हरियाणा के भिवानी में एनएच-709 पर भीषण सड़क हादसा, नारहर पीर से लौट रहे परिवार की कार से टकराया ट्रक, दादी और 4 साल के पोते की गई जान भिवानी के जुई क्षेत्र में नेशनल हाईवे 709 पर कार और ट्रक की आमने-सामने भिड़ंत में 58 वर्षीय सुलोचना और उनके चार साल के पोते आरव की जान चली गई, जबकि तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हरियाणा के भिवानी जिले में शुक्रवार की सुबह एक बेहद दर्दनाक सड़क हादसे में एक ही परिवार के दो सदस्यों की दुखद मृत्यु हो गई। नारहर पीर की दरगाह पर माथा टेककर अपने घर लौट रहे परिवार की कार और सामने से आ रहे एक अनियंत्रित ट्रक के बीच नेशनल हाईवे 709 पर सीधी भिड़ंत हो गई। इस भीषण टक्कर के कारण कार पूरी तरह चकनाचूर हो गई, जिसमें सवार 58 साल की बुजुर्ग महिला और उनके चार वर्षीय मासूम पोते की जान चली गई। वहीं कार में मौजूद तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका अस्पताल में उपचार जारी है। प्रार्थना के बाद शुक्रवार सुबह लौट रहा था मंधाना का परिवार पुलिस से प्राप्त विवरण के मुताबिक, भिवानी स्थित मंधाना गांव का रहने वाला यह परिवार गुरुवार को नारहर पीर की दरगाह पर प्रार्थना करने गया था। परिवार के सदस्यों ने दरगाह पर सुख-समृद्धि की मन्नत मांगी और फिर शुक्रवार की सुबह कार में सवार होकर वापस अपने पैतृक गांव मंधाना के लिए रवाना हुए। जब उनकी कार जुई थाना क्षेत्र के अंतर्गत पोहकरवास गांव के निकट पहुंची, उसी दौरान विपरीत दिशा से तेज गति में आ रहे ट्रक से वाहन की जोरदार भिड़ंत हो गई। टक्कर की भीषण आवाज सुनकर आसपास मौजूद स्थानीय ग्रामीण तत्काल घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े और हालात देखकर पुलिस को फोन किया। टक्कर से क्षतिग्रस्त हुई कार, सवार लोगों को आईं गंभीर चोटें दोनों वाहनों की टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह पिचक गया और अंदर बैठे लोग मलबे में बुरी तरह फंस गए। वाहन में 58 वर्षीय सुलोचना, उनका 4 साल का पोता आरव, 35 साल की अंजलि, लगभग 40 वर्षीय कर्मबीर और रश्मि सवार थीं। अचानक हुए इस हादसे में कार सवार सभी पांचों लोग लहूलुहान हो गए। स्थानीय लोगों की सूचना मिलते ही पुलिस की पेट्रोलिंग टीम बिना किसी देरी के मौके पर पहुंची और ग्रामीणों की सहायता से राहत व बचाव अभियान शुरू किया गया। काफी मशक्कत के बाद घायलों को क्षतिग्रस्त कार से बाहर निकालकर तुरंत भिवानी के सिविल अस्पताल पहुंचाया गया। सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने दो को किया मृत घोषित अस्पताल की इमरजेंसी विंग में पहुंचने पर चिकित्सकों की टीम ने गहन जांच के बाद 58 वर्षीय सुलोचना और 4 साल के आरव को मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक खून बह जाने और सिर में गहरी चोट लगने के कारण दोनों की सांसें पहले ही थम चुकी थीं। हादसे में बुरी तरह घायल अंजलि, कर्मबीर और रश्मि को अस्पताल के आईसीयू और सर्जिकल वार्ड में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों की विशेष निगरानी में उपचार किया जा रहा है। पुलिस ने दोनों मृतकों के शवों का पंचनामा भरकर पोस्टमॉर्टम संबंधी कानूनी कागजी कार्रवाई शुरू कर दी है। राजमार्ग पर कुछ देर थमा रहा पहियों का सफर दुर्घटना के तुरंत बाद नेशनल हाईवे 709 पर दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और सामान्य आवागमन ठप हो गया। क्षतिग्रस्त कार और ट्रक के बीच सड़क पर पड़े होने की वजह से अन्य वाहनों के लिए रास्ता पूरी तरह अवरुद्ध हो गया था। मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों ने क्रेन और अन्य उपकरणों की मदद से दोनों दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को सड़क के किनारे कराया। सड़क पर बिखरे कांच और मलबे को साफ कराने के बाद पुलिस ने बंद पड़े यातायात को सुचारू रूप से चालू कराया, जिसके बाद वहां से गुजरने वाले मुसाफिरों को राहत मिली। लोहारू के डीएसपी पहुंचे मौके पर, कारणों की पड़ताल शुरू दुर्घटना की गंभीरता को देखते हुए लोहारू के डीएसपी संजीव कुमार स्वयं पुलिस दल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने दुर्घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी हासिल की। