शाही राजस्थानी स्वाद घर पर बनाने के लिए दही और साबुत मसालों के साथ पकाएं जोधपुरी गुलाब जामुन की सब्जी राजस्थान के जोधपुर में प्रसिद्ध बिना चाशनी वाली मसालेदार गुलाब जामुन सब्जी बनाने की आसान और प्रामाणिक रेसिपी जानिए। दही, बेसन और साबुत मसालों की चटपटी ग्रेवी में तैयार यह डिश रोटी और चावल दोनों के साथ स्वादिष्ट लगती है। गुलाब जामुन का नाम सुनते ही आमतौर पर चाशनी में डूबी हुई मीठी मिठाई का ख्याल मन में आता है। हालांकि, राजस्थान की पाक कला में इसका एक बिल्कुल अलग और अनोखा रूप देखने को मिलता है। जोधपुर और इसके आसपास के क्षेत्रों में गुलाब जामुन को मिठाई के बजाय एक स्वादिष्ट और मसालेदार सब्जी के रूप में पकाया जाता है। इस पारंपरिक रेसिपी में चीनी की चाशनी का उपयोग करने के बजाय तले हुए सूखे जामुन को दही, बेसन और विभिन्न मसालों से तैयार की गई खट्टी-मीठी ग्रेवी में पकाया जाता है। यह डिश भारतीय रोटियों और चावल दोनों के साथ बेहद जायकेदार लगती है। जोधपुरी गुलाब जामुन सब्जी बनाने की आवश्यक सामग्री घर पर पारंपरिक जोधपुरी स्टाइल में यह सब्जी तैयार करने के लिए निम्नलिखित सामग्रियों की आवश्यकता होती है • मुख्य घटक: 10 से 12 बिना चाशनी वाले सूखे या तले हुए गुलाब जामुन, 2 बड़े चम्मच तेल, और 1 से 1.5 कप पानी। • ग्रेवी का आधार: ½ कप ताजा फेंटा हुआ दही और बेसन (जो ग्रेवी को गाढ़ापन और चिकनाहट प्रदान करता है)। • मसाला मिश्रण: ½ छोटा चम्मच जीरा, थोड़ी सी अजवाइन, 1 छोटा चम्मच हींग, ½ छोटा चम्मच सौंफ पाउडर, ½ छोटा चम्मच धनिया पाउडर, 1 छोटा चम्मच लाल मिर्च पाउडर, 1 छोटा चम्मच हल्दी पाउडर, और ½ छोटा चम्मच गरम मसाला। • अन्य: स्वादानुसार नमक और सजावट के लिए बारीक कटा ताज़ा हरा धनिया। कदम दर कदम पकाने की आसान विधि पहला चरण: जामुन की तैयारी: इस रेसिपी के लिए हमेशा बिना चाशनी वाले गुलाब जामुन का चुनाव करें। आप बाज़ार से सूखे जामुन ला सकते हैं या घर पर मावे से बिना चाशनी के जामुन तैयार कर सकते हैं। यदि जामुन पहले से चीनी की चाशनी में डूबे होंगे, तो सब्जी में अत्यधिक मिठास आ जाएगी जो इसके प्रामाणिक स्वाद को खराब कर सकती है। जामुन को कढ़ाई में थोड़ा तेल डालकर तब तक धीमी आंच पर तलें जब तक कि वे हल्के सुनहरे न हो जाएं। दूसरा चरण: दही और बेसन का घोल तैयार करना: एक साफ कटोरे में फेंटा हुआ दही लें और उसमें थोड़ा बेसन मिलाएं। बेसन मिलाने से पकाते समय दही फटने से बचता है और ग्रेवी का टेक्सचर बहुत ही चिकना बनता है। बेसन दही के अत्यधिक खट्टेपन को भी संतुलित करता है। इस घोल में थोड़ी हल्दी और धनिया पाउडर डालकर एकसार मिला लें। तीसरा चरण: तड़का और मसाले भूनना: एक कढ़ाई में दो बड़े चम्मच तेल गरम करें। तेल गरम होने पर उसमें जीरा, अजवाइन और हींग डालें। जब ये मसाले चटकने लगें, तो आंच धीमी करें और सौंफ पाउडर, धनिया पाउडर, हल्दी और लाल मिर्च पाउडर डालें। चौथा चरण: ग्रेवी पकाना: तड़के में तैयार