वस्त्राल में अवैध पटाखा यूनिट में धमाका, 8 मजदूरों की मौत, पीएम मोदी ने दिया मुआवजे का ऐलान अहमदाबाद के वस्त्राल इलाके में एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में हुए जोरदार धमाके में 8 मजदूरों की मौत हो गई और 15 लोग घायल हो गए, पीएम मोदी ने मृतकों के परिजनों को 2 लाख और घायलों को 50,000 रुपये की मदद का ऐलान किया। गुजरात के अहमदाबाद शहर में वस्त्राल इलाके की रामोल-गतराड रोड पर शनिवार, 18 जुलाई को एक पटाखा बनाने वाली फैक्ट्री में जोरदार धमाका हो गया, जिसमें 8 लोगों की जान चली गई और 15 अन्य घायल हो गए। धमाका इतना तेज था कि उसकी गूंज करीब 5 किलोमीटर के दायरे तक सुनाई दी और इसकी चपेट में आए कई मजदूरों के शरीर के चिथड़े उड़ गए। शुरुआती जानकारी के मुताबिक यह फैक्ट्री बिना किसी सरकारी अनुमति के, यानी पूरी तरह अवैध तरीके से चल रही थी। घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाया गया। इनमें से 4 लोगों का इलाज एलजी अस्पताल में और 3 लोगों का इलाज असरवा सिविल अस्पताल में चल रहा है। हादसे की खबर मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया और राहत व बचाव कार्य युद्धस्तर पर शुरू कर दिया गया, मौके पर मौजूद टीमें घायलों को मलबे से निकालकर लगातार अस्पताल पहुंचाने में जुटी रहीं। रेस्क्यू में आरएएफ जवानों ने निभाई अहम भूमिका यह फैक्ट्री वस्त्राल में मौजूद आरएएफ यानी रैपिड एक्शन फोर्स के कैंप के ठीक पीछे स्थित है। धमाके की तेज आवाज सुनते ही कैंप में तैनात जवान बिना देर किए मौके की तरफ दौड़ पड़े। फायर ब्रिगेड की गाड़ियां पहुंचतीं, उससे पहले ही आरएएफ के जवानों ने मलबे में दबे और घायल पड़े लोगों को बाहर निकालना शुरू कर दिया, जिससे कई लोगों की जान बचाई जा सकी। इसके कुछ ही देर बाद पांच से ज्यादा फायर ब्रिगेड की गाड़ियां घटनास्थल पर पहुंचीं और आग पर काबू पाया गया। फिलहाल जगह को ठंडा करने यानी कूलिंग की प्रक्रिया जारी है, ताकि दोबारा आग भड़कने का खतरा न रहे। पीएम मोदी ने जताया दुख, ऐलान किया मुआवजा हादसे की खबर मिलते ही पीएम मोदी ने गहरा दुख जताया। उन्होंने एक्स पर लिखा, "दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं दुखी परिवारों के साथ हैं।" पीएम मोदी ने आगे बताया कि स्थानीय प्रशासन प्रभावित परिवारों की हर संभव मदद में जुटा है और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना जताई। उन्होंने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से हर मृतक के परिवार को 2 लाख रुपये और हर घायल को 50,000 रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की। मेयर से लेकर पुलिस अधिकारी तक मौके पर पहुंचे हादसे के बाद अहमदाबाद के मेयर हितेश बारोट खुद घटनास्थल पर पहुंचे। उनके साथ अहमदाबाद म्युनिसिपल कॉरपोरेशन की फायर ब्रिगेड टीम और कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। पुलिस महकमे की तरफ से जोन-8 के डीसीपी मयूर पाटिल और सेक्टर-2 के जेसीपी जयपाल सिंह राठौड़ ने भी घटनास्थल पर डेरा डाला। इन सभी अधिकारियों की मौजूदगी से राहत और बचाव कार्य को रफ्तार मिली और हालात पर जल्द काबू पाने में मदद मिली। तीन हफ्ते पहले खेड़ा में भी हुआ था ऐसा हादसा