विंडोज 11 से खुद अपनी मर्जी के रिमाइंडर कैसे सेट करें विंडोज 11 में पहले से मौजूद टास्क शेड्यूलर, क्लॉक ऐप और माइक्रोसॉफ्ट टू डू की मदद से स्ट्रेचिंग ब्रेक से लेकर बच्चों को लेने जाने तक हर काम के लिए बिना कोई नई ऐप डाउनलोड किए कस्टम पॉप-अप रिमाइंडर बनाया जा सकता है। विंडोज 11 में रिमाइंडर के लिए कोई नई ऐप डाउनलोड करने की जरूरत नहीं है, क्योंकि सिस्टम में पहले से ऐसे टूल्स मौजूद हैं जो तय समय पर आपको खुद-ब-खुद अलर्ट भेज सकते हैं, बस इन्हें ढूंढना आना चाहिए। टास्क शेड्यूलर से बनाएं अपना पर्सनल रिमाइंडर यह पूरा काम टास्क शेड्यूलर नाम के टूल से होता है, जो हर विंडोज 11 सिस्टम में पहले से मौजूद रहता है। टास्कबार या स्टार्ट मेन्यू के सर्च बॉक्स में इसका नाम टाइप करते ही यह तुरंत सामने आ जाता है। इसे खोलने के बाद ऊपर दिख रहे ऐक्शन मेन्यू में क्रिएट बेसिक टास्क नाम का विकल्प चुनना होता है। यहीं से एक छोटा विजार्ड शुरू होता है, जो सबसे पहले टास्क का नाम और विवरण मांगता है। इसे ठीक से भरना जरूरी है, क्योंकि बाद में इसी नाम से टास्क को पहचानकर उसमें बदलाव या उसे डिलीट किया जा सकता है। कितनी बार और कब बजेगा अलर्ट, यह तय करें विजार्ड की अगली स्क्रीन पर ही असली लचीलापन दिखता है। रिमाइंडर को रोजाना, हर हफ्ते, हर महीने, सिर्फ एक बार, कंप्यूटर स्टार्ट होने पर, लॉगिन करने पर या किसी खास इवेंट के लॉग होने पर चलाया जा सकता है, यानी लगभग हर जरूरत के लिए यहां विकल्प मौजूद है। अगर बार-बार आने वाला रिमाइंडर चुना जाए तो अगली स्क्रीन पर उसका सटीक समय तय करना होता है, जैसे रोज दोपहर 4 बजे या जो भी समय उस काम के लिए सही बैठता हो। नोटिफिकेशन का असली मैसेज कैसे लिखें समय तय होने के बाद विजार्ड पूछता है कि टास्क असल में करेगा क्या, और यहां स्टार्ट अ प्रोग्राम विकल्प चुनना होता है। इससे वह स्क्रीन खुलती है जहां नोटिफिकेशन तैयार होता है। प्रोग्राम/स्क्रिप्ट वाले बॉक्स में msg टाइप करना होता है, जबकि असली रिमाइंडर वाला मैसेज, जैसे स्ट्रेचिंग करने, पानी पीने या बच्चों को लेने जाने की याद दिलाना, नीचे दिए गए ऐड आर्ग्युमेंट्स बॉक्स में डालना होता है। एक और क्लिक पर सब कुछ रिव्यू करने के लिए समरी स्क्रीन आती है और फिनिश दबाते ही टास्क सेव हो जाता है। इसके बाद यह मैसेज तय समय पर अपने आप पॉप-अप होता रहेगा, चाहे टास्क शेड्यूलर खुला हो या नहीं, क्योंकि टास्क अब बैकग्राउंड में ही चलता रहता है। इस तरह बनाया गया हर टास्क टास्क शेड्यूलर लाइब्रेरी सेक्शन में दिखता है, तो जब भी शेड्यूल बदलना हो, वहां जाकर टास्क पर राइट-क्लिक करके उसे एडिट या डिलीट किया जा सकता है। टास्क शेड्यूलर के बिना भी बन सकता है काम, क्लॉक ऐप से टास्क शेड्यूलर की सबसे बड़ी खूबी यह है कि नोटिफिकेशन आने के लिए कोई और ऐप चलाने की जरूरत नहीं पड़ती, लेकिन यह इकलौता तरीका नहीं है। विंडोज के साथ पहले से आने वाला माइक्रोसॉफ्ट क्लॉक ऐप भी इससे मिलता-जुलता, थोड़ा आसान काम कर सकता है। स्टार्ट मेन्यू या टास्कबार के सर्च बॉक्स से इसे खोलकर अलार्म सेक्शन चुनने पर नीचे दाईं ओर एक प्लस बटन दिखता है, जिससे नया अलार्म जोड़ा जा सकता है। अलार्म को नाम देना असल में नोटिफिकेशन का टेक्स्ट लिखने जैसा ही है, और उसके बाद आम अलार्म घड़ी की तरह ही उसका समय और रिपीट पैटर्न सेट किया जा सकता है। टू डू लिस्ट के टास्क को भी बनाएं शेड्यूल्ड रिमाइंडर जिन्हें सिर्फ अलार्म से ज्यादा व्यवस्थित तरीका चाहिए, उनके लिए माइक्रोसॉफ्ट टू डू एक अलग रास्ता देता है। यह भी विंडोज के साथ पहले से आता है और उसी सर्च बॉक्स से खोला जा सकता है। यह असल में एक पूरी तरह से काम करने वाला टू-डू ऐप है, लेकिन इसमें किसी टास्क के साथ जोड़ा गया रिमाइंडर बिल्कुल कस्टम