डायसन के $499 वाले कैमरा टूथब्रश की बिक्री अचानक थमी, पानी लीकेज और खराबी के आरोपों पर साधी चुप्पी डायसन का 499 डॉलर वाला नया कैमरायुक्त टूथब्रश कैमरागेट लॉन्च के चंद दिनों बाद ही बाजारों से गायब हो गया है। उपयोगकर्ताओं द्वारा बैटरी में पानी घुसने और तकनीकी खराबी की शिकायतों के बीच कंपनी ने विशिष्ट गड़बड़ी का खुलासा करने से इनकार कर दिया है। ओरल केयर की दुनिया में सामान्य टूथब्रश से लेकर मोटराइज्ड ब्रश तक का सफर सदियों लंबा रहा है। चीनी आविष्कारों के जरिए तांग राजवंश या पंद्रहवीं शताब्दी के आसपास ब्रिसल वाले टूथब्रश की शुरुआत हुई थी। इसके बाद वर्ष 1937 में टॉमलिंसन मोसले ने सबसे शुरुआती इलेक्ट्रिक टूथब्रश का पेटेंट दाखिल किया, जिसने मोटोडेंट के रूप में पावर्ड ओरल केयर की नींव रखी। आधुनिक दौर में स्टिक वैक्यूम और प्रीमियम हेयर ड्रायर जैसी श्रेणियों को नए सिरे से डिजाइन करके शोहरत पाने वाली कंपनी डायसन ने इस तकनीक को और आगे ले जाने का फैसला किया। हालांकि एयर-प्यूरिफाइंग हेडफोन जैसे कुछ प्रयोगों में कंपनी को उतनी कामयाबी नहीं मिली थी, फिर भी जेम्स डायसन ने पेरिस के एक बड़े आयोजन में 499 डॉलर कीमत वाले डायसन कैमरागेट को वैश्विक स्तर पर पेश किया। दांतों की सफाई के साथ पानी की धार छोड़ने वाले वॉटर फ्लॉसर को एक साथ जोड़ने की कोशिश वॉटरपिक सोनिक-फ्यूजन 2.0 जैसे उत्पादों में पहले भी देखी गई है। मगर डायसन ने अपने उपकरण में एक छोटा मैक्रो-लेंस कैमरा जोड़कर इस तकनीक को बिल्कुल नए स्तर पर पहुंचाने का दावा किया। कंपनी का गैप ऑप्टिकल टारगेटिंग सिस्टम लगभग 470,000 डेंटल तस्वीरों के डेटा पर प्रशिक्षित है। यह सिस्टम मात्र 100 मिलीसेकंड के भीतर यह तय करने में सक्षम है कि दांतों के बीच की खाली जगह पर ठीक किस बिंदु पर पानी की धार छोड़नी है। इसके लिए ब्रश के अंदर ही 12.5 मिलीलीटर माउथ रिंस रखने वाला एक विशेष लिक्विड स्टोरेज कम्पार्टमेंट दिया गया है। छह साल का शोध और अचानक खाली होती अलमारियां इस अनूठे कैमरा-सर्ट-ब्रश गैजेट को तैयार करने में डायसन को करीब छह साल का लंबा समय लगा, जिसमें 38 पेटेंट दर्ज किए गए और भारी-भरकम पूंजी खर्च हुई। लेकिन वैश्विक बाजार में कदम रखते ही यह महत्वाकांक्षी डिवाइस मुश्किलों में घिर गई है। पेरिस में जेम्स डायसन द्वारा पेश किए जाने के कुछ ही हफ्तों बाद अब यह स्थिति आ गई है कि किसी भी स्टोर या ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर यह ब्रश बिक्री के लिए उपलब्ध नहीं है। 8 सितंबर को अमेरिकी स्टोर्स में इसकी बिक्री आधिकारिक तौर पर शुरू हुई थी। बिक्री शुरू होने के ठीक अगले ही दिन से ग्राहकों की ओर से गंभीर शिकायतों का सिलसिला शुरू हो गया। शुरुआती खरीदारों ने बताया कि उपकरण इस्तेमाल करने के 30 सेकंड के भीतर ही बंद पड़ रहा है और बैटरी वाले हिस्से में पानी भर रहा है। यहां तक कि कंज्यूमर रिपोर्ट्स के पास टेस्टिंग के लिए मौजूद रिव्यू यूनिट ने भी अनबॉक्सिंग के 24 घंटे पूरे होने से पहले ही काम करना बंद कर दिया। 