अमेरिका ने रूसी खुफिया तंत्र पर यूक्रेन समर्थकों की विदेशी धरती पर हत्या की साजिश रचने का लगाया आरोप अमेरिकी न्याय विभाग ने रूसी खुफिया तंत्र से जुड़े पांच लोगों पर यूक्रेन समर्थक हस्तियों को अमेरिका और यूरोप में निशाना बनाने की साजिश रचने के तहत आतंकवाद के वित्तपोषण का आरोप लगाया है। अमेरिकी न्याय विभाग ने रूसी खुफिया एजेंसियों से जुड़े एक संगठित नेटवर्क पर अमेरिका और यूरोपीय देशों में यूक्रेन के समर्थकों की हत्या की साजिश रचने का गंभीर आरोप लगाया है। अभियोजकों की ओर से मंगलवार को जारी एक आधिकारिक बयान में पांच संदिग्धों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं। इन सभी आरोपियों पर आरोप है कि उन्होंने अमेरिका और अन्य देशों में मौजूद ऐसे लोगों को आर्थिक प्रलोभन दिया या देने की कोशिश की, जो यूक्रेन के पक्षधर हैं अथवा जिन्हें रूस विरोधी माना जाता है। अमेरिकी अटॉर्नी जनरल टॉड ब्लैंच के अनुसार, देश के विरोधियों को अमेरिकी जमीन पर हिंसा और आतंक फैलाने से रोकना अभियोजन और सुरक्षा एजेंसियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। इस मामले में नामजद सभी पांचों अभियुक्त फिलहाल कानून की गिरफ्त से बाहर हैं। आतंकवाद के वित्तपोषण और भाड़े पर हत्या के आरोप अमेरिकी प्रशासन ने सभी पांचों आरोपियों के खिलाफ आतंकवाद को वित्तीय सहायता पहुंचाने की आपराधिक साजिश में शामिल होने का मामला दर्ज किया है। इस विशेष आरोप में दोषी साबित होने पर अधिकतम 20 साल के कारावास का कड़ा प्रावधान है। जांच अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि संदिग्धों में से तीन लोग रूसी खुफिया तंत्र के नेटवर्क में उच्च पदों पर आसीन हैं। इनमें एक पिता और पुत्र की जोड़ी भी शामिल है, जिनकी पहचान 63 वर्षीय यूरी क्रामीव और उनके 27 वर्षीय बेटे किरिल क्रामीव के रूप में हुई है। यूरी क्रामीव रूसी खुफिया सेवा में कर्नल के पद पर रह चुके हैं, जबकि किरिल क्रामीव रूस की फेडरल सिक्योरिटी सर्विस यानी एफएसबी में सेवारत अधिकारी हैं। नेटवर्क के तीसरे प्रमुख संदिग्ध 35 वर्षीय ओएमिस रोमागोसा दुर्रुथी हैं, जो क्यूबा के नागरिक हैं और रूस में रहते हुए रूसी खुफिया नेटवर्क के हमलों के समन्वय का काम संभालते रहे हैं। अमेरिका में असंतुष्टों की टोह लेने और हत्या की पेशकश मामले में नामजद दो अन्य आरोपी 35 वर्षीय यैदेल डेलगाडो सुआरेज और 22 वर्षीय एंजेल एडुआर्डो कास्त्रो हैं। इन दोनों पर अमेरिका में रहने वाले लोगों को भर्ती कर एक प्रमुख रूसी असंतुष्ट नागरिक की रेकी करने तथा उसकी हत्या करवाने का प्रयास करने का आरोप है। संघीय जांच ब्यूरो के जेम्स बार्नाकल ने इस संदर्भ में टिप्पणी करते हुए कहा कि इस समूह ने अमेरिकी धरती और दुनिया भर में लोगों को डराने, धमकाने या उनकी जान लेने की साजिश रची। न्याय विभाग द्वारा जुटाए गए विवरणों से पता चलता है कि यह घटनाक्रम इसी वर्ष की गर्मियों जितना हालिया है, जब रूसी खुफिया तंत्र ने अमेरिका में एक व्यक्ति को रूसी असंतुष्ट की जासूसी और बाद में उसकी हत्या को अंजाम देने के लिए संपर्क किया था। अभियोग के अनुसार, सुआरेज ने उस भर्ती किए गए व्यक्ति को पीड़ित से जुड़े दो विशिष्ट ठिकानों पर निगरानी के स्पष्ट निर्देशों के साथ भेजा था। इस शुरुआती निगरानी कार्य के बदले उस व्यक्ति को 1,000 डॉलर (743 पाउंड) से लेकर 1,500 डॉलर तक की राशि देने की पेशकश की गई थी। इसके