गुरुग्राम में सदर्न पेरिफेरल रोड और सोहना मार्ग को जोड़ेगा नया गलियारा, 6 सेक्टरों का सफर होगा आसान गुरुग्राम के सेक्टर 68 और 69 की विभाजक सड़क पर 900 मीटर लंबे मिसिंग लिंक का निर्माण शुरू हो गया है, जिससे 6 सेक्टरों के निवासियों को सीधा संपर्क मिलेगा। गुरुग्राम के दक्षिणी हिस्से में वाहनों के बढ़ते दबाव को नियंत्रित करने और स्थानीय लोगों के आवागमन को सुगम बनाने के लिए एक अहम ढांचागत पहल की गई है। सेक्टर 68 और 69 की विभाजक सड़क पर मौजूद आवाजाही संबंधी बाधा अब पूरी तरह समाप्त होने जा रही है। हरियाणा के राज्य मंत्री नरबीर सिंह ने रविवार को लगभग 900 मीटर लंबे मिसिंग लिंक के निर्माण कार्य की आधारशिला रखी। इस निर्माण से सदर्न पेरिफेरल रोड यानी एसपीआर और सोहना रोड के मध्य सीधा संपर्क स्थापित होगा, जिससे आसपास के रिहायशी इलाकों को आने-जाने के लिए एक सुगम रास्ता मिल सकेगा। छह प्रमुख रिहायशी सेक्टरों को सीधे आवागमन की सुविधा इस नए जमीनी संपर्क मार्ग के तैयार होने से इलाके के छह महत्वपूर्ण सेक्टरों को सीधा लाभ मिलेगा। सेक्टर 68, सेक्टर 69, सेक्टर 70, सेक्टर 70ए, सेक्टर 75 और सेक्टर 76 के हजारों निवासियों की दैनिक यात्रा अब अधिक सुविधाजनक बनेगी। लंबे समय से इन सेक्टरों के बीच सीधा मार्ग न होने के कारण वाहन चालकों को घुमावदार रास्तों से गुजरना पड़ता था, जिससे समय और ईंधन दोनों का नुकसान होता था। नया मार्ग चालू होने के बाद इन सेक्टरों से सोहना रोड और मुख्य राजमार्गों की ओर निकलना बेहद सरल हो जाएगा। एकीकृत विकास मॉडल पर आधारित निर्माण कार्य गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण की देखरेख में इस परियोजना को एक व्यापक और आधुनिक एकीकृत गलियारे की तर्ज पर ढाला जा रहा है। योजना के मुताबिक लगभग 900 मीटर लंबी नई मुख्य सड़क का निर्माण होगा, जबकि करीब 1100 मीटर पुरानी मौजूदा सड़क पर नई डामर की परत बिछाकर उसे सुदृढ़ किया जाएगा। स्थानीय रिहायशी आवाजाही को मुख्य सड़क के तेज रफ्तार ट्रैफिक से अलग रखने के लिए करीब दो किलोमीटर लंबी दो लेन की सर्विस लेन भी तैयार की जाएगी। इसके अलावा पूरे क्षेत्र में सुचारू जल निकासी, पैदल पथ और मार्ग के दोनों ओर हरित पट्टी के तहत पौधारोपण किया जाएगा। बारह महीने की समयसीमा और भविष्य की योजनाएं परियोजना के शिलान्यास के दौरान मंत्री नरबीर सिंह ने रेखांकित किया कि शहर के तेज विस्तार को देखते हुए बुनियादी ढांचे की गति भी उसी अनुपात में बढ़नी जरूरी है। यह कॉरिडोर स्थानीय निवासियों, दैनिक यात्रियों और व्यवसायियों सभी के लिए फायदेमंद साबित होगा। प्रशासनिक स्तर पर संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए गए हैं कि निर्माण कार्य की गति को बनाए रखा जाए और पूरे प्रोजेक्ट को तय 12 महीने की समयसीमा के भीतर पूरा किया जाए। सड़क पर राहगीरों की सुरक्षा के लिए अलग से फुटपाथ तैयार किए जाएंगे, जिससे पैदल चलने वालों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। इसका आप पर असर गुरुग्राम के दक्षिणी सेक्टरों में रहने वाले लोगों के दैनिक सफर में समय की बड़ी बचत होगी और कनेक्टिविटी बेहतर होगी। • दैनिक आवागमन: सेक्टर 68, 69, 70, 