किया हुआ दही और बेसन का मिश्रण धीरे-धीरे डालते जाएं और लगातार चलाते रहें। इसे मध्यम से धीमी आंच पर कुछ मिनटों तक पकाएं। जब मसालों के ऊपर तेल की परत अलग दिखने लगे, तो समझें कि ग्रेवी पूरी तरह भुन चुकी है। पांचवां चरण: जामुन मिलाना और धीमी आंच पर पकाना: भुनी हुई ग्रेवी में 1 से 1.5 कप पानी और स्वादानुसार नमक मिलाएं। जब ग्रेवी में उबाल आने लगे, तो इसमें तले हुए 10 से 12 गुलाब जामुन डाल दें। कढ़ाई को ढककर 5 से 7 मिनट तक धीमी आंच पर पकने दें, ताकि जामुन ग्रेवी के मसालों को अच्छी तरह सोख लें। परोसने के बेहतरीन तरीके सब्जी पूरी तरह पक जाने के बाद ऊपर से आधा छोटा चम्मच गरम मसाला छिड़कें और बारीक कटे हरे धनिये से सजाएं। इस चटपटी जोधपुरी गुलाब जामुन सब्जी को गरमा-गरम बाजरे की रोटी, तंदूरी रोटी, परांठे या उबले हुए चावल के साथ परोसें। इसका आप पर असर जोधपुरी स्टाइल गुलाब जामुन की सब्जी घर पर आसानी से बनाकर आप राजस्थानी जायके का लुत्फ उठा सकते हैं। यह रेसिपी पारंपरिक मिठाइयों के अलावा भोजन में नया प्रयोग करने का अवसर देती है। • रसोई में नया प्रयोग: मीठे गुलाब जामुन की जगह बिना चाशनी वाले जामुन का इस्तेमाल कर आप मेहमानों के लिए एक अनोखी डिश तैयार कर सकते हैं। • स्वादिष्ट और त्वरित भोजन: केवल 15 से 20 मिनट के भीतर बनने वाली यह सब्जी घर में रखी आम सामग्रियों से तैयार हो जाती है। • ग्रेवी का सही संतुलन: दही और बेसन का मिश्रण ग्रेवी को फटने से बचाता है और इसका खट्टा-मीठा स्वाद बढ़ा देता है। • राजस्थान में: जोधपुर और पश्चिमी राजस्थान के पारंपरिक भोजनालयों और घरों में यह व्यंजन विशेष अवसरों पर प्रमुखता से परोसा जाता है। • भारत भर में: उत्तर और मध्य भारत के शाकाहारी व्यंजनों के शौकीन लोग अपने दैनिक मेनू में इस चटपटी सब्जी को आसानी से शामिल कर सकते हैं। सवाल-जवाब 1. क्या इस सब्जी में चाशनी वाले सामान्य गुलाब जामुन का उपयोग किया जा सकता है? नहीं, इस रेसिपी में केवल बिना चाशनी वाले सूखे या तले हुए गुलाब जामुन का उपयोग करना चाहिए ताकि सब्जी में अत्यधिक मिठास न आए। 2. दही को पकाते समय फटने से कैसे बचाया जा सकता है? दही में थोड़ा बेसन मिलाकर धीमी आंच पर लगातार चलाते हुए पकाने से ग्रेवी चिकनी बनती है और दही फटती नहीं है। 3. गुलाब जामुन को ग्रेवी में डालने के बाद कितनी देर पकाना चाहिए? गुलाब जामुन को ग्रेवी में मिलाने के बाद धीमी आंच पर केवल 5 से 7 मिनट तक पकाना चाहिए ताकि वे मसाले अच्छी तरह सोख सकें। 4. इस सब्जी को किस मुख्य रोटी या अनाज के साथ परोसना सबसे अच्छा रहता है? यह मसालेदार जोधपुरी सब्जी गरमा-गरम बाजरे की रोटी, परांठे, तंदूरी रोटी या उबले हुए चावल के साथ सबसे स्वादिष्ट लगती है। https://trendkia.com/food/shahi-rajasthani-svada-ghara-para-banane-ke-lie-dahi-aura-sabuta-masalon-ke-satha-pakaen-jodhpuri-gulaba-jamuna-ki-sabji-31186 TrendKia — Har trend, sabse pehle.