उपरांत, सुआरेज और कास्त्रो ने संबंधित व्यक्ति को उस असंतुष्ट को पूरी तरह समाप्त करने के एवज में 40,000 डॉलर की अतिरिक्त भारी रकम देने का प्रलोभन दिया। हालांकि, उस व्यक्ति ने हत्या की इस योजना को आगे बढ़ाने से इनकार कर दिया। इसके बाद सुआरेज ने अमेरिका में अन्य लोगों की तलाश शुरू की और उन्हें अमेरिकी लक्ष्यों को निशाना बनाने के लिए मोटी रकम की पेशकश की। यूरी क्रामीव, सुआरेज और कास्त्रो के खिलाफ भाड़े पर हत्या कराने की साजिश का भी अतिरिक्त आरोप लगा है, जिसमें अधिकतम 10 साल की कैद हो सकती है। यूरोपीय देशों में भी साजिश और राजनयिक हलचल न्याय विभाग के दस्तावेजों में केवल अमेरिका ही नहीं, बल्कि यूरोप में भी विरोधी आवाजों को दबाने की कोशिशों का उल्लेख किया गया है। वर्ष 2025 में किरिल क्रामीव ने एक अमेरिकी नागरिक को लिथुआनिया में एक ऐसे व्यक्ति की निगरानी और हत्या के लिए तैयार करने की कोशिश की थी, जिस पर रूस के बारे में झूठ बोलने का आरोप लगाया गया था। इस योजना के पीछे का उद्देश्य यूक्रेन की मदद करने वाले सभी देशों को निशाना बनाना बताया गया था। इसके साथ ही, पिता यूरी क्रामीव ने रूस के खिलाफ दुष्प्रचार करने और इतिहास को विकृत करने का आरोप लगाते हुए लिथुआनिया के उस व्यक्ति को खत्म करने के लिए 25,000 डॉलर देने का प्रस्ताव रखा था। यह पहला मौका नहीं है जब विदेशी धरती पर इस तरह के षड्यंत्रों को नाकाम किया गया हो। पिछले महीने पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने जानकारी दी थी कि वारसॉ में क्रेमलिन के लिए काम करने वाले एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया था, जो एक अमेरिकी-यूक्रेनी नागरिक की हत्या की योजना बना रहा था। टस्क ने कहा था कि वह अमेरिकी-यूक्रेनी नागरिक पुतिन शासन के लिए असहज बना हुआ था, और विभिन्न कारणों से असुविधाजनक बने लोगों को रास्ते से हटाने के पुतिन शासन के प्रयासों को ध्यान में रखना होगा। रूस ने तब भी इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इसे फर्जी कहानी करार दिया था। हालिया अमेरिकी आरोपों पर क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने स्पष्ट किया कि जब तक कोई विश्वसनीय सबूत या ठोस तथ्य सामने नहीं आते, मॉस्को इस पर कोई टिप्पणी नहीं करेगा। यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब वर्ष 2025 में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की व्हाइट हाउस में वापसी के बाद दोनों देशों के बीच संबंधों में बदलाव देखा जा रहा है। क्रेमलिन ने पुष्टि की है कि जॉन रैटक्लिफ और खुफिया सेवाओं के बीच बातचीत हुई थी, जिसे राष्ट्रपति ट्रंप ने अर्ध-नियमित बैठक बताया था। इसका आप पर असर यह मामला विदेशी धरती पर राजनीतिक असंतुष्टों और युद्ध से जुड़े समर्थकों की व्यक्तिगत सुरक्षा व्यवस्था को लेकर वैश्विक चिंताएं बढ़ाता है। • राजनयिक तनाव: अमेरिका और रूस के बीच जारी राजनयिक और खुफिया तनाव में और इजाफा हो सकता है। इससे दोनों देशों के बीच चल रही रणनीतिक वार्ताओं और सुरक्षा समझौतों की प्रक्रिया अधिक जटिल होने की संभावना है। • सुरक्षा निगरानी: पश्चिमी देशों में शरण लिए हुए रूसी असंतुष्टों और यूक्रेन समर्थकों की सुरक्षा जांच कड़ी की जाएगी। संबंधित देशों की कानून प्रवर्तन एजेंसियां स्थानीय स्तर पर निगरानी तंत्र को और अधिक मजबूत करेंगी। • वैश्विक आवाजाही: विदेशी खुफिया तंत्रों की