आई हैं। प्यार, शादी और फिर अलगाव का दौर संजय गुप्ता का व्यक्तिगत जीवन भी फिल्मी कहानियों की तरह कई अप्रत्याशित मोड़ों से गुजरा था। अनु के साथ उनकी मुलाकात साल 1994 में हुई थी और लगभग ढाई वर्ष तक एक-दूसरे को समझने व डेट करने के बाद दोनों ने 18 अगस्त 1997 को सात फेरे लिए। शुरुआती वर्षों में दांपत्य जीवन बेहद सुखद रहा, परंतु 2003 आते-आते दोनों के बीच दूरियां पनपने लगीं। हालात इस कदर बिगड़े कि दोनों ने कानूनी रूप से अलग होने और तलाक लेने का कठिन निर्णय ले लिया। इस अलगाव के बावजूद निर्देशक के दिल से अपनी हमसफर की यादें कभी ओझल नहीं हुईं। गलतफहमी और अंडरवर्ल्ड संपर्कों की दास्तान लेखक और पत्रकार हुसैन जैदी के यूट्यूब चैनल हुसैन जैदी फाइल्स पर हुई एक बातचीत में निर्देशक ने अपने वैवाहिक बिखराव की असल वजह बयां की थी। उन्होंने बताया था कि एक दौर में उनका नाम अंडरवर्ल्ड से जुड़ी गतिविधियों और संपर्कों से जुड़ गया था। उन दिनों एक दोस्त ने उन्हें अपना खाली फ्लैट इस्तेमाल करने के लिए सौंपा था, जहां बैठकर वे जरूरी फोन कॉल्स की प्रतीक्षा करते थे और अंडरवर्ल्ड से जुड़े व्यक्तियों से बातचीत संभालते थे। घर पर इस पूरे घटनाक्रम की भनक अनु को बिल्कुल नहीं थी। संजय की इस रहस्यमयी खामोशी और लगातार गैरमौजूदगी ने अनु के मन में गहरा संदेह पैदा कर दिया। उन्हें लगा कि शायद उनके पति का किसी अन्य महिला के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा है। सच्चाई साझा न कर पाने के कारण उपजे इस अविश्वास ने आखिरकार उनकी शादीशुदा जिंदगी की बुनियाद हिला दी और दोनों अलग हो गए। छह वर्ष बाद फिर से बंधे वैवाहिक बंधन में तलाक के बाद भी दोनों के बीच का आत्मीय लगाव खत्म नहीं हुआ था। छह वर्षों की लंबी जुदाई के बाद दोनों ने अपनी गलतफहमियों को पीछे छोड़ते हुए साल 2009 में दोबारा विवाह रचाने का फैसला किया और एक बार फिर हमसफर बन गए। अपने करियर में दर्शकों के दिलों पर छाप छोड़ने वाली फिल्में देने वाले इस निर्देशक के असामयिक निधन ने सिनेमा प्रेमियों और साथी कलाकारों को स्तब्ध कर दिया है। इसका आप पर असर फिल्म उद्योग ने एक ऐसा निर्देशक खो दिया है जिसने भारतीय सिनेमा में एक्शन और क्राइम थ्रिलर शैली को तकनीकी रूप से नया आयाम दिया था। • सिनेमा प्रेमियों के लिए: निर्देशक के असामयिक निधन से उनकी आगामी परियोजनाओं और विशिष्ट निर्देशन शैली पर विराम लग गया है। दर्शक अब उनकी क्लासिक फिल्मों जैसे कांटे और शूटआउट श्रृंखला के जरिए उनके सिनेमाई योगदान को याद कर रहे हैं। • फिल्म उद्योग पर असर: रचनात्मक जगत में सहकर्मियों और नए निर्देशकों के लिए उनका जाना एक बड़ी व्यक्तिगत और पेशेवर क्षति है। उनके साथ काम कर चुके तकनीशियनों और कलाकारों ने अपनी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। • पारिवारिक स्तर पर: परिवार में पत्नी अनु और दो बच्चों पर इस अप्रत्याशित हादसे से दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर पर लगी आकस्मिक चोट से सुरक्षा और स्वास्थ्य प्राथमिकताओं पर भी बात हो रही है। • वैवाहिक संवाद की सीख: उनकी जीवनगाथा बताती है कि जीवनसाथी से गंभीर बातें छिपाने पर किस तरह रिश्ते बिखर सकते हैं। यह प्रसंग वैवाहिक संबंधों में आपसी संवाद और पारदर्शिता की अहमियत रेखांकित करता है। ऐसा क्यों हुआ फिल्म निर्देशक संजय गुप्ता का 59 वर्ष की उम्र में आकस्मिक निधन उनके घर पर सिर में लगी गंभीर चोट के चलते हुआ, जबकि अतीत में उनकी शादी टूटने की वजह अनकहे सच और गलतफहमी थी। • मौत का तात्कालिक कारण: फिल्ममेकर अशोक पंडित की सूचना के अनुसार निर्देशक को अपने घर पर सिर में गंभीर चोट लगी थी। हालांकि मौत के कारणों की विस्तृत और अंतिम मेडिकल रिपोर्ट अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। • दांपत्य जीवन में बिखराव की वजह: निर्देशक एक खाली फ्लैट में बैठकर अंडरवर्ल्ड संपर्कों के फोन कॉल संभालते थे और यह बात उन्होंने अपनी पत्नी से छिपाई थी। इस रहस्यमयी चुप्पी से पत्नी को लगा कि उनका किसी अन्य महिला से अफेयर चल रहा है, जिससे 2003 में उनका तलाक हो गया। • पुनर्मिलन का आधार: अलगाव के छह वर्षों बाद भी दोनों के मन में एक-दूसरे के प्रति स्नेह बना रहा, जिसके चलते उन्होंने 2009 में दोबारा शादी कर ली थी। सवाल-जवाब 1. फिल्म निर्देशक संजय गुप्ता का निधन किस उम्र में हुआ? संजय गुप्ता का निधन 59 वर्ष की उम्र में हुआ। 2. संजय गुप्ता के निधन की जानकारी किसने दी थी? फिल्ममेकर अशोक पंडित ने सोशल मीडिया के माध्यम से उनके निधन और सिर में चोट लगने की सूचना दी थी। 3. संजय गुप्ता ने किन प्रमुख फिल्मों का निर्देशन किया था? उन्होंने कांटे, शूटआउट एट लोखंडवाला, शूटआउट एट वडाला और काबिल जैसी चर्चित फिल्मों का निर्देशन किया था। 4. संजय गुप्ता और अनु की पहली शादी कब हुई थी? ढाई साल तक डेटिंग करने के बाद दोनों ने 18 अगस्त 1997 को शादी रचाई थी। 5. संजय गुप्ता और उनकी पत्नी का तलाक किस वजह से हुआ था? अंडरवर्ल्ड संपर्कों के फोन कॉल अटेंड करने की बात छिपाने पर पत्नी को उनके अफेयर का शक हो गया था, जिससे उनके बीच अलगाव हुआ। 6. तलाक के कितने साल बाद दोनों ने दोबारा शादी की थी? तलाक के छह साल बाद दोनों ने साल 2009 में दोबारा शादी की थी। https://trendkia.com/entertainment/philmakara-sanjay-gupta-nahin-rahe-shadi-aura-talaka-ke-6-sala-bada-patni-anu-se-dobara-rachai-thi-shadi-53997 TrendKia — Har trend, sabse pehle.