हॉलीवुड के मशहूर सिनेमैटोग्राफर स्टीव येडलिन का क्रोमाग्राफ कैमरा ऐप आईफोन पर मचा रहा है तहलका नाइव्स आउट और स्टार वार्स जैसी फिल्मों के सिनेमैटोग्राफर स्टीव येडलिन ने आईफोन के लिए क्रोमाग्राफ कैमरा ऐप तैयार किया है, जो तस्वीरों को हॉलीवुड फिल्म जैसा सिनेमाई लुक देता है। हॉलीवुड की ब्लॉकबस्टर फिल्मों में अपने खास विजुअल और कलर साइंस के लिए पहचाने जाने वाले सिनेमैटोग्राफर स्टीव येडलिन ने अब अपनी वही सिनेमाई तकनीक स्मार्टफोन में उतार दी है। निर्देशक रियान जॉनसन के साथ मिलकर लंबे समय से काम कर रहे येडलिन ने आईफोन के लिए क्रोमाग्राफ कैमरा नाम से एक नया फोटोग्राफी ऐप्लिकेशन पेश किया है। यह ऐप रिलीज होते ही फोटोग्राफी के शौकीनों के बीच तेजी से चर्चा में आ गया और आईओएस ऐप स्टोर पर सबसे ज्यादा डाउनलोड होने वाला पेड ऐप बन गया। हॉलीवुड का कलर साइंस अब आईफोन में स्टीव येडलिन ने 'नाइव्स आउट' और 'स्टार वार्स: द लास्ट जेडी' जैसी चर्चित फिल्मों की सिनेमैटोग्राफी संभाली है। बड़े पर्दे पर दिखने वाले दृश्यों के लिए वे आम रेडीमेड सेटिंग्स पर निर्भर रहने के बजाय अपनी खुद की इमेज प्रोसेसिंग तकनीक लिखते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया है कि वे अपनी फिल्मों में इस्तेमाल होने वाली पूरी इमेज प्रोसेसिंग खुद कोड करते हैं। यही अनूठी विजुअल सोच अब उनके क्रोमाग्राफ कैमरा ऐप के जरिए आम आईफोन यूजर्स के हाथों तक पहुंची है। एप्पल के आईफोन का डिफॉल्ट कैमरा सिस्टम तस्वीरों को जिस तरह प्रोसेस करता है, यह नया ऐप उस ढर्रे से पूरी तरह अलग काम करता है। यह कैमरा ऐप सीधे सेंसर से अनकंप्रेस्ड रॉ इमेज डेटा कैप्चर करता है। इसके बाद उस डेटा को उसी फॉर्मूले के आधार पर प्रोसेस किया जाता है, जिसे येडलिन फीचर फिल्मों के प्रोडक्शन में काम में लेते हैं। इस ऐप को केवल स्थिर फोटो खींचने के मकसद से तैयार किया गया है और फिलहाल इसमें वीडियो रिकॉर्डिंग की कोई सुविधा नहीं दी गई है। ऐप स्टोर पर शीर्ष स्थान और कीमत इस प्रोजेक्ट को जमीन पर उतारने के लिए स्टीव येडलिन और निर्देशक रियान जॉनसन ने प्रोग्रामर एरिक कैमरन के साथ साझेदारी की। इन तीनों ने अपने खास कलर टेस्ट के अनुरूप ऐप को ढालने के लिए लॉन्च से पहले कई महीनों तक लगातार प्रयोग किए। जब रियान जॉनसन ने अक्टूबर के आखिरी दिनों में सोशल मीडिया पर क्रोमाग्राफ कैमरा का प्रचार किया, तो यह तुरंत आईओएस ऐप स्टोर की पेड श्रेणी में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया। इस ऐप की कीमत 13 डॉलर रखी गई है, जो कि एकमुश्त शुल्क है। इस ऐप की कार्यप्रणाली भी आम फोन कैमरों से काफी जुदा है। जब कोई यूजर व्यूफाइंडर