11 सितंबर को फ्रांसीसी मीडिया न्यूमेरामा ने जानकारी दी कि फ्रांस में डायसन की आधिकारिक वेबसाइट और स्टोर्स ने इसकी बिक्री रोक दी है। देखते ही देखते 15 सितंबर तक अमेरिका, ब्रिटेन और सिंगापुर (जहां डायसन का मुख्यालय स्थित है) के तमाम खुदरा केंद्रों से भी यह उत्पाद पूरी तरह हटा लिया गया। आधिकारिक रिकॉल से इनकार और भारी मांग का दावा स्टोर्स और ऑनलाइन पोर्टल्स से उत्पाद के रातों-रात गायब होने के बावजूद कंपनी का रुख काफी अलग नजर आ रहा है। डायसन की ब्यूटी कम्युनिकेशंस प्रमुख लिव थॉमस ने स्पष्ट किया है कि कैमरागेट को बाजार से वापस मंगाने यानी आधिकारिक रिकॉल का कोई फैसला नहीं लिया गया है। कंपनी का कहना है कि दुनिया भर में इस गैजेट की भारी मांग देखी जा रही है और उत्पादन को बड़े पैमाने पर बढ़ाने की प्रक्रिया जारी रहने के कारण सप्लाई में अस्थायी कमी आई है। उनके मुताबिक आने वाले हफ्तों में यह उत्पाद फिर से उपलब्ध होने लगेगा। अलग-अलग देशों में लीकेज, टूटने और बैटरी ठप होने की कई घटनाओं पर सवाल पूछे जाने पर लिव थॉमस ने केवल इतना कहा कि शुरुआती बैचों की बहुत कम इकाइयों में एक सिंगल कॉम्पोनेंट की समस्या सामने आई है। कंपनी ने उन बैचों को अलग कर दिया है और प्रभावित ग्राहकों को सहायता दी जा रही है। हालांकि जब यह पूछा गया कि क्या दुनिया के किसी भी कोने में यह 499 डॉलर वाला टूथब्रश अभी भी बिक रहा है या कंपनी ने शिपमेंट कब रोके, तो डायसन ने जवाब देने से मना कर दिया। कंपनी ने यह खुलासा करने से भी इनकार कर दिया कि वह खराब सिंगल कॉम्पोनेंट असल में कौन सा पुर्जा है, उससे गैजेट में क्या दिक्कत आ रही है और वैश्विक स्तर पर कुल कितनी इकाइयां इससे प्रभावित हुई हैं। इसके अलावा शुरुआती बैचों के लिए औपचारिक सार्वजनिक रिकॉल क्यों नहीं जारी किया गया, इस पर भी कोई टिप्पणी नहीं की गई। इंटरनेट पर नाराजगी और रिपेयर विशेषज्ञों का विश्लेषण दूसरी तरफ रेडिट जैसे सोशल मीडिया फोरम पर खरीदारों का गुस्सा फूट पड़ा है, जहां लोग इस प्रोडक्ट को स्कैमरागेट नाम से संबोधित कर रहे हैं। यूके के एक असंतुष्ट ग्राहक ने अनुभव साझा करते हुए लिखा कि उन्होंने ऐसे दो ब्रश खरीदे थे और दोनों ही पूरी तरह खराब हो चुके हैं। चूंकि पैकेजिंग फेंक दी गई थी और वापसी की कोई योजना पहले नहीं थी, इसलिए उन्हें वापस लौटाना भी संभव नहीं है। उस ग्राहक ने हैरानी जताई कि इतना महंगा गैजेट महज दो हफ्ते ही चल सका। मरम्मत और हार्डवेयर से जुड़ी कंपनी आईफिक्सिट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी काइल वीन्स का मानना है कि यह सीधा-सीधा वाटरप्रूफिंग से जुड़ा संकट लगता है। काइल वीन्स ने कहा कि बड़े पैमाने पर मैन्युफैक्चरिंग के दौरान वाटरप्रूफिंग के लिए जरूरी सटीक टॉलरेंस हासिल करना काफी जटिल काम होता है। बिना खराब यूनिट की सीधी जांच किए उनका अनुमान है कि या तो कलपुर्जों के आपस में सटीक फिट न होने की टॉलरेंस से जुड़ी खामी है, या फिर मैन्युफैक्चरिंग अथवा शिपिंग के दौरान एडहेसिव क्योरिंग की प्रक्रिया में कोई तकनीकी विफलता