पंचकूला क्लब गोलीबारी की जांच में विदेशी नार्को टेरर सिंडिकेट बेनकाब, हरियाणा एटीएस के हत्थे चढ़े 7 युवक पंचकूला के एक नाइट क्लब में हुई फायरिंग की कड़ियां खंगालते हुए हरियाणा एटीएस ने अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंकवाद मॉड्यूल का खुलासा किया है, जिसमें पंजाब के 7 आरोपी हथियारों और हेरोइन के साथ पकड़े गए हैं। हरियाणा में हाल ही में राज्य अपराध जांच विभाग यानी सीआईडी के तहत गठित आतंकवाद रोधी दस्ते (एटीएस) ने मादक पदार्थों और अवैध हथियारों की तस्करी से जुड़े एक अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंकवाद नेटवर्क को ध्वस्त कर दिया है। यह कार्रवाई पंचकूला के एक क्लब में 13 सितंबर की सुबह हुई हिंसक गोलीबारी की घटना की गहराई से पड़ताल के बाद सामने आई। जांच एजेंसियों ने पंजाब के विभिन्न जिलों से कुल सात युवकों को हिरासत में लिया है, जिनके तार सीधे तौर पर विदेशों में बैठे आपराधिक सिंडिकेट के आकाओं से जुड़े पाए गए हैं। नए स्वरूप में सामने आई विशेषज्ञ एजेंसी एटीएस द्वारा सफलतापूर्वक सुलझाया गया यह राज्य का पहला नार्को-आतंकवाद मामला बन गया है। पंचकूला क्लब विवाद से खुली तस्करी की परतें इस पूरे मामले की शुरुआत 13 सितंबर को तड़के पंचकूला स्थित एक नाइट क्लब से हुई थी। वहां दो अलग-अलग गाड़ियों में सवार होकर पांच युवक पहुंचे थे। क्लब के भीतर शराब पीने के दौरान युवकों के बीच किसी बात पर तीखी कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर एक युवक ने बाहर खड़ी अपनी गाड़ी से हथियार निकाला और क्लब परिसर में दो राउंड गोलियां चला दीं। इस अचानक हुई फायरिंग के दौरान वहां मौजूद एक युवती गोली लगने से घायल हो गई, जिसे फौरन नजदीकी अस्पताल ले जाकर भर्ती कराया गया। स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए और प्राथमिकी दर्ज कर त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात स्थल से ही तीन आरोपियों को दबोच लिया। जांच का दायरा बढ़ा और एटीएस को सौंपी गई कमान घटना की संवेदनशीलता और हथियारों के इस्तेमाल को देखते हुए हरियाणा पुलिस ने मामले की विस्तृत पड़ताल की जिम्मेदारी एटीएस को सौंप दी। हरियाणा एटीएस के पुलिस अधीक्षक (एसपी) वरुण सिंगला ने बताया कि शुरुआती तीन गिरफ्तारियों के बाद तकनीकी और खुफिया सुरागों के आधार पर पंजाब में बड़े पैमाने पर छापेमारी की गई। जांच टीम ने एक आरोपी को पंजाब के एसएएस नगर (मोहाली) से गिरफ्तार किया, जबकि तीन अन्य आरोपियों को लुधियाना से पकड़ा गया। इस तरह अब तक इस सिंडिकेट से जुड़े कुल सात आरोपियों को सलाखों के पीछे भेजा जा चुका है। बेरोजगार युवाओं को मोहरा बना रहे थे विदेशी आका पुलिस जांच में सामने आया है कि पकड़े गए सभी सातों आरोपी पंजाब के फिरोजपुर और लुधियाना सहित आसपास के इलाकों के निवासी हैं। इन सभी की उम्र 20 से 25 साल के बीच है और इनमें से अधिकांश युवक बेरोजगार थे। इसी बेरोजगारी और आर्थिक तंगी का फायदा उठाकर विदेश में बैठे हैंडलर्स ने उन्हें अपने जाल में फंसाया था। पूछताछ और तकनीकी विश्लेषण से पुष्टि हुई है कि इस नेटवर्क का संचालन मुख्य रूप से अमेरिका और अन्य विदेशी धरती से किया जा रहा था। विदेशी आका इन स्थानीय युवाओं को सुरक्षित ठिकाने, महंगी गाड़ियां और पैसे मुहैया कराते थे, ताकि उनके निर्देशानुसार मादक पदार्थों, अवैध हथियारों और नशीले पदार्थों की बिक्री से जुटाए गए धन को एक जगह से दूसरी जगह सुरक्षित पहुंचाया जा सके। हथियार, हेरोइन और नकदी गिनने की मशीनें बरामद गिरफ्तार किए गए आरोपियों के पास से और उनकी निशानदेही पर सुरक्षा एजेंसियों ने भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री बरामद की है। बरामदगी में 529 ग्राम हेरोइन, एक अमेरिकी पिस्तौल, एक.30-बोर की पिस्तौल, 12 जिंदा कारतूस, तीन नोट गिनने की मशीनें और पांच मोबाइल फोन शामिल हैं। इसके अलावा अपराध में इस्तेमाल की गई दो कारें और एक मोटरसाइकिल भी जब्त की गई है। नकदी गिनने वाली मशीनों की मौजूदगी यह साफ दर्शाती है कि यह गिरोह नशे के अवैध कारोबार से भारी मात्रा में नकदी का लेन-देन कर रहा था, जिसका इस्तेमाल आतंकवाद को खाद-पानी देने के लिए किया जाता था। इसका आप पर असर पंचकूला गोलीबारी के बाद अंतरराष्ट्रीय