में देखकर शटर दबाता है, तो स्क्रीन पर दिखने वाला दृश्य अंतिम फोटो से बिल्कुल अलग होता है। तस्वीर खींचने के बाद ऐप उसे आंतरिक तौर पर ठीक उसी तरह डेवलप करता है, जैसे पुराने समय में डार्करूम में फिल्म रोल डेवलप होते थे। ऐप का एल्गोरिदम खास टोन, कलर और ग्रेन इफेक्ट्स को जोड़ने के लिए कुछ पलों का प्रोसेसिंग समय लेता है। एक बार फोटो तैयार हो जाने के बाद, यूजर अपनी पसंद के मुताबिक एक्सपोजर और टेक्सचर में हल्के बदलाव भी कर सकते हैं। कंप्यूटेशनल फोटोग्राफी और हार्डवेयर की सीमाएं स्टीव येडलिन का कहना है कि उनका मकसद आईफोन के मुख्य कैमरा ऐप की जगह लेना या कोई ऐसा भारी-भरकम टूल बनाना नहीं है जिसमें दुनिया भर की एडिटिंग सेटिंग्स भरी हों। उनके शब्दों में, यह सिर्फ एक ऐसा क्यूरेटेड ऐप है जो तस्वीरों को वैसे खींचता है जैसा वे खुद देखना पसंद करते हैं। यह ऐप उन लोगों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रहा है जो बिना किसी जटिल कलर ग्रेडिंग के सीधे एक शानदार, स्टाइलाइज्ड और कलात्मक तस्वीर चाहते हैं। इसके बावजूद, येडलिन आईफोन को बुनियादी तौर पर एक सीमित हार्डवेयर डिवाइस ही मानते हैं। उनका मानना है कि यह सोच बिल्कुल सही नहीं है कि कोई स्मार्टफोन किसी पेशेवर कैमरे जैसा वास्तविक नियंत्रण दे सकता है। सॉफ्टवेयर चाहे कितना भी उन्नत क्यों न हो जाए, वह हार्डवेयर की सीमाओं को पूरी तरह नहीं बदल सकता। इसके अलावा, एप्पल के अपने तय नियम और पैरामीटर्स भी यह निर्धारित करते हैं कि कोई थर्ड-पार्टी सॉफ्टवेयर फोन के हार्डवेयर को किस हद तक इस्तेमाल कर सकता है। आज के दौर में जब कंप्यूटेशनल फोटोग्राफी और जनरेटिव एआई के चलते इस बात पर लगातार बहस चल रही है कि असली स्मार्टफोन फोटो किसे कहा जाए, तब येडलिन किसी तटस्थ या सपाट रेंडरिंग के पीछे नहीं भागते। उनका मानना है कि कोई भी तस्वीर दुनिया का हूबहू दर्पण नहीं होती, बल्कि हर इमेज एक दृष्टिकोण और व्याख्या होती है। क्रोमाग्राफ कैमरा ऐप का लुक पूरी तरह से तयशुदा और खास है, जहां शब्दों में विवरण देने से ज्यादा तस्वीर के रंग खुद अपनी कहानी बयां करते हैं। इसका आप पर असर आईफोन यूजर्स अब बिना किसी जटिल एडिटिंग सॉफ्टवेयर के सीधे अपनी तस्वीरों में हॉलीवुड स्तर का सिनेमाई कलर और टेक्सचर पा सकते हैं। • मोबाइल फोटोग्राफर्स के लिए: यह ऐप डिफॉल्ट फोन प्रोसेसिंग को दरकिनार कर रॉ डेटा पर फिल्म स्टाइल कलर फॉर्मूला लगाता है। इससे यूजर्स को बिना मैन्युअल कलर ग्रेडिंग के सीधे विंटेज और फिल्म जैसा आउटपुट मिल जाता है। • कीमत और उपलब्धता: यह ऐप्लिकेशन एप्पल ऐप स्टोर पर 13 डॉलर के एकमुश्त भुगतान के साथ उपलब्ध है। इसमें