अबोहर के टेलर शोरूम मालिक मर्डर केस में हरियाणा पुलिस ने दबोचा 5 लाख का इनामी शूटर पंजाब के अबोहर में कारोबारी संजय वर्मा की गोली मारकर हत्या करने के मामले में वांछित पांच लाख के इनामी बदमाश को हरियाणा एसटीएफ ने हिसार के राजगढ़ रोड बाईपास से पकड़ लिया। पंजाब के फाजिल्का जिले में घटित सनसनीखेज कारोबारी हत्याकांड में फरार चल रहे एक इनामी बदमाश को आखिरकार कानून की गिरफ्त में ले लिया गया है। हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स ने शनिवार को हिसार क्षेत्र में एक सुनियोजित घेराबंदी करके पांच लाख रुपये के इनामी संदिग्ध को दबोच लिया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक गैरकानूनी.32 बोर की पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस भी बरामद किए गए हैं। यह कार्रवाई अंतरराज्यीय स्तर पर सक्रिय अपराधियों पर नकेल कसने की दिशा में एक बड़ी सफलता मानी जा रही है। दिनदहाड़े दुकान के बाहर गोलियों से भूना गया था कारोबारी यह पूरा मामला अबोहर नगर के एक जाने-माने कपड़ा व्यापारी की निर्मम हत्या से जुड़ा है। मृतक की शिनाख्त संजय वर्मा के तौर पर हुई थी, जो स्थानीय ‘न्यू वियर वेल जेंट्स टेलर’ शोरूम के साझीदार थे। वर्ष 2025 में शोरूम के ठीक सामने अज्ञात हमलावरों ने दिन के उजाले में अंधाधुंध फायरिंग करके उनकी जान ले ली थी। खुलेआम अंजाम दी गई इस वारदात ने समूचे बाजार और कारोबारी जगत में दहशत पैदा कर दी थी। वारदात की गंभीरता को देखते हुए फाजिल्का में 7 जुलाई 2025 को हत्या का आपराधिक मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के बाद से ही शूटर लगातार ठिकाने बदल रहा था और पुलिस चकमा देकर बच निकलता था। पंजाब पुलिस ने आरोपी की सूचना देने और उसकी धरपकड़ कराने पर 5 लाख रुपये का नकद इनाम मुकर्रर किया हुआ था। गुप्त सूचना के आधार पर हिसार फ्लाईओवर के पास बिछाया जाल लंबे समय से कानून से आंख-मिचौली खेल रहे इस वांछित बदमाश के बारे में हरियाणा एसटीएफ के विशेष गुप्तचर तंत्र को अहम सुराग हाथ लगा। सूचना में स्पष्ट किया गया था कि वह हिसार जिले के इलाके में शरण लिए हुए है और किसी मकसद से वहां आवाजाही कर रहा है। जानकारी की पुष्टि होते ही एसटीएफ के जवानों ने तुरंत मोर्चा संभाला। हिसार के राजगढ़ रोड पर स्थित बाईपास फ्लाईओवर के करीब रणनीतिक नाकाबंदी की गई। जैसे ही संदिग्ध वहां पहुंचा, घेराबंदी करके उसे बिना किसी जवाबी संघर्ष के काबू कर लिया गया। शुरुआती ब्योरे के अनुसार, पकड़ा गया व्यक्ति पंजाब के राजीव नगर इलाके का बाशिंदा है। सुरक्षा और जांच संबंधी कारणों से जांच अधिकारियों ने फिलहाल उसके व्यक्तिगत नाम का खुलासा नहीं किया है। हथियार नेटवर्क और पुरानी वारदातों की कड़ियों की पड़ताल हिरासत में लेने के बाद विशेष टीम आरोपी को अज्ञात सुरक्षित स्थान पर ले जाकर गहन पूछताछ कर रही है। एसटीएफ यह पता लगाने में जुटी है कि हत्या के बाद उसने किन-किन ठिकानों पर पनाह ली और हिसार में वह किसके संपर्क में था। इसके साथ ही इस बात का ब्योरा खंगाला जा रहा है कि उसके तार किन अन्य संगठित गिरोहों से जुड़े हैं। जांचकर्ता यह भी तफ्तीश कर रहे हैं कि बरामद अवैध हथियार उसे कहां से मुहैया कराया गया था और क्या वह फिरौती या सुपारी लेकर अन्य वारदातों में भी शामिल रहा है। उसके सहयोगियों और मददगारों के पूरे तंत्र को बेनकाब करने के लिए डिजिटल और जमीनी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। संगठित अपराध पर प्रहार जारी रखने का संकल्प इस कामयाबी पर हरियाणा के डीजीपी अजय सिंघल ने कहा, "हरियाणा पुलिस संगठित अपराध, फरार अपराधियों और गंभीर आपराधिक मामलों में वांटेड आरोपियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध