हरियाणा में करवा चौथ पर बिगड़ा मौसम, फरीदाबाद से अंबाला तक छतों पर चांद का इंतजार कर रही महिलाएं हरियाणा के कई जिलों में खराब मौसम और बादलों के कारण करवा चौथ पर चांद के दीदार के लिए महिलाओं को लंबा इंतजार करना पड़ा। फरीदाबाद और अंबाला समेत कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी और बादलों की लुकाछिपी जारी रही। हरियाणा में करवा चौथ के पावन पर्व पर मौसम के मिजाज ने महिलाओं की धड़कनें बढ़ा दी हैं। फरीदाबाद में रात 9 बजे के बाद भी आसमान में चांद नजर नहीं आया, जिसके चलते व्रत रखने वाली महिलाएं अपने व्रत के पारण के लिए बेसब्री से इंतजार करती दिखीं। शहर की छतों पर बैठी महिलाएं लगातार आसमान की तरफ निहार रही थीं, जबकि बीच-बीच में हल्की बूंदाबांदी भी मौसम में ठंडक घोल रही थी। अलग-अलग जिलों में चांद निकलने का संभावित समय करवा चौथ के मौके पर हरियाणा के विभिन्न जिलों में चांद निकलने के अलग-अलग समय सामने आए। गुरुग्राम में रात 8 बजकर 23 मिनट, करनाल में 8 बजकर 18 मिनट, फरीदाबाद में 8 बजकर 22 मिनट, रोहतक में 8 बजकर 23 मिनट, सोनीपत में 8 बजकर 22 मिनट और हिसार में रात 8 बजकर 26 मिनट पर चांद निकलने की बात कही गई थी। हालांकि मौसम की बेरुखी के कारण कई जगह तय समय पर चांद के दीदार नहीं हो सके। बादलों के पहरे में अंबाला और कुरुक्षेत्र का आसमान अंबाला में हालांकि बारिश नहीं हो रही थी, लेकिन घने बादलों की वजह से चांद पूरी तरह ओझल रहा। कुरुक्षेत्र से मिली ताजा जानकारी के अनुसार वहां भी मौसम का मिजाज बदला हुआ था और आसमान बादलों से पटा हुआ था, जिससे चांद के दर्शन में देरी हुई। कुछ इलाकों में हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की गई, जिससे ठंडी हवाएं चलने लगीं और लोगों को सर्दी का अहसास होने लगा। त्योहारी सीजन और बाजारों में रौनक खराब मौसम के बावजूद बाजारों की रौनक पर कोई असर नहीं पड़ा। करनाल और सोनीपत के गोहाना समेत कई इलाकों में बाजारों में जबरदस्त चहल-पहल देखने को मिली। महिलाओं ने अपनी पसंद के कपड़े, चूड़ियां और श्रृंगार का सामान खरीदा। ब्यूटी पार्लरों और मेहंदी लगवाने वालों के यहां भी खरीदारों की भारी भीड़ जुटी रही। गोहाना के बाजारों में कांच और मेटल की नई डिजाइन वाली चूड़ियां महिलाओं के आकर्षण का केंद्र रहीं। मौसम विभाग का अलर्ट और पूजा के नियम हरियाणा में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के असर के चलते 29 से 31 अक्तूबर के दौरान ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग की चेतावनी के बीच चंडीगढ़ और पंचकूला समेत पूरे ट्राइसिटी क्षेत्र में सुबह हल्की बारिश के बाद बादल छाए रहे। पंडितों के अनुसार, यदि बादलों के कारण चांद दिखाई न दे, तो पंचांग के तय समय के अनुसार व्रत खोला जा सकता है। इसके अलावा भगवान शिव के मस्तक पर विराजमान बालचंद्र का ध्यान करने का विधान भी बताया गया है। पूजा के लिए प्रदोष काल यानी शाम 05 बजकर 38 मिनट से शाम 06 बजकर 56 मिनट तक का शुभ मुहूर्त तय किया गया था। पंचकूला में सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था त्योहार के दौरान बाजारों में उमड़ने वाली भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पंचकूला पुलिस पूरी तरह मुस्तैद नजर आई। पुलिस बल ने व्यस्त बाजारों में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए मोर्चा संभाला। सेक्टर 7 थाना प्रभारी और उनकी टीम ने भीड़भाड़ वाले इलाकों में रूट डायवर्ट किया और ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ऑनलाइन चालान की कार्रवाई भी की गई। इसका आप पर असर मौसम खराब रहने और बारिश की वजह से महिलाओं को व्रत खोलने के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। • हरियाणा में: फरीदाबाद, अंबाला, कुरुक्षेत्र और पंचकूला समेत कई जिलों में बादलों और बूंदाबांदी के कारण तय समय पर चांद के दर्शन नहीं हो सके। • बाजारों पर असर: मौसम में ठंडक बढ़ने और बारिश के बावजूद बाजारों में खरीददारी के लिए महिलाओं की भारी भीड़ उमड़ी रही। • याचिका और नियम: मौसम खराब होने की स्थिति में पंडितों ने पंचांग के समय के अनुसार व्रत खोलने और भगवान शिव के बालचंद्र का ध्यान करने की सलाह दी है। • प्रशासनिक व्यवस्था: पंचकूला जैसे व्यस्त शहरों में पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए ट्रैफिक डायवर्ट किया और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए। • मौसम चेतावनी: चक्रवाती तूफान के असर के चलते 29 से 31 अक्तूबर तक मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। ऐसा क्यों हुआ त्योहार के दौरान मौसम में आए इस बदलाव और चांद के दीदार में हुई देरी के पीछे मुख्य वजह चक्रवाती गतिविधियां और मौसमी सिस्टम रहे। • चक्रवाती असर: हरियाणा में चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के प्रभाव के कारण आसमान में घने बादलों ने डेरा डाला और कई इलाकों में हल्की बूंदाबांदी हुई। • मौसम विभाग की चेतावनी: मौसम विभाग ने 29 से 31 अक्तूबर के दौरान राज्य के कई हिस्सों में ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया था। • स्थानीय परिस्थितियां: फरीदाबाद और अंबाला जैसे जिलों में लगातार तेज हवाएं चलने और नमी बढ़ने से आसमान पूरी तरह साफ नहीं हो सका। सवाल-जवाब 1. फरीदाबाद में चांद दिखने का निर्धारित समय क्या था? फरीदाबाद में चांद निकलने का समय रात 8:12 से 8:22 बजे के बीच बताया गया था। 2. गुरुग्राम में चांद किस समय निकलने की संभावना थी? गुरुग्राम में चांद रात 8 बजकर 23 मिनट पर निकलने की बात कही गई थी। 3. यदि आसमान में बादल छाए हों तो व्रत कैसे खोला जा सकता है? पंडितों के अनुसार पंचांग में दिए गए चंद्रोदय के समय को मानकर और बालचंद्र का ध्यान करके व्रत खोला जा सकता है। 4. करवा चौथ पूजा के लिए शुभ मुहूर्त कितने समय का था? करवा चौथ पूजा के लिए शाम 05:38 से 06:56 के बीच केवल 1 घंटा 17 मिनट का शुभ मुहूर्त था। 5. हरियाणा में मौसम खराब रहने के पीछे क्या कारण था? चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ के असर और 29 से 31 अक्तूबर के बीच जारी ऑरेंज व येलो अलर्ट के कारण मौसम खराब रहा। 6. पंचकूला में पुलिस ने क्या विशेष प्रबंध किए थे? पंचकूला पुलिस ने व्यस्त बाजारों में ट्रैफिक व्यवस्था संभालने के लिए जवानों को उतारा और रूट डायवर्ट किया। 7. चंडीगढ़ में चांद निकलने का समय क्या था? चंडीगढ़ में रात 8:12 से 8:17 बजे के आसपास चांद निकलने का अनुमान था। https://trendkia.com/haryana/haryana-men-karva-chauth-para-bigara-mausama-faridabad-se-ambala-taka-chhaton-para-chanda-ka-intajara-kara-rahi-mahilaen-53057 TrendKia — Har trend, sabse pehle.