प्लेक्स मीडिया सर्वर को बेहतर बनाने के 10 आसान तरीके अपने पर्सनल स्ट्रीमिंग सेटअप को व्यवस्थित करने, वीडियो क्वालिटी सुधारने और लाइब्रेरी शेयरिंग को आसान बनाने के लिए ये जरूरी सुझाव बेहद मददगार हैं। पर्सनल मीडिया स्ट्रीमिंग सेटअप तैयार करने के लिए प्लेक्स लगभग 20 वर्षों से एक लोकप्रिय मंच बना हुआ है। समय के साथ इसमें कई नए फीचर्स जोड़े गए हैं, जिससे यूज़र्स अपने खुद के फिल्मों, टीवी शोज़, गानों और फोटो के कलेक्शन को आसानी से स्ट्रीम कर सकते हैं। कई बार बुनियादी सेटिंग्स के साथ चलने पर मीडिया लाइब्रेरी में गलत नाम, जंक फाइल्स या स्ट्रीमिंग क्वालिटी से जुड़ी दिक्कतें आ जाती हैं। इन कुछ व्यावहारिक बदलावों और टूल्स की मदद से आप अपनी मीडिया लाइब्रेरी को ज्यादा व्यवस्थित और देखने के अनुभव को बेहतर बना सकते हैं। गलत मेटाडेटा को ऐसे करें ठीक जब आप अपनी हार्ड ड्राइव या स्टोरेज में फाइल्स जोड़ते हैं, तो प्लेक्स उनके फाइलनेम और फोल्डर स्ट्रक्चर के आधार पर ऑनलाइन डेटाबेस से पोस्टर, रिलीज की तारीख, कलाकारों के नाम और सारांश जैसी जानकारियां जुटाता है। हालांकि कई बार यह मिलान गलत हो जाता है और शो या फिल्म का विवरण सही नहीं दिखता। इसे दुरुस्त करने के तीन तरीके हैं • मेटाडेटा रीफ्रेश करना: किसी फिल्म या शो के मुख्य पेज पर जाएं, वहां मौजूद तीन डॉट्स वाले आइकन पर क्लिक करें और रीफ्रेश मेटाडेटा विकल्प चुनें। इससे सिस्टम दोबारा ऑनलाइन सोर्सेज की जांच करता है और छूटी हुई जानकारी अपडेट हो जाती है। • फिक्स मैच टूल का इस्तेमाल: यदि शीर्षक बहुत सामान्य है या किसी अन्य फिल्म से मिलता-जुलता है, तो तीन डॉट्स पर क्लिक करके फिक्स मैच विकल्प चुनें। यहां आपको सर्च परिणामों की एक सूची दिखेगी, जिसमें से आप सही टाइटल चुन सकते हैं। • मैनुअल एडिट करना: यदि आप अपनी पसंद का विवरण डालना चाहते हैं, तो संबंधित मीडिया फाइल पर पेंसिल जैसे दिखने वाले एडिट आइकन पर क्लिक करें। यहां आप मैन्युअल रूप से विवरण बदल सकते हैं, जिसे ऑनलाइन डेटाबेस कभी ओवरराइट नहीं करेगा। बंडल क्लीनअप से स्टोरेज और लाइब्रेरी का कचरा हटाएं जैसे-जैसे आपकी लाइब्रेरी में नया मीडिया जुड़ता है और पुरानी फाइल्स हटाई जाती हैं, सिस्टम में गैर-जरूरी डेटा जमा होने लगता है। हटाई गई फाइलों के पुराने प्रीव्यू थंबनेल्स, मेटाडेटा और अस्थायी फाइल्स स्टोरेज में रह जाती हैं, जिन्हें बंडल्स कहा जाता है। इन्हें हटाने से सर्वर तेज रहता है वेब ऐप में बाईं ओर अपनी मीडिया सर्वर लिस्टिंग के पास तीन डॉट्स पर क्लिक करें और मैनेज सर्वर में जाकर क्लीन बंडल्स चुनें। इसके अलावा ऊपर दाईं ओर मौजूद रिंच आइकन यानी सेटिंग्स में जाएं, ट्रबलशूटिंग पर क्लिक करें और वहां से क्लीन बंडल्स का चयन करें। इसी पेज पर मौजूद शिड्यूल्ड टास्क्स लिंक के जरिए आप इसे हर हफ्ते अपने आप चलने के लिए भी सेट कर सकते हैं। एक ही फिल्म के कई अलग-अलग वर्जन व्यवस्थित करें फिल्म प्रेमियों के पास अक्सर एक ही फिल्म के कई कट्स होते