टाटा स्टील ने चर्चिल ब्रदर्स को सौंपी जमशेदपुर एफसी की कमान, महज ₹100 में तय हुआ सौदा टाटा स्टील ने जमशेदपुर एफसी में अपनी पूरी हिस्सेदारी चर्चिल ब्रदर्स को 100 रुपये के प्रतीकात्मक मूल्य पर बेच दी है। इस डील के साथ ही गोवा का यह क्लब आगामी 4 सितंबर से शुरू होने वाले आईएसएल के नए सीजन में मैदान पर उतरेगा। भारतीय फुटबॉल जगत में एक बड़ा प्रशासनिक फेरबदल देखने को मिला है, जहां गोवा के मशहूर क्लब चर्चिल ब्रदर्स ने इंडियन सुपर लीग यानी ISL के आगामी सत्र में अपनी जगह पक्की कर ली है। टाटा स्टील ने जमशेदपुर एफसी में अपनी संपूर्ण इक्विटी हिस्सेदारी को चर्चिल ब्रदर्स के हाथों सौंपने का फैसला किया है। 4 सितंबर से शुरू हो रहे आईएसएल 2026-27 सत्र के लिए अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ यानी AIFF ने 1.1 करोड़ रुपये की कुल भागीदारी फीस तय की है, जिसे शुक्रवार की अंतिम समय सीमा तक जमा करने की जिम्मेदारी अब चर्चिल ब्रदर्स पर है। ₹100 का प्रतीकात्मक सौदा और लाइसेंस हस्तांतरण इस बड़े व्यावसायिक और खेल समझौते को अंजाम देने के लिए बेहद अनोखी शर्त रखी गई। टाटा स्टील ने जमशेदपुर एफसी का आईएसएल स्पोर्टिंग लाइसेंस चर्चिल ब्रदर्स को केवल 100 रुपये की सांकेतिक कीमत पर हस्तांतरित कर दिया। इस कागजी प्रक्रिया के तहत क्लब से जुड़े 12 मुख्य खिलाड़ियों और 2 कोचों का ट्रांसफर भी शामिल किया गया है। 31 अगस्त तक स्वामित्व हस्तांतरण की पूरी कानूनी प्रक्रिया संपन्न होने का अनुमान है, जिसके बाद 1 सितंबर से चर्चिल ब्रदर्स सभी खिलाड़ियों और कोचिंग स्टाफ के मौजूदा अनुबंधों को अपने नियंत्रण में ले लेगा। टाटा स्टील ने अपने आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया, "टाटा स्टील ने 'जमशेदपुर फुटबॉल एंड स्पोर्टिंग प्राइवेट लिमिटेड' में अपनी इक्विटी हिस्सेदारी चर्चिल ब्रदर्स फुटबॉल क्लब को सांकेतिक राशि पर हस्तांतरित करने पर सहमति दी है।" जमशेदपुर एफसी की वापसी और एआईएफएफ की अनिवार्यता जमशेदपुर एफसी ने 31 जुलाई को अचानक आईएसएल से हटने और अपनी सीनियर टीम को पूरी तरह भंग करने की घोषणा करके सबको चौंका दिया था। यह फैसला उस समय आया जब 55 लाख रुपये की पहली किस्त जमा करने की तय सीमा समाप्त हो गई थी और क्लब भुगतान करने में असमर्थ रहा। महासंघ की ओर से पुष्टि की गई थी कि प्रतियोगिता में भाग ले रहे बाकी सभी 13 क्लबों ने निर्धारित समय के भीतर अपनी तय भागीदारी फीस बिना किसी बाधा के जमा कर दी थी। जमशेदपुर के पीछे हटने के बाद ही चर्चिल ब्रदर्स के लिए मुख्य लीग में दोबारा शामिल होने का रास्ता साफ हुआ। चर्चिल ब्रदर्स का ऐतिहासिक सफर और हालिया कानूनी विवाद चर्चिल ब्रदर्स भारतीय फुटबॉल का एक जाना माना नाम रहा है। इस क्लब ने 2008-09 और 2012-13 के सत्रों में आई-लीग (जिसे वर्तमान में इंडियन फुटबॉल लीग के नाम से जाना जाता है) का खिताब अपने नाम किया था। हालांकि हाल का समय क्लब के लिए उतार-चढ़ाव भरा रहा। वर्ष 2025-26 आई-लीग से अपना नाम वापस लेने के कारण एआईएफएफ ने अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए उन्हें आई-लीग 2 में भेज दिया था। इससे पहले आई-लीग 2024-25 सत्र के दौरान क्लब को शुरुआती तौर पर अस्थायी विजेता घोषित किया गया था। लेकिन बाद में खेल पंचाट यानी CAS ने उस फैसले को खारिज करते हुए इंटर काशी को आधिकारिक चैंपियन घोषित कर दिया था, जिसके चलते वाराणसी की टीम को आईएसएल में पदोन्नति हासिल हुई थी। इसका आप पर असर भारत में: आईएसएल 2026-27 का नया सीजन 4 सितंबर से बिना किसी रुकावट के 14 टीमों के साथ समय पर शुरू होगा। गोवा और झारखंड में: गोवा के फुटबॉल प्रशंसकों को देश की शीर्ष लीग में अपनी ऐतिहासिक टीम चर्चिल ब्रदर्स की वापसी देखने को मिलेगी, जबकि जमशेदपुर के फैंस को अब अपनी स्थानीय आईएसएल टीम की कमान नए प्रबंधन के पास जाते देखनी होगी। सवाल-जवाब 1. चर्चिल ब्रदर्स ने जमशेदपुर एफसी को कितने रुपये में खरीदा? टाटा स्टील ने जमशेदपुर एफसी का आईएसएल लाइसेंस और इक्विटी हिस्सेदारी चर्चिल ब्रदर्स को 100 रुपये के सांकेतिक मूल्य पर हस्तांतरित की है। 2. आईएसएल का नया सीजन कब से शुरू हो रहा है? इंडियन सुपर लीग का आगामी 2026-27 सीजन 4 सितंबर से शुरू हो रहा है। 3. चर्चिल ब्रदर्स को महासंघ में कितनी फीस जमा करनी है? चर्चिल ब्रदर्स को एआईएफएफ द्वारा निर्धारित 1.1 करोड़ रुपये की पूरी भागीदारी फीस जमा करनी होगी। 4. जमशेदपुर एफसी ने आईएसएल से हटने का फैसला क्यों लिया था? जमशेदपुर एफसी ने 55 लाख रुपये की पहली किस्त की समय-सीमा समाप्त होने के बाद 31 जुलाई को लीग से हटने और टीम भंग करने की घोषणा की थी। 5. चर्चिल ब्रदर्स ने इससे पहले कौन से बड़े खिताब जीते हैं? चर्चिल ब्रदर्स ने 2008-09 और 2012-13 में आई-लीग का खिताब अपने नाम किया था। https://trendkia.com/football/tata-steel-ne-churchill-brothers-ko-saunpi-jamshedpur-fc-ki-kamana-mahaja-100-men-taya-hua-sauda-16924 TrendKia — Har trend, sabse pehle.