है।" उन्होंने जोर दिया कि पड़ोसी राज्यों के साथ समन्वय बनाकर ऐसे भगोड़े तत्वों को जेल की सलाखों के पीछे पहुंचाने का अभियान लगातार जारी रहेगा। इसका आप पर असर अंतरराज्यीय अपराधियों की गिरफ्तारी से सीमावर्ती शहरों के व्यापारियों और आम नागरिकों की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होती है। • व्यापारियों के लिए: बाज़ार क्षेत्रों में दिनदहाड़े होने वाली रंगदारी और हमलों के मुख्य आरोपियों के पकड़े जाने से स्थानीय दुकानदारों में सुरक्षा की भावना बढ़ती है। इससे सीमावर्ती पंजाब और हरियाणा के कारोबारी बिना किसी अनचाहे डर के अपना काम जारी रख सकेंगे। • हिसार और स्थानीय निवासियों के लिए: शहर के बाईपास और मुख्य मार्गों पर भारी हथियारों से लैस अपराधियों की धरपकड़ से स्थानीय अपराध दर पर लगाम लगती है। यह नागरिकों को आश्वस्त करता है कि एसटीएफ की निगरानी सक्रिय है और संदिग्धों को तुरंत घेरा जा रहा है। • कानूनी प्रक्रियाओं के तहत: 2025 से लंबित इस गंभीर मामले में अब अदालत में ठोस चार्जशीट पेश करने और गवाहों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया तेज होगी। पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए अदालती कार्यवाही को गति मिलेगी। • नागरिक सतर्कता: किसी भी सार्वजनिक स्थल या किराए के मकानों में रहने वाले संदिग्धों के बारे में स्थानीय पुलिस को समय पर सूचना देना ऐसे बदमाशों को पकड़वाने में मददगार साबित होता है। पुलिस सत्यापन नियमों का पालन करने से छिपने वाले आरोपियों की पहचान आसान हो जाती है। ऐसा क्यों हुआ यह गिरफ्तारी हरियाणा और पंजाब पुलिस के बीच साझा खुफिया जानकारी और त्वरित तकनीकी ट्रैकिंग के चलते संभव हुई। • अबोहर शोरूम कांड का बैकग्राउंड: 2025 में अबोहर के कपड़ा कारोबारी संजय वर्मा की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिसकी प्राथमिकी 7 जुलाई 2025 को फाजिल्का में दर्ज हुई थी। वारदात के बाद शूटर गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। • भारी नकद इनाम: हत्या की गंभीरता और आरोपी के लगातार फरार रहने के कारण पंजाब पुलिस ने उस पर पांच लाख रुपये का इनाम घोषित किया था, जिससे जांच एजेंसियों का ध्यान उस पर केंद्रित रहा। • हिसार में मौजूदगी का इनपुट: हरियाणा एसटीएफ को पुख्ता मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी हिसार के राजगढ़ रोड बाईपास पर देखा गया है। इसी सटीक सूचना पर त्वरित नाकाबंदी कर उसे हथियारों समेत दबोच लिया गया। सवाल-जवाब 1. हरियाणा एसटीएफ ने आरोपी को कहां से गिरफ्तार किया? आरोपी को हिसार में राजगढ़ रोड स्थित बाईपास फ्लाईओवर के पास से शनिवार को पकड़ा गया। 2. पकड़े गए आरोपी पर कितना इनाम घोषित था? पंजाब पुलिस ने इस फरार आरोपी की गिरफ्तारी पर 5 लाख रुपये का इनाम रखा था। 3. आरोपी किस हत्याकांड में वांछित चल रहा था? वह पंजाब के अबोहर में स्थित न्यू वियर वेल जेंट्स टेलर के सह-मालिक संजय वर्मा की 2025 में हुई हत्या के मामले में वांटेड था। 4. गिरफ्तारी के समय आरोपी के पास से क्या बरामद हुआ? एसटीएफ ने उसके कब्जे से एक गैरकानूनी .32 बोर की पिस्तौल और 3 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। 5. अबोहर हत्याकांड में एफआईआर कब दर्ज हुई थी? इस वारदात को लेकर पंजाब के फाजिल्का में 7 जुलाई 2025 को मामला दर्ज किया गया था। 6. आरोपी मूल रूप से कहां का रहने वाला है? पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी पंजाब के राजीव नगर का निवासी है। https://trendkia.com/haryana/abohar-ke-telara-shoruma-malika-mardara-kesa-men-haryana-pulisa-ne-dabocha-5-lakha-ka-inami-shutara-42381 TrendKia — Har trend, sabse pehle.