प्रेशर कुकर की इस आसान विधि से मिनटों में बनाएं शरद पूर्णिमा की पारंपरिक मलाईदार खीर शरद पूर्णिमा के अवसर पर घंटों दूध खौलाने का झंझट खत्म करके प्रेशर कुकर और कंडेंस्ड मिल्क की सहायता से बेहद कम वक्त में गाढ़ी और स्वादिष्ट खीर तैयार की जा सकती है। हिंदू मान्यताओं के अनुसार शरद पूर्णिमा की पावन रात्रि में खुले आसमान तले चंद्रमा की शीतल किरणों के बीच रखी जाने वाली खीर में अमृत तुल्य गुण समाहित हो जाते हैं। यही कारण है कि इस विशिष्ट तिथि पर देश भर के अनगिनत परिवारों में चावल और दूध की पारंपरिक खीर पकाने का विशेष विधान निभाया जाता है। अक्सर पारंपरिक विधि से खीर तैयार करने में भारी तले के बर्तन में घंटों दूध को लगातार उबालना और कलछी चलाना पड़ता है। यदि आप भी इस शुभ पर्व पर स्वादिष्ट और गाढ़ी खीर बनाना चाहते हैं लेकिन रसोई में लंबा समय खपाने से बचना चाहते हैं, तो प्रेशर कुकर की यह स्मार्ट तकनीक आपका काम बेहद आसान बना देगी। खीर बनाने के लिए आवश्यक सामग्री और उनका सटीक नाप इस त्वरित विधि से खीर पकाने के लिए बहुत सीमित और आसानी से उपलब्ध होने वाली सामग्री की आवश्यकता होती है। इसके लिए आप रसोई में निम्नलिखित वस्तुएं जुटा लें • चावल की मात्रा: एक चौथाई कप साफ चावल • फुल क्रीम दूध: एक लीटर फुल क्रीम दूध प्रारंभिक पकाने के लिए और आधा लीटर अतिरिक्त दूध बाद में मिलाने के लिए • कंडेंस्ड मिल्क: 200 ग्राम गाढ़ा मीठा कंडेंस्ड मिल्क • इलायची: दो दाने ताजी हरी इलायची • सूखे मेवे: एक बड़ा चम्मच बारीक कटे हुए बादाम, एक बड़ा चम्मच कटे हुए काजू और एक बड़ा चम्मच किशमिश • खुशबू के लिए: केवड़ा एसेंस की कुछ बूंदें, जिसे अपनी पसंद के अनुसार पूरी तरह वैकल्पिक रखा जा सकता है चावल की धुलाई और प्रारंभिक तैयारी खीर का बेहतरीन स्वाद पाने के लिए सबसे प्रारंभिक चरण में चावल की सही सफाई जरूरी है। एक चौथाई कप चावल को किसी साफ कटोरे में लें और दो से तीन बार स्वच्छ पानी से अच्छी तरह धो लें। ऐसा करने से चावल की ऊपरी सतह पर जमा अतिरिक्त स्टार्च और किसी भी प्रकार की धूल-मिट्टी पूरी तरह साफ हो जाती है। इसके पश्चात धुले हुए चावल को थोड़ी देर के लिए साफ पानी में भिगोकर छोड़ दें। पानी सोख लेने से चावल के दाने मुलायम हो जाते हैं और कुकर में सीटी आते ही बहुत कम समय में एकसार गल जाते हैं। प्रेशर कुकर में दूध और चावल पकाने का नियम तैयारी पूरी होने के बाद प्रेशर कुकर में भीगे हुए चावल, एक लीटर फुल क्रीम दूध और दोनों हरी इलायची को एक साथ डाल दें। चम्मच की सहायता से सभी चीजों को आपस में मिला लें। इसके बाद कुकर का ढक्कन अच्छी तरह बंद कर दें और चूल्हे की बर्नर आंच को एकदम धीमा कर दें। जब कुकर के भीतर पर्याप्त भाप और प्रेशर बन जाए, तब इसे मंद आंच पर ही लगभग