70ए, 75 और 76 के निवासियों को सोहना रोड तथा एसपीआर तक सीधी पहुंच मिलेगी। अब चालकों को लंबे चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे और मुख्य सड़कों पर दबाव कम होगा। • सुरक्षित पैदल यात्रा: मुख्य मार्ग के साथ सर्विस लेन और समर्पित फुटपाथ विकसित किए जा रहे हैं। इससे पैदल यात्रियों और स्थानीय वाहनों को तेज गति वाले ट्रैफिक से अलग सुरक्षित रास्ता मिलेगा। • परियोजना की समयसीमा: निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए प्रशासन ने 12 महीने का लक्ष्य तय किया है। अगले एक वर्ष में इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों को जलभराव और खराब रास्तों से पूरी तरह मुक्ति मिल सकेगी। • व्यापार और विकास: सीधी कनेक्टिविटी मिलने से स्थानीय बाजारों और कार्यालयों तक पहुंचना आसान होगा। व्यापारिक गतिविधियों में तेजी आने के साथ संपत्ति के आवागमन मूल्य में भी सुधार दिखेगा। ऐसा क्यों हुआ गुरुग्राम के दक्षिणी इलाकों में तेजी से हो रहे आवासीय विकास और बढ़ते ट्रैफिक के कारण यह निर्णय लिया गया है। सेक्टर 68 और 69 के बीच सड़क का टुकड़ा अधूरा होने से क्षेत्रीय यातायात व्यवस्था पर लगातार दबाव बन रहा था। • अधूरा सड़क नेटवर्क: मुख्य संपर्क मार्गों के बीच लगभग 900 मीटर का हिस्सा अनुपलब्ध था, जिससे सोहना रोड और एसपीआर का सीधा संपर्क बाधित था। इस अंतर को पाटने के लिए मिसिंग लिंक का निर्माण अनिवार्य हो गया था। • बढ़ती आबादी और वाहन: नए सेक्टरों में रिहायशी सोसाइटियां बनने के बाद वाहनों की संख्या में भारी उछाल आया है। मौजूदा संकरे और असंबद्ध रास्तों पर बार-बार जाम की स्थिति बन रही थी। • एकीकृत नागरिक सुविधाओं की जरूरत: केवल सड़क बनाना पर्याप्त नहीं था, बल्कि बारिश में जल निकासी और पैदल चलने वालों के लिए उचित स्थान सुनिश्चित करना जरूरी था। इसीलिए विकास प्राधिकरण ने इसे जल निकासी, सर्विस रोड और ग्रीन बेल्ट के साथ समग्र रूप से शुरू किया है। सवाल-जवाब 1. इस नई सड़क परियोजना की कुल लंबाई कितनी है? इस परियोजना के तहत लगभग 900 मीटर नई मुख्य सड़क का निर्माण किया जाएगा और 1100 मीटर मौजूदा सड़क को सुधारा जाएगा। 2. यह मिसिंग लिंक किन दो मुख्य मार्गों को आपस में जोड़ेगा? यह नया लिंक सदर्न पेरिफेरल रोड (एसपीआर) और सोहना रोड को आपस में सीधे जोड़ेगा। 3. किन-किन सेक्टरों के निवासियों को इस मार्ग का सीधा लाभ मिलेगा? सेक्टर 68, 69, 70, 70ए, 75 और 76 के लोगों को इस नए मार्ग से सीधा और सुगम संपर्क मिलेगा। 4. इस परियोजना को पूरा करने के लिए क्या समयसीमा निर्धारित की गई है? संबंधित अधिकारियों को इस पूरे प्रोजेक्ट को 12 महीने के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए गए हैं। 5. परियोजना में स्थानीय वाहनों और पैदल यात्रियों के लिए क्या विशेष प्रावधान हैं? स्थानीय वाहनों के लिए करीब दो किलोमीटर लंबी दो लेन की सर्विस रोड, अलग फुटपाथ, जल निकासी और ग्रीन एरिया विकसित किया जाएगा। https://trendkia.com/haryana/gurugram-men-southern-peripheral-road-aura-sohna-road-ko-jorega-naya-galiyara-6-sektaron-ka-saphara-hoga-asana-36115 TrendKia — Har trend, sabse pehle.