हैं, जैसे डायरेक्टर्स कट या एक्सटेंडेड एडिशन। यदि आपके पास प्लेक्स पास सब्सक्रिप्शन है, तो आप इन्हें अलग-अलग एंट्री के तौर पर लाइब्रेरी में दर्ज कर सकते हैं। इसके लिए अपनी फाइल के नाम के आगे कर्ली ब्रैकेट्स में एडिशन का नाम जोड़ें, जैसे कि ब्लेड रनर (1982) {edition-Final Cut}.mp4। इसके अलावा आप वेब इंटरफेस में फिल्म लिस्टिंग पेज पर पेंसिल आइकन पर क्लिक करके सीधे एडिशन फील्ड में भी यह विवरण दर्ज कर सकते हैं। फाइलबॉट की मदद से सबटाइटल जोड़ें डाउनलोड की गई हर मीडिया फाइल में पहले से सबटाइटल मौजूद नहीं होते। ऐसी स्थिति में फाइलबॉट टूल का इस्तेमाल करना काफी सुविधाजनक रहता है। इस सॉफ्टवेयर को अपने सिस्टम में इंस्टॉल करें और ओपनसबटाइटल्स पर एक मुफ्त अकाउंट बनाएं। फाइलबॉट के भीतर सबटाइटल्स पैनल में जाएं, हरे यूजर आइकन के जरिए ओपनसबटाइटल्स में लॉगिन करें और सर्च बार में अपनी फिल्म या शो का नाम खोजें। जरूरी सबटाइटल फाइल मिलने पर उसे डबल-क्लिक करके नीचे वाली विंडो में लाएं, वहां राइट-क्लिक करके एक्सपोर्ट चुनें और संबंधित प्लेक्स फोल्डर में सेव कर लें। इसके अलावा प्लेक्स पास यूजर्स के लिए इन-बिल्ट सबटाइटल सर्च का विकल्प भी है, जबकि बाजार ऐप भी विस्तृत कस्टमाइजेशन प्रदान करता है। परिवार और दोस्तों के साथ लाइब्रेरी साझा करें आप अपनी मीडिया लाइब्रेरी को अन्य लोगों के साथ सुरक्षित तरीके से शेयर कर सकते हैं। वेब ऐप में सेटिंग्स यानी रिंच आइकन पर जाएं और बाईं तरफ मैनेज लाइब्रेरी एक्सेस का चयन करें। ग्रांट लाइब्रेरी एक्सेस पर क्लिक करके संबंधित व्यक्ति का प्लेक्स यूजरनेम या ईमेल आईडी दर्ज करें। इसके बाद आप तय कर सकते हैं कि उन्हें कौन-से सर्वर और फोल्डर देखने की अनुमति देनी है। प्लेक्स पास होने पर उम्र सीमा के आधार पर फिल्टर और कंटेंट डाउनलोड करने की परमिशन भी सेट की जा सकती है। रिमोट एक्सेस के मामले में, यदि सर्वर मालिक के पास प्लेक्स पास है, तो अन्य लोग लोकल नेटवर्क के बाहर भी फ्री में कंटेंट स्ट्रीम कर सकते हैं। लेकिन अगर सर्वर ओनर के पास प्लेक्स पास नहीं है, तो लोकल नेटवर्क से बाहर देखने वाले हर व्यक्ति को रिमोट वॉच पास लेना होगा, जिसका शुल्क 2 डॉलर प्रति माह या 20 डॉलर प्रति वर्ष है। टाउटुली प्लगइन से देखें देखने की पूरी हिस्ट्री और आंकड़े टाउटुली एक स्वतंत्र ऐड-ऑन है जो आपके मीडिया सर्वर से जुड़े कई आंकड़े उपलब्ध कराता है। इसे विंडोज़ या मैकओएस पर इंस्टॉल करके आसानी से प्लेक्स सर्वर से कनेक्ट किया जा सकता है। इस टूल की मदद से यह देखा जा सकता है कि परिवार के किस सदस्य ने कौन-सा शो किस समय और किस डिवाइस पर देखा। साथ ही यह स्ट्रीमिंग के दौरान इस्तेमाल हुए इंटरनेट बैंडविड्थ का ब्योरा भी देता है। यदि आप अकेले भी सर्वर चलाते हैं, तो यह रोजाना या हर घंटे के हिसाब से व्यूइंग ग्राफ, सबसे ज्यादा देखे गए शोज़ की लिस्ट और नई जोड़ी गई मीडिया फाइल्स का पूरा रिकॉर्ड दिखाता है। कलेक्शन और स्मार्ट कलेक्शन से बनाएं कस्टम ग्रुप्स