{
  "type": "article",
  "title": "चैटजीपीटी पर आया नया फीचर, अब सीक्रेट चैट्स को पिन से कर सकेंगे सुरक्षित",
  "summary": "चैटजीपीटी ने एक नया लॉक्ड चैट्स फीचर पेश किया है, जिसकी मदद से उपयोगकर्ता अपनी संवेदनशील बातचीत को चार अंकों के पिन या बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन के जरिए छिपा सकते हैं।",
  "content": "आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म चैटजीपीटी ने अपने उपयोगकर्ताओं के लिए एक नया प्राइवेसी फीचर पेश किया है, जिसकी मदद से लोग अपनी संवेदनशील बातचीत को सुरक्षित रख सकते हैं। इस नए फीचर का नाम लॉक्ड चैट्स है, जो चैटजीपीटी पर उपलब्ध करा दिया गया है।\n\n \n\nकैसे काम करता है नया लॉक्ड चैट्स फीचर\n\nइस फीचर के जरिए उपयोगकर्ता अपनी निजी चैट्स को मुख्य चैट हिस्ट्री, पिन किए गए मैसेज और सर्च परिणामों से छिपा सकते हैं। जब आप किसी बातचीत को लॉक कर देते हैं, तो वह सामान्य सूची से हट जाती है और उसे देखने के लिए चार अंकों का पिन या बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन दर्ज करना होता है। इसके लिए आप फेस आईडी या टच आईडी जैसे विकल्पों का उपयोग कर सकते हैं। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि लॉक करने का मतलब यह नहीं है कि संदेशों को ओपनएआई द्वारा सुरक्षित कर दिया गया है या उन्हें सर्वर पर सहेजने से रोक दिया गया है। ये बातचीत सर्वर पर बनी रहती हैं, लेकिन मुख्य स्क्रीन से ओझल हो जाती हैं।\n\n \n\nचैट्स को लॉक करने की पूरी प्रक्रिया\n\nकिसी मौजूदा बातचीत को छिपाने के लिए, आपको उस चैट को खोलना होगा और उसके विकल्प मेनू में जाना होगा। वहां आपको लॉक चैट का विकल्प मिलेगा, जिसके बाद आप अपना चार अंकों का अकाउंट पिन बना सकते हैं या दर्ज कर सकते हैं। यह प्रक्रिया पूरी होते ही वह बातचीत आपके लॉक्ड चैट्स प्रोजेक्ट में चली जाती है। यदि आपके पास पहले से पिन नहीं है, तो सिस्टम आपको पिन बनाने के लिए कहेगा, जिसे आपको पुष्टि के लिए दो बार दर्ज करना होगा। इसके अलावा, आप अकाउंट पिन सेटिंग्स में जाकर बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन को भी सक्रिय कर सकते हैं। यदि आप कभी अपना पिन रीसेट करते हैं, तो आपके सभी लॉक्ड चैट्स हमेशा के लिए डिलीट हो जाएंगे और उन्हें वापस नहीं लाया जा सकेगा।\n\n \n\nकिन प्लान्स और वर्जन्स के लिए उपलब्ध है यह सुविधा\n\nयह नया फीचर चैटजीपीटी के फ्री, गो, प्लस, प्रो, बिजनेस, एंटरप्राइज और एजु प्लान्स पर मोबाइल और डेस्कटॉप दोनों एप्लीकेशन के लिए जारी किया जा रहा है। हालांकि, यह सुविधा चैटजीपीटी फॉर हेल्थकेयर के लिए उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसके अलावा कुछ अन्य पाबंदियां भी हैं, जैसे कि आप टेम्परेरी चैट्स, आर्काइव्ड चैट्स, ग्रुप चैट्स, शेयर किए गए लिंक वाली चैट्स, शेड्यूल और बैकग्राउंड टास्क तथा मीटिंग रिकॉर्डिंग को लॉक नहीं कर सकते हैं। ओपनएआई के अनुसार, यह फीचर चरणबद्ध तरीके से रोल आउट किया जा रहा है, इसलिए यह सभी उपयोगकर्ताओं तक पहुंचने में थोड़ा समय ले सकता है।\n\nइसका आप पर असर\nयह नया फीचर चैटजीपीटी उपयोगकर्ताओं को अपनी निजी और संवेदनशील बातचीत को दूसरों की नजरों से बचाने में मदद करता है।