हुई है। उनके मुताबिक ऐसा भी संभव है कि फैक्ट्री टेस्टिंग के वक्त उत्पाद बिल्कुल सही निकला हो, मगर शिपिंग के दौरान गर्मी या नमी के संपर्क में आने से एडहेसिव का जोड़ कमजोर पड़ गया हो। आंतरिक बनावट और लीकेज के खतरे फॉर्मूला वन मैनेजमेंट और पैनासोनिक जैसी बहुराष्ट्रीय कंपनियों के साथ काम कर चुकी ब्रिटिश इलेक्ट्रॉनिक डिजाइन कंसल्टेंसी रिपकार्ड डिजाइंस के संस्थापक और तकनीकी निदेशक एडम टोनर का विश्लेषण भी इसी ओर इशारा करता है। एडम टोनर का कहना है कि ऐसे व्यक्तिगत देखभाल उपकरण में आंतरिक सर्किट और कलपुर्जों तक पानी का प्रवेश किसी भी सूरत में नहीं होना चाहिए। उनका मानना है कि बैटरी बदलने की प्रक्रिया से जुड़े वीडियो देखने पर यह समझ आता है कि बैटरी कम्पार्टमेंट से डिवाइस के बाकी आंतरिक हिस्सों तक सीधा रास्ता बना हुआ है। डिवाइस का चार्ज न होना, अत्यधिक गर्म हो जाना या बिल्कुल भी शुरू न हो पाना, ये सभी दिक्कतें आंतरिक हिस्सों में पानी घुसने की वजह से पैदा हो सकती हैं। एडम टोनर को संदेह है कि यह समस्या किसी दोषपूर्ण गैस्केट या ओ-रिंग जैसी छोटी सी रबर सील की खराबी से भी पैदा हो सकती है। ऐसे में यह गंभीर तकनीकी सवाल खड़ा होता है कि छह साल के लंबे शोध, 38 पेटेंट और भारी बजट के बावजूद पानी में रोज इस्तेमाल होने वाले और खुद तरल पदार्थ ले जाने वाले टूथब्रश को सुरक्षित तरीके से वाटरप्रूफ बनाने में चूक कैसे हो गई। काइल वीन्स का यह भी मानना है कि कैमरागेट से जुड़े इस पूरे घटनाक्रम को डायसन के लिए अपनी नीतियों पर पुनर्विचार करने का मौका बनना चाहिए। काइल वीन्स ने जोर देकर कहा कि कंपनी ने निश्चित रूप से ऐसी स्थिति की योजना नहीं बनाई थी, इसलिए अब उन्हें रिपेयरेबिलिटी यानी उत्पादों की आसान मरम्मत में निवेश बढ़ाना चाहिए। गैजेट्स को ठीक करने में आसान बनाने से निर्माण दोष सामने आने पर उन्हें सुधारना भी सरल हो जाता है। मरम्मत के पुर्जे और तकनीकी जानकारी उपभोक्ताओं को उपलब्ध कराने के मामले में डायसन उद्योग के अन्य मानकों से पीछे है, और यह संकट उनके लिए सुधार करने की एक स्पष्ट चेतावनी है। इसका आप पर असर डायसन के नए प्रीमियम ओरल केयर गैजेट की अचानक बिक्री रुकने से ग्राहकों की जेब और वारंटी अधिकारों पर सीधा असर पड़ा है। • उपभोक्ताओं पर प्रभाव: यदि आपने 499 डॉलर खर्च करके यह डिवाइस खरीदी है, तो तुरंत अपने ब्रश की बैटरी जांचें कि कहीं नमी तो नहीं आ रही। बॉक्स या बिल को संभाल कर रखें ताकि गड़बड़ी होने पर रिप्लेसमेंट या रिफंड हासिल किया जा सके। • उत्पाद उपलब्धता: दुनिया भर के प्रमुख स्टोर्स में इस टूथब्रश का स्टॉक पूरी तरह रोक दिया गया है। जब तक कंपनी आधिकारिक तौर पर संशोधित बैच जारी नहीं करती, तब तक नए खरीदार इसे किसी भी विश्वसनीय रिटेलर से नहीं ले पाएंगे। • वारंटी और सहायता: प्रभावित शुरुआती खरीदारों को सपोर्ट देने की बात कही गई है, लेकिन आधिकारिक रिकॉल न होने से प्रक्रिया अस्पष्ट है। जिन ग्राहकों का गैजेट काम करना बंद कर चुका है, उन्हें सीधे कस्टमर केयर से संपर्क करके