अपनी मीडिया लाइब्रेरी को थीम या कैटेगरी के आधार पर छांटने के लिए कलेक्शंस फीचर बहुत काम आता है। इसके जरिए आप जासूसी फिल्मों, कॉमेडी सीरीज़ या खास जॉनर की अलग लिस्ट बना सकते हैं। किसी मीडिया लिस्टिंग पर एडिट बटन दबाएं, फिर टैग्स सेक्शन में जाकर कलेक्शंस बॉक्स में अपनी पसंद का नाम टाइप करें। यदि वह कलेक्शन पहले से मौजूद है, तो वह सुझाव में दिख जाएगा। इसके अलावा आप लाइब्रेरी टैब में सर्च फिल्टर लगाकर ऐड टू बटन पर क्लिक करके क्रिएट स्मार्ट कलेक्शन भी बना सकते हैं। भविष्य में उस फिल्टर से मेल खाने वाली कोई भी नई फाइल अपने आप उस स्मार्ट कलेक्शन का हिस्सा बन जाएगी। वीडियो ट्रांसकोडिंग और स्ट्रीमिंग क्वालिटी को अधिकतम करें आमतौर पर प्लेक्स डिवाइस की क्षमता और नेटवर्क स्पीड के हिसाब से अपने आप वीडियो क्वालिटी तय करता है, लेकिन कई बार कम पावरफुल डिवाइसेज पर क्वालिटी घट जाती है। इसे मैन्युअल रूप से बेहतर किया जा सकता है वेब ऐप में सेटिंग्स पर जाएं और ट्रांसकोडर विकल्प खोलें। यदि आपका कंप्यूटर सक्षम है, तो ट्रांसकोडर क्वालिटी को मेक माय सीपीयू हर्ट पर सेट करें और यूज़ हार्डवेयर एक्सेलेरेशन व्हेन अवेलेबल को इनेबल कर दें। इसके अलावा फोन, टैबलेट या टीवी पर प्लेक्स ऐप की सेटिंग्स में जाकर वीडियो क्वालिटी को मैक्सिमम पर सेट करें ताकि स्क्रीन पर सबसे साफ तस्वीर दिखाई दे। कंटीन्यू वॉचिंग लिस्ट को अपनी पसंद के अनुसार बदलें होम स्क्रीन पर दिखने वाली कंटीन्यू वॉचिंग कतार में वे शोज़ और फिल्में दिखती हैं जो अधूरी छोड़ी गई हैं। इसे आप अपनी जरूरत के अनुसार सीमित कर सकते हैं। वेब सेटिंग्स में जाकर लाइब्रेरी सेक्शन चुनें। यहां आप तय कर सकते हैं कि कितने हफ्तों के बाद कोई अधूरा शो इस लिस्ट से अपने आप गायब हो जाए, साथ ही कुल दिखने वाले टाइटल्स की संख्या भी सीमित कर सकते हैं। इसके अलावा इंक्लूड सीजन प्रीमियर इन कंटीन्यू वॉचिंग विकल्प को अनचेक करके नए सीजन के शुरुआती एपिसोड्स को बार-बार सामने आने से रोका जा सकता है। यह बदलाव आपके टीवी और मोबाइल ऐप पर भी लागू हो जाता है। क्वासी टीवी ऐप से पाएं पारंपरिक टीवी चैनल सर्फिंग का अनुभव यदि आप सामान्य टीवी की तरह रिमोट से चैनल बदलने का अनुभव वापस पाना चाहते हैं, तो क्वासी टीवी ऐप एक बेहतरीन विकल्प है। यह ऐप एंड्रॉइड टीवी, गूगल टीवी और फायर टीवी जैसे प्लेटफॉर्म्स पर काम करता है। इस ऐप में अपने प्लेक्स अकाउंट से लॉगिन करने के बाद यह आपकी पूरी लाइब्रेरी को पुराने ज़माने के टीवी चैनल गाइड में बदल देता है। फिल्में और धारावाहिक अलग-अलग जॉनर या उनके मूल टीवी नेटवर्क के आधार पर अलग-अलग वर्चुअल चैनल्स में बंट जाते हैं, जिससे आप पारंपरिक तरीके से चैनल बदलकर कंटेंट देख सकते हैं। इसका आप पर असर इन सेटिंग्स और टूल्स की मदद से पर्सनल मीडिया सर्वर का इस्तेमाल करने वाले यूज़र्स अपने देखने के अनुभव को बेहतर बना सकते हैं और अनावश्यक खर्च से बच सकते हैं। • स्ट्रीमिंग अनुभव: वीडियो क्वालिटी सेटिंग्स और