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि आमने-सामने की यह सीधी भिड़ंत ओवरटेकिंग के चक्कर में हुई या किसी चालक की लापरवाही की वजह से यह हादसा पेश आया। डीएसपी संजीव कुमार ने स्पष्ट किया कि मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है और घटना के लिए जिम्मेदार पक्षों के खिलाफ जरूरी कानूनी धाराओं में कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। इसका आप पर असर यह दुखद दुर्घटना राजमार्गों पर यात्रा करने वाले नागरिकों के लिए सुरक्षा और सतर्कता से जुड़ी गंभीर चेतावनी है। • भारत में: राष्ट्रीय राजमार्गों पर सफर करने वाले यात्रियों को तेज गति वाले भारी वाहनों से सुरक्षित दूरी बनाए रखनी चाहिए। गति सीमा का पालन और ओवरटेकिंग के दौरान अतिरिक्त सतर्कता बरतकर ऐसे जानलेवा हादसों के जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है। • हरियाणा में: भिवानी और आसपास के एनएच-709 से गुजरने वाले स्थानीय चालकों को दोपहिया या चौपहिया वाहन चलाते समय भारी वाहनों के आमने-सामने के टकराव से बचने के लिए लेन अनुशासन का सख्ती से पालन करना चाहिए। जुई और पोहकरवास जैसे ग्रामीण इलाकों के कट पर गति धीमी रखने से अचानक सामने आने वाले वाहनों से बचा जा सकता है। • आपातकालीन संपर्क: हाईवे पर यात्रा करते समय नजदीकी ट्रॉमा सेंटर और पुलिस हेल्पलाइन नंबर हमेशा सुरक्षित रखें। किसी भी दुर्घटना की स्थिति में बिना देर किए स्थानीय पुलिस और एम्बुलेंस को कॉल करना घायलों के त्वरित उपचार के लिए जीवनरक्षक साबित होता है। • परिवारों के लिए सावधानी: धार्मिक यात्राओं या लंबी दूरी के सफर से लौटते समय थकान की स्थिति में वाहन चलाने से बचें। चालक के पूरी तरह सतर्क रहने पर ही सुबह के वक्त होने वाली दृष्टिहीनता या नींद के झोंकों से बचा जा सकता है। ऐसा क्यों हुआ यह भीषण सड़क हादसा नेशनल हाईवे 709 पर विपरीत दिशाओं से आ रहे एक भारी ट्रक और निजी कार के आमने-सामने टकराने से हुआ। • सीधी भिड़ंत: जुई क्षेत्र में पोहकरवास गांव के निकट ट्रक और कार दोनों विपरीत दिशाओं से आ रहे थे, जहां अचानक दोनों वाहनों में सीधी टक्कर हो गई। टक्कर की तीव्रता इतनी अधिक थी कि कार के अगले हिस्से को भारी नुकसान पहुंचा। • हादसे की परिस्थितियां: पुलिस इस बात की तकनीकी छानबीन कर रही है कि क्या ओवरटेकिंग के प्रयास में कोई वाहन गलत लेन में चला गया था अथवा चालक को अचानक झपकी आ गई थी। दोनों वाहनों की सटीक गति और उस समय सड़क की दृश्यता की जांच की जा रही है। • जांच प्रक्रिया: लोहारू के डीएसपी संजीव कुमार के नेतृत्व में पुलिस दल ने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए हैं। स्थानीय प्रशासन और जांच अधिकारी दोनों वाहनों की यांत्रिक स्थिति और दुर्घटना के सही कारणों की आधिकारिक पुष्टि करने में जुटे हैं। सवाल-जवाब 1. भिवानी में यह भीषण सड़क हादसा कहां और कब हुआ? यह हादसा शुक्रवार की सुबह हरियाणा के भिवानी जिले में जुई इलाके के पोहकरवास गांव के पास नेशनल हाईवे 709 पर हुआ। 2. हादसे में किन लोगों की जान गई? दुर्घटना में 58 वर्षीय सुलोचना और उनके 4 साल के पोते आरव की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। 3. कार सवार परिवार कहां से आ रहा था? भिवानी के मंधाना गांव का यह परिवार राजस्थान के नारहर पीर की दरगाह पर माथा टेककर वापस अपने गांव लौट रहा था। 4. दुर्घटना में घायल अन्य लोगों की स्थिति क्या है? हादसे में गंभीर रूप से घायल अंजलि, कर्मबीर और रश्मि को भिवानी के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। 5. पुलिस प्रशासन की ओर से क्या कानूनी कदम उठाए गए हैं? लोहारू के डीएसपी संजीव कुमार ने घटनास्थल का मुआयना किया और पुलिस कारणों की जांच करते हुए आवश्यक कानूनी कार्रवाई कर रही है। https://trendkia.com/haryana/haryana-ke-bhiwani-men-nh-709-para-bhishana-saraka-hadasa-narhar-pir-se-lauta-rahe-parivara-ki-kara-se-takaraya-traka-dadi-aura-4--41982 TrendKia — Har trend, sabse pehle.