रिप्लेसमेंट का दावा करना चाहिए। • मरम्मत की चुनौतियां: आधुनिक गैजेट्स में स्पेयर पार्ट्स और रिपेयर गाइड आसानी से न मिलने के कारण खुद से खराबी ठीक करना असंभव है। वारंटी के बिना ऐसे महंगे डिवाइस तकनीकी दोष आने पर पूरी तरह बेकार हो सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ छह वर्षों के विकास के बावजूद डायसन कैमरागेट की बिक्री रुकने का मुख्य कारण उपकरण के अंदर पानी घुसना और उससे जुड़े तकनीकी कंपोनेंट का विफल होना है। स्वतंत्र विशेषज्ञों और शुरुआती समीक्षाओं ने इसके पीछे डिजाइन तथा सीलिंग से जुड़ी कमियों को जिम्मेदार माना है। • जल रिसाव और सीलिंग दोष: शुरुआती उपयोगकर्ताओं ने बताया कि उपयोग के 30 सेकंड के भीतर ही बैटरी कम्पार्टमेंट में पानी भर रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि असेंबली के दौरान गैस्केट या ओ-रिंग की खराबी की वजह से आंतरिक सर्किटरी तक पानी पहुंच गया। • एडहेसिव क्योरिंग या टॉलरेंस की चूक: मैन्युफैक्चरिंग के दौरान दो हिस्सों के सटीक मिलान न होने या गोंद के ठीक से न सूखने के कारण सील कमजोर पड़ सकती है। इस वजह से फैक्ट्री टेस्टिंग पास करने के बाद भी परिवहन के दौरान तापमान या नमी से जोड़ ढीले हो सकते हैं। • एकल घटक की विफलता: कंपनी ने स्वीकार किया है कि शुरुआती बैचों में एक सिंगल कंपोनेंट की खराबी आई है। हालांकि कंपनी ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह पुर्जा कौन सा है या उससे उपकरण किस तरह पूरी तरह निष्क्रिय हो रहा है। • अत्यधिक जटिल डिजाइन: ऑन-बोर्ड 12.5 मिलीलीटर लिक्विड टैंक, कैमरा और इलेक्ट्रिक मोटर को एक ही कॉम्पैक्ट बॉडी में रखने से आंतरिक बनावट बेहद जटिल हो गई। रोजाना पानी में भीगने वाले उपकरण में इस तरह की जटिलता ने वाटरप्रूफिंग के जोखिम को कई गुना बढ़ा दिया। सवाल-जवाब 1. डायसन कैमरागेट की कीमत कितनी है? इस हाई-टेक टूथब्रश की आधिकारिक कीमत 499 डॉलर रखी गई है। 2. इस टूथब्रश की बिक्री अचानक क्यों बंद हुई? शुरुआती खरीदारों द्वारा बैटरी कम्पार्टमेंट में पानी घुसने और 30 सेकंड में उपकरण ठप होने की शिकायतों के बाद बिक्री रोकी गई। 3. क्या डायसन ने आधिकारिक तौर पर कोई रिकॉल जारी किया है? कंपनी ने औपचारिक रिकॉल जारी नहीं किया है और अलमारियों से प्रोडक्ट गायब होने के पीछे भारी मांग और सप्लाई की कमी का हवाला दिया है। 4. कैमरागेट में कैमरा क्यों लगाया गया है? मैक्रो-लेंस कैमरा और ऑप्टिकल टारगेटिंग सिस्टम 100 मिलीसेकंड में दांतों के बीच की जगह पहचानकर वहां 12.5 मिलीलीटर टैंक से पानी की सटीक धार छोड़ते हैं। 5. विशेषज्ञ इस खराबी के पीछे क्या तकनीकी वजह मान रहे हैं? हार्डवेयर विशेषज्ञों का मानना है कि कमजोर गैस्केट, खराब ओ-रिंग या असेंबली के दौरान एडहेसिव क्योरिंग फेल होने से उपकरण में पानी का रिसाव हुआ है। https://trendkia.com/gear/dyson-ke-499-vale-kaimara-tuthabrasha-ki-bikri-achanaka-thami-pani-likeja-aura-kharabi-ke-aropon-para-sadhi-chuppi-35932 TrendKia — Har trend, sabse pehle.