कोई सब्सक्रिप्शन मॉडल नहीं है, लेकिन वीडियो शूट करने वाले यूजर्स को अभी इसके लिए इंतजार करना होगा। • डिवाइस प्रदर्शन: ऐप में फोटो खींचने के तुरंत बाद कुछ पलों का प्रोसेसिंग समय लगता है। यूजर्स को शॉट के तुरंत बाद रीयल-टाइम प्रीव्यू के बजाय डार्करूम की तरह फोटो डेवलप होने का थोड़ा इंतजार करना होगा। • सीमित कस्टमाइजेशन: यह पेशेवर एडिटिंग सॉफ्टवेयर की तरह हर पहलू को बदलने की आजादी नहीं देता। यूजर्स केवल एक्सपोजर और टेक्सचर जैसी बुनियादी सेटिंग्स को ही अपने हिसाब से एडजस्ट कर सकते हैं। ऐसा क्यों हुआ हॉलीवुड सिनेमैटोग्राफर स्टीव येडलिन ने आईफोन के डिफॉल्ट कैमरा प्रोसेसिंग के सपाट लुक से अलग हटकर अपनी फिल्मों के अनूठे विजुअल स्टाइल को आम स्मार्टफोन यूजर्स तक पहुंचाने के लिए यह ऐप बनाया है। • व्यक्तिगत कलर साइंस: स्टीव येडलिन अपनी फिल्मों के लिए खुद के इमेज प्रोसेसिंग एल्गोरिदम लिखते हैं। वे उसी विजुअल फिलॉसफी को कॉम्पैक्ट रूप में आईफोन कैमरे के सेंसर पर लागू करना चाहते थे। • सहयोगियों की साझेदारी: निर्देशक रियान जॉनसन और डेवलपर एरिक कैमरन ने कई महीनों तक येडलिन के साथ मिलकर इस ऐप को तैयार किया। जॉनसन द्वारा सोशल मीडिया पर इसे पेश करने के बाद इसे जबरदस्त शुरुआती गति मिली। • कंप्यूटेशनल फोटोग्राफी से अलग सोच: जहां आधुनिक स्मार्टफोन कंपनियां एआई और अत्यधिक शार्पनेस की ओर बढ़ रही हैं, वहीं येडलिन कलात्मक और सोचे-समझे सिनेमाई लुक को प्राथमिकता देते हैं। सवाल-जवाब 1. क्रोमाग्राफ कैमरा ऐप किसने बनाया है? इसे हॉलीवुड सिनेमैटोग्राफर स्टीव येडलिन, निर्देशक रियान जॉनसन और प्रोग्रामर एरिक कैमरन ने मिलकर तैयार किया है। 2. इस ऐप की कीमत कितनी है और यह कहां उपलब्ध है? यह ऐप एप्पल के आईओएस ऐप स्टोर पर 13 डॉलर के एकमुश्त शुल्क में उपलब्ध है। 3. क्या क्रोमाग्राफ कैमरा से वीडियो रिकॉर्ड किया जा सकता है? नहीं, वर्तमान में यह ऐप केवल स्थिर तस्वीरें खींचने का काम करता है और इसमें वीडियो सपोर्ट नहीं है। 4. फोटो खींचने के बाद ऐप में थोड़ा समय क्यों लगता है? ऐप रॉ डेटा पर अपने खास टोन, कलर और ग्रेन इफेक्ट्स लगाने के लिए डार्करूम की तरह फोटो को आंतरिक रूप से डेवलप करता है। 5. क्या यह ऐप आईफोन के डिफॉल्ट कैमरे को रिप्लेस करने के लिए है? नहीं, स्टीव येडलिन के अनुसार यह कोई सामान्य रिप्लेसमेंट नहीं बल्कि अपनी खास पसंद की तस्वीरें लेने के लिए बनाया गया एक क्यूरेटेड टूल है। https://trendkia.com/gear/holivuda-ke-mashahura-sinemaitographara-steve-yedlin-ka-chromagraph-camera-aipa-iphone-para-macha-raha-hai-tahalaka-54486 TrendKia — Har trend, sabse pehle.