सक्रियता के चलते अंतरराष्ट्रीय सीमाओं पर जांच के नियम सख्त हो सकते हैं। संवेदनशील राजनीतिक पृष्ठभूमि वाले प्रवासियों और राजनयिकों के लिए सुरक्षा दिशा-निर्देश नए सिरे से तय होंगे। • कानूनी कार्रवाई: भाड़े पर हत्या और आतंकवाद के वित्तपोषण के मामलों में अंतरराष्ट्रीय वारंट जारी किए जा सकते हैं। इससे अभियुक्तों की विदेश यात्राओं और वित्तीय लेन-देन पर व्यापक कानूनी पाबंदियां लागू रहेंगी। ऐसा क्यों हुआ यह कानूनी कार्रवाई विदेशी धरती पर यूक्रेन समर्थकों और रूसी असंतुष्टों को निशाना बनाने की कथित खुफिया गतिविधियों के खुलासे के बाद की गई है। • खुफिया साजिश: अमेरिकी अभियोजकों के अनुसार रूसी खुफिया तंत्र से जुड़े अधिकारियों ने अमेरिका और यूरोप में विरोधी आवाजों को दबाने के लिए स्थानीय लोगों को धन देकर हत्या की साजिश रची। इस नेटवर्क ने यूक्रेन की मदद करने वाले देशों और आलोचकों को योजनाबद्ध तरीके से निशाना बनाने का प्रयास किया। • अभियान की विफलता: अमेरिका में नियुक्त किए गए व्यक्ति द्वारा 40,000 डॉलर की अंतिम पेशकश के बावजूद हत्या करने से इनकार करने के बाद यह साजिश उजागर हुई। इसके चलते साजिशकर्ताओं ने नए लोगों की भर्ती का प्रयास किया, जिससे सुरक्षा एजेंसियों को ठोस सुराग मिले। • यूरोपीय पृष्ठभूमि: इससे पहले पोलैंड में भी एक अमेरिकी-यूक्रेनी नागरिक को निशाना बनाने की साजिश सामने आई थी जिसे स्थानीय अधिकारियों ने विफल कर दिया था। लिथुआनिया और अन्य यूरोपीय देशों में भी आलोचकों को निशाना बनाने के कथित प्रयास दर्ज किए गए हैं। • आधिकारिक रुख: मॉस्को ने इन सभी आरोपों पर तत्काल टिप्पणी से इनकार करते हुए कहा है कि वह बिना किसी ठोस तथ्य या विश्वसनीय सबूत के कोई बयान जारी नहीं करेगा। सवाल-जवाब 1. अमेरिकी न्याय विभाग ने किन लोगों पर आरोप लगाए हैं? न्याय विभाग ने रूसी खुफिया तंत्र से जुड़े पांच व्यक्तियों यूरी क्रामीव, किरिल क्रामीव, ओएमिस रोमागोसा दुर्रुथी, यैदेल डेलगाडो सुआरेज और एंजेल एडुआर्डो कास्त्रो पर आरोप लगाए हैं। 2. आरोपियों पर किस प्रकार के आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं? सभी पांचों पर आतंकवाद के वित्तपोषण की साजिश का मामला दर्ज किया गया है, जबकि तीन आरोपियों पर भाड़े पर हत्या कराने की साजिश का भी अतिरिक्त आरोप है। 3. दोषी साबित होने पर आरोपियों को कितनी सजा हो सकती है? आतंकवाद के वित्तपोषण के मामले में अधिकतम 20 साल और भाड़े पर हत्या की साजिश में अधिकतम 10 साल के कारावास का प्रावधान है। 4. अमेरिका में असंतुष्ट नागरिक की हत्या के लिए कितनी रकम की पेशकश की गई थी? निगरानी के लिए 1,000 से 1,500 डॉलर और हत्या को अंजाम देने के लिए 40,000 डॉलर की अतिरिक्त राशि देने की पेशकश की गई थी। 5. लिथुआनिया से जुड़े मामले में क्या आरोप हैं? यूरी क्रामीव और किरिल क्रामीव पर लिथुआनिया में रूस के बारे में बोलने वाले एक व्यक्ति की हत्या के लिए 25,000 डॉलर की पेशकश करने का आरोप है। 6. इन आरोपों पर रूस का क्या रुख है? क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने कहा है कि जब तक कोई ठोस तथ्य या विश्वसनीय सबूत सामने नहीं आते, तब तक मॉस्को कोई टिप्पणी नहीं करेगा। https://trendkia.com/europe/us-ne-russian-khuphiya-tntra-para-ukrainian-allies-ki-videshi-dharati-para-hatya-ki-sajisha-rachane-ka-lagaya-aropa-34117 TrendKia — Har trend, sabse pehle.