ट्रांसकोडर को कस्टमाइज़ करके आप बफरिंग की समस्या खत्म कर सकते हैं। इससे कमजोर डिवाइसेज पर भी हाई-डेफिनिशन वीडियो स्मूथ तरीके से चलता है। • स्टोरेज बचत: क्लीन बंडल्स फीचर की मदद से पुरानी और हटाई गई फाइल्स का डिजिटल कचरा साफ हो जाता है। इससे सर्वर की हार्ड ड्राइव पर खाली स्पेस बढ़ता है और सिस्टम तेज काम करता है। • शेयरिंग नियम: फैमिली मेंबर्स के लिए रिमोट स्ट्रीमिंग और अकाउंट एक्सेस की सेटिंग्स को सही ढंग से सेट किया जा सकता है। इससे यह स्पष्ट रहता है कि बिना प्लेक्स पास के रिमोट एक्सेस के लिए 2 डॉलर प्रतिमाह या 20 डॉलर सालाना का पास जरूरी है। • कंटेंट मैनेजमेंट: स्मार्ट कलेक्शंस और सबटाइटल टूल्स की मदद से बड़ी मीडिया लाइब्रेरी को आसानी से मैनेज किया जा सकता है। इससे पसंदीदा फिल्मों और शोज़ को ढूंढने में समय बर्बाद नहीं होता। ऐसा क्यों हुआ मीडिया लाइब्रेरी में अक्सर गलत मेटाडेटा, बफरिंग या फाइल्स का बिखराव इसलिए होता है क्योंकि डिफॉल्ट सेटिंग्स केवल बुनियादी जरूरतों को पूरा करती हैं। हार्डवेयर की अलग-अलग क्षमताएं और फाइल्स के नामकरण में अंतर होने से सिस्टम ऑटोमेशन हमेशा सटीक नतीजे नहीं दे पाता। • फाइल नेमिंग में अंतर: इंटरनेट डेटाबेस फाइल्स के सटीक नाम और रिलीज वर्ष पर निर्भर करते हैं। यदि फाइल का नाम थोड़ा भी भिन्न हो, तो सिस्टम गलत पोस्टर या जानकारी जोड़ देता है। • डेटाबेस में अवशिष्ट फाइलें: जब सर्वर से कोई फिल्म हटाई जाती है, तो सिस्टम उसकी इमेज और इंडेक्स तुरंत पूरी तरह नहीं मिटाता। नियमित सफाई न होने पर यह अवशिष्ट डेटा जमा होकर सर्वर को धीमा कर देता है। • नेटवर्क और हार्डवेयर सीमाएं: हर डिवाइस एक जैसे वीडियो कोडेक को सपोर्ट नहीं करती। इसके चलते सर्वर को लाइव ट्रांसकोडिंग करनी पड़ती है, जिसके लिए सही सीपीयू और हार्डवेयर एक्सेलेरेशन सेटिंग्स की जरूरत होती है। सवाल-जवाब 1. यदि प्लेक्स पर फिल्म का नाम या पोस्टर गलत दिखे तो क्या करें? आप तीन डॉट्स पर क्लिक करके रीफ्रेश मेटाडेटा या फिक्स मैच चुन सकते हैं, अथवा पेंसिल आइकन पर क्लिक करके विवरण खुद लिख सकते हैं। 2. क्लीन बंडल्स करने से क्या फायदा होता है? यह हटाई गई फाइल्स के पुराने थंबनेल्स और गैर-जरूरी मेटाडेटा को साफ करके स्टोरेज खाली करता है। 3. क्या रिमोट स्ट्रीमिंग के लिए हमेशा प्लेक्स पास जरूरी है? यदि सर्वर ओनर के पास प्लेक्स पास नहीं है, तो रिमोट यूजर्स को 2 डॉलर प्रतिमाह या 20 डॉलर सालाना का रिमोट वॉच पास लेना पड़ता है। 4. टाउटुली टूल का क्या काम है? यह एक ऐड-ऑन है जो सर्वर पर किसने क्या देखा, कब देखा और कितना इंटरनेट डेटा खर्च हुआ, इसके विस्तृत आंकड़े दिखाता है। 5. क्वासी टीवी ऐप क्या सुविधा देता है? यह ऐप आपकी प्लेक्स लाइब्रेरी को पारंपरिक टीवी चैनल गाइड की तरह बदल देता है, जिससे चैनल बदलकर कंटेंट देखा जा सकता है। https://trendkia.com/guides/plex-media-server-ko-behatara-banane-ke-10-asana-tarike-44579 TrendKia — Har trend, sabse pehle.