गुजरात में पटाखा फैक्ट्रियों में हादसों का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले 27 जून को खेड़ा जिले के कपडवंज इलाके में भी एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में जोरदार धमाका हुआ था। यह धमाका डंपिंग स्टेशन के सामने बनी एक इमारत में हुआ था और इतना शक्तिशाली था कि आसपास के 10 किलोमीटर के दायरे में भूकंप जैसे झटके महसूस किए गए थे। धमाके की वजह से पूरी इमारत चंद पलों में मलबे के ढेर में तब्दील हो गई थी। हालांकि उस हादसे में किसी की जान नहीं गई थी, लेकिन कुछ घायलों की हालत गंभीर बताई गई थी। स्थानीय लोगों ने ही तुरंत मौके पर पहुंचकर घायलों को मलबे से निकाला और नजदीकी अस्पताल पहुंचाकर उनकी जान बचाई थी। बीते कुछ हफ्तों में गुजरात में अवैध पटाखा फैक्ट्रियों से जुड़े हादसे लगातार सामने आ रहे हैं, जिससे सुरक्षा नियमों को सख्ती से लागू किए जाने की जरूरत एक बार फिर उजागर हुई है। ऐसी इकाइयां अक्सर बिना किसी सुरक्षा इंतजाम के आबादी वाले इलाकों के आसपास चलती हैं, जिससे मजदूरों के साथ-साथ आसपास रहने वालों की जान को भी खतरा बना रहता है। इसका आप पर असर • भारत में: यह हादसा एक बार फिर दिखाता है कि देशभर में अवैध रूप से चल रही पटाखा फैक्ट्रियां मजदूरों की जान के लिए कितना बड़ा खतरा बनी हुई हैं, जिससे ऐसी इकाइयों पर सख्ती की मांग तेज हो सकती है। • अहमदाबाद में: वस्त्राल इलाके में रहने वाले और आसपास काम करने वाले लोगों के लिए यह चेतावनी है, प्रशासन अब आसपास की दूसरी अवैध फैक्ट्रियों पर कार्रवाई और तेज कर सकता है। • पीड़ित परिवारों के लिए: मृतकों के परिजनों को प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष से 2 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये की आर्थिक मदद मिलेगी। सवाल-जवाब 1. अहमदाबाद के पटाखा फैक्ट्री धमाके में कितने लोगों की मौत हुई? इस हादसे में 8 लोगों की मौत हो गई और 15 लोग घायल हुए हैं। 2. धमाका कहां और कब हुआ? यह धमाका शनिवार, 18 जुलाई को अहमदाबाद के वस्त्राल इलाके में रामोल-गतराड रोड पर हुआ। 3. घायलों का इलाज कहां चल रहा है? 4 घायलों को एलजी अस्पताल में और 3 को असरवा सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। 4. पीएम मोदी ने क्या मुआवजा घोषित किया? पीएम मोदी ने मृतकों के परिवारों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये की आर्थिक मदद देने का ऐलान किया। 5. रेस्क्यू ऑपरेशन में सबसे पहले कौन मौके पर पहुंचा? फैक्ट्री के पास स्थित आरएएफ कैंप में तैनात जवान धमाके की आवाज सुनते ही सबसे पहले मौके पर पहुंचे और फायर ब्रिगेड से पहले ही रेस्क्यू शुरू कर दिया। 6. क्या फैक्ट्री वैध थी? जानकारी के मुताबिक यह पटाखा फैक्ट्री बिना अनुमति के, यानी अवैध रूप से संचालित हो रही थी। 7. क्या इससे पहले भी ऐसा हादसा हुआ था? हां, 27 जून को गुजरात के खेड़ा जिले के कपडवंज में भी एक अवैध पटाखा फैक्ट्री में धमाका हुआ था, हालांकि उसमें किसी की जान नहीं गई थी। https://trendkia.com/gujarat/vastral-men-avaidha-patakha-yunita-men-dhamaka-8-majaduron-ki-mauta-piema-modi-ne-diya-muavaje-ka-ailana-8540 TrendKia — Har trend, sabse pehle.