नार्को-आतंकवाद सिंडिकेट का भंडाफोड़ होने से स्थानीय सुरक्षा और सीमांत राज्यों में युवाओं की निगरानी को लेकर प्रशासनिक सतर्कता बढ़ गई है। • भारत में: सीमा पार और विदेशी धरती से संचालित होने वाले नार्को-आतंकवाद नेटवर्कों पर सुरक्षा एजेंसियों की निगरानी और सख्त होगी। संगठित अपराध में बेरोजगार युवाओं की ऑनलाइन और ऑफलाइन भर्ती को रोकने के लिए अंतरराज्यीय पुलिस समन्वय तेज किया जाएगा। • हरियाणा और पंजाब में: नाइट क्लबों, देर रात चलने वाले प्रतिष्ठानों और लाउंज परिसरों में हथियार ले जाने पर कड़ी पाबंदी और सघन चेकिंग अभियान चलाए जाएंगे। पंजाब के फिरोजपुर, मोहाली और लुधियाना जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में संदिग्ध लॉजिस्टिक्स, अवैध हथियारों और नशीले पदार्थों की आवाजाही पर विशेष नाकेबंदी देखने को मिलेगी। • माता-पिता और युवाओं के लिए: विदेशों से अनजान संपर्कों द्वारा गाड़ियों या पैसों के लालच में युवाओं को अवैध कार्यों में धकेले जाने को लेकर परिवारों को अधिक सजग रहना होगा। आपराधिक तत्वों के साथ मामूली संपर्क या लॉजिस्टिक्स में हिस्सेदारी भी गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम कानूनों के तहत गंभीर कानूनी संकट ला सकती है। • सार्वजनिक सुरक्षा: सार्वजनिक स्थानों और मनोरंजन केंद्रों पर सुरक्षा प्रोटोकॉल और मेटल डिटेक्टर जांच अनिवार्य रूप से सख्त की जाएगी। क्लबों के आसपास संदिग्ध गतिविधियों या हथियारों के प्रदर्शन की तुरंत पुलिस को सूचना देने की व्यवस्था को मजबूत किया जा रहा है। ऐसा क्यों हुआ यह घटना पंचकूला के एक क्लब में देर रात शराब के नशे में शुरू हुए आपसी झगड़े से शुरू हुई, जिसके बाद पुलिसिया तफ्तीश में संगठित तस्करी नेटवर्क की परतें खुलती चली गईं। • तात्कालिक विवाद: क्लब में शराब पीते समय पांच युवकों के बीच कहासुनी हो गई थी। गुस्से में आकर एक आरोपी ने गाड़ी से पिस्तौल निकालकर दो राउंड गोलियां चला दीं, जिससे वहां मौजूद एक युवती घायल हो गई। • विदेशी हैंडलर्स का संगठित जाल: अमेरिका और अन्य देशों में बैठे सिंडिकेट प्रमुख पंजाब के फिरोजपुर और लुधियाना के बेरोजगार युवकों को पैसे, गाड़ियां और ठिकाने देकर लालच में फंसा रहे थे। इन युवकों का इस्तेमाल हथियारों, हेरोइन और तस्करी की नकदी को ठिकाने लगाने के लिए कुरियर के रूप में किया जा रहा था। • नकदी और हथियारों की मौजूदगी: जांच में नोट गिनने की मशीनें और विदेशी हथियार बरामद हुए, जो दर्शाते हैं कि यह गिरोह लंबे समय से मादक पदार्थों की बड़ी खेप खपाकर आतंकवाद के वित्तपोषण में लगा हुआ था। • एटीएस की विशेष जांच: गंभीर राष्ट्रीय सुरक्षा और नार्को-आतंकवाद के सुराग मिलते ही हरियाणा पुलिस ने मामले को सीआईडी के अंतर्गत हाल ही में गठित विशेष एजेंसी एटीएस को सौंप दिया, जिससे पूरे गिरोह की धरपकड़ संभव हो सकी। सवाल-जवाब 1. हरियाणा एटीएस ने किन आरोपों में सात युवकों को गिरफ्तार किया है? एटीएस ने पंचकूला क्लब गोलीबारी की जांच के बाद विदेश से संचालित नार्को-आतंकवाद नेटवर्क में शामिल होने के आरोप में सात युवकों को पकड़ा है। 2. यह मामला सबसे पहले कैसे सामने आया? 13 सितंबर को तड़के पंचकूला के एक क्लब में शराब पीने के दौरान हुए विवाद में गोली चलने से एक युवती घायल हो गई थी, जिसके बाद यह जांच शुरू हुई। 3. आरोपियों के पास से सुरक्षा बलों ने क्या-क्या सामान बरामद किया है? आरोपियों से 529 ग्राम हेरोइन, एक अमेरिकी पिस्तौल, एक .30-बोर पिस्तौल, 12 कारतूस, तीन नोट गिनने की मशीनें, पांच मोबाइल, दो कारें और एक मोटरसाइकिल बरामद हुई हैं। 4. गिरफ्तार किए गए आरोपी कहां के रहने वाले हैं और उनकी पृष्ठभूमि क्या है? सभी आरोपी पंजाब के फिरोजपुर और लुधियाना सहित विभिन्न इलाकों के हैं, जिनकी उम्र 20 से 25 साल है और इनमें से ज्यादातर बेरोजगार थे। 5. इस गिरोह के मुख्य सरगना कहां से नेटवर्क चला रहे थे? जांच से पता चला है कि इस सिंडिकेट के प्रमुख आका विदेश में, विशेष रूप से अमेरिका में बैठकर स्थानीय युवाओं को संसाधन मुहैया करा रहे थे। https://trendkia.com/haryana/panchkula-klaba-golibari-ki-jancha-men-videshi-narko-terara-sindiketa-benakaba-haryana-ats-ke-hatthe-charhe-7-yuvaka-37027 TrendKia — Har trend, sabse pehle.