पंद्रह मिनट तक पकने दें। एक अत्यंत आवश्यक सावधानी यह रखनी चाहिए कि दूध उबलते समय तेजी से ऊपर की ओर उठता है, इसलिए प्रेशर कुकर को कभी भी उसकी तय क्षमता से अधिक न भरें ताकि सीटी के रास्ते दूध बाहर न फैले। भाप शांत होने के बाद चावल की जांच पंद्रह मिनट पूरे होने के पश्चात चूल्हे की आंच तुरंत बंद कर दें। इस दौरान किसी चम्मच या चाकू से कुकर की सीटी उठाकर जबरन भाप निकालने की गलती बिल्कुल न करें। कुकर के अंदर बनी भाप को स्वाभाविक रूप से अपने आप ही ठंडा होकर समाप्त होने दें। जब पूरा प्रेशर निकल जाए, तभी कुकर का ढक्कन खोलें। इसके बाद पके हुए चावल के दानों को चम्मच से दबाकर परखें। जब चावल पूरी तरह मुलायम होकर गल चुके हों, तब कलछी की मदद से पूरे मिश्रण को अच्छी तरह चलाएं ताकि चावल और दूध आपस में एकसार हो जाएं। कंडेंस्ड मिल्क से लाएं मिठास और गाढ़ापन चावल अच्छी तरह मिल जाने के बाद कुकर में बचा हुआ आधा लीटर दूध और 200 ग्राम कंडेंस्ड मिल्क डाल दें। इस पूरे मिश्रण को अच्छी तरह चमचे से चलाते हुए धीमी आंच पर करीब पांच मिनट तक और पकने दें। इस दौरान लगातार बीच-बीच में कलछी चलाते रहना आवश्यक है, जिससे दूध बर्तन की तली में चिपककर जलने न पाए। कंडेंस्ड मिल्क का सबसे बड़ा फायदा यह होता है कि यह बिना अतिरिक्त समय गंवाए खीर को बाजार जैसी मलाईदार बनावट, प्राकृतिक गाढ़ापन और संतुलित मिठास एक साथ प्रदान कर देता है। मेवे और सुगंध मिलाकर करें परोसने की तैयारी अंतिम चरण में खीर के भीतर एक बड़ा चम्मच कटे हुए बादाम, एक बड़ा चम्मच कटे काजू और एक बड़ा चम्मच किशमिश मिला दें। यदि आपको मनमोहक सुगंध पसंद हो, तो साथ में केवड़ा एसेंस की कुछ बूंदें भी टपका दें। अब सारी सामग्री को धीमी आंच पर एक मिनट तक भली-भांति चलाएं। आपकी अत्यंत स्वादिष्ट, गाढ़ी और मलाईदार चावल की खीर पूरी तरह बनकर तैयार हो चुकी है। इस खीर को गरमागरम भी परोसा जा सकता है और कमरे के तापमान पर ठंडा करके भी इसका आनंद उठाया जा सकता है। शरद पूर्णिमा के लिए ध्यान रखने योग्य महत्वपूर्ण बातें इस विधि से खीर पकाते समय कुछ बुनियादी सावधानियों पर ध्यान देना आवश्यक है। खीर में मलाईदार स्वाद सुनिश्चित करने के लिए हमेशा फुल क्रीम दूध का ही चयन करें। चूंकि कंडेंस्ड मिल्क में पहले से ही पर्याप्त मात्रा में चीनी मौजूद होती है, इसलिए अपनी ओर से ऊपर से कोई भी अतिरिक्त चीनी डालने से पहले खीर का स्वाद जरूर चख लें। इसके अलावा, खीर जैसे-जैसे ठंडी होती है, उसका गाढ़ापन काफी बढ़ जाता है। यदि परोसते समय खीर आवश्यकता से अधिक गाढ़ी लगे, तो उसमें अपनी जरूरत के मुताबिक थोड़ा सा उबला हुआ दूध मिलाकर उसकी बनावट को संतुलित किया जा सकता है। इसका आप पर असर इस त्वरित विधि से पर्व की परंपरा निभाना और रसोई का प्रबंधन