नोटिफिकेशन जैसा ही काम करता है। ऐड अ टास्क पर क्लिक कर नया टास्क बनाने और उसे नाम देने के बाद, रिमाइंडर की सेटिंग में जाकर सटीक तारीख और समय चुना जा सकता है, यह भी तय किया जा सकता है कि अलर्ट दोबारा आए या नहीं, और जरूरत पड़ने पर टास्क को किसी कैटेगरी में भी रखा जा सकता है। थर्ड-पार्टी ऐप कब आती है काम बाहर की कई क्लॉक, रिमाइंडर या टू-डू ऐप्स, जैसे टिकटिक, भी कस्टम अलर्ट बना सकती हैं। दिक्कत यह है कि इनमें सिर्फ एक मैसेज भेजने जितना आसान काम करने के लिए भी ढेर सारे ऐसे फीचर्स साथ आते हैं जिनकी इस काम के लिए जरूरत ही नहीं होती। जिसे सिर्फ सही समय पर एक याद दिलाने वाला अलर्ट चाहिए, उसके लिए विंडोज 11 में पहले से मौजूद टूल्स ही आमतौर पर बिना किसी नई डाउनलोडिंग के पूरा काम कर देते हैं। इसका आप पर असर इससे हर विंडोज 11 यूजर बिना कोई नई ऐप डाउनलोड किए मुफ्त में अपने लिए कस्टम रिमाइंडर बना सकता है। • कोई नई ऐप जरूरी नहीं: टास्क शेड्यूलर, क्लॉक ऐप और माइक्रोसॉफ्ट टू डू पहले से हर विंडोज 11 सिस्टम में मौजूद हैं। कोई भी आज ही ब्रेक, मीटिंग या बच्चों को लेने जाने जैसे कामों के लिए बिना पैसे खर्च किए रिमाइंडर सेट कर सकता है। • ऐप बंद हो तब भी काम करता है: टास्क शेड्यूलर से बना रिमाइंडर तय समय पर बजता है, चाहे टास्क शेड्यूलर खुला हो या नहीं। जो लोग रिमाइंडर ऐप को बैकग्राउंड में चलाना भूल जाते हैं, उनके लिए यह खास फायदे की बात है। • समय की पूरी आजादी: रिमाइंडर को रोजाना, साप्ताहिक, मासिक, एक बार या लॉगिन-स्टार्टअप पर चलाया जा सकता है। पेरेंट्स, वर्क फ्रॉम होम करने वाले या स्टूडेंट्स इसे स्कूल पिकअप या अपने काम के हिसाब से पूरी तरह सेट कर सकते हैं। • बदलना और डिलीट करना आसान: टास्क शेड्यूलर से बना हर रिमाइंडर टास्क शेड्यूलर लाइब्रेरी में दिखता है, तो जरूरत पड़ने पर उसे कुछ क्लिक में बदला या हटाया जा सकता है। • बिना जरूरत थर्ड-पार्टी ऐप से बचें: टिकटिक जैसी ऐप्स में कई अतिरिक्त फीचर आते हैं, जिनकी एक साधारण रिमाइंडर के लिए जरूरत नहीं होती, इसलिए पहले सिस्टम में मौजूद टूल आजमाना बेहतर रहता है। सवाल-जवाब 1. क्या रिमाइंडर के लिए टास्क शेड्यूलर का खुला रहना जरूरी है? नहीं, टास्क शेड्यूलर बंद होने पर भी टास्क बैकग्राउंड में चलता रहता है और तय समय पर मैसेज पॉप-अप होता है। 2. नोटिफिकेशन बनाने के लिए प्रोग्राम/स्क्रिप्ट बॉक्स में क्या टाइप करना होता है? उस बॉक्स में msg टाइप करना होता है, जबकि असली रिमाइंडर टेक्स्ट ऐड आर्ग्युमेंट्स फील्ड में डाला जाता है। 3. क्या रिमाइंडर को हर दिन एक ही समय पर दोहराया जा सकता है? हां, टास्क शेड्यूलर में डेली, वीकली, मंथली जैसे विकल्प चुनकर सटीक समय, जैसे रोज दोपहर 4 बजे, तय किया जा सकता है। 4. टास्क शेड्यूलर के अलावा और कौन-कौन से बिल्ट-इन विकल्प हैं? विंडोज के साथ आने वाले माइक्रोसॉफ्ट क्लॉक ऐप और माइक्रोसॉफ्ट टू डू ऐप से भी कस्टम अलार्म और रिमाइंडर बनाए जा सकते हैं। 5. माइक्रोसॉफ्ट टू डू में रिमाइंडर कैसे जोड़ा जाता है? ऐड अ टास्क पर क्लिक कर टास्क बनाने के बाद, उसकी रिमाइंडर सेटिंग में तारीख, समय और रिपीट का विकल्प चुना जा सकता है। 6. क्या थर्ड-पार्टी ऐप जैसे टिकटिक इस्तेमाल करना जरूरी है? नहीं, ऐसी ऐप्स में अतिरिक्त फीचर आते हैं जो एक साधारण रिमाइंडर के लिए जरूरी नहीं होते, इसलिए विंडोज के बिल्ट-इन टूल आमतौर पर काफी होते हैं। 7. पुराने रिमाइंडर को एडिट या डिलीट कैसे किया जाए? टास्क शेड्यूलर लाइब्रेरी में जाकर उस टास्क पर राइट-क्लिक करने से उसे एडिट या डिलीट करने का विकल्प मिल जाता है। https://trendkia.com/gear/windows-11-se-khuda-apani-marji-ke-rimaindara-kaise-seta-karen-28638 TrendKia — Har trend, sabse pehle.