\n\n• भारत में: सामान्य उपयोगकर्ताओं और पेशेवर लोगों को अपनी गोपनीय बातचीत सुरक्षित रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा मिलती है। मोबाइल और डेस्कटॉप दोनों प्लेटफॉर्म पर यह सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।\n\n• डेटा सुरक्षा: पिन या बायोमेट्रिक लॉक लगाने से डिवाइस पर कोई दूसरा व्यक्ति आपकी सीक्रेट चैट्स नहीं देख पाएगा। हालांकि, यह ध्यान रखें कि इससे डेटा ओपनएआई के सर्वर पर सुरक्षित होना बंद नहीं होता है।\n\n• नियम और पाबंदियां: टेम्परेरी, ग्रुप या आर्काइव्ड चैट्स को लॉक करने की अनुमति नहीं दी गई है। इसके अलावा पिन रीसेट करने पर सभी लॉक की गई चैट्स हमेशा के लिए डिलीट हो जाती हैं।\n\n• उपलब्धता: यह सुविधा फ्री, प्लस, प्रो और बिजनेस समेत कई प्लान्स में मिल रही है, लेकिन हेल्थकेयर उपयोगकर्ताओं को यह नहीं मिलेगी। रोल आउट प्रक्रिया क्रमिक रूप से चल रही है इसलिए सभी को मिलने में समय लग सकता है।\n\nऐसा क्यों हुआ\nचैटजीपीटी द्वारा इस फीचर को लाने का मुख्य उद्देश्य उपयोगकर्ताओं की गोपनीयता और सुरक्षा को बेहतर बनाना है ताकि वे अपनी निजी बातचीत को सामान्य इतिहास से अलग रख सकें।\n\n• बढ़ती गोपनीयता की मांग: उपयोगकर्ता लंबे समय से ऐसी सुविधा की मांग कर रहे थे जिससे वे अपनी संवेदनशील चैट्स को अन्य सामान्य वार्ताओं से अलग और सुरक्षित छिपा सकें।\n\n• बायोमेट्रिक एकीकरण: आधुनिक उपकरणों में उपलब्ध फेशियल रिकग्निशन और फिंगरप्रिंट तकनीक का उपयोग करके इस सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाया गया है।\n\n• चरणबद्ध रोलआउट: तकनीकी सुधारों को सुचारू रूप से लागू करने के लिए ओपनएआई इस फीचर को धीरे-धीरे सभी वैश्विक उपयोगकर्ताओं तक पहुंचा रहा है।\n\nसवाल-जवाब\n\n1. चैटजीपीटी पर नए लॉक्ड चैट्स फीचर का क्या काम है?\nयह फीचर उपयोगकर्ताओं को अपनी संवेदनशील बातचीत को चार अंकों के पिन या बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन के पीछे छिपाने की अनुमति देता है।\n\n2. लॉक्ड चैट्स को कहां देखा जा सकता है?\nलॉक की गई चैट्स को देखने के लिए आपको प्रोजेक्ट्स के अंतर्गत लॉक्ड चैट्स में जाना होगा और अपना पिन या बायोमेट्रिक लॉक दर्ज करना होगा।\n\n3. क्या लॉक करने से चैट ओपनएआई से एन्क्रिप्ट हो जाती है?\nनहीं, लॉक करने से चैट्स केवल मुख्य इतिहास से छिपती हैं, लेकिन वे ओपनएआई द्वारा संरक्षित या रोकी नहीं जाती हैं।\n\n4. पिन भूलने या रीसेट करने पर क्या होगा?\nयदि आप अपना अकाउंट पिन रीसेट करते हैं, तो आपके सभी लॉक्ड चैट्स स्थायी रूप से डिलीट हो जाएंगे और रिकवर नहीं किए जा सकेंगे।\n\n5. क्या किन चैट्स को लॉक नहीं किया जा सकता है?\nटेम्परेरी, आर्काइव्ड, ग्रुप चैट्स, शेयर किए गए लिंक वाली बातचीत और मीटिंग रिकॉर्डिंग को लॉक नहीं किया जा सकता है।\n\n6. यह फीचर किन प्लान्स के लिए उपलब्ध है?\nयह फ्री, गो, प्लस, प्रो, बिजनेस, एंटरप्राइज और एजु प्लान्स पर उपलब्ध है, लेकिन हेल्थकेयर प्लान के लिए नहीं है।",
  "url": "https://trendkia.com/guides/chatgpt-par-aaya-naya-feature-ab-secret-chats-ko-pin-se-kar-sakenge-surakshit-49916",
  "category": "गाइड",
  "publishedAt": "2026-10-21",
  "tags": [
    "चैटजीपीटी",
    "ओपनएआई",
    "प्राइवेसी",
    "टेक्नोलॉजी",
    "एआई"
  ],
  "language": "hi",
  "site": "TrendKia"
}