करना बेहद आसान हो जाता है। • समय की बचत: खीर पकाने में लगने वाला समय घंटों से घटकर सिर्फ कुछ मिनट रह जाता है। कामकाजी और व्यस्त लोग भी बिना थकान के त्योहार की रस्म पूरी कर सकते हैं। • रसोई का काम: लगातार खड़े होकर करछुल चलाने और दूध जलने का डर पूरी तरह खत्म हो जाता है। इससे गृहिणियों को त्योहार की अन्य पूजा तैयारियों के लिए पर्याप्त समय मिल जाता है। • स्वाद और गुणवत्ता: कंडेंस्ड मिल्क और फुल क्रीम दूध के मेल से स्वाद में कोई समझौता नहीं होता। कम मेहनत में भी हलवाई जैसी गाढ़ी और मलाईदार खीर बनकर तैयार होती है। • खर्च और बजट: गैस की भारी बचत होती है क्योंकि दूध को घंटों तक खौलाने की जरूरत नहीं पड़ती। सीमित सामग्री में पूरे परिवार के लिए पर्याप्त प्रसाद बन जाता है। ऐसा क्यों हुआ पारंपरिक खीर बनाने की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए आधुनिक रसोई उपकरणों और तैयार सामग्रियों का इस्तेमाल किया जाता है। • प्रेशर कुकर की कार्यप्रणाली: बंद भाप के दबाव से पानी और दूध का तापमान सामान्य उबलने की सीमा से अधिक पहुंच जाता है। इस तीव्र ऊष्मा के कारण चावल के दाने पंद्रह मिनट में ही पूरी तरह गलकर घुल जाते हैं। • कंडेंस्ड मिल्क की भूमिका: पारंपरिक तरीके में दूध का पानी सुखाकर उसे गाढ़ा करने में घंटों लगते हैं। पहले से संघनित और मीठा दूध मिलाने से खीर को बिना उबाले तुरंत आवश्यक गाढ़ापन मिल जाता है। • दूध बाहर आने से रोकने का नियम: दूध गर्म होने पर तेजी से झाग बनकर ऊपर उठता है। धीमी आंच रखने और कुकर को सीमित भरने से सीटी के माध्यम से दूध छलकने की समस्या नहीं होती। सवाल-जवाब 1. प्रेशर कुकर में खीर बनाते समय कितने चावल की आवश्यकता होती है? इस विधि में एक चौथाई कप साफ चावल का इस्तेमाल किया जाता है। 2. इस रेसिपी में कुल कितना दूध और कंडेंस्ड मिल्क लगता है? इसमें कुल डेढ़ लीटर फुल क्रीम दूध और 200 ग्राम कंडेंस्ड मिल्क का उपयोग होता है। 3. चावल और दूध को कुकर में कितनी देर तक पकाना चाहिए? प्रेशर बनने के बाद इसे धीमी आंच पर करीब 15 मिनट तक पकाया जाता है। 4. क्या खीर में अलग से चीनी डालना आवश्यक है? कंडेंस्ड मिल्क में पहले से मिठास होती है, इसलिए अतिरिक्त चीनी डालने से पहले स्वाद जरूर चख लेना चाहिए। 5. कुकर बंद करने के बाद भाप कैसे निकालनी चाहिए? गैस बंद करने के बाद कुकर का प्रेशर अपने आप स्वाभाविक रूप से पूरी तरह निकलने देना चाहिए। 6. खीर में कौन-कौन से सूखे मेवे डाले जाते हैं? इसमें एक-एक बड़ा चम्मच बारीक कटे बादाम, काजू और किशमिश मिलाए जाते हैं। https://trendkia.com/food/preshara-kukara-ki-isa-asana-vidhi-se-minaton-men-banaen-sharad-purnima-ki-parnparika-malaidara-khira-51535 TrendKia — Har trend, sabse pehle.